मुख्य सामग्री पर जाएं
GK24
बैंकिंग और वित्तीय जागरूकताकठिनपूछा गया: UPSC सिविल सेवा · CSE Prelims 2026, GS Paper I

भारत में गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (NBFC) के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. NBFC मांग जमा स्वीकार नहीं कर सकतीं। 2. भारत में कार्यरत सभी NBFC का RBI में पंजीकृत होना अनिवार्य है। 3. NBFC भुगतान और निपटान प्रणाली का हिस्सा हैं और स्वयं पर आहरित चेक जारी कर सकती हैं। 4. जमा स्वीकार करने वाली NBFC के जमाकर्ताओं को निक्षेप बीमा और प्रत्यय गारंटी निगम (DICGC) की जमा बीमा सुविधा उपलब्ध नहीं है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

  1. A.1 और 4
  2. B.1, 2 और 3
  3. C.केवल 4
  4. D.2, 3 और 4

सही उत्तर

A. 1 और 4

व्याख्या

सही उत्तर है A, 1 और 4। RBI स्वयं NBFC और बैंक के बीच जो तीन अंतर बताता है, उनमें से दो यही हैं। NBFC बैंक की तरह कर्ज देती और निवेश करती है, पर बचत या चालू खाते जैसी मांग जमा स्वीकार नहीं कर सकती, इसलिए कथन 1 सही है। NBFC भुगतान और निपटान प्रणाली का हिस्सा नहीं है और अपने ऊपर चेक जारी नहीं कर सकती, इसलिए कथन 3 गलत है। जमा लेने वाली NBFC में रखी राशि पर DICGC का बीमा नहीं मिलता, यह सुविधा केवल बैंक जमा के लिए है, इसलिए कथन 4 सही है। कथन 2 गलत है क्योंकि हर NBFC को RBI में पंजीकरण नहीं कराना पड़ता: बीमा, चिट फंड, स्टॉक ब्रोकिंग या मर्चेंट बैंकिंग करने वाली कंपनियों का नियमन IRDAI, राज्य सरकारें या SEBI करते हैं और वे RBI पंजीकरण से छूट पाती हैं। विकल्प B गलत है क्योंकि इसमें कथन 2 और 3 हैं। विकल्प C गलत है क्योंकि इसमें कथन 1 छूट गया है। विकल्प D गलत है क्योंकि कथन 2 और 3 असत्य हैं। Exam tip: NBFC में न मांग जमा, न चेक, न DICGC बीमा; यही तीन बातें उसे बैंक से अलग करती हैं।

सभी देखें
Q1.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतापूछा गया: UPSC सिविल सेवा · CSE Prelims 2019, GS Paper Iआसान

निम्नलिखित में से कौन-सा भारत में किसी वाणिज्यिक बैंक की परिसंपत्तियों में शामिल नहीं है?

  1. A.अग्रिम
  2. B.जमा
  3. C.निवेश
  4. D.माँग और अल्प सूचना पर देय धन
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. जमा

जमा वह धन है जो बैंक को अपने ग्राहकों को लौटाना होता है, इसलिए यह बैलेंस शीट में देनदारियों की ओर आता है।

Q2.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतापूछा गया: CDS · CDS-II 2022, GKमध्यम

निम्नलिखित में से कौन-सा भारत में वाणिज्यिक बैंकों का अभिकर्ता (एजेंसी) कार्य माना जाता है?

  1. A.जमा स्वीकार करना
  2. B.अधिशेष निधियों का निवेश
  3. C.आयकर भुगतान स्वीकार करना
  4. D.ओवरड्राफ्ट सुविधा देना
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. आयकर भुगतान स्वीकार करना

कर एकत्र करते समय बैंक अपने ग्राहक और सरकार की ओर से अभिकर्ता के रूप में काम करता है, इसलिए यह एजेंसी कार्य है।

Q3.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतापूछा गया: UPSC सिविल सेवा · CSE Prelims 2023, GS Paper Iमध्यम

केंद्रीय बैंक डिजिटल मुद्राओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. अमेरिकी डॉलर या SWIFT प्रणाली का प्रयोग किए बिना डिजिटल मुद्रा में भुगतान करना संभव है। 2. डिजिटल मुद्रा को उसमें प्रोग्राम की गई किसी शर्त के साथ वितरित किया जा सकता है, जैसे उसे खर्च करने की समय-सीमा। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

  1. A.केवल 1
  2. B.केवल 2
  3. C.1 और 2 दोनों
  4. D.न तो 1, न ही 2
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 1 और 2 दोनों

केंद्रीय बैंक डिजिटल मुद्रा से देशों के बीच डॉलर या SWIFT के बिना सीधे भुगतान हो सकता है, और इसके उपयोग पर शर्तें प्रोग्राम की जा सकती हैं।

Q4.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतापूछा गया: UPSC सिविल सेवा · CSE Prelims 2019, GS Paper Iमध्यम

सेवा क्षेत्र दृष्टिकोण (Service Area Approach) किसके दायरे में लागू किया गया था?

  1. A.एकीकृत ग्रामीण विकास कार्यक्रम
  2. B.अग्रणी बैंक योजना
  3. C.महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना
  4. D.राष्ट्रीय कौशल विकास मिशन
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. अग्रणी बैंक योजना

RBI द्वारा 1989 में शुरू किया गया सेवा क्षेत्र दृष्टिकोण अग्रणी बैंक योजना के ढाँचे के भीतर गाँव-वार ग्रामीण ऋण की योजना बनाने के लिए था।

Q5.बैंकिंग और वित्तीय जागरूकतापूछा गया: UPSC सिविल सेवा · CSE Prelims 2022, GS Paper Iमध्यम

निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. भारत में क्रेडिट रेटिंग एजेंसियों का विनियमन भारतीय रिज़र्व बैंक करता है। 2. ICRA के नाम से प्रसिद्ध रेटिंग एजेंसी एक पब्लिक लिमिटेड कंपनी है। 3. ब्रिकवर्क रेटिंग्स एक भारतीय क्रेडिट रेटिंग एजेंसी है। उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

  1. A.केवल 1 और 2
  2. B.केवल 2 और 3
  3. C.केवल 1 और 3
  4. D.1, 2 और 3
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. केवल 2 और 3

भारत में क्रेडिट रेटिंग एजेंसियों का विनियमन SEBI करता है, RBI नहीं, जबकि कथन 2 और 3 सही हैं। SEBI (क्रेडिट रेटिंग एजेंसी) विनियम, 1999 के तहत SEBI इन एजेंसियों का पंजीकरण और निगरानी करता है।