प्रकाश ऊर्जा का ऑप्टिकल फाइबर में संचरण निम्नांकित घटना के अनुप्रयोग द्वारा किया जाता है
- A.पूर्ण आंतरिक परावर्तन
- B.विवर्तन
- C.प्रकीर्णन
- D.अपवर्तन
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. पूर्ण आंतरिक परावर्तन
व्याख्या
सही उत्तर है A, पूर्ण आंतरिक परावर्तन। सघन से विरल माध्यम में जाता प्रकाश जब सीमा पर क्रांतिक कोण से बड़े कोण पर टकराता है, तो बाहर निकलने के बजाय पूरा वापस परावर्तित हो जाता है। ऑप्टिकल फाइबर इसी सिद्धांत पर काम करता है। इसमें अधिक अपवर्तनांक वाले काँच या प्लास्टिक का पतला कोर होता है, जिस पर कम अपवर्तनांक वाली परत (क्लैडिंग) चढ़ी रहती है, इसलिए एक सिरे से घुसा प्रकाश बार-बार परावर्तित होकर मोड़ों पर भी बहुत कम हानि के साथ दूर तक पहुँचता है। इसी से इंटरनेट और टेलीफ़ोन के संकेत जाते हैं और एंडोस्कोप से शरीर के भीतर देखा जाता है। भारतीय मूल के भौतिक विज्ञानी नरिंदर सिंह कपानी को फाइबर ऑप्टिक्स का जनक कहा जाता है। विकल्प B गलत है, क्योंकि विवर्तन छोटी बाधाओं के किनारों या पतली झिरी से प्रकाश का मुड़ना है। विकल्प C गलत है, क्योंकि प्रकीर्णन प्रकाश को कई दिशाओं में बिखेरता है, जिससे आकाश नीला दिखता है। विकल्प D गलत है, क्योंकि अपवर्तन केवल नए माध्यम में जाते समय प्रकाश का मुड़ना है, जबकि फाइबर प्रकाश को बाहर निकलने से रोककर काम करता है। परीक्षा टिप: ऑप्टिकल फाइबर, मरीचिका और हीरे की चमक, तीनों पूर्ण आंतरिक परावर्तन से।