मुख्य सामग्री पर जाएं
GK24

भारतीय नौसेना ने संयुक्त कार्य बल 154 की कमान सौंपी

भारतीय नौसेना ने 14 अक्टूबर 2026 को बहरीन के मनामा में संयुक्त समुद्री बल के कार्य बल 154 की कमान सौंप दी और इस तरह अपना पहला कार्यकाल पूरा किया।

लेखक प्रकाशित · 2 मिनट
Read in English
भारतीय नौसेना ने संयुक्त कार्य बल 154 की कमान सौंपी

चर्चा में क्यों

14 अक्टूबर 2026 को भारतीय नौसेना ने बहरीन के मनामा में एक समारोह में संयुक्त समुद्री बल के संयुक्त कार्य बल 154 की कमान सौंप दी। उसने 11 फरवरी 2026 को यह कमान संभाली थी और यह किसी सीएमएफ कार्य बल का भारत का पहला नेतृत्व था।

भारतीय नौसेना ने 14 अक्टूबर 2026 को बहरीन के मनामा में आयोजित एक समारोह में संयुक्त कार्य बल 154 (सीटीएफ 154) की कमान सौंप दी। इसके साथ ही वह कार्यकाल पूरा हुआ जिसमें पहली बार भारत ने संयुक्त समुद्री बल (सीएमएफ) के किसी कार्य बल का नेतृत्व किया।

सीटीएफ 154 का काम क्या है

सीटीएफ 154 सीएमएफ का प्रशिक्षण कार्य बल है। यह पेशेवर पाठ्यक्रम और क्षमता निर्माण की गतिविधियां चलाता है, ताकि समूह में शामिल नौसेनाएं समुद्र में एक साथ काम कर सकें। यह साझेदारी 47 देशों तक फैली हुई है। भारत 2022 में सहयोगी भागीदार के रूप में सीएमएफ से जुड़ा और 2023 में पूर्ण सदस्य बना। सीटीएफ 154 की कमान भारतीय नौसेना को 11 फरवरी 2026 को मिली थी, जो किसी सीएमएफ कार्य बल के नेतृत्व का उसका पहला अवसर था।

कार्यकाल में क्या हुआ

  • सीएमएफ के समुद्री क्षेत्र प्रशिक्षण ढांचे के तहत 20 स्टाफ एन्हांसमेंट ट्रेनिंग गतिविधियां
  • ऑपरेशन कंपास रोज 26-1 और ऑपरेशन सदर्न रेडीनेस 26-2
  • एसपीएआर 2026, समुद्री डकैती और सशस्त्र लूट पर पहला विशेषज्ञ आदान-प्रदान कार्यक्रम
  • 7,800 घंटे से अधिक का प्रशिक्षण, जिसमें 39 देशों के कर्मियों ने हिस्सा लिया

प्रशिक्षण कैसे चला

पाठ्यक्रमों में वर्चुअल, हाइब्रिड और आमने-सामने के तरीके शामिल रहे और इनमें समुद्री सुरक्षा के कई विषय शामिल किए गए। पढ़ाने वाले विशेषज्ञ भारतीय नौसेना, सीएमएफ के दूसरे कार्य बलों, साझेदार देशों की नौसेनाओं, क्षेत्र की समुद्री एजेंसियों और विशेषज्ञ अंतरराष्ट्रीय संस्थानों से आए। इस दौरान सीटीएफ 154 ने परिचालन कार्य बलों, क्षेत्रीय साझेदारों और प्रशिक्षण संस्थानों के साथ अपना संपर्क भी बढ़ाया, जिससे रक्षा मंत्रालय को आगे क्षमता निर्माण में मदद की उम्मीद है।

यह क्यों अहम है

भारत के लिए यह कमान हस्तांतरण हिंद महासागर क्षेत्र में उसकी नौसैनिक कूटनीति का एक पड़ाव है। सीएमएफ के प्रशिक्षण कार्य बल को चलाने का मतलब था कि 47 देशों के गठजोड़ के पेशेवर प्रशिक्षण की जिम्मेदारी भारतीय नौसेना के पास रही। रक्षा मंत्रालय इस कार्यकाल को इस रूप में देखता है कि इससे क्षेत्र में पसंदीदा सुरक्षा और प्रशिक्षण साझेदार के तौर पर नौसेना की जगह और मजबूत हुई है।

महत्वपूर्ण तथ्य

कार्य बलसंयुक्त कार्य बल 154 (सीटीएफ 154), संयुक्त समुद्री बल का प्रशिक्षण कार्य बल
कमान सौंपने का स्थानमनामा, बहरीन
तारीख14 अक्टूबर 2026
कमान संभाली11 फरवरी 2026 (भारत का पहला सीएमएफ कार्य बल नेतृत्व)
सीएमएफ साझेदारी47 देश
भारत की स्थिति2022 में सहयोगी भागीदार, 2023 में पूर्ण सदस्य
प्रशिक्षण20 स्टाफ एन्हांसमेंट ट्रेनिंग गतिविधियां, 7,800 घंटे से अधिक
भागीदारी39 देशों के कर्मी
ऑपरेशनकंपास रोज 26-1, सदर्न रेडीनेस 26-2, एसपीएआर 2026

