सहकारी क्षेत्र में विकेंद्रीकृत अनाज भंडारण योजना की कार्यान्वयन एजेंसी कौन है?
- A.भारतीय खाद्य निगम
- B.राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम
- C.नाबार्ड
- D.भंडारण विकास एवं विनियामक प्राधिकरण
सही उत्तर
B. राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम
व्याख्या
सही उत्तर राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम है। पृष्ठभूमि रिपोर्ट इसे योजना की कार्यान्वयन एजेंसी बताती है, जिसे राष्ट्रीय, राज्य और जिला स्तर पर समन्वय से सहयोग मिलता है, अर्थात अंतर-मंत्रालयी समिति, राष्ट्रीय स्तरीय समन्वय समिति तथा राज्य और जिला सहकारी विकास समितियां। बाकी तीनों विकल्प इसी दस्तावेज में दूसरी भूमिकाओं के साथ आते हैं और इसीलिए अच्छे भ्रम बनते हैं। भारतीय खाद्य निगम को योजना के तहत बने पात्र गोदामों को सुनिश्चित किराये पर लेने की अनुमति दी गई है। नाबार्ड कृषि विपणन अवसंरचना योजना के तहत सब्सिडी पहुंचाने वाली एजेंसी है और विशेष पुनर्वित्त सुविधा भी देता है। भंडारण विकास एवं विनियामक प्राधिकरण वे मानक देता है जिनका पालन भंडारण संरचनाओं को करना होता है। छात्रों को हर नाम के साथ उसकी भूमिका याद रखनी चाहिए।
पूरा लेख पढ़ें: अनाज भंडारण योजना: जुलाई 2026 तक 313 पैक्स में गोदाम तैयार
अभ्यास प्रश्न
जुलाई 2026 तक इस योजना के तहत कितने पैक्स में गोदाम का निर्माण पूरा हो चुका था?
- A.11
- B.313
- C.521
- D.1012
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 313
व्याख्या
सही उत्तर 313 है। पृष्ठभूमि रिपोर्ट बताती है कि जुलाई 2026 तक देश भर में इतने पैक्स में गोदाम का निर्माण पूरा हो चुका था, जिससे 1.80 लाख मीट्रिक टन से अधिक भंडारण क्षमता बनी। विकल्प घ सबसे बड़ा जाल है, क्योंकि 1012 भी जुलाई 2026 का ही आंकड़ा है, पर वह योजना के तहत चिह्नित पैक्स या सहकारी समितियों की संख्या है, पूर्ण निर्माण वाली नहीं। विकल्प क पायलट चरण का है, जिसमें 11 राज्यों के 11 पैक्स में गोदाम पूरे हुए थे और 9,750 मीट्रिक टन क्षमता बनी थी, तथा पायलट 31 मई 2023 को शुरू हुआ था। विकल्प ग गढ़ा हुआ है। चिह्नित और पूर्ण के बीच का यह अंतर ठीक वही चीज है जिसे परीक्षक जांचता है, इसलिए तीनों आंकड़े क्रम से याद रखें।
इस योजना के तहत पैक्स के लिए प्रभावी ऋण ब्याज दर घटकर कितनी रह जाती है?
- A.1 प्रतिशत
- B.3 प्रतिशत
- C.4 प्रतिशत
- D.7 प्रतिशत
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सही उत्तर: A. 1 प्रतिशत
व्याख्या
सही उत्तर 1 प्रतिशत है। योजना में भाग लेने वाली सहकारी समितियों का वित्तीय बोझ घटाने के लिए नाबार्ड की विशेष पुनर्वित्त सुविधा का उपयोग होता है, और जब इसे कृषि अवसंरचना कोष के तहत मिलने वाले 3 प्रतिशत ब्याज अनुदान के साथ जोड़ा जाता है, तो पैक्स के लिए प्रभावी ऋण ब्याज दर घटकर 1 प्रतिशत रह जाती है। विकल्प ख सबसे मजबूत भ्रम है, क्योंकि 3 प्रतिशत स्वयं ब्याज अनुदान है, वह दर नहीं जो समिति अंत में चुकाती है। विकल्प ग और घ का दस्तावेज में उल्लेख नहीं है। इसके साथ दो और वित्तीय उपाय याद रखने योग्य हैं, क्योंकि कृषि विपणन अवसंरचना योजना की सब्सिडी 25 प्रतिशत से बढ़ाकर 33.33 प्रतिशत की गई और मार्जिन मनी की जरूरत घटाकर 10 प्रतिशत कर दी गई, तथा गोदाम निर्माण की लागत मानक भी संशोधित हुए।
विशेष अभियान 3 में केंद्र सरकार के पेंशनभोगियों की शिकायतों के लिए कौन सा पोर्टल प्रयोग हुआ?
