वे एंजाइम जो एक ही अभिक्रिया को उत्प्रेरित करते हैं पर जिनकी अमीनो अम्ल संरचना भिन्न होती है, सामान्यतः क्या कहलाते हैं ?
- A.आइसोएंजाइम
- B.समस्थानिक (आइसोटोप)
- C.समावयवी (आइसोमर)
- D.सहएंजाइम (कोएंजाइम)
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर है A, आइसोएंजाइम। आइसोएंजाइम, जिन्हें आइसोज़ाइम भी कहते हैं, किसी एंजाइम के ऐसे अलग-अलग आणविक रूप हैं जो एक ही रासायनिक अभिक्रिया को तेज करते हैं, पर जिनका अमीनो अम्ल क्रम भिन्न होता है। संरचना अलग होने से उनके गुण भी अलग हो सकते हैं, जैसे अनुकूलतम पीएच, क्रियाधार से जुड़ने की क्षमता और वह ऊतक जिसमें वे मिलते हैं। सबसे प्रसिद्ध उदाहरण लैक्टेट डिहाइड्रोजिनेज है, जो मानव शरीर में पाँच आइसोएंजाइम रूपों में मिलता है; हृदय और यकृत वाले रूप अलग होते हैं, और डॉक्टर इन्हें मापकर किसी खास अंग की क्षति पहचानते हैं। क्रिएटिन काइनेज के आइसोएंजाइम भी हृदयाघात की पहचान में काम आते हैं। विकल्प B गलत है, क्योंकि समस्थानिक एक ही तत्व के ऐसे परमाणु हैं जिनमें न्यूट्रॉन संख्या अलग होती है, जैसे कार्बन-12 और कार्बन-14। विकल्प C गलत है, क्योंकि समावयवी समान आणविक सूत्र पर भिन्न संरचना वाले यौगिक हैं, जैसे ब्यूटेन और आइसोब्यूटेन। विकल्प D गलत है, क्योंकि सहएंजाइम छोटे गैर-प्रोटीन कार्बनिक अणु हैं, जैसे NAD, जो एंजाइम को काम करने में मदद करते हैं। परीक्षा टिप: आइसोएंजाइम: अभिक्रिया एक, प्रोटीन अलग; LDH के पाँच रूप।
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंधावकों (स्प्रिंटर्स) की मांसपेशियों में निम्नलिखित में से किसके जमा होने से ऐंठन होती है?
- A.लैक्टिक अम्ल
- B.एथेनॉल
- C.पाइरुविक अम्ल
- D.ग्लूकोज
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तेज दौड़ के दौरान मांसपेशियों को ऊर्जा की जरूरत इतनी तेजी से होती है कि रक्त पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुँचा पाता, इसलिए वे अवायवीय श्वसन करने लगती हैं और लैक्टिक अम्ल जमा हो जाता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →निम्नलिखित में से किस तत्व का पता "लैसेन परीक्षण" से नहीं लगाया जा सकता?
- A.I
- B.Cl
- C.S
- D.F
उत्तर देखें
लैसेन परीक्षण से फ्लोरीन का पता नहीं लगता, क्योंकि सिल्वर फ्लोराइड पानी में घुलनशील है और कोई अवक्षेप नहीं देता।
पूरी व्याख्या पढ़ें →पक्षियों और चमगादड़ों के पंखों को समवृत्ति (एनालॉगस) संरचनाएँ माना जाता है, क्योंकि उनमें होता है
- A.समान उत्पत्ति और समान कार्य
- B.भिन्न उत्पत्ति और समान कार्य
- C.समान उत्पत्ति और भिन्न कार्य
- D.भिन्न उत्पत्ति और भिन्न कार्य
उत्तर देखें
समवृत्ति संरचनाएँ एक जैसा काम करती हैं पर उनका विकास अलग-अलग हुआ होता है, और पक्षियों तथा चमगादड़ों के पंख इसका मानक उदाहरण हैं।
पूरी व्याख्या पढ़ें →निम्नलिखित में से कौन-सा एक मुक्तजीवी (स्वतंत्र रूप से रहने वाला) जंतु है?
- A.लिवर फ्लूक
- B.वुचेरेरिया
- C.प्लाज्मोडियम
- D.प्लेनेरिया
उत्तर देखें
प्लेनेरिया एक मुक्तजीवी चपटा कृमि है, जबकि बाकी तीनों परजीवी हैं जो किसी पोषक के भीतर रहते हैं। प्लेनेरिया संघ प्लेटीहेल्मिन्थीज़ का सदस्य है और मीठे पानी के तालाबों और धाराओं में पत्थरों के नीचे सरकते हुए छोटे जीवों को खाता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →किसी कण का रैखिक संवेग संरक्षित रहता है यदि:
- A.उस पर कुल बल अधिकतम हो।
- B.उस पर कुल बल शून्य हो।
- C.उस पर कुल बल-आघूर्ण शून्य हो।
- D.उस पर किया गया कुल कार्य अधिकतम हो।
उत्तर देखें
रैखिक संवेग तभी स्थिर रहता है जब कोई कुल बाहरी बल न लगे। रैखिक संवेग द्रव्यमान और वेग का गुणनफल है, p = mv।
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