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GK24
बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतामध्यमपूछा गया: RRB JE · 1 Sept 2019, Shift 1

गैर-बैंकिंग संस्थाओं द्वारा लगाए, स्वामित्व में रखे और संचालित किए जाने वाले स्वचालित टेलर मशीन (ATM) क्या कहलाते हैं?

  1. A.येलो लेबल ATM
  2. B.ब्लैक लेबल ATM
  3. C.व्हाइट लेबल ATM
  4. D.ग्रे लेबल ATM

सही उत्तर

C. व्हाइट लेबल ATM

व्याख्या

सही उत्तर है C, व्हाइट लेबल ATM। कंपनी अधिनियम के तहत पंजीकृत किसी गैर-बैंकिंग कंपनी द्वारा लगाया, स्वामित्व में रखा और चलाया जाने वाला ATM व्हाइट लेबल ATM कहलाता है, क्योंकि उस पर किसी बैंक का लोगो नहीं होता। भारतीय रिज़र्व बैंक ने 2012 में भुगतान और निपटान प्रणाली अधिनियम के अंतर्गत इनकी अनुमति दी, ताकि छोटे शहरों और गाँवों तक नकदी की पहुँच बढ़े। भारत का पहला व्हाइट लेबल ATM टाटा कम्युनिकेशंस पेमेंट सॉल्यूशंस ने इंडिकैश नाम से शुरू किया था। मशीन में रखी नकदी और ग्राहक का खाता किसी प्रायोजक बैंक का ही होता है, जबकि गैर-बैंकिंग संचालक मशीन चलाता है और बैंकों से शुल्क कमाता है। इसके विपरीत ब्राउन लेबल ATM में हार्डवेयर सेवा प्रदाता का होता है, पर लाइसेंस और नकदी बैंक की होती है। A, B और D गलत हैं क्योंकि येलो, ब्लैक और ग्रे लेबल ATM रिज़र्व बैंक की मान्य श्रेणियाँ नहीं हैं। परीक्षा टिप: व्हाइट लेबल यानी गैर-बैंक का स्वामित्व, ब्राउन लेबल यानी बैंक का लाइसेंस और बाहरी हार्डवेयर।

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Q1.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकताआसान

वित्तीय समावेशन का राष्ट्रीय अभियान प्रधानमंत्री जन धन योजना किस वर्ष आरंभ हुई?

  1. A.2011
  2. B.2014
  3. C.2016
  4. D.2019
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. 2014

व्याख्या

सही उत्तर B, 2014 है। प्रधानमंत्री जन धन योजना 28 अगस्त 2014 को इस उद्देश्य से आरंभ हुई कि हर परिवार का बैंक खाता हो। इसके अंतर्गत खुले खाते बुनियादी बचत खाते हैं, जिनमें न्यूनतम शेष आवश्यक नहीं, और उनके साथ रुपे डेबिट कार्ड, दुर्घटना बीमा कवर तथा संतोषजनक संचालन के बाद दस हजार रुपये तक की ओवरड्राफ्ट सुविधा मिलती है। यही योजना सब्सिडी और पेंशन के प्रत्यक्ष लाभ अंतरण का माध्यम भी बनी।

विकल्प A, 2011 में रिजर्व बैंक ने बचत ब्याज दरें मुक्त कीं और उसी वर्ष गाँवों में बैंकिंग के लिए पहले का स्वाभिमान अभियान भी चला। विकल्प C, 2016 विमुद्रीकरण, यूपीआई के आरंभ और केवाईसी मास्टर निर्देश का वर्ष है। विकल्प D, 2019 में कई डिजिटल भुगतान उपाय लागू हुए। जन धन योजना का आरंभ वर्ष केवल 2014 है।

Q2.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकताकठिन

वित्तीय संस्थाओं के ग्राहकों के केवाईसी अभिलेख रखने वाली केंद्रीय केवाईसी अभिलेख रजिस्ट्री किस संस्था द्वारा संचालित होती है?

  1. A.सर्साई
  2. B.एनपीसीआई
  3. C.सेबी
  4. D.आईआरडीएआई
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. सर्साई

व्याख्या

सही उत्तर A, सर्साई है, यानी भारत की प्रतिभूतिकरण परिसंपत्ति पुनर्निर्माण और प्रतिभूति हित की केंद्रीय रजिस्ट्री। यही केंद्रीय केवाईसी अभिलेख रजिस्ट्री रखती है, जिसमें बैंक तथा अन्य रिपोर्टिंग संस्थाएँ अपने ग्राहकों के केवाईसी अभिलेख एक विशिष्ट केवाईसी पहचानकर्ता के साथ दर्ज करती हैं। जिस ग्राहक का अभिलेख पहले से रजिस्ट्री में है, उसे दूसरे बैंक, बीमा कंपनी या म्यूचुअल फंड के साथ काम करते समय पूरी प्रक्रिया दोहरानी नहीं पड़ती, जिससे समय और कागज दोनों बचते हैं।

विकल्प B, भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम यूपीआई, रुपे, नैच और आईएमपीएस जैसी खुदरा भुगतान प्रणालियाँ चलाता है। विकल्प C, सेबी प्रतिभूति बाजार का नियामक है। विकल्प D, आईआरडीएआई बीमा का नियामक है। तीनों वित्तीय क्षेत्र के नियामक या प्रणाली संचालक हैं, इसलिए वे विश्वसनीय लगते हैं, पर केवाईसी रजिस्ट्री सर्साई के पास है, जो सरफेसी ढाँचे के अंतर्गत बनी कंपनी है।

Q3.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतामध्यम

कौन खाता अनिवासी भारतीय को अनुमत विदेशी मुद्रा में सावधि जमा रखने देता है, जिससे जमाकर्ता पर विनिमय दर का जोखिम नहीं रहता?

