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विश्व समुद्री दिवस: बुसान में सोनोवाल और आईएमओ प्रमुख

बुसान में विश्व समुद्री दिवस की मंत्रिस्तरीय गोलमेज में सर्बानंद सोनोवाल ने सबके लिए लागू करने योग्य समुद्री नियमों की पैरवी की और कोरियाई कंपनियों को न्योता दिया।

लेखक प्रकाशित · अपडेट · 3 मिनट
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विश्व समुद्री दिवस: बुसान में सोनोवाल और आईएमओ प्रमुख

चर्चा में क्यों

26 अक्टूबर 2026 को केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने दक्षिण कोरिया के बुसान में विश्व समुद्री दिवस की मंत्रिस्तरीय गोलमेज बैठक को संबोधित किया, जिसमें आईएमओ महासचिव आर्सेनियो डोमिंगुएज तथा दक्षिण कोरिया, नॉर्वे और साइप्रस के मंत्री शामिल थे, और कोरियाई समुद्री उपकरण कंपनियों को भारतीय शिपयार्डों में आने का न्योता दिया।

पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल दक्षिण कोरिया के बुसान में दो बातें लेकर पहुंचे: समुद्री नियम ऐसे बनें कि हर देश उन्हें वाकई लागू कर सके, और भारत को ऐसे साझेदार चाहिए जो उसके साथ मिलकर निर्माण करें। उन्होंने विश्व समुद्री दिवस पर हुई सरकारी गोलमेज बैठक में अपनी बात रखी और इसके बाद कोरिया के समुद्री उपकरण उद्योग से मुलाकात की।

गोलमेज में कौन-कौन शामिल

सोनोवाल के साथ मंच पर अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (आईएमओ) के महासचिव आर्सेनियो डोमिंगुएज, दक्षिण कोरिया के महासागर एवं मत्स्य उप मंत्री नाम जाएहोन, नॉर्वे की मत्स्य एवं महासागर नीति मंत्री मारियान सिवर्टसन नेस और साइप्रस की पोत परिवहन उप मंत्री मरीना हाजीमनोलिस मौजूद रहीं। सत्र की अध्यक्षता कोरिया के पूर्व महासागर एवं मत्स्य मंत्री मून सियोंग-ह्योक ने की।

वैश्विक नियमों पर भारत का पक्ष

मंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय मानक महत्वाकांक्षी और सार्वभौमिक रहने चाहिए, लेकिन उन्हें लागू करते समय देशों की परिस्थितियों, विकास के स्तर, तकनीक और वित्त तक पहुंच के अंतर का ध्यान रखा जाए। उन्होंने साझा लेकिन अलग-अलग जिम्मेदारियों और अपनी-अपनी क्षमताओं के सिद्धांत का हवाला दिया और कहा कि मानक समान हों, मगर सहयोग ऐसा हो जिससे हर सदस्य देश उन्हें पूरा कर सके। भू-राजनीतिक अस्थिरता, समुद्री डकैती और लाल सागर में बाधा के इस दौर में उन्होंने आईएमओ अभिसमयों को पोत परिवहन के लिए काम करती लाइटहाउस बताया, जो नाविकों, व्यापार और आपूर्ति श्रृंखलाओं की रक्षा करते हैं। खाई पाटने का सबसे अच्छा तरीका उन्होंने व्यावहारिक साझेदारी बताया: संयुक्त कार्य समूह, जिनमें किसी अभिसमय को लागू कर चुके देश उन देशों के साथ जोड़े जाएं जो अभी क्षमता बना रहे हैं, सर्वेक्षकों और निरीक्षकों का प्रशिक्षण, कानून बनाने में मदद और समयबद्ध योजनाएं। मकसद यह है कि पीछे स्थायी राष्ट्रीय क्षमता छूटे, लगातार बनी रहने वाली निर्भरता नहीं।

भारत ने अपने घर में क्या किया

वर्ष 2025 में बने पांच समुद्री कानून मार्च 2026 में लागू हो गए। भारत का मैरीटाइम सिंगल विंडो अब 69 बंदरगाहों और टर्मिनलों को समेटता है, और अलंग-सोसिया यार्ड में 115 पोत पुनर्चक्रण सुविधाएं हैं, जो आईएमओ के ढांचे के भीतर हांगकांग अभिसमय की शर्तें पूरी करती हैं।

