राष्ट्रीय वन नीति के अनुसार भारत के भौगोलिक क्षेत्र का कितना भाग वन अथवा वृक्ष आवरण के अंतर्गत होना चाहिए?
- A.एक पंचमांश
- B.एक चौथाई
- C.एक तिहाई
- D.आधा
सही उत्तर
C. एक तिहाई
व्याख्या
सही उत्तर C, एक तिहाई है। राष्ट्रीय वन नीति, सन 1952, ने यह निर्धारित किया कि देश के भौगोलिक क्षेत्र का लगभग तैंतीस प्रतिशत वन अथवा वृक्ष आवरण के अंतर्गत होना चाहिए, और उसने इस राष्ट्रीय आँकड़े को पहाड़ी तथा पर्वतीय प्रदेशों के लिए लगभग साठ प्रतिशत, जहाँ ढालों को अपरदन और भूस्खलन से बचाना है, तथा मैदानों के लिए लगभग बीस प्रतिशत में बाँटा। राष्ट्रीय वन नीति, सन 1988, ने यही लक्ष्य बनाए रखा और वन प्रबंधन का उद्देश्य राजस्व से पारिस्थितिक संतुलन की ओर मोड़ दिया। विकल्प A, एक पंचमांश, केवल मैदानों के लिए निर्धारित आँकड़ा है, इसी कारण उसे यहाँ रखा जाता है। विकल्प B, एक चौथाई, और विकल्प D, आधा, किसी भी नीति में नहीं आते। स्मरण रखने योग्य बात यह है कि यह नीति लक्ष्य है, उपलब्धि नहीं, और भारतीय वन सर्वेक्षण प्रत्येक दो वर्ष में प्रकाशित भारत वन स्थिति रिपोर्ट में मापता है कि देश वास्तव में उससे कितनी दूर है।
पूरा लेख पढ़ें: वन संरक्षण और सामाजिक वानिकी: नोट्स और प्रश्न
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंवन संरक्षण अधिनियम किस वर्ष अधिनियमित किया गया था?
- A.1972
- B.1976
- C.1980
- D.1984
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 1980
व्याख्या
सही उत्तर C, सन 1980 है। वन संरक्षण अधिनियम सन 1980 में इसलिए पारित हुआ कि खनन, सड़क, बाँध और नगरों के लिए वन भूमि का लगातार होता ह्रास रुके। इसका केंद्रीय प्रावधान यह है कि कोई राज्य सरकार अथवा अन्य प्राधिकारी केंद्र सरकार की पूर्व स्वीकृति के बिना न किसी आरक्षित वन का आरक्षण समाप्त कर सकता है और न वन भूमि को गैर वन प्रयोजन में ले सकता है, तथा सन 1988 के संशोधन ने प्राकृतिक रूप से उगे वृक्षों की कटाई को भी इसके दायरे में लाकर इसे और कसा। विकल्प A, सन 1972, वन्य जीव संरक्षण अधिनियम का वर्ष है, जो जीवों, शिकार और संरक्षित क्षेत्रों से संबंधित है। विकल्प B, सन 1976, वह वर्ष है जब बयालीसवें संशोधन ने संविधान में अनुच्छेद 48क तथा 51क(छ) जोड़े और वन एवं वन्य जीव को समवर्ती सूची में डाला। विकल्प D, सन 1984, भोपाल गैस त्रासदी का वर्ष है, जिसके बाद सन 1986 का पर्यावरण संरक्षण अधिनियम आया। क्रम स्मरण रखें: सन 1972 वन्य जीव, सन 1976 संवैधानिक कर्तव्य, सन 1980 वन संरक्षण और सन 1986 पर्यावरण संरक्षण।
कौन सा संप्रदाय हरे वृक्षों की रक्षा के लिए जाना जाता है?
- A.रामस्नेही
- B.बिश्नोई
- C.लालदासी
- D.निरंजनी
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. बिश्नोई
व्याख्या
सही उत्तर B, बिश्नोई है। पश्चिमी राजस्थान का बिश्नोई समुदाय पंद्रहवीं शताब्दी में गुरु जांभेश्वर द्वारा दिए उनतीस नियमों का पालन करता है, जिनमें कई हरे वृक्ष काटने और जीव वध का निषेध करते हैं, और इसी कारण मरुस्थलीय जिलों में खेजड़ी के वन और काले हिरणों के झुंड बचे हुए हैं। सन 1730 में जोधपुर के निकट खेजड़ली में अमृता देवी और बड़ी संख्या में बिश्नोई खेजड़ी वृक्षों से चिपके रहते हुए मारे गए, जिन्हें महाराजा के चूना भट्ठे के लिए काटा जा रहा था, और राष्ट्रीय अमृता देवी बिश्नोई वन्य जीव रक्षा पुरस्कार उसी बलिदान की स्मृति है। विकल्प A रामस्नेही संप्रदाय, विकल्प C लालदासी संप्रदाय और विकल्प D निरंजनी संप्रदाय, ये तीनों राजस्थान की भक्ति परंपराएँ हैं, परंतु इनमें से किसी की पहचान वृक्ष और वन्य जीव रक्षा से नहीं है। प्रश्नपत्र इस प्रश्न को गढ़वाल हिमालय के चिपको आंदोलन के साथ जोड़ते हैं, जिसने बिश्नोई उदाहरण को खुलकर अपनाया।
किस भारतीय राज्य में वन आवरण के अंतर्गत सबसे बड़ा क्षेत्र है?
