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GK24

भारतीय राजव्यवस्था GK प्रश्न उत्तर सहित – पेज 28

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SSC, बैंकिंग, UPSC, रेलवे और राज्य परीक्षाओं के लिए भारतीय राजव्यवस्था के बहुविकल्पीय प्रश्न, उत्तर और व्याख्या के साथ, हर पेज पर 20 प्रश्न।

1380 प्रश्न

Q541.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 ने किस पूर्व कानून को निरसित किया?

  1. A.शासकीय गुप्त बात अधिनियम, 1923
  2. B.सूचना की स्वतंत्रता अधिनियम, 2002
  3. C.केंद्रीय सतर्कता आयोग अधिनियम, 2003
  4. D.लोक अभिलेख अधिनियम, 1993
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. सूचना की स्वतंत्रता अधिनियम, 2002

यह अधिनियम 2002 में पारित हुआ था, परंतु कभी अधिसूचित न होने के कारण लागू ही नहीं हुआ; सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 ने उसकी जगह अधिक सशक्त व्यवस्था दी, जिसमें समय-सीमाएं, जुर्माना और स्वतंत्र सूचना आयोग जोड़े गए, और नए अधिनियम की धारा 31 ने उसे निरसित कर दिया।

Q542.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 के अंतर्गत द्वितीय अपील सूचना आयोग को कितने दिन के भीतर की जाती है?

  1. A.30 दिन
  2. B.45 दिन
  3. C.60 दिन
  4. D.90 दिन
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. 90 दिन

अधिनियम दो अपीलों की व्यवस्था करता है। धारा 19(1) के अंतर्गत प्रथम अपील उत्तर मिलने या समय-सीमा बीतने के तीस दिन के भीतर की जाती है और वह उसी लोक प्राधिकारी में लोक सूचना अधिकारी से वरिष्ठ अधिकारी, यानी प्रथम अपीलीय प्राधिकारी को जाती है।

Q543.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 की कौन सी धारा इसे शासकीय गुप्त बात अधिनियम, 1923 पर अध्यारोही प्रभाव देती है?

  1. A.धारा 8
  2. B.धारा 18
  3. C.धारा 22
  4. D.धारा 24
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. धारा 22

धारा 22 कहती है कि इस अधिनियम के प्रावधान शासकीय गुप्त बात अधिनियम, 1923, किसी अन्य प्रवृत्त विधि अथवा किसी अन्य विधि के अधीन प्रभावी किसी लिखत में असंगत बात के होते हुए भी प्रभावी होंगे।

Q544.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 की धारा 20 के अंतर्गत लोक सूचना अधिकारी पर अधिकतम कितना जुर्माना लगाया जा सकता है?

  1. A.10,000 रुपये
  2. B.25,000 रुपये
  3. C.50,000 रुपये
  4. D.1,00,000 रुपये
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 25,000 रुपये

धारा 20(1) कहती है कि यदि सूचना आयोग पाता है कि लोक सूचना अधिकारी ने बिना उचित कारण आवेदन अस्वीकार किया, निर्धारित समय में सूचना नहीं दी, गलत या भ्रामक सूचना दी अथवा सूचना नष्ट कर दी, तो वह विलंब के प्रत्येक दिन के लिए दो सौ पचास रुपये का…

Q545.भारतीय राजव्यवस्थाआसान

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 के अंतर्गत किसी व्यक्ति के जीवन या स्वतंत्रता से जुड़ी सूचना कितने समय में देनी होती है?

  1. A.48 घंटे
  2. B.7 दिन
  3. C.30 दिन
  4. D.35 दिन
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. 48 घंटे

अधिनियम की धारा 7(1) दो समय-सीमाएं देती है। सामान्य सीमा आवेदन प्राप्ति से तीस दिन है, परंतु जहां मांगी गई सूचना किसी व्यक्ति के जीवन या स्वतंत्रता से जुड़ी हो, वहां लोक सूचना अधिकारी को अड़तालीस घंटे के भीतर सूचना देनी होती है।

Q546.भारतीय राजव्यवस्थाआसान

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 पूर्ण रूप से किस तारीख को लागू हुआ?

  1. A.15 जून 2005
  2. B.12 अक्टूबर 2005
  3. C.1 जनवरी 2006
  4. D.26 नवंबर 2005
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 12 अक्टूबर 2005

सूचना का अधिकार अधिनियम को राष्ट्रपति की स्वीकृति 15 जून 2005 को मिली थी और इसकी धारा 1(3) में कहा गया था कि शेष प्रावधान अधिनियमन के एक सौ बीसवें दिन लागू होंगे।

Q547.भारतीय राजव्यवस्थाकठिन

नवीं अनुसूची में रखे कानूनों को मिलने वाले संरक्षण के लिए 24 अप्रैल 1973 की कट ऑफ तिथि किस निर्णय ने नियत की?