कोरियाई कंपनियों से बात

यही तर्क मंत्री की कोरिया मरीन इक्विपमेंट एसोसिएशन (कोमिया) के साथ बैठक में भी चला। वर्ष 1980 में बना यह संगठन 304 उपकरण निर्माताओं, डिजाइन कंपनियों, पोत निर्माताओं और मरम्मत करने वालों का प्रतिनिधित्व करता है, जिनमें एचडी हुंडई, हनवा ओशन और सैमसंग हेवी इंडस्ट्रीज शामिल हैं। कोमिया 30 अक्टूबर को मुंबई में भारत का अपना पहला कार्यालय खोलेगा। अप्रैल में दोनों सरकारों ने वॉयेजेस के तहत इस कदम का स्वागत किया था, जो पोत निर्माण, पोत परिवहन और समुद्री लॉजिस्टिक्स में सहयोग का उनका ढांचा है। सोनोवाल ने कहा कि इंजन, प्रणोदन, डेक मशीनरी तथा बिजली और नौवहन प्रणालियां आज भी बड़े पैमाने पर आयात होती हैं, और यहीं कोरियाई आपूर्तिकर्ताओं के लिए मौका है। कोमिया के अध्यक्ष हो-इल कांग ने बताया कि सदस्य कंपनियों ने दो साल के भीतर भारतीय बाजार में उतरने की तैयारी शुरू कर दी है।

पेशकश के पीछे के आंकड़े

भारत ने सितंबर 2025 में करीब 7.8 अरब डॉलर का पोत निर्माण पैकेज मंजूर किया। वर्ष 2025 में पोत निर्माण उत्पादन पिछले साल की तुलना में 40 प्रतिशत बढ़ा और वर्ष 2026 में इसमें 80 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई। सीधी सरकारी सहायता पाने वाले जहाजों की सूची में 120 से अधिक पोत हैं, जिनका मूल्य 1.27 अरब डॉलर से ऊपर है और इसमें 80 प्रतिशत से अधिक हिस्सा निर्यात ऑर्डर का है। सरकारी संस्थाओं की मांग एक साथ जोड़कर मंत्रालय ने भारतीय शिपयार्डों को अगले दस साल में 400 से अधिक पोतों, यानी लगभग 23 अरब डॉलर के ऑर्डर बुक की तस्वीर दी है।

महत्वपूर्ण तथ्य

अवसरविश्व समुद्री दिवस की मंत्रिस्तरीय गोलमेज बैठक
स्थानबुसान, दक्षिण कोरिया
भारत का प्रतिनिधित्वसर्बानंद सोनोवाल, केंद्रीय पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री
आईएमओ महासचिवआर्सेनियो डोमिंगुएज
अन्य देशों के मंत्रीदक्षिण कोरिया, नॉर्वे और साइप्रस
सत्र की अध्यक्षतामून सियोंग-ह्योक, कोरिया के पूर्व महासागर एवं मत्स्य मंत्री
मैरीटाइम सिंगल विंडो69 बंदरगाह और टर्मिनल
अलंग-सोसियाहांगकांग अभिसमय के अनुरूप 115 पोत पुनर्चक्रण सुविधाएं
कोमियाकोरिया मरीन इक्विपमेंट एसोसिएशन, वर्ष 1980 में स्थापित, 304 सदस्य
कोमिया का भारत कार्यालयमुंबई, 30 अक्टूबर को, वॉयेजेस ढांचे के तहत
ऑर्डर बुकदस साल में 400 से अधिक पोत, लगभग 23 अरब डॉलर

परीक्षा की दृष्टि से

याद रखें: स्थान (बुसान, दक्षिण कोरिया), अवसर (विश्व समुद्री दिवस मंत्रिस्तरीय गोलमेज), आईएमओ महासचिव (आर्सेनियो डोमिंगुएज), जिन देशों के मंत्री शामिल हुए (दक्षिण कोरिया, नॉर्वे, साइप्रस), भारत का हवाला दिया सिद्धांत (साझा लेकिन अलग-अलग जिम्मेदारियां और अपनी-अपनी क्षमताएं), कोमिया का पहला भारतीय कार्यालय मुंबई में, वॉयेजेस ढांचा, और आंकड़े: सिंगल विंडो पर 69 बंदरगाह, अलंग-सोसिया में 115 सुविधाएं तथा 400 से अधिक पोतों का ऑर्डर बुक।

अभ्यास प्रश्न

Q1.अंतरराष्ट्रीयआसान

केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने विश्व समुद्री दिवस पर हुई मंत्रिस्तरीय गोलमेज बैठक किस शहर में अटेंड की?

