पेंट उद्योग में विलायक के रूप में किस एल्कोहल का उपयोग किया जाता है?
- A.मेथिल एल्कोहल
- B.n-प्रोपिल एल्कोहल
- C.एथिल एल्कोहल
- D.आइसो-प्रोपिल एल्कोहल
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. एथिल एल्कोहल
व्याख्या
सही उत्तर है C, एथिल एल्कोहल। एथिल एल्कोहल यानी एथेनॉल रेजिन, गोंद, रंजक और तेलों को घोल लेता है और जल्दी वाष्पित भी हो जाता है, इसलिए इससे बने पेंट, वार्निश और पॉलिश तेजी से सूखते हैं; इसी कारण यह पेंट उद्योग का आम विलायक है। इसका सूत्र C2H5OH है और यह शीरे या अनाज के किण्वन से तथा आज गन्ने से भी प्राप्त किया जाता है, जिसका एक भाग पेट्रोल में मिलाने के काम आता है। अच्छा विलायक होने के इसी गुण के कारण एथेनॉल टिंचर आयोडीन, खाँसी की दवाओं और अनेक टॉनिकों का आधार बनता है। उद्योग के लिए भेजे जाने वाले एल्कोहल में मेथेनॉल जैसे विषैले पदार्थ मिलाकर उसे रंग दिया जाता है, जिसे विकृत स्पिरिट कहते हैं, ताकि उसे पिया न जा सके। A गलत है क्योंकि मेथिल एल्कोहल अत्यंत विषैला है और थोड़ी मात्रा भी अंधापन या मृत्यु दे सकती है, इसलिए इसका उपयोग सीमित है। B गलत है क्योंकि n-प्रोपिल एल्कोहल महँगा है और इस पैमाने पर कम काम आता है। D गलत है क्योंकि आइसो-प्रोपिल एल्कोहल मुख्यतः रबिंग एल्कोहल और सफाई के एजेंट के रूप में प्रयुक्त होता है। परीक्षा टिप: एथेनॉल C2H5OH है और विकृत स्पिरिट मेथेनॉल मिलाकर अपेय बनाया गया एथेनॉल है।