खेलो इंडिया, टॉप्स और खेल नीति: परीक्षा नोट्स
भारतीय खेल प्रशासन पर परीक्षा नोट्स: मंत्रालय और साई, खेलो इंडिया खेल, टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना, राष्ट्रीय खेल पुरस्कार तथा डोपिंग रोधी संस्थाएं।
लेखक GK24 Editorial Team· प्रकाशित · 5 मिनट

पदक अपने आप नहीं आते। पोडियम पर खड़े प्रत्येक भारतीय खिलाड़ी के पीछे संस्थाओं, योजनाओं और छात्रवृत्तियों की एक शृंखला होती है, जिसने उस खिलाड़ी को कम आयु में खोजा, प्रशिक्षण और उपकरण का व्यय उठाया, उसे विदेश में प्रतिस्पर्धा के लिए भेजा और प्रतिबंधित पदार्थों की जांच की। परीक्षक इस शृंखला को पसंद करते हैं, क्योंकि वह नामों, वर्षों और पूर्ण रूपों से भरी है। इस अध्याय में बताया गया है कि भारत में खेल कौन चलाता है, खेलो इंडिया खेल तथा टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना वास्तव में क्या करती हैं, कौन पुरस्कार किस प्रकार की उपलब्धि पर मिलता है, और डोपिंग पर नियंत्रण कैसे होता है।
भारत में खेल का प्रशासन कौन करता है
खेल संघ का विषय नहीं है। संविधान की सातवीं अनुसूची में राज्य सूची की प्रविष्टि 33 खेल, मनोरंजन और आनंद को समेटती है, इसलिए मुख्य उत्तरदायित्व राज्यों पर है; केंद्र सरकार राष्ट्रीय स्तर के प्रोत्साहन, अंतरराष्ट्रीय भागीदारी और राष्ट्रीय महत्व के अधोसंरचना पर कार्य करती है।
केंद्र में युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय है। दिल्ली में हुए एशियाई खेलों की तैयारी के क्रम में 1982 में अलग खेल विभाग बनाया गया, जो बाद में पूर्ण मंत्रालय बन गया। भारतीय खेल प्राधिकरण अर्थात साई की स्थापना 1984 में एक सोसाइटी के रूप में हुई, जिससे उन खेलों के लिए बने स्टेडियमों का निरंतर उपयोग हो; वह राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र, प्रशिक्षण केंद्र और प्रतिभा योजनाएं चलाता है और उसका मुख्यालय नई दिल्ली में है। खिलाड़ियों को प्रशिक्षित करने वालों को दो पुरानी संस्थाएं तैयार करती हैं: ग्वालियर का लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान, जो 1957 में स्थापित हुआ और अब मानद विश्वविद्यालय है, तथा पटियाला में 1961 में स्थापित प्रशिक्षण संस्थान, जिसे आज नेताजी सुभाष राष्ट्रीय खेल संस्थान कहा जाता है। 1927 में बना भारतीय ओलंपिक संघ वह निकाय है जो ओलंपिक तथा एशियाई खेलों के लिए भारतीय दलों को प्रवेश दिलाता है। भारत में दो औपचारिक खेल नीतियां रही हैं, 1984 और 2001 की, जिनमें दूसरी भागीदारी के विस्तार तथा उत्कृष्टता के दोहरे लक्ष्य पर बनी थी, और राष्ट्रीय खेल संघों का शासन भारतीय खेल विकास संहिता 2011 से नियंत्रित होता है।
खेलो इंडिया
खेलो इंडिया विद्यालय और युवा खेल के लिए केंद्र सरकार की प्रमुख योजना है, जो पहले की जमीनी कार्यक्रमों को मिलाकर 2018 में आरंभ हुई। उसकी प्रतिस्पर्धाएं अब आयोजनों का पूरा परिवार बन चुकी हैं।
| आयोजन | पहली बार | किसके लिए |
|---|---|---|
| खेलो इंडिया स्कूल गेम्स | नई दिल्ली, 2018 | विद्यालय आयु के खिलाड़ी; अगले वर्ष नाम बदलकर यूथ गेम्स |
| खेलो इंडिया यूथ गेम्स | पुणे, 2019 | सत्रह वर्ष से कम और इक्कीस वर्ष से कम आयु वर्ग |
| खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स | भुवनेश्वर, 2020 | विश्वविद्यालय के विद्यार्थी |
| खेलो इंडिया विंटर गेम्स | लद्दाख तथा जम्मू और कश्मीर, 2020 | बर्फ और हिम के खेल |