  1. A.वामन राव बनाम भारत संघ
  2. B.इंदिरा नेहरू गांधी बनाम राज नारायण
  3. C.एस पी गुप्ता बनाम भारत संघ
  4. D.बेरुबाड़ी संघ मामला
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. वामन राव बनाम भारत संघ

वर्ष 1981 के इस निर्णय ने कहा कि 24 अप्रैल 1973, अर्थात केशवानंद भारती निर्णय के दिन, से पहले नवीं अनुसूची में रखे कानून संरक्षित रहेंगे, जबकि उसके बाद जोड़े गए कानूनों की आधारभूत ढाँचे को क्षति के आधार पर जाँच हो सकती है, और यही मत 2007 में आई…

Q548.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

एस आर बोम्मई बनाम भारत संघ (1994) में सर्वोच्च न्यायालय ने मुख्यतः किस अनुच्छेद के प्रयोग पर विचार किया?

  1. A.अनुच्छेद 352
  2. B.अनुच्छेद 356
  3. C.अनुच्छेद 360
  4. D.अनुच्छेद 365
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. अनुच्छेद 356

नौ न्यायाधीशों की पीठ ने कहा कि किसी राज्य में राष्ट्रपति शासन की उद्घोषणा न्यायिक पुनर्विलोकन के योग्य है, जिस सामग्री पर वह आधारित है वह सुसंगत होनी चाहिए, और सरकार का बहुमत राज्यपाल के प्रतिवेदन से आँकने के बजाय विधानसभा के पटल पर परखा जाना चाहिए।

Q549.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

वर्ष 1997 के विशाखा निर्णय ने किस विषय पर दिशानिर्देश दिए?

  1. A.किसी व्यक्ति की गिरफ्तारी के समय पालन किए जाने वाले सुरक्षा उपाय
  2. B.कार्यस्थल पर महिलाओं का लैंगिक उत्पीड़न
  3. C.विचाराधीन कैदियों की रिहाई
  4. D.औद्योगिक प्रदूषण के लिए प्रतिकर
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. कार्यस्थल पर महिलाओं का लैंगिक उत्पीड़न

विशाखा बनाम राजस्थान राज्य में न्यायालय ने इस विषय पर कोई कानून न होने के कारण नियोजकों के लिए बाध्यकारी दिशानिर्देश बनाए, जिनमें शिकायत समितियाँ भी थीं, और ये दिशानिर्देश तब तक लागू रहे जब तक संसद ने 2013 में उत्पीड़न के निवारण, प्रतिषेध और प्रतितोष का अधिनियम नहीं बनाया।

Q550.भारतीय राजव्यवस्थाआसान

निजता को अनुच्छेद 21 से निकलने वाला मूल अधिकार किस मुकदमे में घोषित किया गया?

  1. A.श्रेया सिंघल बनाम भारत संघ
  2. B.डी के बसु बनाम पश्चिम बंगाल राज्य
  3. C.के एस पुट्टस्वामी बनाम भारत संघ
  4. D.ओल्गा टेलिस बनाम बॉम्बे नगर निगम
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. के एस पुट्टस्वामी बनाम भारत संघ

नौ न्यायाधीशों की पीठ ने 2017 में सर्वसम्मति से कहा कि निजता का अधिकार अनुच्छेद 21 के प्राण और वैयक्तिक स्वतंत्रता तथा भाग तीन की स्वतंत्रताओं में अंतर्निहित है, और एम पी शर्मा तथा खड़क सिंह मामलों के पुराने मत को पलट दिया।

Q551.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

आरक्षण पर पचास प्रतिशत की सीमा और क्रीमी लेयर को बाहर रखने का सिद्धांत किस निर्णय में दिया गया?

