मुख्य सामग्री पर जाएं
GK24
पर्यावरण और पारिस्थितिकीआसानपूछा गया: CTET · Paper II Maths & Science, 21 Jan 2024

निम्नलिखित में से कौन-सी गैसें अम्ल वर्षा के लिए उत्तरदायी हैं? (a) नाइट्रोजन (b) ऑक्सीजन (c) ओज़ोन (d) सल्फर डाइऑक्साइड (e) नाइट्रिक ऑक्साइड

  1. A.(d) और (e)
  2. B.(a) और (b)
  3. C.(b) और (c)
  4. D.(c) और (d)

सही उत्तर

A. (d) और (e)

व्याख्या

सही उत्तर है A, (d) और (e)। सल्फर डाइऑक्साइड और नाइट्रिक ऑक्साइड ही अम्ल वर्षा के लिए ज़िम्मेदार गैसें हैं। बिजलीघरों, कारखानों और वाहनों में कोयला, पेट्रोल और डीज़ल जलने पर सल्फर डाइऑक्साइड और नाइट्रिक ऑक्साइड जैसे नाइट्रोजन के ऑक्साइड निकलते हैं। ये गैसें बादलों की पानी की बूँदों में घुलकर सल्फ्यूरिक अम्ल और नाइट्रिक अम्ल बनाती हैं, जो वर्षा के साथ नीचे आते हैं। अम्ल वर्षा फसलों, मिट्टी, झीलों और जंगलों को नुकसान पहुँचाती है और इमारतों व स्मारकों को गला देती है। NCERT की कक्षा 8 की विज्ञान की किताब बताती है कि अम्ल वर्षा आगरा के ताजमहल के सफेद संगमरमर को गला रही है, जिसे संगमरमर कैंसर कहते हैं, और इसके स्रोतों में आगरा के आसपास के उद्योग तथा मथुरा रिफाइनरी शामिल हैं। B गलत है क्योंकि नाइट्रोजन और ऑक्सीजन हवा की मुख्य और हानिरहित गैसें हैं। C गलत है क्योंकि ऑक्सीजन और ओज़ोन वे अम्ल नहीं बनातीं जो अम्ल वर्षा में गिरते हैं। D गलत है क्योंकि इसमें सल्फर डाइऑक्साइड के साथ ओज़ोन जोड़ी गई है, जो अम्ल वर्षा का कारण नहीं है। परीक्षा टिप: अम्ल वर्षा – सल्फर डाइऑक्साइड और नाइट्रोजन के ऑक्साइड; संगमरमर कैंसर – ताजमहल।

सभी देखें
Q1.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: CDS · CDS-II 2017, GKमध्यम

निम्नलिखित में से कौन-सा राष्ट्रीय वायु गुणवत्ता सूचकांक में शामिल नहीं है?

  1. A.सल्फर
  2. B.नाइट्रोजन डाइऑक्साइड
  3. C.सीसा (लेड)
  4. D.मीथेन
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. मीथेन

भारत के राष्ट्रीय वायु गुणवत्ता सूचकांक की गणना में मीथेन शामिल नहीं है। राष्ट्रीय वायु गुणवत्ता सूचकांक 2014 में स्वच्छ भारत अभियान के तहत शुरू किया गया था और इसे केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड चलाता है।

Q2.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKमध्यम

राष्ट्रीय हरित अधिकरण के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही नहीं है?

  1. A.इसकी स्थापना वर्ष 2010 में हुई थी।
  2. B.यह पर्यावरण संरक्षण और वनों के संरक्षण से जुड़े मामलों के प्रभावी और शीघ्र निपटारे में लगा है।
  3. C.यह व्यक्तियों और संपत्ति को हुई क्षति के लिए राहत और मुआवजा देने पर विचार कर सकता है।
  4. D.यह सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 में निर्धारित प्रक्रियाओं से बँधा है।
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. यह सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 में निर्धारित प्रक्रियाओं से बँधा है।

राष्ट्रीय हरित अधिकरण सिविल प्रक्रिया संहिता से बँधा नहीं है; यह प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों से निर्देशित होता है। NGT की स्थापना 18 अक्टूबर 2010 को राष्ट्रीय हरित अधिकरण अधिनियम, 2010 के तहत हुई, जो अनुच्छेद 21 के स्वस्थ पर्यावरण के अधिकार से जुड़ा है।

Q3.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: CDS · CDS-I 2018, GKकठिन

भारत की 2017-2031 की राष्ट्रीय वन्यजीव कार्ययोजना (NWAP) के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. यह तीसरी राष्ट्रीय वन्यजीव कार्ययोजना है।

2. यह NWAP अनूठी है क्योंकि पहली बार भारत ने वन्यजीवों पर जलवायु परिवर्तन के प्रभाव से जुड़ी चिंताओं को मान्यता दी है।

3. इस NWAP के दस घटक हैं।

ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

  1. A.केवल 1
  2. B.केवल 1 और 2
  3. C.केवल 2 और 3
  4. D.1, 2 और 3
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. केवल 1 और 2

2017-2031 की योजना भारत की तीसरी राष्ट्रीय वन्यजीव कार्ययोजना है और वन्यजीवों पर जलवायु परिवर्तन के प्रभाव को संबोधित करने वाली पहली योजना है, पर इसके दस नहीं, पाँच घटक हैं।

Q4.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKमध्यम

निम्नलिखित में से कौन-सी विधि शहरी वर्षा जल संचयन के लिए उपयुक्त नहीं है?

  1. A.छत पुनर्भरण गड्ढा (रूफटॉप रिचार्ज पिट)
  2. B.पुनर्भरण कुएँ
  3. C.गली प्लग
  4. D.पुनर्भरण खाई (रिचार्ज ट्रेंच)
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. गली प्लग

गली प्लग पहाड़ी और ग्रामीण क्षेत्रों में किसी प्राकृतिक नाले या धारा के आर-पार बनाया जाने वाला छोटा अवरोध है, इसलिए शहर में इसका उपयोग नहीं होता।

Q5.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKआसान

जैव-सुरक्षा प्रोटोकॉल के लिए प्रसिद्ध कार्टाजेना शहर कहाँ स्थित है?

  1. A.कोलंबिया
  2. B.वेनेज़ुएला
  3. C.ब्राज़ील
  4. D.गुयाना
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. कोलंबिया

कार्टाजेना कोलंबिया के कैरिबियाई तट पर स्थित बंदरगाह शहर है, जहाँ 1999 में जैव-सुरक्षा प्रोटोकॉल पर वार्ता हुई थी। कार्टाजेना जैव-सुरक्षा प्रोटोकॉल 1992 के जैव विविधता अभिसमय का एक पूरक समझौता है।