| खेलो इंडिया पैरा गेम्स | नई दिल्ली, 2023 | पैरा खिलाड़ी |
यह योजना केवल प्रतिस्पर्धा नहीं है। वह उन स्तंभों से कार्य करती है जिनमें खेल मैदानों का विकास, सामुदायिक प्रशिक्षण, वार्षिक प्रतिस्पर्धाएं, प्रतिभा पहचान और विकास, राष्ट्रीय तथा राज्य अकादमियों को सहायता, विद्यालयी बच्चों की शारीरिक फिटनेस, महिलाओं के लिए खेल, दिव्यांगजनों के लिए खेल, शांति और विकास के लिए खेल तथा ग्रामीण एवं देशज खेलों का प्रोत्साहन सम्मिलित हैं। इसके अंतर्गत चुने गए खिलाड़ियों को दीर्घकालिक वार्षिक छात्रवृत्ति मिलती है, जो प्रशिक्षण, उपकरण, आवास तथा जेब खर्च भत्ता समेटती है। जिला स्तर पर खेलो इंडिया केंद्र और खेलो इंडिया राज्य उत्कृष्टता केंद्र इस प्रशिक्षण ढांचे को राज्यों तक पहुंचाते हैं।
टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना
खेलो इंडिया खिलाड़ी खोजती है; टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना, जिसे सब टॉप्स कहते हैं, उसी शृंखला के दूसरे सिरे पर है। राष्ट्रीय खेल विकास निधि के अंतर्गत 2014 में आरंभ हुई, जो निधि स्वयं 1998 की है, और 2018 में पूरी तरह नए रूप में ढाली गई यह योजना उन थोड़े से खिलाड़ियों को चुनती है जो ओलंपिक तथा पैरालंपिक पदक जीतने में समर्थ माने जाते हैं और उनका व्यक्तिगत रूप से वित्त पोषण करती है। सहायता में विशेष प्रशिक्षण योजना, आवश्यकता होने पर विदेशी प्रशिक्षक, अंतरराष्ट्रीय अनुभव और प्रतिस्पर्धा, उपकरण, खेल विज्ञान तथा चिकित्सा सहयोग और मासिक जेब खर्च भत्ता सम्मिलित हैं। चयन और समीक्षा मिशन ओलंपिक सेल करता है, जो मंत्रालय के अधीन भारतीय खेल प्राधिकरण के भीतर है, और खिलाड़ी कोर समूह तथा विकास समूह में रखे जाते हैं। इन योजनाओं के साथ 29 अगस्त 2019 को आरंभ फिट इंडिया आंदोलन प्रतिस्पर्धी खेल से आगे बढ़कर दैनिक शारीरिक सक्रियता का संदेश ले जाता है।
राष्ट्रीय खेल पुरस्कार
| पुरस्कार | स्थापना | किसके लिए |
|---|---|---|
| मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार | 1991 से 1992, 2021 में नाम बदला | भारत का सर्वोच्च खेल सम्मान, सर्वाधिक उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए |
| अर्जुन पुरस्कार | 1961 | चार वर्ष तक निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन |
| द्रोणाचार्य पुरस्कार | 1985 | उत्कृष्ट खिलाड़ी तैयार करने वाले प्रशिक्षक |
| ध्यानचंद पुरस्कार | 2002 | आजीवन उपलब्धि और संन्यास के बाद का योगदान |
| राष्ट्रीय खेल प्रोत्साहन पुरस्कार | 2009 | खेल को बढ़ावा देने वाले निगम और संगठन |
| मौलाना अबुल कलाम आजाद ट्रॉफी | 1956 से 1957 | अंतर विश्वविद्यालय प्रतिस्पर्धाओं में सर्वश्रेष्ठ समग्र प्रदर्शन वाला विश्वविद्यालय |
| तेनजिंग नोर्गे राष्ट्रीय साहसिक पुरस्कार | 1994 | थल, जल और वायु के साहसिक अभियानों में उत्कृष्ट उपलब्धि |
ये पुरस्कार राष्ट्रीय खेल दिवस पर दिए जाते हैं, जो 29 अगस्त को पड़ता है और हॉकी खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद की जयंती है, जिन्होंने 1928, 1932 और 1936 में भारत के साथ ओलंपिक स्वर्ण जीता। खेल रत्न 2021 में ध्यानचंद के नाम पर रखे जाने तक राजीव गांधी खेल रत्न कहलाता था, और उसके पहले प्राप्तकर्ता शतरंज खिलाड़ी विश्वनाथन आनंद थे।
डोपिंग रोधी व्यवस्था
