किसी द्रव का तापमान बढ़ाने पर:
- A.पृष्ठ तनाव बढ़ता है और श्यानता घटती है
- B.पृष्ठ तनाव और श्यानता दोनों घटते हैं
- C.पृष्ठ तनाव और श्यानता दोनों बढ़ते हैं
- D.पृष्ठ तनाव घटता है और श्यानता बढ़ती है
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. पृष्ठ तनाव और श्यानता दोनों घटते हैं
व्याख्या
सही उत्तर है B, पृष्ठ तनाव और श्यानता दोनों घटते हैं। द्रव को गर्म करने पर उसके अणु तेज़ चलने लगते हैं और आपस में कुछ दूर हट जाते हैं, जिससे उनके बीच का आकर्षण कमज़ोर पड़ जाता है। ये दोनों ही गुण इसी आकर्षण पर टिके होते हैं। पृष्ठ तनाव इसलिए बनता है कि सतह के अणुओं को नीचे और अगल-बगल के अणु भीतर की ओर खींचते हैं, और तापमान बढ़ने पर यह भीतरी खिंचाव घटता जाता है तथा क्रांतिक ताप पर शून्य हो जाता है। द्रव की श्यानता परतों के खिसकते समय अणुओं की आपसी पकड़ से आती है, इसलिए वही कमज़ोरी द्रव को पतला और आसानी से बहने वाला बना देती है। यही कारण है कि गर्म तेल ठंडे तेल से कहीं तेज़ बहता है। A गलत है क्योंकि गर्म करने पर पृष्ठ तनाव बढ़ता नहीं, घटता है। C गलत है क्योंकि दोनों में से कोई भी नहीं बढ़ता। D गलत है क्योंकि द्रव की श्यानता घटती है। परीक्षा टिप: द्रव गर्म होकर पतले होते हैं, पर गैस गर्म होने पर अधिक श्यान हो जाती है।