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GK क्विजपर्यावरण और पारिस्थितिकी

पर्यावरण और पारिस्थितिकी मिश्रित क्विज: सेट 35

  • 20 प्रश्न
  • 20 मिनट
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इस क्विज के बारे में

पर्यावरण और पारिस्थितिकी मिश्रित क्विज़ (सेट 35) में 20 बहुविकल्पीय प्रश्न हैं, जो इस विषय के 10 अलग-अलग टॉपिक से लिए गए हैं: पक्षी अभयारण्य और समुद्री संरक्षित क्षेत्र, संयुक्त राष्ट्र जलवायु सम्मेलन (कॉप) और उनके परिणाम, जैविक खेती, कीटनाशक और पर्यावरण और अन्य। इनमें से 3 प्रश्न पिछले वर्षों की वास्तविक परीक्षाओं में पूछे जा चुके हैं। टॉपिक-वार क्विज़ एक अध्याय की जाँच करता है, जबकि यह सेट पूरे विषय को एक साथ दोहराता है, जैसा परीक्षा में होता है जहाँ अगला प्रश्न किसी भी अध्याय से आ सकता है। हर प्रश्न के साथ सही विकल्प की और बाकी विकल्पों के गलत होने की व्याख्या दी गई है। समय का पालन करते हुए हल करें, अंत में व्याख्याएँ पढ़ें और जिस टॉपिक में गलती हुई उसके नोट्स दोबारा पढ़ें।

इस क्विज के प्रश्न

20 प्रश्न उत्तर और व्याख्या सहित

Q1.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

रामसर अभिसमय, जिसके अधीन अंतरराष्ट्रीय महत्व की आर्द्रभूमियाँ अभिहित होती हैं, किस वर्ष हस्ताक्षरित हुआ?

  1. A.1968
  2. B.1971
  3. C.1979
  4. D.1992
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 1971

व्याख्या

सही उत्तर B, 1971 है। आर्द्रभूमि अभिसमय 1971 में ईरान के रामसर नगर में हस्ताक्षरित हुआ, इसी कारण उसके अधीन अभिहित स्थलों को रामसर स्थल कहते हैं; वह 1975 में प्रवृत्त हुआ, भारत 1982 में उसका पक्षकार बना, और हस्ताक्षर की तिथि के उपलक्ष्य में 2 फरवरी को विश्व आर्द्रभूमि दिवस मनाया जाता है। विकल्प A गलत है क्योंकि 1968 इन प्रश्नपत्रों में पूछी जाने वाली किसी प्रमुख संरक्षण संधि से जुड़ा नहीं है। विकल्प C गलत है क्योंकि 1979 बॉन में हस्ताक्षरित प्रवासी प्रजाति अभिसमय का वर्ष है, जो आर्द्रभूमियों के स्थान पर प्रवासी जंतुओं से संबंधित है। विकल्प D गलत है क्योंकि 1992 रियो डी जनेरियो के पृथ्वी शिखर सम्मेलन का वर्ष है, जिससे जैवविविधता अभिसमय तथा जलवायु परिवर्तन अभिसमय निकले। इसी प्रकार 1973 में वाशिंगटन का साइटिस अभिसमय संकटग्रस्त प्रजातियों के व्यापार से संबंधित है, और इन चारों वर्षों को अलग-अलग याद रखना चाहिए।

Q2.पर्यावरण और पारिस्थितिकीआसान

जलवायु परिवर्तन पर संयुक्त राष्ट्र फ्रेमवर्क अभिसमय किस सम्मेलन में हस्ताक्षर के लिए खोला गया?

  1. A.मानव पर्यावरण पर स्टॉकहोम सम्मेलन, 1972
  2. B.रियो डी जेनेरो का पृथ्वी शिखर सम्मेलन, 1992
  3. C.सतत विकास पर विश्व शिखर सम्मेलन, जोहानसबर्ग, 2002
  4. D.ओजोन परत पर मॉन्ट्रियल सम्मेलन, 1987
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. रियो डी जेनेरो का पृथ्वी शिखर सम्मेलन, 1992