डोपिंग नियंत्रण राष्ट्रीय डोपिंग रोधी अभिकरण के पास है, जिसकी स्थापना 2005 में हुई और जिसका कार्यालय नई दिल्ली में है; वह जांच की योजना बनाता है, नमूने लेता है और सुनवाई करता है, तथा नमूनों का विश्लेषण राष्ट्रीय डोप परीक्षण प्रयोगशाला करती है। राष्ट्रीय डोपिंग रोधी अधिनियम 2022 ने अभिकरण को सांविधिक आधार दिया और राष्ट्रीय डोपिंग रोधी बोर्ड बनाया। भारत विश्व डोपिंग रोधी अभिकरण के ढांचे में कार्य करता है, जिसकी स्थापना 1999 में हुई और जो मॉन्ट्रियल में स्थित है तथा जिसकी संहिता और प्रतिबंधित सूची राष्ट्रीय अभिकरण लागू करता है।
परीक्षा की दृष्टि से
इस विषय के प्रश्न लगभग पूरी तरह वर्षों, पूर्ण रूपों और पुरस्कार श्रेणियों से बनते हैं। सर्वाधिक पूछे जाने वाले वर्ष हैं भारतीय खेल प्राधिकरण के लिए 1984, खेलो इंडिया के लिए 2018, टॉप्स के लिए 2014, अर्जुन पुरस्कार के लिए 1961 और द्रोणाचार्य पुरस्कार के लिए 1985। दूसरा समूह पूछता है कि कौन पुरस्कार किसे मिलता है: प्रशिक्षकों को द्रोणाचार्य, संन्यस्त खिलाड़ियों को ध्यानचंद पुरस्कार, संगठनों को राष्ट्रीय खेल प्रोत्साहन पुरस्कार, विश्वविद्यालयों को मौलाना अबुल कलाम आजाद ट्रॉफी और साहसिक अभियानियों को तेनजिंग नोर्गे पुरस्कार। 29 अगस्त की तिथि और मेजर ध्यानचंद का नाम लगभग हर पाली में साथ आते हैं, प्रायः तीन रूपों में: राष्ट्रीय खेल दिवस, 2021 में खेल रत्न का नाम परिवर्तन, अथवा 2019 में फिट इंडिया आंदोलन का आरंभ। खेल के राज्य सूची का विषय होने पर एक संवैधानिक प्रश्न और मिशन ओलंपिक सेल अथवा राष्ट्रीय खेल संस्थान के नगर पटियाला पर एक संस्थागत प्रश्न अपेक्षित रखें। सामान्य भूलें हैं खेल रत्न और अर्जुन पुरस्कार का क्रम उलट देना, यूनिवर्सिटी गेम्स को यूथ गेम्स से पहले मान लेना, और भारतीय खेल प्राधिकरण को 1982 के एशियाई खेलों से पहले का समझ लेना।
महत्वपूर्ण तथ्य
| सातवीं अनुसूची में खेल | राज्य सूची की प्रविष्टि 33, खेल, मनोरंजन और आनंद |
|---|---|
| खेल विभाग का गठन | 1982, दिल्ली के एशियाई खेलों से पहले |
| भारतीय खेल प्राधिकरण | स्थापना 1984; मुख्यालय नई दिल्ली |
| नेताजी सुभाष राष्ट्रीय खेल संस्थान | पटियाला, स्थापना 1961 |
| लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान | ग्वालियर, स्थापना 1957 |
| भारतीय ओलंपिक संघ का गठन | 1927 |
| राष्ट्रीय खेल नीतियां | 1984 और 2001; शासन भारतीय खेल विकास संहिता 2011 से |
| खेलो इंडिया का आरंभ | 2018, नई दिल्ली में खेलो इंडिया स्कूल गेम्स से |
| पहले खेलो इंडिया यूथ गेम्स | पुणे, 2019 |
| पहले खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स | भुवनेश्वर, 2020 |
| पहले खेलो इंडिया पैरा गेम्स | नई दिल्ली, 2023 |
| टॉप्स | टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना, 2014 में आरंभ और 2018 में पुनर्गठित |
| टॉप्स के खिलाड़ी चुनने वाला निकाय | मिशन ओलंपिक सेल, भारतीय खेल प्राधिकरण के भीतर |
| राष्ट्रीय खेल विकास निधि | 1998 में स्थापित |
| राष्ट्रीय खेल दिवस | 29 अगस्त, मेजर ध्यानचंद की जयंती |
| सर्वोच्च खेल सम्मान | मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार, 1991 से 1992 में स्थापित और 2021 में नाम बदला |
| प्रशिक्षकों का पुरस्कार | द्रोणाचार्य पुरस्कार, 1985 में स्थापित |
| राष्ट्रीय डोपिंग रोधी अभिकरण | 2005 में स्थापित; राष्ट्रीय डोपिंग रोधी अधिनियम 2022 से सांविधिक |
इस टॉपिक पर अभ्यास MCQ
भारत में राष्ट्रीय खेल दिवस किस तिथि को मनाया जाता है?