  1. A.सिओल
  2. B.बुसान
  3. C.इंचियोन
  4. D.टोक्यो
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. बुसान

केंद्रीय पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री ने दक्षिण कोरिया के बुसान में विश्व समुद्री दिवस की उच्च स्तरीय सरकारी गोलमेज बैठक में हिस्सा लिया और इसी यात्रा में कोरिया के समुद्री उपकरण उद्योग से मुलाकात भी की।

Q2.अंतरराष्ट्रीयमध्यम

विश्व समुद्री दिवस की गोलमेज बैठक में सोनोवाल के साथ मंच साझा करने वाले अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (आईएमओ) के महासचिव कौन हैं?

  1. A.किटैक लिम
  2. B.आर्सेनियो डोमिंगुएज
  3. C.मून सियोंग-ह्योक
  4. D.नाम जाएहोन
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. आर्सेनियो डोमिंगुएज

वे गोलमेज बैठक के मंच पर भारतीय मंत्री के साथ मौजूद थे। मंत्री ने भू-राजनीतिक अस्थिरता, समुद्री डकैती और लाल सागर में बाधा के इस दौर में आईएमओ अभिसमयों को पोत परिवहन के लिए काम करती लाइटहाउस कहा, जो नाविकों, व्यापार और आपूर्ति श्रृंखलाओं की रक्षा करते हैं।

Q3.अंतरराष्ट्रीयमध्यम

कोरिया मरीन इक्विपमेंट एसोसिएशन (कोमिया) भारत में अपना पहला कार्यालय किस शहर में खोल रहा है?

  1. A.चेन्नई
  2. B.कोच्चि
  3. C.मुंबई
  4. D.विशाखापत्तनम
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. मुंबई

कोरिया मरीन इक्विपमेंट एसोसिएशन, यानी कोमिया, 30 अक्टूबर को मुंबई में भारत का अपना पहला कार्यालय खोलेगा। अप्रैल में भारत और कोरिया की सरकारों ने वॉयेजेस के तहत इस कदम का स्वागत किया था, जो पोत निर्माण, पोत परिवहन और समुद्री लॉजिस्टिक्स में सहयोग का उनका ढांचा है।

Q4.अंतरराष्ट्रीयमध्यम

गोलमेज बैठक में बताया गया कि अलंग-सोसिया यार्ड में हांगकांग अभिसमय के अनुरूप कितनी पोत पुनर्चक्रण सुविधाएं हैं?

  1. A.95
  2. B.105
  3. C.115
  4. D.125
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 115

भारत ने अपने घर में जो तैयारी की है, उसका ब्यौरा देते हुए मंत्री ने कहा कि अलंग-सोसिया यार्ड में 115 पोत पुनर्चक्रण सुविधाएं हैं, जो अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन के ढांचे के भीतर हांगकांग अभिसमय की शर्तें पूरी करती हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सर्बानंद सोनोवाल ने विश्व समुद्री दिवस की मंत्रिस्तरीय गोलमेज बैठक कहां अटेंड की?

दक्षिण कोरिया के बुसान में। केंद्रीय पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री के साथ मंच पर आईएमओ महासचिव आर्सेनियो डोमिंगुएज तथा दक्षिण कोरिया, नॉर्वे और साइप्रस के मंत्री मौजूद रहे, और सत्र की अध्यक्षता कोरिया के पूर्व मंत्री मून सियोंग-ह्योक ने की।

कोमिया क्या है और उसका भारतीय कार्यालय कहां खुलेगा?

कोमिया यानी कोरिया मरीन इक्विपमेंट एसोसिएशन वर्ष 1980 में बना संगठन है, जो 304 उपकरण निर्माताओं, डिजाइन कंपनियों, पोत निर्माताओं और मरम्मत करने वालों का प्रतिनिधित्व करता है। उसका पहला भारतीय कार्यालय 30 अक्टूबर को मुंबई में वॉयेजेस ढांचे के तहत खुलेगा।

भारतीय शिपयार्डों को कितने ऑर्डर की तस्वीर दी गई है?

सरकारी संस्थाओं की मांग एक साथ जोड़कर पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय ने भारतीय शिपयार्डों को अगले दस साल में 400 से अधिक पोतों, यानी लगभग 23 अरब डॉलर के ऑर्डर बुक की तस्वीर दी है।

स्रोत

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