  1. A.मद्रास राज्य बनाम चंपकम दोराईराजन
  2. B.इंद्रा साहनी बनाम भारत संघ
  3. C.एम नागराज बनाम भारत संघ
  4. D.मोहिनी जैन बनाम कर्नाटक राज्य
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. इंद्रा साहनी बनाम भारत संघ

नौ न्यायाधीशों की पीठ ने 1992 में केंद्रीय सेवाओं में अन्य पिछड़े वर्गों के आरक्षण को मान्य रखा, कुल आरक्षण पर सामान्यतः पचास प्रतिशत की सीमा नियत की और निर्देश दिया कि पिछड़े वर्गों में संपन्न लोग, यानी क्रीमी लेयर, बाहर रखे जाएँ।

Q552.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

राष्ट्रीय न्यायिक नियुक्ति आयोग और निन्यानबेवां संविधान संशोधन सर्वोच्च न्यायालय ने किस वर्ष रद्द किया?

  1. A.2013
  2. B.2014
  3. C.2015
  4. D.2017
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 2015

चतुर्थ न्यायाधीश मामले के नाम से प्रसिद्ध इस निर्णय में न्यायालय ने चार के विरुद्ध एक के बहुमत से कहा कि यह आयोग कार्यपालिका को न्यायाधीशों की नियुक्ति में प्रभाव देगा, न्यायपालिका की स्वतंत्रता आधारभूत ढाँचे का अंग है, और इसलिए कॉलेजियम व्यवस्था पुनर्जीवित हो गई।

Q553.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

मिनर्वा मिल्स बनाम भारत संघ (1980) में सर्वोच्च न्यायालय ने किस संविधान संशोधन द्वारा जोड़े गए उपबंध रद्द किए?

  1. A.चौबीसवां संशोधन
  2. B.उनतालीसवां संशोधन
  3. C.बयालीसवां संशोधन
  4. D.चौवालीसवां संशोधन
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. बयालीसवां संशोधन

इस संशोधन ने अनुच्छेद 368 में यह जोड़ा था कि किसी संशोधन को किसी न्यायालय में चुनौती नहीं दी जा सकती और संशोधन शक्ति पर कोई सीमा नहीं है; न्यायालय ने वे उपबंध शून्य ठहराए क्योंकि न्यायिक पुनर्विलोकन तथा मूल अधिकारों और नीति निदेशक तत्वों का संतुलन आधारभूत ढाँचे का…

Q554.भारतीय राजव्यवस्थाआसान

मेनका गांधी बनाम भारत संघ (1978) का निर्णय मुख्य रूप से किस अनुच्छेद के विस्तार के लिए जाना जाता है?

  1. A.अनुच्छेद 19
  2. B.अनुच्छेद 21
  3. C.अनुच्छेद 32
  4. D.अनुच्छेद 368
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. अनुच्छेद 21

यह मुकदमा पासपोर्ट जब्त किए जाने से उठा था और न्यायालय ने कहा कि जिस प्रक्रिया से राज्य प्राण या वैयक्तिक स्वतंत्रता छीनता है वह न्यायपूर्ण, उचित और युक्तियुक्त होनी चाहिए, जिससे अनुच्छेद 21 में उचित प्रक्रिया का सार आ गया और 1950 के ए के गोपालन का संकुचित मत…

Q555.भारतीय राजव्यवस्थामध्यम

किस मुकदमे में सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि संविधान संशोधन अनुच्छेद 13 के अर्थ में विधि है और मूल अधिकारों में कटौती नहीं की जा सकती?

  1. A.सज्जन सिंह बनाम राजस्थान राज्य
  2. B.आई सी गोलकनाथ बनाम पंजाब राज्य
  3. C.वामन राव बनाम भारत संघ
  4. D.आई आर कोएलो बनाम तमिलनाडु राज्य
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. आई सी गोलकनाथ बनाम पंजाब राज्य

वर्ष 1967 में ग्यारह न्यायाधीशों की पीठ ने छह के विरुद्ध पाँच के बहुमत से कहा कि संविधान संशोधन अनुच्छेद 13 के प्रयोजन से विधि है, इसलिए संसद मूल अधिकारों में कटौती नहीं कर सकती, और पुराने संशोधनों को बचाने के लिए भावी अभिभावी निर्णय का सिद्धांत लागू किया।

Q556.भारतीय राजव्यवस्थाआसान

संविधान के आधारभूत ढाँचे का सिद्धांत सर्वोच्च न्यायालय ने किस मुकदमे में दिया?