- A.14 अगस्त
- B.29 अगस्त
- C.5 सितंबर
- D.19 नवंबर
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, 29 अगस्त है। यह दिवस मेजर ध्यानचंद की जयंती है, वह हॉकी खिलाड़ी जो 1928, 1932 और 1936 में ओलंपिक स्वर्ण जीतने वाले भारतीय दलों का भाग थे, और इसी दिन राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रीय खेल पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं। फिट इंडिया आंदोलन भी 2019 में इसी तिथि को आरंभ हुआ। विकल्प A, 14 अगस्त, का भारतीय खेल कैलेंडर से कोई संबंध नहीं है। विकल्प C, 5 सितंबर, शिक्षक दिवस है, जो डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती पर मनाया जाता है, और वह सामान्य भ्रम बनता है क्योंकि दोनों ही जयंती पर आधारित स्मृति दिवस हैं। विकल्प D, 19 नवंबर, राष्ट्रीय एकता दिवस है। विद्यार्थियों को 29 अगस्त, मेजर ध्यानचंद, खेल पुरस्कार और फिट इंडिया आंदोलन को एक समूह में जोड़कर याद रखना चाहिए।
भारत सरकार ने खेलो इंडिया कार्यक्रम किस वर्ष आरंभ किया?
- A.2014
- B.2016
- C.2018
- D.2020
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर C, 2018 है। खेलो इंडिया 2018 में पहले की जमीनी खेल योजनाओं को एक राष्ट्रीय योजना में मिलाकर आरंभ हुई, और उसकी पहली प्रतिस्पर्धा खेलो इंडिया स्कूल गेम्स उसी वर्ष जनवरी में नई दिल्ली में हुई। अगले वर्ष से इस आयोजन का नाम खेलो इंडिया यूथ गेम्स हो गया। विकल्प A, 2014, वह वर्ष है जब टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना आरंभ हुई, और यही इस प्रश्न का सबसे बड़ा भ्रम है क्योंकि दोनों ही प्रमुख खेल योजनाएं हैं। विकल्प B, 2016, योजना के इतिहास के किसी पड़ाव से मेल नहीं खाता। विकल्प D, 2020, वह वर्ष है जब पहले खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स तथा पहले विंटर गेम्स हुए, पर मूल योजना तब तक दो वर्ष पुरानी हो चुकी थी। टॉप्स के लिए 2014 और खेलो इंडिया के लिए 2018 याद रखें।
भारतीय खेल प्रशासन में टॉप्स का पूरा रूप है
- A.टोटल ओलंपिक प्रिपरेशन स्कीम
- B.टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम
- C.ट्रेनिंग ऑफ प्रोफेशनल स्पोर्ट्सपर्सन्स
- D.टैलेंट ओरिएंटेड प्रोमोशन स्कीम
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम है। टॉप्स राष्ट्रीय खेल विकास निधि के अंतर्गत 2014 में आरंभ हुई और 2018 में पूरी तरह नए रूप में ढाली गई। यह उन थोड़े से खिलाड़ियों को चुनती है जो ओलंपिक तथा पैरालंपिक खेलों में पोडियम तक पहुंचने में समर्थ माने जाते हैं और प्रत्येक का व्यक्तिगत वित्त पोषण करती है, जिसमें विशेष प्रशिक्षण योजना, आवश्यकता पर विदेशी प्रशिक्षक, अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा, उपकरण, खेल विज्ञान सहयोग और मासिक जेब खर्च भत्ता आते हैं। विकल्प A, टोटल ओलंपिक प्रिपरेशन स्कीम, विश्वसनीय लगता है पर किसी योजना का नाम नहीं है। विकल्प C, ट्रेनिंग ऑफ प्रोफेशनल स्पोर्ट्सपर्सन्स, गढ़ा हुआ है और उसमें वह ओलंपिक केंद्रितता नहीं है जिससे योजना को नाम मिला। विकल्प D, टैलेंट ओरिएंटेड प्रोमोशन स्कीम, टॉप्स के स्थान पर खेलो इंडिया के कार्य का वर्णन करता है, क्योंकि प्रतिभा पहचान खेलो इंडिया का स्तंभ है और टॉप्स वहीं से आगे आरंभ होती है।
खेल में निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए दिया जाने वाला अर्जुन पुरस्कार किस वर्ष स्थापित हुआ?