व्याख्या

सही उत्तर B, 1992 का रियो डी जेनेरो पृथ्वी शिखर सम्मेलन है। जून 1992 में हुआ पर्यावरण एवं विकास पर संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन, जिसे पृथ्वी शिखर सम्मेलन कहा जाता है, तीन समझौते हस्ताक्षर के लिए खोल गया: जलवायु अभिसमय, जैव विविधता अभिसमय और एजेंडा 21। जलवायु अभिसमय 21 मार्च 1994 को प्रभाव में आया और उसका वार्षिक पक्षकार सम्मेलन 1995 में बर्लिन से शुरू हुआ। A यानी 1972 का स्टॉकहोम सम्मेलन पहला विश्व पर्यावरण सम्मेलन था और उससे संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम बना, जो जलवायु अभिसमय से बीस वर्ष पहले की बात है। C यानी 2002 का जोहानसबर्ग शिखर सम्मेलन रियो की प्रतिबद्धताओं की समीक्षा थी, उसने कोई नया अभिसमय नहीं खोला। D से मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल निकला, जो ओजोन क्षयकारी पदार्थों से जुड़ा है, ग्रीनहाउस गैस लक्ष्यों से नहीं।

Q3.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

2013 में कॉप19 में स्थापित वारसॉ अंतरराष्ट्रीय तंत्र किस विषय से संबंधित है?

  1. A.जलवायु प्रभावों से हानि एवं क्षति
  2. B.कार्बन बाजार और क्रेडिट व्यापार
  3. C.वन प्रमाणन और इमारती लकड़ी का व्यापार
  4. D.ओजोन क्षयकारी पदार्थों का मापन
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. जलवायु प्रभावों से हानि एवं क्षति

व्याख्या

सही उत्तर A, जलवायु प्रभावों से हानि एवं क्षति है। शमन और अनुकूलन के बाद हानि एवं क्षति जलवायु नीति का तीसरा स्तंभ है और उस नुकसान को समेटती है जिसे अब रोका नहीं जा सकता: समुद्र में समाई भूमि, चरम घटना से नष्ट फसल, रहने लायक न बचा द्वीप। छोटे द्वीपीय देश वर्षों से इसके लिए संस्था मांग रहे थे, और 2013 का वारसॉ तंत्र पहली संस्था थी। समर्पित निधि 2022 में शर्म अल-शेख में तय हुई और 2023 में दुबई में स्थापित हुई। B क्योटो के तंत्रों तथा पेरिस समझौते के अनुच्छेद 6 के अधीन आता है। C रेड-प्लस और अभिसमय से बाहर के वन प्रमाणन निकायों का विषय है। D मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल का काम है, जो ओजोन परत पर अलग समझौता है।

Q4.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: SSC CHSL · 17 March 2020, Shift 3मध्यम

बनकापुर मोर अभयारण्य किस राज्य में स्थित है?

  1. A.राजस्थान
  2. B.महाराष्ट्र
  3. C.मध्य प्रदेश
  4. D.कर्नाटक
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. कर्नाटक

व्याख्या

सही उत्तर D, कर्नाटक है। बनकापुर मोर अभयारण्य कर्नाटक के हावेरी जिले में बनकापुर किले के खंडहरों के भीतर है और भारत के उन अत्यंत कम संरक्षित क्षेत्रों में एक है जो विशेष रूप से राष्ट्रीय पक्षी भारतीय मोर के लिए अधिसूचित हैं। विकल्प A गलत है क्योंकि राजस्थान में मोर बहुत होते हुए भी इस अध्याय में उसे भरतपुर के केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान तथा मरु राष्ट्रीय उद्यान के लिए याद रखा जाता है, किसी मोर अभयारण्य के लिए नहीं। विकल्प B गलत है क्योंकि इस अध्याय में महाराष्ट्र के नाम मालवण समुद्री अभयारण्य तथा कोंकण तट के मैंग्रोव क्षेत्र हैं। विकल्प C गलत है क्योंकि मध्य प्रदेश कान्हा तथा बांधवगढ़ जैसे बाघ आरक्षित क्षेत्रों और राष्ट्रीय चंबल अभयारण्य से जुड़ा है, मोर अभयारण्य से नहीं।

Q5.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

भारत के पक्षी मानव कहे जाने वाले सलीम अली निम्नलिखित में से किससे संबंधित हैं?