परीक्षा की दृष्टि से

याद रखें कि सीटीएफ 154 संयुक्त समुद्री बल का प्रशिक्षण कार्य बल है, सीएमएफ में 47 देश हैं, भारत 2022 में सहयोगी भागीदार और 2023 में पूर्ण सदस्य बना, कमान 11 फरवरी 2026 को मिली और 14 अक्टूबर 2026 को सौंपी गई, स्थान बहरीन का मनामा था, तथा आंकड़े हैं 20 प्रशिक्षण गतिविधियां, 7,800 से अधिक प्रशिक्षण घंटे और 39 देश।

अभ्यास प्रश्न

Q1.रक्षाआसान

भारतीय नौसेना ने संयुक्त कार्य बल 154 की कमान किस शहर में सौंपी?

  1. A.दोहा
  2. B.मनामा
  3. C.मस्कट
  4. D.जिबूती
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. मनामा

जिस समारोह में भारतीय नौसेना ने संयुक्त कार्य बल 154 की कमान सौंपी, वह 14 अक्टूबर 2026 को बहरीन के मनामा में आयोजित हुआ और इसी के साथ वह कार्यकाल पूरा हुआ जिसमें पहली बार भारत ने संयुक्त समुद्री बल के किसी कार्य बल का नेतृत्व किया था।

पूरी व्याख्या पढ़ें →
Q2.रक्षामध्यम

सीटीएफ 154 जिस संयुक्त समुद्री बल साझेदारी के लिए काम करता है, उसमें कितने देश शामिल हैं?

  1. A.27
  2. B.37
  3. C.47
  4. D.57
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 47

संयुक्त समुद्री बल 47 देशों की साझेदारी है और इसके भीतर सीटीएफ 154 वही एक कार्य बल है जो पूरी तरह प्रशिक्षण के लिए समर्पित है।

पूरी व्याख्या पढ़ें →
Q3.रक्षामध्यम

भारत संयुक्त समुद्री बल का पूर्ण सदस्य किस वर्ष बना?

  1. A.2020
  2. B.2021
  3. C.2022
  4. D.2023
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. 2023

संयुक्त समुद्री बल के साथ भारत का जुड़ाव दो चरणों में हुआ, पहले वह 2022 में सहयोगी भागीदार के रूप में शामिल हुआ और इसके बाद 2023 में उसने पूर्ण सदस्यता ली।

पूरी व्याख्या पढ़ें →
Q4.रक्षाकठिन

भारतीय नौसेना की कमान के दौरान सीटीएफ 154 की गतिविधियों से लगभग कितने प्रशिक्षण घंटे तैयार हुए?

  1. A.4,800 से अधिक
  2. B.5,800 से अधिक
  3. C.6,800 से अधिक
  4. D.7,800 से अधिक
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. 7,800 से अधिक

भारतीय नौसेना के पूरे कार्यकाल में सीटीएफ 154 की गतिविधियों से 7,800 घंटे से अधिक प्रशिक्षण तैयार हुआ और इसमें 39 देशों के कर्मियों ने हिस्सा लिया।

पूरी व्याख्या पढ़ें →

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

भारतीय नौसेना ने संयुक्त समुद्री बल के किस कार्य बल की कमान संभाली थी?

संयुक्त कार्य बल 154 की, जो सीएमएफ का समर्पित बहुराष्ट्रीय समुद्री प्रशिक्षण कार्य बल है। भारत ने 11 फरवरी 2026 को कमान संभाली और 14 अक्टूबर 2026 को बहरीन के मनामा में सौंप दी।

भारत संयुक्त समुद्री बल से कब जुड़ा?

भारत 2022 में सहयोगी भागीदार के रूप में जुड़ा और 2023 में पूर्ण सदस्य बना। यह साझेदारी 47 देशों तक फैली है।

इस कार्यकाल में क्या हासिल हुआ?

20 स्टाफ एन्हांसमेंट ट्रेनिंग गतिविधियां, ऑपरेशन कंपास रोज 26-1, ऑपरेशन सदर्न रेडीनेस 26-2 और पहला एसपीएआर 2026 कार्यक्रम, जिनसे 39 देशों के कर्मियों के लिए 7,800 घंटे से अधिक प्रशिक्षण तैयार हुआ।

स्रोत

इनके लिए उपयोगी:SSCSSC CGLUPSC सिविल सेवा