  1. A.एनआरई खाता
  2. B.एनआरओ खाता
  3. C.एफसीएनआर (बी) खाता
  4. D.एस्क्रो खाता
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. एफसीएनआर (बी) खाता

व्याख्या

सही उत्तर C, एफसीएनआर (बी) खाता है, यानी विदेशी मुद्रा अनिवासी बैंक खाता। यह अमेरिकी डॉलर, पाउंड स्टर्लिंग, यूरो या येन जैसी अनुमत विदेशी मुद्रा में एक से पाँच वर्ष की सावधि जमा है, और मूलधन तथा ब्याज दोनों उसी मुद्रा में लौटाए जाते हैं, इसलिए रुपये की दर बदलने से जमाकर्ता पर असर नहीं पड़ता। विनिमय दर का जोखिम बैंक उठाता है।

विकल्प A, अनिवासी बाह्य खाता रुपये में रखा जाता है; वह पूरी तरह प्रत्यावर्तनीय है और उसका ब्याज भारत में आयकर से मुक्त है, पर विनिमय जोखिम जमाकर्ता पर रहता है। विकल्प B, अनिवासी साधारण खाता भी रुपये में है और भारत में अर्जित आय जैसे किराया, पेंशन या लाभांश के लिए है, जिसका ब्याज कर योग्य है और प्रत्यावर्तन सीमित। विकल्प D, एस्क्रो खाता वह निष्पक्ष खाता है जिसमें अनुबंध की शर्तें पूरी होने तक धन रखा जाता है।

Q4.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतामध्यम

दस वर्ष तक बिना दावे रह गई जमा किस कोष में अंतरित की जाती है?

  1. A.भारत की संचित निधि
  2. B.जमाकर्ता शिक्षा और जागरूकता कोष
  3. C.राष्ट्रीय निवेश कोष
  4. D.वित्तीय समावेशन कोष
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. जमाकर्ता शिक्षा और जागरूकता कोष

व्याख्या

सही उत्तर B, जमाकर्ता शिक्षा और जागरूकता कोष है। संशोधित बैंककारी विनियमन अधिनियम के अंतर्गत बैंक को वह जमा भारतीय रिजर्व बैंक के इस कोष में अंतरित करनी होती है जिसका दस वर्ष तक संचालन या दावा न हुआ हो। इस धन का उपयोग जमाकर्ताओं की शिक्षा और जागरूकता के लिए होता है, पर जमाकर्ता का अधिकार समाप्त नहीं होता, वह या उसका विधिक उत्तराधिकारी बाद में भी बैंक से ब्याज सहित राशि ले सकता है और बैंक उसे कोष से वसूल लेता है।

विकल्प A, भारत की संचित निधि सरकार का मुख्य खाता है जिसमें उसका राजस्व जाता है और उसका बिना दावे की जमा से कोई संबंध नहीं। विकल्प C, राष्ट्रीय निवेश कोष में सार्वजनिक उपक्रमों के विनिवेश से मिली राशि रखी जाती है। विकल्प D, वित्तीय समावेशन कोष नाबार्ड के पास बैंकिंग से वंचित क्षेत्रों के विकास कार्य के लिए है, इसलिए वह विश्वसनीय पर गलत विकल्प है।

Q5.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकताआसान

किस प्रकार की जमा में ग्राहक चुनी हुई अवधि तक हर माह निश्चित किस्त जमा करता है?

  1. A.सावधि जमा
  2. B.आवर्ती जमा
  3. C.चालू खाता
  4. D.डिमांड ड्राफ्ट
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. आवर्ती जमा

व्याख्या

सही उत्तर B, आवर्ती जमा है। आवर्ती जमा में ग्राहक चुनी हुई अवधि तक हर माह निश्चित राशि जमा करने का वचन देता है, और बैंक उसी परिपक्वता की सावधि जमा के लगभग बराबर दर पर ब्याज देता है, तथा अंत में पूरी राशि ब्याज सहित लौटाता है। यह उस वेतनभोगी के लिए उपयुक्त है जो एकमुश्त राशि नहीं, हर माह थोड़ा बचा सकता है, और किस्त चूकने पर सामान्यतः छोटा दंड लगता है।

विकल्प A, सावधि जमा में आरंभ में ही एकमुश्त राशि चुनी अवधि के लिए रखी जाती है। विकल्प C, चालू खाता व्यापार के लिए माँग जमा है और उस पर ब्याज नहीं मिलता। विकल्प D, डिमांड ड्राफ्ट जमा ही नहीं है, वह बैंक द्वारा जारी वह लिखत है जिससे दूसरी जगह नामित व्यक्ति को धन भेजा जाता है। केवल आवर्ती जमा मासिक किस्तों पर आधारित है।