  1. A.द बुक ऑफ इंडियन बर्ड्स
  2. B.केवल साइलेंट वैली
  3. C.चिपको आंदोलन
  4. D.प्रोजेक्ट टाइगर की पहली रिपोर्ट
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. द बुक ऑफ इंडियन बर्ड्स

व्याख्या

सही उत्तर A, द बुक ऑफ इंडियन बर्ड्स है। सलीम अली ने यह मानक क्षेत्र निर्देशिका लिखी, वे पक्षी सर्वेक्षण किए जिनके आधार पर कई अभयारण्य अधिसूचित हुए, और वे दीर्घकाल तक बॉम्बे नेचुरल हिस्ट्री सोसाइटी से जुड़े रहे; कोयंबटूर का सलीम अली पक्षी विज्ञान तथा प्राकृतिक इतिहास केंद्र उनके नाम पर है। विकल्प B गलत है क्योंकि उन्होंने साइलेंट वैली बचाने के अभियान का समर्थन किया था, परंतु वह केवल एक प्रसंग है और उनकी मुख्य पहचान नहीं। विकल्प C गलत है क्योंकि गढ़वाल हिमालय का चिपको आंदोलन सुंदरलाल बहुगुणा तथा चंडी प्रसाद भट्ट से जुड़ा है और वृक्ष कटाई से संबंधित था, पक्षियों से नहीं। विकल्प D गलत है क्योंकि 1973 में आरंभ प्रोजेक्ट टाइगर के प्रथम निदेशक कैलाश सांखला थे। बॉम्बे नेचुरल हिस्ट्री सोसाइटी से उनका दीर्घ संबंध रहा और उसी के माध्यम से भारत में महत्वपूर्ण पक्षी क्षेत्रों की पहचान का कार्य आगे बढ़ा।

Q6.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: राजस्थान · 16 Sept 2018, LDC Paper 1आसान

किस जीव को सामान्यतः 'किसानों का मित्र' कहा जाता है?

  1. A.तिलचट्टा
  2. B.केंचुआ
  3. C.मधुमक्खी
  4. D.घरेलू मक्खी
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. केंचुआ

व्याख्या

सही उत्तर है B, केंचुआ। केंचुए को किसान का मित्र कहा जाता है क्योंकि उसका काम मिट्टी को फसल के लायक बनाए रखता है। बिल बनाते समय वह मिट्टी को भुरभुरा करता है जिससे हवा और पानी जड़ों तक पहुँचते हैं, और वह जो मल छोड़ता है उसमें नाइट्रोजन, फॉस्फोरस तथा पोटाश भरपूर होते हैं, इसलिए ऊपरी मिट्टी लगातार उपजाऊ बनी रहती है। इसी कारण चार्ल्स डार्विन ने केंचुओं को प्रकृति का हलवाहा कहा था। किसान इसी स्वभाव का उपयोग वर्मीकम्पोस्टिंग में करते हैं, जहाँ आइसीनिया फीटिडा जैसी प्रजातियाँ गोबर और फसल अवशेष को कुछ सप्ताह में बारीक खाद में बदल देती हैं। A गलत है क्योंकि तिलचट्टा घरेलू कीट है, जो भोजन खराब करता है और रोगाणु फैलाता है। C गलत है क्योंकि मधुमक्खी परागण और शहद के लिए उपयोगी है, पर किसान मित्र नाम उसे नहीं दिया जाता। D गलत है क्योंकि घरेलू मक्खी टाइफाइड और हैजा जैसे रोग फैलाती है। परीक्षा टिप: केंचुआ यानी किसान मित्र और प्रकृति का हल, वर्मीकम्पोस्ट में उपयोगी।

Q7.पर्यावरण और पारिस्थितिकीकठिन

साझी पर अलग-अलग जिम्मेदारियां और संबंधित क्षमताओं का सिद्धांत किस दस्तावेज में रखा गया है?

  1. A.यूएनएफसीसीसी, 1992 का अनुच्छेद 3
  2. B.मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल, 1987
  3. C.रामसर अभिसमय, 1971
  4. D.स्टॉकहोम घोषणा, 1972
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. यूएनएफसीसीसी, 1992 का अनुच्छेद 3

व्याख्या

सही उत्तर A, 1992 के यूएनएफसीसीसी का अनुच्छेद 3 है। यह अनुच्छेद पक्षकारों को निर्देश देता है कि वे समता के आधार पर तथा अपनी साझी पर अलग-अलग जिम्मेदारियों और संबंधित क्षमताओं के अनुरूप जलवायु प्रणाली की रक्षा करें, और जोड़ता है कि विकसित देश नेतृत्व करेंगे। भारत तथा अन्य विकासशील देश सभी पर एक समान बाध्यता का विरोध करने में इसी पर टिके रहते हैं। B क्लोरोफ्लोरोकार्बन तथा अन्य ओजोन क्षयकारी पदार्थों को हटाने से जुड़ा है और रियायत अवधि के रूप में भिन्न प्रकार का भेद रखता है। C आर्द्रभूमि संरक्षण की संधि है, जिस पर ईरान के रामसर नगर में हस्ताक्षर हुए। D व्यापक पर्यावरणीय सिद्धांतों की घोषणा है, जो जलवायु अभिसमय से पहले की है और जिसमें यह सूत्र नहीं है।

Q8.पर्यावरण और पारिस्थितिकीपूछा गया: मध्य प्रदेश · 21 May 2023आसान

दो पारिस्थितिक तंत्रों के बीच सीमा या संक्रमण क्षेत्र का काम करने वाला क्षेत्र क्या कहलाता है?