- A.सीपीजीआरएएमएस
- B.सीपीईएनजीआरएएमएस
- C.भविष्य
- D.अनुभव
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सही उत्तर: B. सीपीईएनजीआरएएमएस
व्याख्या
सही उत्तर सीपीईएनजीआरएएमएस है। विज्ञप्ति में लिखा है कि मंत्रालयों द्वारा पहचाने गए लक्षित मामलों के अलावा इस पोर्टल पर एक महीने से अधिक समय से लंबित शिकायतें भी तैयारी चरण में समाधान के लिए ली गईं। इसमें यह भी कहा गया है कि सुलझाए गए अधिकांश मामले ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले पेंशनभोगियों और पारिवारिक पेंशनभोगियों से जुड़े हैं, और ग्रामीण इलाकों से इसी पोर्टल तथा मंत्रालयों के अन्य पोर्टलों के जरिए ऑनलाइन शिकायतें आने से डिजिटल विभाजन कम हो रहा है। विकल्प क सबसे मजबूत भ्रामक विकल्प है, क्योंकि दोनों नामों में बहुत थोड़ा अंतर है और वह व्यापक जन शिकायत पोर्टल है, जबकि यहां नामित पोर्टल विशेष रूप से पेंशन से जुड़ा है। विकल्प ग और विकल्प घ पेंशनभोगियों से जुड़ी असली पहलें हैं, इसीलिए उन्हें यहां रखा गया है, पर वे इस विज्ञप्ति का पोर्टल नहीं हैं।
पेंशन शिकायतों के समाधान का विशेष अभियान 3 किन तिथियों के बीच चला?
- A.1 जुलाई 2026 से 30 सितंबर 2026
- B.7 जुलाई 2026 से 31 अगस्त 2026
- C.2 अक्टूबर 2026 से 31 अक्टूबर 2026
- D.1 अप्रैल 2026 से 31 अगस्त 2026
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 7 जुलाई 2026 से 31 अगस्त 2026
व्याख्या
सही उत्तर 7 जुलाई 2026 से 31 अगस्त 2026 है। पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग ने लंबे समय से लंबित पेंशन शिकायतों, दावों और समस्याओं के समय पर तथा गुणवत्तापूर्ण समाधान के लिए पहली तिथि को विशेष अभियान 3 शुरू किया और यह दूसरी तिथि को संपन्न हुआ। इसमें तैयारी चरण था, जिसमें लंबित मामलों की पहचान हुई, और कार्यान्वयन चरण था, जिसमें विभाग ने मंत्रालयों के साथ समन्वय किया तथा बीच में दो समीक्षा बैठकें कीं। विकल्प क और विकल्प ग ऐसी साफ-सुथरी अवधियां देते हैं जो अभियानों में अक्सर दिखती हैं, इसलिए केवल मौसम याद रखने वाले छात्र को ये सही लगती हैं। विकल्प घ शुरुआत को वित्त वर्ष के आरंभ तक खींच देता है जबकि समापन तिथि सही रखता है, और यह उनके लिए जाल है जिन्हें दोनों में से केवल एक तिथि याद है। ऐसे अभियान 2024 से हर वर्ष चलाए जा रहे हैं।
विशेष अभियान 3 के तहत कितनी लंबित पेंशन शिकायतों का समाधान किया गया?
- A.1,062
- B.2,131
- C.2,306
- D.3,193
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 2,306
व्याख्या
सही उत्तर 2,306 है। विज्ञप्ति के अनुसार चालीस मंत्रालयों और विभागों के समन्वित प्रयासों से इतने मामलों का सफलतापूर्वक समाधान हुआ और समाधान की दर बहत्तर प्रतिशत रही। यहां हर गलत विकल्प भी इसी विज्ञप्ति का असली आंकड़ा है, और यही बात इस प्रश्न को ध्यान से पढ़ने की अच्छी परीक्षा बनाती है। विकल्प क तैयारी चरण में मंत्रालयों और विभागों द्वारा पहचाने गए लक्षित मामलों की संख्या है। विकल्प ख उन शिकायतों की संख्या है जो सीपीईएनजीआरएएमएस पोर्टल पर एक महीने से अधिक समय से लंबित थीं और इसी चरण में समाधान के लिए ली गईं। विकल्प घ हाथ में लिए गए कुल मामलों की संख्या है, जबकि सही उत्तर उस कुल का वह हिस्सा है जिसका वास्तव में समाधान हुआ। इसे भिन्न की तरह याद रखें: कुल मामलों में से सुलझे मामले, और दर बहत्तर प्रतिशत। शेष पर अनुवर्ती कार्रवाई जारी है।