2 से 4 सितंबर 2026 तक भारत की यात्रा पर आए बार्ट डी वेवर किस देश के प्रधानमंत्री हैं?
- A.नीदरलैंड
- B.बेल्जियम
- C.लक्ज़मबर्ग
- D.डेनमार्क
सही उत्तर
B. बेल्जियम
व्याख्या
सही उत्तर बेल्जियम है। संयुक्त वक्तव्य के अनुसार बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निमंत्रण पर भारत की आधिकारिक यात्रा पर आए थे। फरवरी 2025 में पद संभालने के बाद यह उनकी पहली भारत यात्रा थी। उनके साथ बेल्जियम के रक्षा एवं विदेश व्यापार मंत्री थियो फ्रेंकेन तथा अधिकारियों और उद्यमियों का एक उच्चस्तरीय दल भी आया था। विकल्प क में दिया नीदरलैंड और विकल्प ग में दिया लक्ज़मबर्ग बेल्जियम के पड़ोसी देश हैं, इसलिए परीक्षा में छात्र इन्हें आपस में मिला देते हैं। लक्ज़मबर्ग का नाम वक्तव्य में बेल्जियम-लक्ज़मबर्ग आर्थिक संघ के संदर्भ में आता है, लेकिन उसके प्रधानमंत्री इस यात्रा पर नहीं आए। विकल्प घ में दिया डेनमार्क इस विज्ञप्ति में कहीं नहीं है। याद रखने का सहारा यह है कि आए हुए नेता ने वार्ता से पहले राजघाट पर श्रद्धांजलि अर्पित की थी।
पूरा लेख पढ़ें: भारत-बेल्जियम संयुक्त वक्तव्य: रक्षा आशय पत्र और निवेश तंत्र
अभ्यास प्रश्न
संयुक्त वक्तव्य के अनुसार भारत और बेल्जियम के बीच राजनयिक संबंध किस वर्ष स्थापित हुए थे?
- A.1947
- B.1950
- C.1962
- D.1971
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. 1947
व्याख्या
सही उत्तर 1947 है। दोनों नेताओं ने याद किया कि बेल्जियम उन पहले यूरोपीय देशों में था जिन्होंने भारत के साथ राजनयिक संबंध स्थापित किए और वक्तव्य में यह वर्ष 1947 बताया गया है। परीक्षा के लिए इस वर्ष का महत्व आगे की गणना में है। इसी आधार पर संबंधों की 80वीं वर्षगांठ 2027 में पड़ेगी और वक्तव्य उस वर्ष को दोनों देशों के लिए एक ऐतिहासिक अवसर बताता है। विकल्प ख में दिया 1950 वह वर्ष है जब भारत गणराज्य बना, इसलिए संविधान याद रखने वाले छात्र इसी पर चले जाते हैं। विकल्प ग और घ में दिए 1962 और 1971 भारतीय इतिहास में युद्ध के वर्ष हैं और इस विज्ञप्ति में इनका कोई उल्लेख नहीं है। इसके साथ यह भी याद रखें कि नेताओं ने प्रथम विश्व युद्ध में फ्लैंडर्स फील्ड्स में 9 हजार से अधिक भारतीय सैनिकों के बलिदान का स्मरण किया।
सुरक्षा परिषद की अस्थायी सदस्यता के लिए भारत किस कार्यकाल के लिए उम्मीदवारी रखेगा?
- A.2026-27
- B.2028-29
- C.2031-32
- D.2037-2038
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 2028-29
व्याख्या
सही उत्तर 2028-29 है। संयुक्त वक्तव्य में समर्थन का सीधा आदान-प्रदान तय हुआ है। भारत सुरक्षा परिषद की अस्थायी सीट के लिए 2028-29 के कार्यकाल में उम्मीदवारी रखेगा और बेल्जियम 2037-2038 के कार्यकाल में, तथा दोनों एक दूसरे का समर्थन करेंगे। इसलिए विकल्प घ वह कार्यकाल है जिसके लिए बेल्जियम उम्मीदवारी रखेगा, भारत नहीं। यही सबसे भ्रमित करने वाला विकल्प है, क्योंकि दोनों आंकड़े विज्ञप्ति के एक ही वाक्य में आते हैं। विकल्प क और ग का उल्लेख कहीं नहीं है। इस अनुच्छेद में एक और तथ्य है जो साथ में पूछा जाता है। बेल्जियम ने सुधारित और विस्तारित सुरक्षा परिषद में भारत की स्थायी सदस्यता की उम्मीदवारी का समर्थन दोहराया और दोनों पक्षों ने कहा कि परिषद में सुधार जरूरी है ताकि वह आज की दुनिया का प्रतिनिधित्व करे।
बेल्जियम के प्रधानमंत्री की भारत यात्रा के दौरान इनमें से क्या हस्ताक्षरित या शुरू नहीं हुआ?
