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GK24
विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

SEMICON India 2026 में प्रदर्शित AUM HPC-AI प्रोसेसर और RUDRA-AUM कंप्यूट नोड किस संस्था ने विकसित किए?

  1. A.इसरो
  2. B.सी-डैक
  3. C.डीआरडीओ
  4. D.बीईएल

सही उत्तर

B. सी-डैक

व्याख्या

सही उत्तर सी-डैक है। प्रगत संगणन विकास केंद्र ने अपना AUM HPC-AI प्रोसेसर और RUDRA-AUM कंप्यूट नोड प्रदर्शित किया, जो हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग और एआई में केवल चिप नहीं बल्कि सिस्टम स्तर पर स्वदेशी क्षमता बनाने के भारत के प्रयास को दिखाता है। सी-डैक ने ओपन RISC-V आर्किटेक्चर पर बना अपना स्वदेशी 64-बिट RISC-V प्रोसेसर भी दिखाया, जो Aheesa Technology के 1 Gbps कनेक्टिविटी उपकरण जैसे उत्पादों को चलाता है।

इसरो उपग्रह और प्रक्षेपण यान बनाता है, डीआरडीओ रक्षा प्रणालियां विकसित करता है और बीईएल रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माता है; इनमें से किसी ने ये प्रोसेसर नहीं बनाए। इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय के अधीन सी-डैक भारत की सुपरकंप्यूटिंग एजेंसी है, जो परम शृंखला के लिए जानी जाती है, इसीलिए प्रोसेसर का काम यही करती है। प्रदर्शनी के अन्य भारतीय नामों में RISC-V प्रोसेसर आईपी के लिए InCore Semiconductors और एआई निगरानी चिप के लिए Netrasemi शामिल थे।

पूरा लेख पढ़ें: SEMICON India 2026: 'सिलिकॉन से सिस्टम' पर भारत का चिप इकोसिस्टम

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अभ्यास प्रश्न

Q1.विज्ञान और प्रौद्योगिकीआसान

SEMICON India 2026 का आयोजन किस स्थान पर हुआ?

  1. A.भारत मंडपम, नई दिल्ली
  2. B.यशोभूमि, नई दिल्ली
  3. C.महात्मा मंदिर, गांधीनगर
  4. D.BIEC, बेंगलुरु
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. यशोभूमि, नई दिल्ली

व्याख्या

सही उत्तर यशोभूमि, नई दिल्ली है। SEMICON India का पांचवां संस्करण वहां 17 से 19 सितंबर 2026 तक तीन दिन "सिलिकॉन से सिस्टम: इकोसिस्टम का निर्माण" थीम पर चला, जिसमें 600 से अधिक प्रदर्शक कंपनियां, स्टार्ट-अप पवेलियन, कार्यबल विकास पवेलियन, देशों और राज्यों के पवेलियन और एक हैकाथॉन थे।

भारत मंडपम आकर्षक गलत उत्तर है, क्योंकि यह दिल्ली का दूसरा बड़ा सम्मेलन केंद्र है और 2026 के कई आयोजनों का स्थान रहा, जिसमें 22 सितंबर को शुरू हुआ भारतीय अंतरराष्ट्रीय जल सप्ताह भी है। गांधीनगर का महात्मा मंदिर वाइब्रेंट गुजरात और बेंगलुरु का BIEC एयरो इंडिया की मेज़बानी करता है। द्वारका स्थित यशोभूमि भारत अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन एवं एक्सपो केंद्र है। इस प्रश्न के लिए स्थान और थीम साथ याद रखें।

Q2.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

जुलाई 2026 में केंद्रीय मंत्रिमंडल से मंज़ूर Semicon 2.0 का परिव्यय कितना है?

  1. A.₹76,000 करोड़
  2. B.₹1,00,000 करोड़
  3. C.₹1,27,500 करोड़
  4. D.₹1,64,000 करोड़
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. ₹1,27,500 करोड़

व्याख्या

सही उत्तर ₹1,27,500 करोड़ है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने जुलाई 2026 में इसी परिव्यय के साथ Semicon 2.0 को मंज़ूरी दी। यह Semicon 1.0 की नींव पर बना है और छह स्तंभों पर टिका है: डिज़ाइन; मशीनें और सामग्री; अधिक फैब; उन्नत पैकेजिंग; अनुसंधान एवं विकास; और प्रतिभा विकास। केवल फैब्रिकेशन नहीं, पूरी मूल्य शृंखला को कवर करने का यही व्यापक दृष्टिकोण "सिलिकॉन से सिस्टम" थीम का सार था।

₹1.64 लाख करोड़ जाल है: यह Semicon India कार्यक्रम के तहत पहले से हुई निवेश प्रतिबद्धता है, छह राज्यों की 12 मंज़ूर परियोजनाओं में, जिनमें से तीन वाणिज्यिक उत्पादन में हैं। ₹76,000 करोड़ मूल कार्यक्रम का परिव्यय था, और ₹1 लाख करोड़ गोल संख्या वाला भ्रम है। 2026 के दो आंकड़े अलग रखें: ₹1,27,500 करोड़ सरकार का नया परिव्यय है, ₹1.64 लाख करोड़ कंपनियों की निवेश प्रतिबद्धता।

Q3.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

वैज्ञानिक अनुसंधान सुविधाओं को साझा करने वाले आई-स्टेम पोर्टल का शुभारंभ प्रधानमंत्री ने किस माह और वर्ष में किया था?