  1. A.पारिस्थितिक मंडल (इकोस्फीयर)
  2. B.इकोबाउंड्री
  3. C.इकोट्विन
  4. D.इकोटोन
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. इकोटोन

व्याख्या

सही उत्तर है D, इकोटोन। इकोटोन वह संक्रमण क्षेत्र है जहाँ दो भिन्न पारिस्थितिक तंत्र मिलते और घुलते-मिलते हैं, जैसे घास के मैदान और वन के बीच की पट्टी, नदी और समुद्र के बीच का ज्वारनदमुख, या थल और सागर के बीच की मैंग्रोव पट्टी। इसमें दोनों पड़ोसी समुदायों की प्रजातियाँ रहती हैं और कुछ अपनी भी, इसलिए यहाँ प्रजातियों की संख्या और घनत्व अक्सर अधिक होता है। किनारे पर प्रजातियों के इस जमाव को किनारा प्रभाव या एज इफेक्ट कहा जाता है, और जो प्रजातियाँ केवल इसी पट्टी में मिलती हैं उन्हें एज प्रजातियाँ कहते हैं। A गलत है क्योंकि इकोस्फीयर का अर्थ पृथ्वी का संपूर्ण जैविक संसार और उसका पर्यावरण है। B गलत है क्योंकि इकोबाउंड्री पारिस्थितिकी का कोई पद नहीं है। C गलत है क्योंकि इकोट्विन भी पारिस्थितिकी में प्रयुक्त शब्द नहीं है। परीक्षा टिप: इकोटोन को एज इफेक्ट से जोड़ें, और इकोटोन यानी क्षेत्र को इकोक्लाइन यानी क्रमिक प्रवणता से अलग रखें।

Q9.पर्यावरण और पारिस्थितिकीकठिन

डुगोंग या समुद्री गाय किस भारतीय समुद्री संरक्षित क्षेत्र से सर्वाधिक जुड़ी है?

  1. A.सुंदरबन राष्ट्रीय उद्यान
  2. B.मन्नार की खाड़ी
  3. C.गहिरमाथा
  4. D.भितरकनिका
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. मन्नार की खाड़ी

व्याख्या

सही उत्तर B, मन्नार की खाड़ी है। डुगोंग एक समुद्री स्तनधारी है जो समुद्री घास चरता है, और तमिलनाडु तथा श्रीलंका के बीच मन्नार की खाड़ी की समुद्री घास की क्यारियाँ भारत में उसका प्रमुख आवास हैं; मन्नार की खाड़ी 1989 में देश का प्रथम समुद्री जीवमंडल आरक्षित क्षेत्र घोषित हुई और डुगोंग वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम की अनुसूची 1 में सूचीबद्ध है। विकल्प A गलत है क्योंकि सुंदरबन मैंग्रोव वन है जिसकी पहचान बाघ तथा ज्वारनदमुखी मगर से है। विकल्प C गलत है क्योंकि गहिरमाथा को ऑलिव रिडले कछुए के लिए याद रखा जाता है। विकल्प D गलत है क्योंकि ओडिशा का भितरकनिका खारे जल के मगर तथा अपने मैंग्रोव के लिए जाना जाता है, डुगोंग के लिए नहीं। समुद्री संरक्षित क्षेत्र तीन आवासों की रक्षा करता है: समुद्री घास की क्यारियाँ, प्रवाल भित्तियाँ तथा मैंग्रोव, और डुगोंग इनमें से पहले पर निर्भर है।

Q10.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

साइटीस की किस अनुसूची में सूचीबद्ध प्रजातियों का वाणिज्यिक अंतरराष्ट्रीय व्यापार पूर्णतः प्रतिबंधित है?