- A.केरल
- B.छत्तीसगढ़
- C.अरुणाचल प्रदेश
- D.मध्य प्रदेश
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. मध्य प्रदेश
व्याख्या
सही उत्तर D, मध्य प्रदेश है। भारतीय वन सर्वेक्षण के क्रमिक आकलनों ने वन आवरण के निरपेक्ष क्षेत्र में राज्यों में मध्य प्रदेश को प्रथम रखा है, और यह स्थान उसे अपने विशाल आकार तथा सतपुड़ा, विंध्य और बघेलखंड क्षेत्रों के विस्तृत सागौन और साल वनों से मिला है। विकल्प C, अरुणाचल प्रदेश, क्षेत्र में सामान्यतः दूसरे स्थान पर रहता है और अपने भौगोलिक क्षेत्र के अनुपात में वन आवरण के मामले में कई राज्यों से आगे है, और यही अंतर प्रश्न जाँच रहा है: सबसे बड़ा क्षेत्र होना सर्वाधिक प्रतिशत होने के समान नहीं है। विकल्प B, छत्तीसगढ़, में भी घने साल वन हैं और वह अग्रणी राज्यों में है परंतु शीर्ष पर नहीं। विकल्प A, केरल, में पश्चिमी घाट के समृद्ध उष्ण कटिबंधीय सदाबहार वन हैं परंतु वह क्षेत्र में अग्रणी होने के लिए बहुत छोटा है। जोड़ी इस प्रकार स्मरण रखें: सबसे बड़ा वन क्षेत्र मध्य प्रदेश में और क्षेत्र के अनुपात में सर्वाधिक वन पूर्वोत्तर के छोटे पहाड़ी राज्यों में।
चिपको आंदोलन सन 1973 में वर्तमान में किस राज्य के एक जिले में आरंभ हुआ था?
- A.उत्तराखंड
- B.हिमाचल प्रदेश
- C.कर्नाटक
- D.असम
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. उत्तराखंड
व्याख्या
सही उत्तर A, उत्तराखंड है। यह आंदोलन सन 1973 में गढ़वाल हिमालय के चमोली जिले में आरंभ हुआ, जो तब उत्तर प्रदेश का भाग था और सन 2000 से नए राज्य उत्तराखंड में है। ग्रामवासियों ने, और सबसे बढ़कर गौरा देवी के नेतृत्व में रेणी गाँव की महिलाओं ने, वृक्षों को गले लगा लिया जिससे ठेकेदार उन्हें काट न सकें, और सुंदरलाल बहुगुणा तथा चंडी प्रसाद भट्ट ने यह माँग तब तक आगे बढ़ाई जब तक एक निश्चित ऊँचाई से ऊपर हरी कटाई पर रोक नहीं लग गई। विकल्प B, हिमाचल प्रदेश, की अपनी वन रक्षा परंपराएँ हैं परंतु चिपको नहीं। विकल्प C, कर्नाटक, सन 1983 के अप्पिको आंदोलन का घर है, जो पश्चिमी घाट में पांडुरंग हेगड़े के नेतृत्व में चला और चिपको का दक्षिणी समानांतर है, इसी कारण उसे यहाँ भ्रम के लिए रखा जाता है। विकल्प D, असम, का इससे संबंध नहीं है। चिपको शब्द का अर्थ चिपकना है और अप्पिको कन्नड़ में गले लगाना है।
सन 1950 में आरंभ हुआ राष्ट्रीय वृक्षारोपण पर्व वन महोत्सव किस माह में मनाया जाता है?
- A.मार्च
- B.जुलाई
- C.अक्तूबर
- D.दिसंबर
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. जुलाई
व्याख्या
सही उत्तर B, जुलाई है। वन महोत्सव जुलाई के प्रथम सप्ताह में मनाया जाता है और यह समय इसलिए चुना गया है कि तब तक देश के अधिकांश भाग में मानसून आ जाता है और नया रोपा पौधा जीवित रहने की सर्वोत्तम संभावना पाता है। इसे सन 1950 में तत्कालीन केंद्रीय कृषि एवं खाद्य मंत्री के एम मुंशी की पहल पर आरंभ किया गया, जिसका उद्देश्य वृक्षारोपण को विभागीय कार्य के स्थान पर जन पर्व बनाना था। विकल्प A, मार्च, में इक्कीस तारीख को विश्व वानिकी दिवस और बाईस तारीख को विश्व जल दिवस आता है, परंतु वन महोत्सव नहीं। विकल्प C, अक्तूबर, के प्रथम सप्ताह में वन्य जीव सप्ताह आता है, जो जीवों को समर्पित पृथक आयोजन है। विकल्प D, दिसंबर, किसी राष्ट्रीय रोपण कार्यक्रम से जुड़ा नहीं है और शुष्क ऋतु में पड़ता है जब पौधों का जीवित रहना कठिन होता है। परीक्षक वन्य जीव सप्ताह और वन महोत्सव को एक ही विकल्प समूह में रखते हैं, अतः वृक्ष के लिए जुलाई और वन्य जीव के लिए अक्तूबर स्थिर कर लें।