  1. A.गोलकनाथ बनाम पंजाब राज्य
  2. B.केशवानंद भारती बनाम केरल राज्य
  3. C.मिनर्वा मिल्स बनाम भारत संघ
  4. D.शंकरी प्रसाद बनाम भारत संघ
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. केशवानंद भारती बनाम केरल राज्य

यह निर्णय 24 अप्रैल 1973 को तेरह न्यायाधीशों की पीठ ने दिया, जो उच्चतम न्यायालय की अब तक की सबसे बड़ी पीठ थी, और सात के विरुद्ध छह के बहुमत ने कहा कि संसद संविधान के किसी भी उपबंध में संशोधन कर सकती है, परंतु उसके आधारभूत ढाँचे को क्षति…

Q557.भारतीय राजव्यवस्थापूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKआसान

भारत के संविधान का निम्नलिखित में से कौन-सा अनुच्छेद यह निर्धारित करता है कि किसी भी नागरिक को राज्य निधि से पोषित कुओं, तालाबों और स्नान घाटों के उपयोग से वंचित नहीं किया जा सकता?

  1. A.अनुच्छेद 14
  2. B.अनुच्छेद 15
  3. C.अनुच्छेद 16
  4. D.अनुच्छेद 17
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. अनुच्छेद 15

अनुच्छेद 15(2) कहता है कि केवल धर्म, मूलवंश, जाति, लिंग या जन्मस्थान के आधार पर किसी नागरिक को पूर्णतः या आंशिक रूप से राज्य निधि से पोषित कुओं, तालाबों, स्नान घाटों, सड़कों और सार्वजनिक समागम के स्थानों के उपयोग से वंचित नहीं किया जा सकता।

Q558.भारतीय राजव्यवस्थापूछा गया: CDS · CDS-I 2024, GKमध्यम

विधिक सहायता पाने के अधिकार के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? 1. भारत के संविधान में यह राज्य के नीति निदेशक तत्वों के अंतर्गत दिया गया है। 2. किसी व्यक्ति की गिरफ़्तारी के तुरंत बाद निकटतम विधिक सहायता समिति को सूचित करना पुलिस का कर्तव्य है। नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।

  1. A.केवल 1
  2. B.केवल 2
  3. C.1 और 2 दोनों
  4. D.न तो 1, न ही 2
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 1 और 2 दोनों

निःशुल्क विधिक सहायता अनुच्छेद 39A के तहत एक नीति निदेशक तत्व है, और सर्वोच्च न्यायालय ने किसी की गिरफ़्तारी होते ही निकटतम विधिक सहायता समिति को सूचना देना पुलिस का कर्तव्य बनाया है।

Q559.भारतीय राजव्यवस्थापूछा गया: UPSC CAPF · CAPF 2026, Paper Iकठिन

पूर्वोत्तर परिषद के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?

  1. A.यह परिषद पूर्वोत्तर क्षेत्र के आठ राज्यों के आर्थिक और सामाजिक विकास के लिए गृह मंत्रालय के अधीन नोडल एजेंसी है।
  2. B.परिषद में आठ पूर्वोत्तर राज्यों के राज्यपाल और मुख्यमंत्री तथा संबंधित राज्यों के राज्यपालों द्वारा मनोनीत तीन सदस्य होते हैं।
  3. C.परिषद का गठन 1971 में संसद के एक अधिनियम द्वारा किया गया था।
  4. D.मणिपुर को पूर्वोत्तर परिषद में आठवें सदस्य राज्य के रूप में जोड़ा गया था।
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. परिषद का गठन 1971 में संसद के एक अधिनियम द्वारा किया गया था।

पूर्वोत्तर परिषद पूर्वोत्तर परिषद अधिनियम, 1971 के तहत बनी और 1972 में शिलांग में काम शुरू किया। परिषद पूर्वोत्तर के संतुलित आर्थिक और सामाजिक विकास के लिए एक सलाहकार निकाय के रूप में बनाई गई थी।

Q560.भारतीय राजव्यवस्थापूछा गया: UPSC CAPF · CAPF 2019, Paper Iमध्यम

निम्नलिखित में से कौन-सी उदार लोकतंत्र की परिभाषित करने वाली विशेषताएं हैं?

1. औपचारिक, सामान्यतः कानूनी, नियमों पर आधारित संवैधानिक सरकार

2. नागरिक स्वतंत्रताओं और व्यक्तिगत अधिकारों की गारंटी

3. यह राजनीतिक सत्ता को संभावित रूप से असीमित शक्ति प्रदान करता है

नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए :

  1. A.केवल 1 और 3
  2. B.केवल 1 और 2
  3. C.केवल 2 और 3
  4. D.1, 2 और 3
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. केवल 1 और 2

उदार लोकतंत्र संवैधानिक, नियमों से बंधी सरकार और नागरिक स्वतंत्रताओं की गारंटी पर टिका है; यह राजनीतिक शक्ति को असीमित नहीं, सीमित करता है।