  1. A.अनुसूची एक
  2. B.अनुसूची दो
  3. C.अनुसूची तीन
  4. D.अनुसूची चार
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. अनुसूची एक

व्याख्या

सही उत्तर A, अनुसूची एक है। साइटीस प्रजातियों को इस आधार पर अनुसूचियों में बांटता है कि व्यापार से उन पर कितना संकट है। अनुसूची एक में विलुप्ति के संकट वाली प्रजातियां रखी जाती हैं, जैसे बाघ, एशियाई हाथी, एक सींग वाला गैंडा और लाल पांडा, और उनके नमूनों का वाणिज्यिक अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रतिबंधित है; अपवाद स्वरूप गैर वाणिज्यिक स्थितियों में निर्यात तथा आयात दोनों अनुमति पत्रों से ही आवागमन संभव है। विकल्प B गलत है क्योंकि अनुसूची दो में वे प्रजातियां हैं जो अभी संकटग्रस्त नहीं हैं पर अनियंत्रित व्यापार से हो सकती हैं, और उनका व्यापार निर्यात अनुमति पत्र के साथ चलता रहता है। विकल्प C गलत है क्योंकि अनुसूची तीन में वे प्रजातियां हैं जिन्हें कोई एक पक्षकार अपने क्षेत्र में संरक्षित करता है और जिनके लिए उसने दूसरों का सहयोग मांगा है। विकल्प D गलत है क्योंकि साइटीस में केवल तीन अनुसूचियां हैं।

Q11.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

2021 के ग्लासगो सम्मेलन में भारत द्वारा घोषित पंचामृत में शुद्ध शून्य उत्सर्जन का लक्ष्य वर्ष क्या है?

  1. A.2050
  2. B.2060
  3. C.2070
  4. D.2080
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 2070

व्याख्या

सही उत्तर C, 2070 है। कॉप26 में भारत द्वारा घोषित पांच अमृत तत्व इस प्रकार हैं: 2030 तक पांच सौ गीगावाट गैर-जीवाश्म ऊर्जा क्षमता, 2030 तक देश की आधी ऊर्जा आवश्यकता नवीकरणीय स्रोतों से, 2030 तक अनुमानित उत्सर्जन में एक अरब टन की कमी, 2030 तक अर्थव्यवस्था की उत्सर्जन तीव्रता 2005 के स्तर से पैंतालीस प्रतिशत कम, और 2070 तक शुद्ध शून्य उत्सर्जन। A वह वर्ष है जो कई विकसित देशों तथा यूरोपीय संघ ने अपनाया है और भ्रम के लिए दिया गया है। B चीन द्वारा घोषित वर्ष है, जिसे विद्यार्थी अक्सर भारत पर चढ़ा देते हैं। D किसी प्रतिबद्धता में नहीं है। भारत का तर्क है कि बाद की तिथि समता के अनुरूप है, क्योंकि उसका प्रति व्यक्ति उत्सर्जन और ऐतिहासिक हिस्सा दोनों कम हैं।

Q12.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

1876 में खुला भारत का सबसे पुराना विधिवत स्थापित चिड़ियाघर कौन-सा है?

  1. A.राष्ट्रीय प्राणी उद्यान, दिल्ली
  2. B.अलीपुर प्राणी उद्यान, कोलकाता
  3. C.नेहरू प्राणी उद्यान, हैदराबाद
  4. D.अरिंगर अन्ना प्राणी उद्यान, चेन्नई
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. अलीपुर प्राणी उद्यान, कोलकाता

व्याख्या

सही उत्तर B, कोलकाता का अलीपुर प्राणी उद्यान है, जो 1876 में जनता के लिए खुला और इसी कारण देश का सबसे पुराना विधिवत स्थापित चिड़ियाघर है। विकल्प A गलत है क्योंकि दिल्ली का राष्ट्रीय प्राणी उद्यान 1959 का है और उसे राजधानी के लिए आदर्श चिड़ियाघर के रूप में बनाया गया था। विकल्प C गलत है क्योंकि हैदराबाद का नेहरू प्राणी उद्यान साठ के दशक में खुला और अपने सफारी बाड़ों तथा निशाचर पशु गृह के लिए जाना जाता है। विकल्प D गलत है क्योंकि चेन्नई के निकट वंडालूर का अरिंगर अन्ना प्राणी उद्यान क्षेत्रफल में भारत का सबसे बड़ा चिड़ियाघर होने पर भी 1985 में पुराने मद्रास चिड़ियाघर से स्थानांतरित होकर खुला। साथ में यह भी पूछा जाता है कि 1892 का मैसूरु चिड़ियाघर पुराने चिड़ियाघरों में दूसरा और दार्जिलिंग का चिड़ियाघर सबसे ऊंचाई वाला है।

Q13.पर्यावरण और पारिस्थितिकीकठिन

कौन आर्द्रभूमि, जो उत्तर भारत की सबसे बड़ी है, ब्यास तथा सतलुज के संगम पर स्थित है?

