‘महारत्न’, ‘नवरत्न’ और ‘लघुरत्न (मिनीरत्न)’ भारत में किसका वर्गीकरण है?
- A.विशेष आर्थिक क्षेत्र
- B.नागरिक सम्मान
- C.सरकारी क्षेत्र एकक
- D.खनिज समृद्ध क्षेत्र
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. सरकारी क्षेत्र एकक
व्याख्या
सही उत्तर है C, सरकारी क्षेत्र एकक। महारत्न, नवरत्न और मिनीरत्न वे दर्जे हैं, जो भारत सरकार केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (पीएसयू) को उनके आकार, मुनाफ़े और प्रदर्शन के आधार पर देती है। नवरत्न और मिनीरत्न योजनाएँ 1997 में शुरू हुईं, और बाद में सबसे बड़ी तथा सबसे अधिक मुनाफ़ा कमाने वाली कंपनियों के लिए सबसे ऊँचा दर्जा महारत्न जोड़ा गया। दर्जा जितना ऊँचा, वित्तीय आज़ादी उतनी ज़्यादा: महारत्न कंपनी का बोर्ड हर परियोजना के लिए सरकार के पास गए बिना बहुत बड़े निवेश को खुद मंज़ूरी दे सकता है। इसका उद्देश्य है कि मज़बूत सरकारी कंपनियाँ निजी कंपनियों की तरह प्रतिस्पर्धा करें और देश-विदेश में विस्तार करें। विकल्प A गलत है, क्योंकि विशेष आर्थिक क्षेत्र खास व्यापार और कर नियमों वाले इलाके हैं, कंपनियों की श्रेणी नहीं। विकल्प B गलत है, क्योंकि भारत के नागरिक सम्मान भारत रत्न और पद्म पुरस्कार हैं। विकल्प D गलत है, क्योंकि खनिज समृद्ध क्षेत्रों को ऐसे दर्जे नहीं दिए जाते। परीक्षा टिप: ऊपर से क्रम है महारत्न, नवरत्न, मिनीरत्न; तीनों केंद्रीय पीएसयू की श्रेणियाँ हैं।