  1. A.जनवरी 2018
  2. B.जनवरी 2020
  3. C.अगस्त 2021
  4. D.जनवरी 2023
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. जनवरी 2020

व्याख्या

सही उत्तर जनवरी 2020 है। आई-स्टेम, यानी इंडियन साइंस टेक्नोलॉजी एंड इंजीनियरिंग फैसिलिटीज़ मैप, की परिकल्पना और सहयोग प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार के कार्यालय ने किया, और प्रधानमंत्री ने जनवरी 2020 में इसका शुभारंभ किया। तब से यह लगभग 4,000 संस्थानों के 31,000 से अधिक वैज्ञानिक उपकरणों और 65,000 से अधिक पंजीकृत उपयोगकर्ताओं वाला राष्ट्रीय संसाधन बन चुका है।

बाकी तिथियां भ्रम के लिए हैं। पोर्टल 21 सितंबर 2026 को फिर चर्चा में आया, जब पीएसए कार्यालय ने वैज्ञानिक सचिव डॉ. परविंदर मैनी की अध्यक्षता में 23 राज्यों और 4 केंद्र शासित प्रदेशों के अधिकारियों के साथ पहली राज्य सरकार नोडल अधिकारी बैठक की। उद्देश्य यह है कि राज्य विश्वविद्यालय और प्रयोगशालाएं आई-स्टेम से जुड़ें, ताकि सार्वजनिक धन से खरीदे गए महंगे उपकरण साझा हों और हर संस्थान को उन्हें दोबारा न खरीदना पड़े।

Q4.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

आई-स्टेम पोर्टल की परिकल्पना और सहयोग किस कार्यालय ने किया है?

  1. A.नीति आयोग
  2. B.विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग
  3. C.प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार का कार्यालय
  4. D.वैज्ञानिक तथा औद्योगिक अनुसंधान परिषद
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार का कार्यालय

व्याख्या

सही उत्तर प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार का कार्यालय है। पीएसए कार्यालय ने आई-स्टेम की परिकल्पना की और इसे सहयोग देता है, और इसी कार्यालय ने 21 सितंबर 2026 को पोर्टल के लिए पहली राज्य सरकार नोडल अधिकारी बैठक बुलाई। बैठक की अध्यक्षता पीएसए कार्यालय की वैज्ञानिक सचिव डॉ. (श्रीमती) परविंदर मैनी ने की।

बाकी विकल्प इसलिए विश्वसनीय लगते हैं क्योंकि ये सभी भारत के विज्ञान प्रशासन का हिस्सा हैं। नीति आयोग सरकार का नीति थिंक टैंक है। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग अनुसंधान को वित्त देता है और कई विज्ञान कार्यक्रम चलाता है। सीएसआईआर राष्ट्रीय प्रयोगशालाओं का नेटवर्क है, और उपकरणों के लिए उसका अपना एनालिटिक्स पोर्टल अब एपीआई के ज़रिए आई-स्टेम से जोड़ा जा रहा है, इसलिए यह खास तौर पर आकर्षक गलत उत्तर है। लेकिन पोर्टल स्वयं पीएसए कार्यालय का है।

Q5.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

पीएसए कार्यालय के अनुसार आई-स्टेम पोर्टल पर कितने से अधिक वैज्ञानिक उपकरण दर्ज हैं?

  1. A.11,000
  2. B.21,000
  3. C.31,000
  4. D.41,000
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. 31,000

व्याख्या

सही उत्तर 31,000 है। प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार के कार्यालय के अनुसार आई-स्टेम पर अब लगभग 4,000 संस्थानों के 31,000 से अधिक वैज्ञानिक उपकरण दर्ज हैं, और इसके 65,000 से अधिक पंजीकृत उपयोगकर्ता हैं। ₹20 लाख से अधिक लागत वाले सार्वजनिक वित्तपोषित उपकरणों को पोर्टल पर सूचीबद्ध करने से अनुसंधान अवसंरचना तक साझा पहुंच और मज़बूत होती है।

बाकी आंकड़े भ्रम के लिए हैं। परीक्षा के लिए तीनों पैमाने वाले आंकड़े साथ याद रखें: 31,000 से अधिक उपकरण, लगभग 4,000 संस्थान और 65,000 से अधिक उपयोगकर्ता। बैठक के आंकड़ों को पोर्टल के आंकड़ों से अलग रखें: 21 सितंबर 2026 की पहली राज्य सरकार नोडल अधिकारी बैठक में 23 राज्यों और 4 केंद्र शासित प्रदेशों के अधिकारी शामिल हुए। पोर्टल का उद्देश्य मौजूदा उपकरणों का बेहतर उपयोग और अनुसंधान तंत्र में निवेश के दोहराव को कम करना है।