  1. A.हरिके
  2. B.पोंग बाँध झील
  3. C.सांभर झील
  4. D.रेणुका
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. हरिके

व्याख्या

सही उत्तर A, हरिके है। पंजाब की हरिके आर्द्रभूमि, जिसे हरि-के-पत्तन भी कहते हैं, उस स्थान पर बने बाँध से बनी है जहाँ ब्यास सतलुज में मिलती है, वह उत्तर भारत की सबसे बड़ी आर्द्रभूमि है, और जलपक्षियों से समृद्ध रामसर स्थल है। विकल्प B गलत है क्योंकि हिमाचल प्रदेश की पोंग बाँध झील ब्यास पर जलाशय है, वह भी रामसर स्थल, और पट्टशीर्ष हंस के लिए जानी जाती है, परंतु वह इस प्रकार के नदी संगम पर नहीं है। विकल्प C गलत है क्योंकि राजस्थान की सांभर भारत की सबसे बड़ी अंतःस्थलीय लवणीय झील है, जहाँ राजहंस आते हैं। विकल्प D गलत है क्योंकि हिमाचल प्रदेश की रेणुका छोटी प्राकृतिक झील तथा रामसर स्थल है, जो अपने आकार के स्थान पर तीर्थ स्थल के रूप में प्रसिद्ध है।

Q14.पर्यावरण और पारिस्थितिकीआसान

भारत का राष्ट्रीय धरोहर पशु किसे घोषित किया गया है?

  1. A.बाघ
  2. B.हाथी
  3. C.सिंह
  4. D.गंगा डॉल्फिन
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. हाथी

व्याख्या

सही उत्तर B, हाथी है, जिसे 2010 में राष्ट्रीय धरोहर पशु घोषित किया गया, भारतीय संस्कृति में उसके स्थान और उसके आवास तथा गलियारों की रक्षा की आवश्यकता को देखते हुए; उसके लिए प्रोजेक्ट एलीफेंट 1992 में ही आरंभ हो चुका था। विकल्प A गलत है क्योंकि बाघ भारत का राष्ट्रीय पशु है, जो भिन्न पदनाम है। विकल्प C गलत है क्योंकि सिंह, यद्यपि बाघ से पहले राष्ट्रीय पशु था, आज ऐसा कोई पद नहीं रखता और जंगल में केवल गुजरात के गिर वन में बचा है। विकल्प D गलत है क्योंकि गंगा नदी डॉल्फिन राष्ट्रीय जलीय जीव है, जिसकी घोषणा 2009 में हुई। मोर के राष्ट्रीय पक्षी होने के साथ इन चार पदनामों का यह समूह इस विषय में सबसे अधिक पूछे जाने वालों में है।

Q15.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

पेरिस समझौते के अंतर्गत सामूहिक प्रगति की वैश्विक समीक्षा कितने अंतराल पर होती है?

  1. A.हर वर्ष
  2. B.हर तीन वर्ष
  3. C.हर पांच वर्ष
  4. D.हर दस वर्ष
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. हर पांच वर्ष

व्याख्या

सही उत्तर C, हर पांच वर्ष है। समझौता पांच वर्षीय महत्वाकांक्षा चक्र पर चलता है: पक्षकार राष्ट्रीय निर्धारित योगदान सौंपते हैं, उन्हें लागू करते हैं, और फिर वैश्विक समीक्षा आंकती है कि शमन, अनुकूलन तथा कार्यान्वयन के साधनों पर विश्व कहां खड़ा है, जिससे अगला दौर अधिक मजबूत हो सके। पहली समीक्षा 2023 में दुबई के कॉप28 में पूरी हुई और उसने पाया कि विश्व डेढ़ डिग्री की सीमा की राह से भटका है। A स्वयं पक्षकार सम्मेलन की आवृत्ति है, और इसी प्रश्न का जाल वही है। B द्विवार्षिक पारदर्शिता रिपोर्टिंग चक्र के अधिक निकट है, वैश्विक समीक्षा का नहीं। D समझौते की किसी प्रक्रिया का अंतराल नहीं है और महत्वाकांक्षा बढ़ाने के उद्देश्य को ही निष्फल कर देगा। ध्यान रखें कि सम्मेलन हर वर्ष होता है, पर वैश्विक समीक्षा उनमें से हर पांचवें वर्ष ही आती है।

Q16.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

राष्ट्रीय वन नीति के अनुसार भारत के भौगोलिक क्षेत्र का कितना भाग वन अथवा वृक्ष आवरण के अंतर्गत होना चाहिए?