- A.1951
- B.1961
- C.1985
- D.1991
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, 1961 है। अर्जुन पुरस्कार 1961 में इस उद्देश्य से स्थापित हुआ कि किसी खिलाड़ी के कई वर्षों तक निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन को मान्यता मिले, और वह आज भी ऐसे प्रमुख सक्रिय खिलाड़ी की मानक पहचान है जिसे देश का सर्वोच्च खेल सम्मान न मिला हो। विकल्प A, 1951, नई दिल्ली में हुए पहले एशियाई खेलों का वर्ष है और खेल कालक्रम के प्रश्नों में बार बार भ्रम पैदा करता है। विकल्प C, 1985, प्रशिक्षकों के द्रोणाचार्य पुरस्कार की स्थापना का वर्ष है, इसलिए विद्यार्थी दोनों वर्ष प्रायः बदल देते हैं। विकल्प D, 1991, वह वर्ष है जब खेल रत्न, तब राजीव गांधी खेल रत्न, सर्वोच्च सम्मान के रूप में स्थापित हुआ। क्रम याद रखें: 1961 में अर्जुन, 1985 में द्रोणाचार्य, नब्बे के दशक के आरंभ में खेल रत्न और 2002 में ध्यानचंद आजीवन पुरस्कार।
भारत में द्रोणाचार्य पुरस्कार किसे प्रदान किया जाता है?
- A.सक्रिय खिलाड़ियों को
- B.खिलाड़ियों के प्रशिक्षकों को
- C.खेल पत्रकारों को
- D.खेल के कॉर्पोरेट प्रायोजकों को
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, खिलाड़ियों के प्रशिक्षकों को है। द्रोणाचार्य पुरस्कार 1985 में स्थापित हुआ और उन प्रशिक्षकों को सम्मानित करता है जिन्होंने निरंतर उत्कृष्ट खिलाड़ी तैयार किए हैं, और इसका नाम महाभारत के धनुर्विद्या के आचार्य से लिया गया है। विकल्प A गलत है क्योंकि सक्रिय खिलाड़ियों को निरंतर प्रदर्शन के लिए अर्जुन पुरस्कार और सर्वाधिक उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार मिलता है। विकल्प C गलत है क्योंकि इन सम्मानों के समूह में पत्रकारों के लिए कोई राष्ट्रीय खेल पुरस्कार नहीं है। विकल्प D गलत है क्योंकि खेल को बढ़ावा देने वाले निगमों तथा अन्य संगठनों को 2009 में स्थापित राष्ट्रीय खेल प्रोत्साहन पुरस्कार मिलता है। याद रखने का सरल सूत्र यह है: खिलाड़ियों को अर्जुन, प्रशिक्षकों को द्रोणाचार्य, संन्यस्त खिलाड़ियों को ध्यानचंद और संगठनों को प्रोत्साहन पुरस्कार।
भारतीय खेल प्राधिकरण की स्थापना किस वर्ष हुई?
