पीएम-अभिम के तहत भारत सरकार ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में कितने क्रिटिकल केयर ब्लॉक स्वीकृत किए हैं?
- A.431
- B.531
- C.631
- D.731
सही उत्तर
C. 631
व्याख्या
सही उत्तर 631 है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि पीएम-अभिम के तहत भारत सरकार ने इतने क्रिटिकल केयर ब्लॉक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में स्वीकृत किए हैं, जिससे देश भर में गहन चिकित्सा क्षमता का एक नेटवर्क बन रहा है। उन्होंने इसकी तुलना उस पुरानी सोच से की जिसमें अस्पताल को केवल बिस्तरों की संख्या से आंका जाता था, और कहा कि मजबूत स्वास्थ्य व्यवस्था में गहन चिकित्सा क्षमता, ऑक्सीजन और मेडिकल गैस व्यवस्था, आइसोलेशन सुविधा, प्रशिक्षित कर्मी, प्रयोगशाला क्षमता तथा प्रकोप की शीघ्र पहचान जरूरी है। बाकी विकल्प सही आंकड़े के आसपास के हैं और ऐसे ही भ्रम पैदा करने के लिए रखे जाते हैं। आंध्र प्रदेश के लिए 24 ब्लॉक लगभग 606 करोड़ रुपये के अनुमानित निवेश से स्वीकृत हैं, जिनमें से 10 का उद्घाटन इसी दिन हुआ।
पूरा लेख पढ़ें: आंध्र प्रदेश में 10 क्रिटिकल केयर ब्लॉक, 12 प्रयोगशालाएं शुरू
अभ्यास प्रश्न
आंध्र प्रदेश में क्रिटिकल केयर ब्लॉक और एकीकृत जन स्वास्थ्य प्रयोगशालाएं किस मिशन के तहत बनी हैं?
- A.राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन
- B.प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन
- C.आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन
- D.प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन
व्याख्या
सही उत्तर प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन है, जिसे संक्षेप में पीएम-अभिम कहा जाता है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि इस मिशन की परिकल्पना कोविड-19 महामारी के बाद हुई, ताकि स्वास्थ्य व्यवस्था भविष्य की महामारियों और जन स्वास्थ्य आपात स्थितियों का सामना कर सके और साथ ही सामान्य स्वास्थ्य सेवाएं भी बाधित न हों। विकल्प A राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन है, जो स्वास्थ्य सेवाओं का पुराना व्यापक कार्यक्रम है, पर ये ब्लॉक और प्रयोगशालाएं उसके तहत स्वीकृत नहीं हुईं। विकल्प C आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन है, जो डिजिटल स्वास्थ्य रिकॉर्ड और पहचान से जुड़ा है, भौतिक अवसंरचना से नहीं। विकल्प D प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना है, जो इलाज का खर्च उठाती है। अभ्यर्थी आयुष्मान भारत के तीनों अंगों को अलग-अलग याद रखें।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने जिस संजीवनी कार्यक्रम की सराहना की, वह किस राज्य का है और कितने स्वास्थ्य मानकों की जांच कराता है?
- A.तेलंगाना, 21 मानक
- B.आंध्र प्रदेश, 41 मानक
- C.ओडिशा, 31 मानक
- D.कर्नाटक, 51 मानक
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. आंध्र प्रदेश, 41 मानक
व्याख्या
सही उत्तर आंध्र प्रदेश, 41 मानक है। राज्य में नई स्वास्थ्य सुविधाओं के उद्घाटन के अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने संजीवनी कार्यक्रम की तारीफ की, जो लोगों के घर तक स्वास्थ्य सेवा पहुंचाता है और इतने स्वास्थ्य मानकों की जांच उपलब्ध कराता है। उन्होंने कहा कि जांच को समुदाय के नजदीक लाने की राज्य की यह पहल प्राथमिक स्वास्थ्य सेवा को मजबूत करने का उपयोगी मॉडल है, और उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर इसे अपनाने की संभावना देखने में रुचि जताई। विकल्प A, C और D में पड़ोसी राज्य के साथ अलग संख्या जोड़ दी गई है, और ये उस अभ्यर्थी को फंसा सकते हैं जिसे कार्यक्रम का नाम तो याद है पर राज्य या संख्या नहीं। सुरक्षित तरीका यह है कि संजीवनी को आंध्र प्रदेश से जोड़कर याद रखें, क्योंकि उसी राज्य में उसी दिन ब्लॉक और प्रयोगशालाएं खोली गईं।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के अनुसार भारत में स्वास्थ्य पर जेब से होने वाला खर्च घटकर कितना रह गया है?