  1. A.एक पंचमांश
  2. B.एक चौथाई
  3. C.एक तिहाई
  4. D.आधा
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. एक तिहाई

व्याख्या

सही उत्तर C, एक तिहाई है। राष्ट्रीय वन नीति, सन 1952, ने यह निर्धारित किया कि देश के भौगोलिक क्षेत्र का लगभग तैंतीस प्रतिशत वन अथवा वृक्ष आवरण के अंतर्गत होना चाहिए, और उसने इस राष्ट्रीय आँकड़े को पहाड़ी तथा पर्वतीय प्रदेशों के लिए लगभग साठ प्रतिशत, जहाँ ढालों को अपरदन और भूस्खलन से बचाना है, तथा मैदानों के लिए लगभग बीस प्रतिशत में बाँटा। राष्ट्रीय वन नीति, सन 1988, ने यही लक्ष्य बनाए रखा और वन प्रबंधन का उद्देश्य राजस्व से पारिस्थितिक संतुलन की ओर मोड़ दिया। विकल्प A, एक पंचमांश, केवल मैदानों के लिए निर्धारित आँकड़ा है, इसी कारण उसे यहाँ रखा जाता है। विकल्प B, एक चौथाई, और विकल्प D, आधा, किसी भी नीति में नहीं आते। स्मरण रखने योग्य बात यह है कि यह नीति लक्ष्य है, उपलब्धि नहीं, और भारतीय वन सर्वेक्षण प्रत्येक दो वर्ष में प्रकाशित भारत वन स्थिति रिपोर्ट में मापता है कि देश वास्तव में उससे कितनी दूर है।

Q17.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

भारत में राष्ट्रीय उद्यान तथा वन्यजीव अभयारण्य किस विधि के अधीन अधिसूचित किए जाते हैं?

  1. A.भारतीय वन अधिनियम, 1927
  2. B.वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972
  3. C.पर्यावरण (संरक्षण) अधिनियम, 1986
  4. D.जैविक विविधता अधिनियम, 2002
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972

व्याख्या

सही उत्तर B, वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 है। यह अधिनियम राष्ट्रीय उद्यानों तथा वन्यजीव अभयारण्यों की घोषणा का उपबंध करता है, अपनी अनुसूचियों में संरक्षित प्रजातियाँ सूचीबद्ध करता है, और 2002 के संशोधन के बाद उसमें दो और श्रेणियाँ जुड़ीं, संरक्षण आरक्षित क्षेत्र तथा सामुदायिक आरक्षित क्षेत्र। विकल्प A गलत है क्योंकि भारतीय वन अधिनियम, 1927 आरक्षित तथा संरक्षित वनों और वन उपज के परिवहन से संबंधित है, वन्यजीव क्षेत्रों से नहीं। विकल्प C गलत है क्योंकि भोपाल दुर्घटना के बाद पारित पर्यावरण (संरक्षण) अधिनियम, 1986 प्रदूषण नियंत्रण तथा तटीय विनियमन क्षेत्र जैसी अधिसूचनाओं का छत्र विधान है। विकल्प D गलत है क्योंकि जैविक विविधता अधिनियम, 2002 जैवविविधता अभिसमय को प्रभावी करता है और उसने जैवविविधता बोर्ड तथा विरासत स्थल बनाए। इस अधिनियम की अनुसूची 1 में सूचीबद्ध प्रजातियों को सर्वोच्च संरक्षण मिलता है, जैसे बृहत् भारतीय सारंग, डुगोंग तथा साइबेरियाई सारस।

Q18.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

2004-05 में किस टाइगर रिज़र्व के सभी बाघ समाप्त पाए गए, जिसके बाद बाघ कार्यदल नियुक्त हुई?