- A.1961
- B.1982
- C.1984
- D.2001
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर C, 1984 है। भारतीय खेल प्राधिकरण 1984 में सोसाइटी के रूप में इसलिए बनाया गया कि 1982 में दिल्ली में हुए एशियाई खेलों के लिए बने स्टेडियम और अन्य सुविधाएं खाली न पड़ी रहें बल्कि प्रशिक्षण में प्रयोग होती रहें। वह अब राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र, क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र और प्रतिभा योजनाएं चलाता है और उसका मुख्यालय नई दिल्ली में है। विकल्प A, 1961, वह वर्ष है जब पटियाला में प्रशिक्षण संस्थान, आज का नेताजी सुभाष राष्ट्रीय खेल संस्थान, स्थापित हुआ। विकल्प B, 1982, दिल्ली के एशियाई खेलों तथा अलग खेल विभाग के गठन का वर्ष है, इसलिए वह सबसे निकट का गलत उत्तर है। विकल्प D, 2001, दूसरी राष्ट्रीय खेल नीति का वर्ष है। क्रम यही याद रखें: विभाग 1982, प्राधिकरण 1984, और उसी प्राधिकरण के भीतर आगे चलकर टॉप्स के खिलाड़ी चुनने वाला मिशन ओलंपिक सेल बना।
भारत का प्रमुख प्रशिक्षण संस्थान नेताजी सुभाष राष्ट्रीय खेल संस्थान कहां स्थित है?
- A.ग्वालियर
- B.पटियाला
- C.बेंगलुरु
- D.कोलकाता
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, पटियाला, पंजाब में है। यह संस्थान वहां 1961 में राष्ट्रीय खेल संस्थान के रूप में स्थापित हुआ और बाद में नेताजी सुभाष चंद्र बोस के नाम पर रखा गया; यह भारत में प्रशिक्षकों को तैयार करने का प्रमुख केंद्र है और अब भारतीय खेल प्राधिकरण के अधीन कार्य करता है। विकल्प A, ग्वालियर, गलत पर अत्यंत आकर्षक है, क्योंकि 1957 में स्थापित लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान वहीं है और वह प्रशिक्षण के स्थान पर शारीरिक शिक्षा की अग्रणी संस्था है। विकल्प C, बेंगलुरु, में भारतीय खेल प्राधिकरण का महत्वपूर्ण राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र है, पर यह संस्थान नहीं। विकल्प D, कोलकाता, नाम में नेताजी शब्द होने के बावजूद गलत है, क्योंकि वह सुभाष चंद्र बोस की ओर संकेत करता है, उनके जन्म नगर की ओर नहीं।
भारत के सर्वोच्च खेल सम्मान, जो पहले राजीव गांधी खेल रत्न कहलाता था, का नाम 2021 में किसके नाम पर रखा गया?
- A.मेजर ध्यानचंद
- B.मिल्खा सिंह
- C.के डी जाधव
- D.सी के नायडू
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर A, मेजर ध्यानचंद है। यह पुरस्कार 1991 से 1992 में राजीव गांधी खेल रत्न के नाम से स्थापित हुआ और सबसे पहले शतरंज खिलाड़ी विश्वनाथन आनंद को दिया गया, तथा 2021 में उसका नाम उन हॉकी खिलाड़ी के सम्मान में मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार कर दिया गया जिन्होंने 1928, 1932 और 1936 में भारत के साथ ओलंपिक स्वर्ण जीता। विकल्प B, मिल्खा सिंह, गलत है; महान धावक को अन्य रूपों में स्मरण किया जाता है पर इस पुरस्कार के नाम में नहीं। विकल्प C, के डी जाधव, गलत है, यद्यपि वे स्वतंत्र भारत के पहले व्यक्तिगत ओलंपिक पदक विजेता थे, हेलसिंकी में कुश्ती में। विकल्प D, सी के नायडू, गलत है; उस क्रिकेटर का नाम एक घरेलू क्रिकेट प्रतिस्पर्धा से जुड़ा है। ध्यान रहे कि 2002 से ध्यानचंद के नाम पर अलग आजीवन उपलब्धि पुरस्कार भी चलता है।
मौलाना अबुल कलाम आजाद ट्रॉफी किसे प्रदान की जाती है?
