सीएसआईआर ने जिस दक्षिण केंद्र के साथ सहयोग पत्र पर हस्ताक्षर किए, वह किस संस्थान में स्थित है?
- A.विकासशील देशों के लिए अनुसंधान एवं सूचना प्रणाली (आरआईएस)
- B.भारतीय विश्व मामलों की परिषद
- C.नीति आयोग
- D.भारतीय विदेश व्यापार संस्थान
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर विकासशील देशों के लिए अनुसंधान एवं सूचना प्रणाली (आरआईएस) है। ग्लोबल साउथ उत्कृष्टता केंद्र दक्षिण इसी संस्थान में स्थित है और इसी हैसियत से उसने 3 नवंबर 2026 को सीएसआईआर के साथ सहयोग पत्र पर हस्ताक्षर किए।
विकल्प B, भारतीय विश्व मामलों की परिषद, अंतरराष्ट्रीय संबंधों पर काम करने वाली अलग संस्था है और इसमें उसकी कोई भूमिका नहीं थी। विकल्प C, नीति आयोग, केंद्र का नीति विषयक सलाहकार निकाय है और दक्षिण की मेजबानी नहीं करता। विकल्प D, भारतीय विदेश व्यापार संस्थान, व्यापार की पढ़ाई और शोध करता है, लेकिन यह केंद्र वहां नहीं है। हस्ताक्षर के मौके पर आरआईएस की ओर से महानिदेशक प्रोफेसर सचिन कुमार शर्मा ने बात रखी, जबकि सीएसआईआर का प्रतिनिधित्व उसके अंतरराष्ट्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मामलों के निदेशालय के डॉ. रमा स्वामी बंसल ने किया।
पूरा लेख पढ़ें: सीएसआईआर और दक्षिण-आरआईएस के बीच समझौता
अभ्यास प्रश्न
सीएसआईआर के साथ समझौता करने वाला दक्षिण निम्नलिखित में से क्या है?
- A.विकास सहायता ज्ञान केंद्र
- B.ग्लोबल साउथ उत्कृष्टता केंद्र
- C.दक्षिणी विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मिशन
- D.विकासशील एशिया ज्ञान नेटवर्क
उत्तर देखें
दक्षिण यही है और यह विकासशील देशों के लिए अनुसंधान एवं सूचना प्रणाली में स्थित है, जहां से वह विकासशील देशों के बीच ज्ञान और आपसी सीख फैलाने का काम करता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →सीएसआईआर-दक्षिण सहयोग पत्र के तहत निम्नलिखित में से किसे प्रमुख सहयोग क्षेत्र के रूप में नहीं बताया गया?
- A.स्वास्थ्य सेवा
- B.नील अर्थव्यवस्था
- C.अंतरिक्ष प्रक्षेपण सेवाएं
- D.डिजिटल अर्थव्यवस्था
उत्तर देखें
आरआईएस के महानिदेशक प्रोफेसर सचिन कुमार शर्मा ने पांच क्षेत्रों को विशेष रूप से संभावनाशील बताया था: स्वास्थ्य सेवा, अधोसंरचना, कृषि, नील अर्थव्यवस्था और डिजिटल अर्थव्यवस्था।
पूरी व्याख्या पढ़ें →सीएसआईआर-दक्षिण समझौते का मुख्य लक्ष्य किस प्रकार के सहयोग को मजबूत करना है?
- A.उत्तर-उत्तर सहयोग
- B.दक्षिण-दक्षिण सहयोग
- C.ट्रांस-अटलांटिक सहयोग
- D.आर्कटिक सहयोग
उत्तर देखें
पूरे समझौते का ढांचा इसी पर टिका है, क्योंकि दक्षिण ग्लोबल साउथ के देशों के लिए काम करता है और सीएसआईआर अपनी तुरंत लगने वाली, सस्ती तथा ढाली जा सकने वाली तकनीकें इसी समूह तक पहुंचा रहा है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →डॉ. जितेंद्र सिंह ने हिंद-प्रशांत में महासागर विज्ञान सहयोग के लिए कौन सा मार्गदर्शक सिद्धांत सुझाया?
- A.एक महासागर, साझा ज्ञान और न्यायसंगत समृद्धि
- B.एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य
- C.क्षेत्र में सबके लिए सुरक्षा और विकास
- D.साझा समृद्धि के लिए नील अर्थव्यवस्था
उत्तर देखें
मंत्री ने इसे हिंद-प्रशांत में सहयोग का मार्गदर्शक सिद्धांत बताया और कहा कि महासागर राजनीतिक सीमाओं का पालन नहीं करते, इसलिए समुद्री प्रदूषण या समुद्री तापमान में बदलाव का असर उस देश से बाहर भी जाता है जहां से वह आरंभ होता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →मत्स्य पनडुब्बी कितने एक्वानॉट को ले जाने के लिए बनाई गई है?
- A.दो
- B.तीन
- C.चार
- D.छह
उत्तर देखें
समुद्रयान मिशन की पनडुब्बी तीन एक्वानॉट को पांच से छह हजार मीटर के बीच की गहराई तक ले जाने के लिए बनाई गई है और यही वाहन भारत के प्रस्तावित मानवयुक्त गोते का आधार है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →