सदन में दल के निर्देश के विरुद्ध मत देने वाला सदस्य अयोग्यता से तभी बचता है, जब दल कितने दिन में उस कृत्य को क्षमा कर दे?
- A.सात दिन
- B.पंद्रह दिन
- C.तीस दिन
- D.तीन माह
उत्तर देखें
व्याख्या
सही उत्तर B, पंद्रह दिन है। दसवीं अनुसूची का पैराग्राफ 2(1)(ख) उस सदस्य को अयोग्य करता है जो दल द्वारा जारी किसी निर्देश के विरुद्ध मत देता है या मतदान से अनुपस्थित रहता है, किंतु परंतुक दो दशाओं में उसे बचाता है: जब पूर्व अनुमति ले ली गई हो, और जब दल मतदान या अनुपस्थिति की तारीख से पंद्रह दिन के भीतर उस कृत्य को क्षमा कर दे।
विकल्प A, सात दिन, विकल्प C, तीस दिन और विकल्प D, तीन माह अनुसूची में नहीं हैं। तीन माह वह अवधि है जो उच्चतम न्यायालय ने कीशम मेघचंद्र सिंह बनाम मणिपुर विधान सभा अध्यक्ष, 2020 में अध्यक्ष द्वारा दल-बदल याचिका तय करने के लिए सुझाई थी, जो बिल्कुल अलग विषय है और इसी कारण यहां जाल के रूप में रखा गया है। पंद्रह दिन की खिड़की ही व्हिप उल्लंघन को क्षम्य बनाती है।