- A.राष्ट्रीय खेलों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले राज्य को
- B.अंतर विश्वविद्यालय प्रतिस्पर्धाओं में सर्वश्रेष्ठ समग्र प्रदर्शन वाले विश्वविद्यालय को
- C.खेलो इंडिया यूथ गेम्स के सर्वश्रेष्ठ विद्यालय को
- D.वर्ष के सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षक को
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, अंतर विश्वविद्यालय प्रतिस्पर्धाओं में सर्वश्रेष्ठ समग्र प्रदर्शन वाले विश्वविद्यालय को है। यह ट्रॉफी 1956 से 1957 में स्थापित हुई और प्रत्येक वर्ष उस विश्वविद्यालय को चलती ट्रॉफी के रूप में दी जाती है जिसका अंतर विश्वविद्यालय प्रतिस्पर्धाओं में समग्र प्रदर्शन सर्वश्रेष्ठ रहा हो, और उसका नाम स्वतंत्र भारत के पहले शिक्षा मंत्री पर है। विकल्प A गलत है क्योंकि राष्ट्रीय खेलों में राज्यों के प्रदर्शन की मान्यता उन खेलों की पदक तालिका और ट्रॉफियों से होती है, इस पुरस्कार से नहीं। विकल्प C गलत है क्योंकि खेलो इंडिया यूथ गेम्स में अलग अलग विद्यालयों के स्थान पर भाग लेने वाले राज्यों और संघ राज्यक्षेत्रों की वरीयता बनती है, और उनसे इस नाम की कोई राष्ट्रीय ट्रॉफी जुड़ी नहीं है। विकल्प D गलत है क्योंकि प्रशिक्षण उत्कृष्टता का पुरस्कार 1985 में स्थापित द्रोणाचार्य पुरस्कार है। यह ट्रॉफी पूरी तरह विश्वविद्यालय खेल कैलेंडर की है।
भारत के संविधान की सातवीं अनुसूची के अंतर्गत खेल का विषय किसमें आता है?
- A.संघ सूची
- B.राज्य सूची
- C.समवर्ती सूची
- D.तीनों सूचियों में कोई नहीं
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, राज्य सूची है। सातवीं अनुसूची में राज्य सूची की प्रविष्टि 33 खेल, मनोरंजन और आनंद को समेटती है, इसलिए खेल का मुख्य उत्तरदायित्व राज्य सरकारों पर है, और इसी कारण राज्य खेल विभाग तथा राज्य संघ अधिकांश प्रतिस्पर्धाएं और सुविधाएं चलाते हैं। विकल्प A गलत है क्योंकि संघ सूची में खेल की कोई सामान्य प्रविष्टि नहीं है; केंद्र सरकार राष्ट्रीय योजनाओं, राष्ट्रीय संस्थाओं, अंतरराष्ट्रीय भागीदारी और राष्ट्रीय महत्व की अधोसंरचना के माध्यम से कार्य करती है। विकल्प C गलत है, यद्यपि खेल को समवर्ती सूची में लाने के प्रस्ताव समय समय पर चर्चा में रहे हैं; प्रस्ताव वर्तमान स्थिति नहीं होता। विकल्प D गलत है क्योंकि खेल सातवीं अनुसूची में स्पष्ट रूप से नामित है और वह अवशिष्ट विषय नहीं है। यही संवैधानिक बिंदु बताता है कि केंद्रीय योजनाएं राज्यों के साथ भागीदारी में क्यों चलती हैं।
तेनजिंग नोर्गे राष्ट्रीय साहसिक पुरस्कार किस क्षेत्र की उत्कृष्ट उपलब्धि पर दिया जाता है?
- A.एथलेटिक्स
- B.थल, जल और वायु के साहसिक अभियान
- C.पैरा खेल
- D.खेल चिकित्सा
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, थल, जल और वायु के साहसिक अभियान है। 1994 में स्थापित और उस शेरपा पर्वतारोही के नाम पर रखा गया यह पुरस्कार, जो 1953 में एडमंड हिलेरी के साथ एवरेस्ट की चोटी पर पहुंचे थे, साहसिक गतिविधियों की उत्कृष्ट उपलब्धि को मान्यता देता है, जिसमें पर्वतारोहण जैसे थल साहस, नौकायन और राफ्टिंग जैसे जल साहस तथा पैराग्लाइडिंग जैसे वायु साहस की अलग श्रेणियां और एक आजीवन उपलब्धि श्रेणी होती है। विकल्प A गलत है क्योंकि एथलेटिक्स की उपलब्धि अर्जुन पुरस्कार और खेल रत्न से मान्य होती है। विकल्प C गलत है क्योंकि पैरा खिलाड़ी उन्हीं मुख्यधारा खेल पुरस्कारों के लिए विचारित होते हैं और उनके लिए अलग खेलो इंडिया पैरा गेम्स हैं। विकल्प D गलत है क्योंकि खेल चिकित्सा के लिए इस नाम का कोई राष्ट्रीय पुरस्कार नहीं है, यद्यपि खेल विज्ञान सहयोग टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना का भाग है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
खेलो इंडिया कब आरंभ हुई और उसके प्रमुख खेल कौन हैं?
