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GK24
सामान्य विज्ञानआसानपूछा गया: RRB ALP · CBT-1, 25 Nov 2024, Shift 1

इलेक्ट्रिक प्रेस (इस्त्री), इलेक्ट्रिक टोस्टर, इलेक्ट्रिक ओवन, इलेक्ट्रिक केतली और इलेक्ट्रिक हीटर जैसे उपकरण विद्युत धारा के किस प्रभाव पर आधारित हैं?

  1. A.रासायनिक प्रभाव
  2. B.चुंबकीय प्रभाव
  3. C.शारीरिक (फिजियोलॉजिकल) प्रभाव
  4. D.तापीय (ऊष्मीय) प्रभाव

सही उत्तर

D. तापीय (ऊष्मीय) प्रभाव

व्याख्या

सही उत्तर है D, तापीय (ऊष्मीय) प्रभाव। इस्त्री, टोस्टर, ओवन, केतली और हीटर में अधिक प्रतिरोध वाली कुंडली से धारा बहने पर विद्युत ऊर्जा ऊष्मा में बदल जाती है। इसे जूल का तापन नियम समझाता है: उत्पन्न ऊष्मा H = I²Rt, यानी ऊष्मा धारा के वर्ग, प्रतिरोध और समय के अनुपात में बढ़ती है। हीटर की कुंडली नाइक्रोम (निकेल और क्रोमियम की मिश्रधातु) से बनती है, क्योंकि इसका प्रतिरोध अधिक होता है और लाल गर्म होने पर भी यह न पिघलती है, न आसानी से ऑक्सीकृत होती है। बिजली का फ्यूज़ और फिलामेंट वाला बल्ब भी इसी प्रभाव पर काम करते हैं। A गलत है क्योंकि धारा का रासायनिक प्रभाव विद्युत लेपन और बैटरी चार्ज करने में काम आता है। B गलत है क्योंकि चुंबकीय प्रभाव से बिजली की घंटी, पंखे, मोटर और विद्युत चुंबक चलते हैं। C गलत है क्योंकि शारीरिक प्रभाव वह झटका या मांसपेशियों की ऐंठन है जो धारा जीवित शरीर में पैदा करती है। परीक्षा टिप: H = I²Rt; हीटर कुंडली = नाइक्रोम, बल्ब फिलामेंट = टंगस्टन, फ्यूज़ तार = कम गलनांक वाली टिन-सीसा मिश्रधातु।

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Q1.सामान्य विज्ञानपूछा गया: CDS · CDS-I 2017, GKआसान

यह तथ्य कि ग्रह सूर्य के चारों ओर वृत्तों में नहीं, बल्कि दीर्घवृत्तों में घूमते हैं, सबसे पहले किसने प्रदर्शित किया?

  1. A.गैलीलियो
  2. B.मार्टिन लूथर
  3. C.योहानेस केप्लर
  4. D.कॉपरनिकस
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. योहानेस केप्लर

1609 में केप्लर ने दिखाया कि ग्रह सूर्य के चारों ओर दीर्घवृत्ताकार कक्षाओं में घूमते हैं और सूर्य उस दीर्घवृत्त की एक नाभि पर होता है।

Q2.सामान्य विज्ञानपूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKआसान

निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?

  1. A.यूरिया यकृत में बनता है।
  2. B.यूरिया रक्त में बनता है।
  3. C.यूरिया स्टार्च के पाचन से बनता है।
  4. D.यूरिया फेफड़े और वृक्क में बनता है।
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. यूरिया यकृत में बनता है।

यकृत की कोशिकाएँ अमीनो अम्लों के टूटने से निकले विषैले अमोनिया को ऑर्निथीन चक्र, जिसे यूरिया चक्र भी कहते हैं, के द्वारा यूरिया में बदलती हैं।

Q3.सामान्य विज्ञानपूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKमध्यम

संयुक्त सूक्ष्मदर्शी में प्रकाश के गमन का सही क्रम निम्नलिखित में से कौन-सा है?

  1. A.संघनित्र-अभिदृश्यक लेंस-नेत्रिका-देह नलिका
  2. B.अभिदृश्यक लेंस-संघनित्र-देह नलिका-नेत्रिका
  3. C.संघनित्र-अभिदृश्यक लेंस-देह नलिका-नेत्रिका
  4. D.नेत्रिका-अभिदृश्यक लेंस-देह नलिका-दर्पण
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. संघनित्र-अभिदृश्यक लेंस-देह नलिका-नेत्रिका

प्रकाश संघनित्र से होकर नमूने तक जाता है, अभिदृश्यक लेंस उसे ग्रहण करता है, फिर वह देह नलिका से ऊपर जाकर नेत्रिका के रास्ते आँख तक पहुँचता है।

Q4.सामान्य विज्ञानपूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKआसान

हीमोग्लोबिन के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?

  1. A.आरबीसी में उपस्थित हीमोग्लोबिन केवल ऑक्सीजन ले जा सकता है, कार्बन डाइऑक्साइड नहीं।
  2. B.आरबीसी का हीमोग्लोबिन ऑक्सीजन और कार्बन डाइऑक्साइड दोनों ले जा सकता है।
  3. C.आरबीसी का हीमोग्लोबिन केवल कार्बन डाइऑक्साइड ले जा सकता है।
  4. D.हीमोग्लोबिन का उपयोग केवल रक्त के थक्का बनने में होता है, गैसों को ले जाने में नहीं।
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. आरबीसी का हीमोग्लोबिन ऑक्सीजन और कार्बन डाइऑक्साइड दोनों ले जा सकता है।

यह अपने लौह-युक्त हीम समूहों पर ऑक्सीजन बाँधता है और अपनी प्रोटीन शृंखलाओं पर कुछ कार्बन डाइऑक्साइड ले जाता है।

Q5.सामान्य विज्ञानपूछा गया: CDS · CDS-I 2019, GKआसान

हिस्टोन प्रोटीनों के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?

  1. A.हिस्टोन ऐसे प्रोटीन हैं जो माइटोकॉन्ड्रिया की झिल्ली में पाए जाते हैं।
  2. B.हिस्टोन ऐसे प्रोटीन हैं जो केंद्रक में डीएनए के साथ जुड़े हुए पाए जाते हैं।
  3. C.हिस्टोन साइटोसोल में लिपिडों से जुड़े प्रोटीन हैं।
  4. D.हिस्टोन साइटोसोल में कार्बोहाइड्रेटों से जुड़े प्रोटीन हैं।
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. हिस्टोन ऐसे प्रोटीन हैं जो केंद्रक में डीएनए के साथ जुड़े हुए पाए जाते हैं।

यूकैरियोटिक कोशिकाओं के केंद्रक में डीएनए इन्हीं प्रोटीनों के चारों ओर लिपटकर क्रोमैटिन बनाता है। हिस्टोन छोटे क्षारीय प्रोटीन हैं जिनमें धनावेशित अमीनो अम्ल लाइसिन और आर्जिनिन अधिक होते हैं, जो डीएनए के ऋणावेशित फॉस्फेट समूहों को आकर्षित करते हैं।