किस भारतीय मिशन का उल्लेख करते हुए कहा गया कि इससे भारत चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के निकट उतरने वाला पहला देश बना?
- A.चंद्रयान-2
- B.चंद्रयान-3
- C.आदित्य-एल1
- D.गगनयान
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर चंद्रयान-3 है। भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम की उपलब्धियों की चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि चंद्रयान-3 के कारण भारत चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के निकट उतरने वाला पहला देश बना और इस लैंडिंग ने दुनिया के लिए एक नया मानक तय किया। विकल्प चंद्रयान-2 गलत है, क्योंकि विज्ञप्ति में इस उपलब्धि का श्रेय उसे कहीं नहीं दिया गया और इस प्रसंग में केवल तीसरे चंद्र मिशन का नाम आता है। विकल्प आदित्य-एल1 गलत है, क्योंकि उसका उल्लेख इसी हिस्से में होने के बावजूद पूरी तरह अलग उद्देश्य से है; उसे सूर्य के रहस्यों का अध्ययन करने वाला मिशन बताया गया है, चंद्र मिशन नहीं। विकल्प गगनयान का नाम इस विज्ञप्ति में आता ही नहीं है; संबोधन में केवल यह कहा गया कि पिछले वर्ष एक भारतीय अंतरिक्ष यात्री अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन तक पहुंचा था, जो एक अलग तथ्य है और किसी मिशन का नाम नहीं है।
पूरा लेख पढ़ें: पेरिस में पहले अंतरिक्ष शिखर सम्मेलन को मोदी का संबोधन
अभ्यास प्रश्न
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जिस पहले अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष शिखर सम्मेलन को संबोधित किया, वह कहां आयोजित हुआ?
- A.बर्लिन
- B.पेरिस
- C.रोम
- D.मैड्रिड
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विज्ञप्ति के अनुसार प्रधानमंत्री ने फ्रांस के पेरिस में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष शिखर सम्मेलन को वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से संबोधित किया।
पूरी व्याख्या पढ़ें →सम्मेलन में बताए गए लक्ष्य के अनुसार भारत अपना स्वदेशी अंतरिक्ष स्टेशन किस वर्ष तक स्थापित करना चाहता है?
- A.2030
- B.2035
- C.2040
- D.2045
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देश की भविष्य की रूपरेखा बताते हुए प्रधानमंत्री ने घोषणा की कि भारत 2035 तक स्वदेशी अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित करेगा और 2040 तक एक अंतरिक्ष यात्री को चंद्रमा पर भेजेगा।
पूरी व्याख्या पढ़ें →गोवा में खनन मंत्रियों के चौथे सम्मेलन को संबोधित करने वाले कोयला एवं खान राज्य मंत्री कौन हैं?
- A.केशव चंद्र
- B.सतीश चंद्र दुबे
- C.जी. किशन रेड्डी
- D.प्रह्लाद जोशी
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सम्मेलन में उन्होंने कहा कि खनन पहलों को तेज करने और देश को खनिजों में आत्मनिर्भर बनाने के लिए राज्यों को सामूहिक प्रयास करने होंगे।
पूरी व्याख्या पढ़ें →खनन मंत्रियों के चौथे सम्मेलन में जी. किशन रेड्डी ने मुख्य रूप से किस प्रकार के खनिजों की बढ़ती मांग को देखते हुए अन्वेषण तेज करने को कहा?
- A.कोयला जैसे ईंधन खनिज
- B.गौण खनिज
- C.महत्वपूर्ण खनिज (क्रिटिकल मिनरल्स)
- D.परमाणु खनिज
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गोवा में हुए सम्मेलन में केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी ने कहा कि केंद्र और राज्यों को मिलकर खनिज अन्वेषण में तेजी लानी होगी, खास तौर पर इसलिए कि महत्वपूर्ण खनिजों की मांग लगातार बढ़ रही है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →नवंबर 2026 में संपन्न खनन मंत्रियों का चौथा सम्मेलन कहां आयोजित हुआ?
- A.भुवनेश्वर
- B.गोवा
- C.हैदराबाद
- D.रांची
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खान मंत्रालय ने 6 नवंबर 2026 को बताया कि खनन मंत्रियों का दो दिवसीय चौथा सम्मेलन गोवा में संपन्न हुआ, जहां केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी ने केंद्र और राज्यों से मिलकर खनिज अन्वेषण तेज करने को कहा।
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