31 मार्च 2026 तक आईआईपीए की कितनी क्षेत्रीय और स्थानीय शाखाएं थीं?
- A.26 क्षेत्रीय और 43 स्थानीय
- B.43 क्षेत्रीय और 26 स्थानीय
- C.13 क्षेत्रीय और 45 स्थानीय
- D.35 क्षेत्रीय और 30 स्थानीय
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर 26 क्षेत्रीय शाखाएं और 43 स्थानीय शाखाएं है। विकल्प B में दोनों संख्याएं आपस में बदल दी गई हैं, जो ऐसे प्रश्नों का सबसे आम रूप है, इसलिए क्रम याद रखना जरूरी है: क्षेत्रीय शाखाएं कम हैं और स्थानीय शाखाएं अधिक। विकल्प C उसी रिपोर्ट के दूसरे हिस्से के आंकड़े उठाता है, जहां वर्ष में 45 शोध परियोजनाएं पूरी हुईं और 13 अध्ययन जारी थे। विकल्प D बैठक में रखे किसी आंकड़े से मेल नहीं खाता। शाखा नेटवर्क मंत्री के तर्क का केंद्र है, क्योंकि वे इन क्षेत्रीय एवं स्थानीय शाखाओं को मजबूत करके व्यापक भागीदारी, पेशेवर जुड़ाव और ज्ञान प्रसार का माध्यम बनाना चाहते हैं, जिससे क्षमता निर्माण राजधानी से बाहर के अधिकारियों तक पहुंचे। वर्ष में 130 प्रशिक्षण कार्यक्रम हुए, जिनमें 35 राज्य अधिकारियों के लिए थे।
पूरा लेख पढ़ें: आईआईपीए की 72वीं आमसभा, सदस्यता 11,611 पहुंची
अभ्यास प्रश्न
भारतीय लोक प्रशासन संस्थान के अध्यक्ष कौन हैं, जिनकी उपस्थिति में 72वीं वार्षिक आमसभा को संबोधित किया गया?
- A.भारत के राष्ट्रपति
- B.भारत के उपराष्ट्रपति श्री सी. पी. राधाकृष्णन
- C.डॉ. जितेंद्र सिंह
- D.कैबिनेट सचिव
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सही उत्तर भारत के उपराष्ट्रपति श्री सी. पी. राधाकृष्णन हैं, जो भारतीय लोक प्रशासन संस्थान के अध्यक्ष पद पर हैं और 72वीं वार्षिक आमसभा के संबोधन के समय उपस्थित थे।
पूरी व्याख्या पढ़ें →72वीं वार्षिक आमसभा में बताई गई भारतीय लोक प्रशासन संस्थान की सदस्यता कितनी है?
- A.9,611
- B.10,116
- C.11,611
- D.16,111
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संस्थान की सदस्यता इसी आंकड़े तक पहुंची है और मंत्री ने बताया कि सदस्यता के ढांचे को व्यापक किया गया है, जिससे युवा पेशेवर और हाल के स्नातक भी जुड़ सकें।
पूरी व्याख्या पढ़ें →भारतीय लोक प्रशासन संस्थान की स्थापना किस वर्ष हुई थी?
- A.1947
- B.1950
- C.1954
- D.1959
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72वीं वार्षिक आमसभा में बोलते हुए मंत्री ने इसी वर्ष हुई स्थापना से संस्थान की यात्रा का उल्लेख किया और सरदार वल्लभभाई पटेल की विरासत तथा राष्ट्र निर्माण में सिविल सेवाओं की भूमिका का स्मरण किया।
पूरी व्याख्या पढ़ें →'सरदार कथा' कार्यक्रम में कौन से उपराज्यपाल अतिथियों में शामिल थे?
- A.तरणजीत सिंह संधू, दिल्ली के उपराज्यपाल
- B.मनोज सिन्हा, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल
- C.प्रफुल्ल पटेल, दादरा और नगर हवेली के प्रशासक
- D.आर. के. माथुर, लद्दाख के उपराज्यपाल
उत्तर देखें
सही उत्तर तरणजीत सिंह संधू, दिल्ली के उपराज्यपाल हैं, जो अन्य आमंत्रित अतिथियों के साथ उपराष्ट्रपति भवन के इस कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
पूरी व्याख्या पढ़ें →उपराष्ट्रपति के संबोधन के अनुसार स्वतंत्रता के समय कितनी रियासतों को भारतीय संघ में मिलाना था?
- A.350 से अधिक
- B.450 से अधिक
- C.550 से अधिक
- D.650 से अधिक
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वर्ष 1947 की स्थिति याद करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि विभाजन ने देश को अनिश्चय में डाल दिया था और इतनी रियासतों को भारतीय संघ में मिलाना था, जिसे सरदार पटेल ने दृढ़ संकल्प, समझाने की क्षमता, प्रशासनिक कौशल और राजनीतिक सूझबूझ से पूरा किया।
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