- A.दोनों रक्षा मंत्रालयों के बीच आशय पत्र
- B.केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो और बेल्जियम की फेडरल पुलिस के बीच समझौता ज्ञापन
- C.भारत-बेल्जियम असैन्य परमाणु दायित्व संधि
- D.भारत-बेल्जियम निवेश फास्ट-ट्रैक तंत्र
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. भारत-बेल्जियम असैन्य परमाणु दायित्व संधि
व्याख्या
सही उत्तर भारत-बेल्जियम असैन्य परमाणु दायित्व संधि है, जिसका इस विज्ञप्ति में कोई अस्तित्व नहीं है। वक्तव्य बताता है कि वास्तव में क्या तय हुआ। दोनों देशों के रक्षा मंत्रालयों के बीच आशय पत्र पर हस्ताक्षर हुए, जो स्टाफ वार्ता, प्रशिक्षण, शिक्षा, अनुसंधान और रक्षा उद्योग साझेदारी का ढांचा देता है और मार्च 2025 में दोनों रक्षा मंत्रियों के बीच बनी समझ पर आधारित है। भारत के केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो और बेल्जियम की फेडरल पुलिस के बीच संगठित अपराध, साइबर अपराध और भगोड़ों की तलाश पर समझौता ज्ञापन हुआ। निवेश की अड़चनें दूर करने के लिए भारत-बेल्जियम निवेश फास्ट-ट्रैक तंत्र शुरू किया गया। नवीकरणीय ऊर्जा सहयोग पर नए समझौता ज्ञापन का भी स्वागत हुआ। परमाणु ऊर्जा का जिक्र केवल आर्थिक सहयोग के क्षेत्र के रूप में है, किसी संधि के रूप में नहीं।
मेघा-ट्रॉपिक्स और सरल, इसरो के किस विदेशी एजेंसी के साथ संयुक्त उपग्रह मिशन हैं?
- A.नासा
- B.जाक्सा
- C.सीएनईएस
- D.रोस्कोस्मोस
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. सीएनईएस
व्याख्या
सही उत्तर सीएनईएस है, जो फ्रांस की अंतरिक्ष एजेंसी है। विज्ञप्ति में बताया गया है कि भारत और फ्रांस की अंतरिक्ष साझेदारी लगभग छह दशक पुरानी है तथा इसरो और सीएनईएस के सहयोग में मेघा-ट्रॉपिक्स और सरल जैसे संयुक्त उपग्रह मिशन शामिल रहे हैं। इसमें यह भी जोड़ा गया है कि दोनों पक्ष पृथ्वी अवलोकन और जलवायु से जुड़े अनुप्रयोगों में सहयोग आगे बढ़ा रहे हैं, जो इन्हीं दोनों मिशनों का स्वाभाविक क्षेत्र है। विकल्प क में दी नासा अमेरिका की एजेंसी है और वह अन्य परियोजनाओं में इसरो की साझेदार है, पर यहां उसका नाम नहीं है। विकल्प ख में दी जाक्सा जापान की एजेंसी है और इस विज्ञप्ति में उसका उल्लेख नहीं है। विकल्प घ में दी रोस्कोस्मोस रूस की एजेंसी है और इन दोनों मिशनों से उसका कोई संबंध नहीं है। देश, एजेंसी और मिशन को एक साथ जोड़कर याद रखें।
भारत और फ्रांस की बैठक में जिस इंटरनेशनल स्पेस समिट की चर्चा हुई, वह किस शहर में हो रहा है?
- A.वियना
- B.पेरिस
- C.तुलूज़
- D.जिनेवा
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. पेरिस
व्याख्या
सही उत्तर पेरिस है। विज्ञप्ति के अनुसार डॉ. जितेंद्र सिंह और प्रो. फिलिप बैप्टिस्ट की वर्चुअल द्विपक्षीय बैठक इंटरनेशनल स्पेस समिट से पहले हुई, जो पेरिस में 9 और 10 सितंबर 2026 को होना है। इसी बैठक में बेंगलुरु स्पेस एक्सपो की भी चर्चा हुई, जो 7 से 9 सितंबर 2026 तक चलेगा। दोनों आयोजन कुछ ही दिनों के अंतर पर हैं, इसलिए छात्र इन्हें आपस में मिला देते हैं। विकल्प क में दिए वियना में संयुक्त राष्ट्र का बाह्य अंतरिक्ष मामलों का कार्यालय है, इसलिए यह स्वाभाविक पर गलत अनुमान बनता है। विकल्प ग में दिया तुलूज़ फ्रांस के अंतरिक्ष उद्योग का बड़ा केंद्र है और यही इसे सबसे आकर्षक भ्रामक विकल्प बनाता है, पर यह समिट वहां नहीं हो रहा। विकल्प घ में दिया जिनेवा अंतर्राष्ट्रीय दूरसंचार संघ का मुख्यालय है, जिसके ढांचे का भारत ने समर्थन किया, पर वह आयोजन स्थल नहीं है। जोड़ी याद रखें: समिट पेरिस में, एक्सपो बेंगलुरु में।