खेलो इंडिया 2018 में आरंभ हुई और उसकी पहली प्रतिस्पर्धा उसी वर्ष जनवरी में नई दिल्ली में हुए खेलो इंडिया स्कूल गेम्स थे। 2019 में पुणे से इस आयोजन का नाम खेलो इंडिया यूथ गेम्स हो गया। अब इस परिवार में यूनिवर्सिटी गेम्स भी हैं, जो पहली बार 2020 में भुवनेश्वर में हुए, तथा विंटर गेम्स और पैरा गेम्स, जो पहली बार 2023 में नई दिल्ली में हुए।
खेलो इंडिया और टॉप्स में क्या अंतर है?
दोनों एक ही शृंखला के विपरीत सिरों पर काम करती हैं। खेलो इंडिया व्यापक योजना है, जो खेल मैदान बनाती है, विद्यालय तथा युवा प्रतिस्पर्धाएं चलाती है और पूरे देश में नई प्रतिभा खोजती है। टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना उन थोड़े से नामित श्रेष्ठ खिलाड़ियों को सहारा देती है जो ओलंपिक और पैरालंपिक पदक जीतने में समर्थ माने जा चुके हैं, और उन्हें प्रशिक्षण, उपकरण तथा अंतरराष्ट्रीय अनुभव के लिए व्यक्तिगत वित्त पोषण देती है।
टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना के लिए खिलाड़ियों का चयन कौन निकाय करता है?
मिशन ओलंपिक सेल, जो युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के अधीन भारतीय खेल प्राधिकरण के भीतर कार्य करने वाली समिति है। वह खिलाड़ियों का चयन करती है, उनकी प्रगति की समीक्षा करती है और उनकी व्यक्तिगत प्रशिक्षण तथा प्रतिस्पर्धा योजना स्वीकृत करती है, और उन्हें निकटतम पदक संभावनाओं के कोर समूह तथा विकास समूह में रखती है।
राष्ट्रीय खेल दिवस 29 अगस्त को क्यों मनाया जाता है?
यह मेजर ध्यानचंद की जयंती है, वह हॉकी खिलाड़ी जो 1928, 1932 और 1936 में ओलंपिक स्वर्ण जीतने वाले भारतीय दलों का भाग थे। इसी दिन राष्ट्रीय खेल पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं, और फिट इंडिया आंदोलन भी 29 अगस्त 2019 को आरंभ हुआ था।
भारत का सर्वोच्च खेल पुरस्कार कौन है और पहले उसका नाम क्या था?
मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार देश का सर्वोच्च खेल सम्मान है। इसकी स्थापना 1991 से 1992 में राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार के नाम से हुई थी और 2021 में इसका नाम मेजर ध्यानचंद के नाम पर रखा गया। इसके पहले प्राप्तकर्ता शतरंज खिलाड़ी विश्वनाथन आनंद थे।
भारत में खेल संघ का विषय है या राज्य का?
खेल राज्य का विषय है। संविधान की सातवीं अनुसूची में राज्य सूची की प्रविष्टि 33 खेल, मनोरंजन और आनंद को समेटती है, इसलिए मुख्य उत्तरदायित्व राज्यों पर है। केंद्र सरकार राष्ट्रीय स्तर के प्रोत्साहन, अंतरराष्ट्रीय भागीदारी, राष्ट्रीय संस्थाओं तथा राष्ट्रीय महत्व की अधोसंरचना पर कार्य करती है।
स्रोत
- खेलो इंडिया योजना: घटक और दिशानिर्देश — युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय
- भारतीय खेल प्राधिकरण: कार्यक्षेत्र, केंद्र और योजनाएं — भारतीय खेल प्राधिकरण
- भारत का संविधान, सातवीं अनुसूची, राज्य सूची प्रविष्टि 33 — इंडिया कोड, भारत सरकार
- राष्ट्रीय डोपिंग रोधी अधिनियम, 2022 — इंडिया कोड, भारत सरकार