  1. A.पन्ना
  2. B.सरिस्का
  3. C.पलामू
  4. D.डंपा
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. सरिस्का

व्याख्या

सही उत्तर है B, सरिस्का। राजस्थान के अलवर जिले के इस रिज़र्व में 2004 और 2005 में पाया गया कि एक भी बाघ शेष नहीं है, जिसका कारण अवैध शिकार और कमजोर सुरक्षा था। 2005 में नियुक्त बाघ कार्यदल ने इस विफलता की जांच की और उसकी रिपोर्ट से 2006 में सांविधिक राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण बना तथा 2008 से रणथंभौर से सरिस्का में बाघों का पहला स्थानांतरण हुआ। विकल्प A गलत है, पर यह सबसे निकट का भ्रम है: मध्य प्रदेश के पन्ना ने कुछ वर्ष बाद अपने बाघ खोए और उसे भी इसी प्रकार फिर बसाया गया, अतः दोनों आपस में बदल दिए जाते हैं। विकल्प C गलत है क्योंकि मूल नौ रिज़र्व में सम्मिलित पलामू में गिरावट आई, पर कार्यदल का कारण वह नहीं था। विकल्प D गलत है क्योंकि मिज़ोरम का डंपा इस प्रकरण से जुड़ा नहीं है।

Q19.पर्यावरण और पारिस्थितिकीकठिन

सम्मेलनों में प्रयुक्त आकलन रिपोर्ट तैयार करने वाले जलवायु परिवर्तन पर अंतर-सरकारी पैनल की स्थापना 1988 में किसने की?

  1. A.विश्व मौसम विज्ञान संगठन और संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम
  2. B.यूएनएफसीसीसी के पक्षकारों के सम्मेलन
  3. C.संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद
  4. D.विश्व बैंक और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. विश्व मौसम विज्ञान संगठन और संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम

व्याख्या

सही उत्तर A, विश्व मौसम विज्ञान संगठन और संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम है। पैनल 1988 में बना, अर्थात जलवायु अभिसमय के अस्तित्व में आने से चार वर्ष पहले, इसी कारण B गलत है: आईपीसीसी अभिसमय का अंग नहीं है, भले उसकी रिपोर्ट हर सम्मेलन का एजेंडा तय करती हैं और 1990 की पहली आकलन रिपोर्ट से सीधे अभिसमय की वार्ता निकली। पैनल स्वयं शोध नहीं करता; वह भौतिक विज्ञान, प्रभाव तथा शमन पर कार्य समूहों के जरिए प्रकाशित विज्ञान का आकलन करता है, और उसे 2007 का नोबेल शांति पुरस्कार अल गोर के साथ साझा मिला। C का जलवायु विज्ञान से कोई संबंध नहीं। D वित्तीय संस्थाएं हैं, और विश्व बैंक जलवायु निधियों की मेजबानी करता है पर उसने पैनल नहीं बनाया। इसलिए प्रश्न में 1988 का वर्ष दिखे तो उत्तर आईपीसीसी की स्थापना और उसके दो जनक संगठन ही होंगे।

Q20.पर्यावरण और पारिस्थितिकीमध्यम

सीओपी-26 में घोषित पंचामृत के अंतर्गत भारत ने गैर-जीवाश्म ऊर्जा क्षमता का कौन-सा लक्ष्य रखा?

  1. A.2022 तक 175 गीगावाट
  2. B.2030 तक 450 गीगावाट
  3. C.2030 तक 500 गीगावाट
  4. D.2047 तक 1,000 गीगावाट
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 2030 तक 500 गीगावाट

व्याख्या

सही उत्तर है C, 2030 तक 500 गीगावाट, जो 2021 में ग्लासगो के सीओपी-26 के समक्ष रखे पंचामृत का पहला संकल्प था। शेष चार थे: 2030 तक भारत की ऊर्जा आवश्यकता का आधा नवीकरणीय स्रोतों से, 2030 तक अनुमानित उत्सर्जन में एक अरब टन की कटौती, 2005 की तुलना में 2030 तक सकल घरेलू उत्पाद की उत्सर्जन तीव्रता में 45 प्रतिशत कमी, और 2070 तक नेट ज़ीरो। A गलत है क्योंकि 2022 तक 175 गीगावाट 2015 में घोषित पुराना नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्य था, जो अलग और बहुत छोटा संकल्प है। B गलत है क्योंकि 450 गीगावाट वह आँकड़ा था जिसकी बात भारत ग्लासगो से पहले करता था और यही सबसे प्रचलित भ्रम है; पंचामृत ने उसे बढ़ा दिया। D गलत है क्योंकि ग्लासगो में एक हज़ार गीगावाट का ऐसा कोई संकल्प नहीं रखा गया। ध्यान रहे कि 500 गीगावाट का लक्ष्य समस्त गैर-जीवाश्म क्षमता गिनता है, इसलिए सौर और पवन के साथ बड़ी पनबिजली तथा परमाणु भी इसमें शामिल हैं।

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