- A.53.4 प्रतिशत
- B.48.2 प्रतिशत
- C.43.4 प्रतिशत
- D.38.6 प्रतिशत
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 43.4 प्रतिशत
व्याख्या
सही उत्तर 43.4 प्रतिशत है। मंत्री ने जेब से होने वाले खर्च में आई गिरावट को नागरिकों को मिल रही बढ़ती वित्तीय सुरक्षा का संकेतक बताया और इसे स्वास्थ्य व्यवस्था में आए अन्य बदलावों के साथ रखा। जेब से होने वाला खर्च वह हिस्सा है जो परिवार इलाज के समय सीधे अपनी जेब से चुकाता है, बीमा या सरकारी सहायता से नहीं, इसलिए इसका घटना यह बताता है कि सार्वजनिक योजनाएं अधिक बोझ उठा रही हैं। इसी संबोधन में उन्होंने कहा कि संस्थागत प्रसव नब्बे प्रतिशत से ऊपर पहुंच चुके हैं, देश में 1.75 लाख से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिर काम कर रहे हैं तथा बारह वर्ष में 16 नए एम्स बनने से इनकी कुल संख्या 23 हो गई है। बाकी विकल्प आसपास के प्रतिशत हैं और केवल सही आंकड़ा ही अंक दिलाता है।
विशेष अभियान 3 में केंद्र सरकार के पेंशनभोगियों की शिकायतों के लिए कौन सा पोर्टल प्रयोग हुआ?
- A.सीपीजीआरएएमएस
- B.सीपीईएनजीआरएएमएस
- C.भविष्य
- D.अनुभव
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. सीपीईएनजीआरएएमएस
व्याख्या
सही उत्तर सीपीईएनजीआरएएमएस है। विज्ञप्ति में लिखा है कि मंत्रालयों द्वारा पहचाने गए लक्षित मामलों के अलावा इस पोर्टल पर एक महीने से अधिक समय से लंबित शिकायतें भी तैयारी चरण में समाधान के लिए ली गईं। इसमें यह भी कहा गया है कि सुलझाए गए अधिकांश मामले ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले पेंशनभोगियों और पारिवारिक पेंशनभोगियों से जुड़े हैं, और ग्रामीण इलाकों से इसी पोर्टल तथा मंत्रालयों के अन्य पोर्टलों के जरिए ऑनलाइन शिकायतें आने से डिजिटल विभाजन कम हो रहा है। विकल्प क सबसे मजबूत भ्रामक विकल्प है, क्योंकि दोनों नामों में बहुत थोड़ा अंतर है और वह व्यापक जन शिकायत पोर्टल है, जबकि यहां नामित पोर्टल विशेष रूप से पेंशन से जुड़ा है। विकल्प ग और विकल्प घ पेंशनभोगियों से जुड़ी असली पहलें हैं, इसीलिए उन्हें यहां रखा गया है, पर वे इस विज्ञप्ति का पोर्टल नहीं हैं।
पेंशन शिकायतों के समाधान का विशेष अभियान 3 किन तिथियों के बीच चला?
- A.1 जुलाई 2026 से 30 सितंबर 2026
- B.7 जुलाई 2026 से 31 अगस्त 2026
- C.2 अक्टूबर 2026 से 31 अक्टूबर 2026
- D.1 अप्रैल 2026 से 31 अगस्त 2026
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 7 जुलाई 2026 से 31 अगस्त 2026
व्याख्या
सही उत्तर 7 जुलाई 2026 से 31 अगस्त 2026 है। पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग ने लंबे समय से लंबित पेंशन शिकायतों, दावों और समस्याओं के समय पर तथा गुणवत्तापूर्ण समाधान के लिए पहली तिथि को विशेष अभियान 3 शुरू किया और यह दूसरी तिथि को संपन्न हुआ। इसमें तैयारी चरण था, जिसमें लंबित मामलों की पहचान हुई, और कार्यान्वयन चरण था, जिसमें विभाग ने मंत्रालयों के साथ समन्वय किया तथा बीच में दो समीक्षा बैठकें कीं। विकल्प क और विकल्प ग ऐसी साफ-सुथरी अवधियां देते हैं जो अभियानों में अक्सर दिखती हैं, इसलिए केवल मौसम याद रखने वाले छात्र को ये सही लगती हैं। विकल्प घ शुरुआत को वित्त वर्ष के आरंभ तक खींच देता है जबकि समापन तिथि सही रखता है, और यह उनके लिए जाल है जिन्हें दोनों में से केवल एक तिथि याद है। ऐसे अभियान 2024 से हर वर्ष चलाए जा रहे हैं।