रेशम किस प्रकार के जीव से प्राप्त होता है?
- A.शलभ (मॉथ)
- B.बकरी
- C.भेड़
- D.तितली
सही उत्तर
A. शलभ (मॉथ)
व्याख्या
सही उत्तर है A, शलभ (मॉथ)। रेशम शलभ के लार्वा द्वारा बनाए गए कोकून से प्राप्त होता है।
सामान्य रेशम कीट का वैज्ञानिक नाम बॉम्बिक्स मोराई है और इसके पालन को रेशम कीट पालन या सेरीकल्चर कहते हैं। मादा सैकड़ों अंडे देती है, लार्वा यानी रेशम कीट शहतूत की पत्तियाँ खाता है और प्यूपा बनने से पहले अपनी लार ग्रंथियों से प्रोटीन का धागा निकालकर स्वयं को कोकून में लपेट लेता है। इन कोकूनों को भाप या गर्म पानी से उपचारित करके एक लंबा रेशा लपेटा जाता है। भारत में रेशम उत्पादन में कर्नाटक पहले स्थान पर है और भारत चीन के बाद दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक है।
विकल्प B गलत है क्योंकि बकरी से मोहेयर, पश्मीना और कश्मीरी ऊन मिलता है। विकल्प C गलत है, भेड़ से ऊन मिलता है। विकल्प D गलत है क्योंकि तितलियाँ व्यापारिक रेशम कोकून नहीं बनातीं; दोनों लेपिडोप्टेरा गण के हैं, पर रेशम के लिए केवल शलभ पाले जाते हैं।
परीक्षा टिप: रेशम - बॉम्बिक्स मोराई शलभ और शहतूत; ऊन - भेड़ और बकरी।
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंनिम्नलिखित में से कौन सा कथन गलत है?
- A.धातुओं के गलनांक उच्च होते हैं।
- B.धातुएँ ऊष्मा की सुचालक होती हैं।
- C.सीसा और पारा ऊष्मा के सर्वोत्तम चालक हैं।
- D.शुद्ध धातुओं की सतह चमकदार होती है।
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. सीसा और पारा ऊष्मा के सर्वोत्तम चालक हैं।
व्याख्या
सही उत्तर है C। वास्तव में सीसा और पारा धातुओं में ऊष्मा के सबसे खराब चालक हैं, इसलिए उन्हें सर्वोत्तम चालक कहना गलत है।
धातुएँ ऊष्मा और विद्युत का चालन अपने मुक्त इलेक्ट्रॉनों के कारण करती हैं, जो जालक में स्वतंत्र रूप से चलते हैं। ऊष्मा का सर्वोत्तम चालक चांदी है और उसके बाद तांबा, इसीलिए बरतन और ऊष्मा-सिंक तांबे तथा एल्युमिनियम के बनाए जाते हैं। सीसा और पारा इतना कमजोर चालन करते हैं कि उन्हें खराब धात्विक चालकों का उदाहरण माना जाता है।
विकल्प A सही कथन है, अधिकांश धातुएँ ऊँचे तापमान पर पिघलती हैं, जैसे टंगस्टन लगभग 3400 डिग्री सेल्सियस पर, हालाँकि गैलियम और सीजियम अपवाद हैं। विकल्प B सही है क्योंकि ऊष्मा का अच्छा चालन धातुओं का प्रमुख गुण है। विकल्प D भी सही है, ताजा कटी धातु की सतह चमकदार होती है और कलंकन ऑक्साइड की परत से होता है।
परीक्षा टिप: सर्वोत्तम चालक - चांदी, फिर तांबा; सबसे खराब धात्विक चालक - सीसा और पारा।
निम्नलिखित में से कौन सा ऊतक जंतु शरीर में सुरक्षात्मक ऊतक है?
- A.पेशीय ऊतक
- B.तंत्रिका ऊतक
- C.उपकला ऊतक
- D.संयोजी ऊतक
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. उपकला ऊतक
व्याख्या
सही उत्तर है C, उपकला ऊतक। उपकला ऊतक शरीर को ढकता है और अंगों का आंतरिक आस्तर बनाता है, इसलिए यही सुरक्षात्मक ऊतक है।
यह त्वचा की बाहरी परत तथा मुँह, आमाशय, आँत, रक्त वाहिकाओं और वृक्क नलिकाओं का आस्तर बनाता है। इसकी कोशिकाएँ बहुत सटी हुई होती हैं, उनके बीच लगभग कोई अंतरकोशिकीय पदार्थ नहीं होता और वे आधार झिल्ली पर टिकी रहती हैं। ये रोगाणुओं, चोट और जल की हानि के विरुद्ध अवरोध का काम करती हैं। उपकला ऊतक अवशोषण और स्रावण में भी भाग लेता है, इसीलिए ग्रंथियाँ इसी से बनी होती हैं। इसके प्रकार हैं - शल्की, घनाकार, स्तंभाकार, पक्ष्माभी और ग्रंथिल।
विकल्प A गलत है क्योंकि पेशीय ऊतक संकुचन से गति उत्पन्न करता है। विकल्प B गलत है, तंत्रिका ऊतक आवेगों का संचालन करता है। विकल्प D गलत है क्योंकि अस्थि, उपास्थि, रक्त और वसा जैसे संयोजी ऊतक अंगों को जोड़ते और सहारा देते हैं।
परीक्षा टिप: चार जंतु ऊतक - उपकला रक्षा, पेशीय गति, तंत्रिका संचालन, संयोजी सहारा।
'कैलावेराइट' नामक खनिज एक टेल्यूराइड खनिज है, जिसमें पाया जाता है:
- A.चांदी
- B.जस्ता
- C.तांबा
- D.सोना
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. सोना
व्याख्या
सही उत्तर है D, सोना। कैलावेराइट सोने का टेल्यूराइड है, जिसका सूत्र AuTe2 है।
यह उन गिने-चुने खनिजों में है जिनमें सोना मुक्त धातु के रूप में नहीं, बल्कि रासायनिक रूप से संयुक्त अवस्था में मिलता है। सोना एक उत्कृष्ट धातु है, इसलिए वह सामान्यतः अभिक्रिया नहीं करता। इस खनिज का नाम कैलिफोर्निया के कैलावेरास काउंटी पर पड़ा, जहाँ 1861 में यह मिला था। ऑस्ट्रेलिया के कालगुर्ली और कोलोराडो के क्रिपल क्रीक में यह सोने का महत्वपूर्ण अयस्क है। इसका रंग पीतल जैसा पीला से चाँदी जैसा सफेद होता है और यह भंगुर होता है।
विकल्प A गलत है क्योंकि चांदी का टेल्यूराइड हेसाइट है और चांदी का मुख्य अयस्क अर्जेंटाइट है। विकल्प B गलत है, जस्ता मुख्यतः जिंक ब्लेंड नामक सल्फाइड से मिलता है। विकल्प C गलत है क्योंकि तांबा मुख्यतः कॉपर पाइराइट, मैलाकाइट और क्यूप्राइट से प्राप्त होता है।
परीक्षा टिप: अयस्क और धातु - कैलावेराइट सोना, अर्जेंटाइट चांदी, जिंक ब्लेंड जस्ता, बॉक्साइट एल्युमिनियम, हेमेटाइट लोहा, सिनेबार पारा।
बेरियम नाइट्रेट का उपयोग सिग्नल फ्लेयर और आतिशबाजी में किया जाता है, जो चमकीले _______ रंग में जलती है।
- A.नारंगी
- B.नीले
- C.पीले
- D.हरे
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. हरे
व्याख्या
सही उत्तर है D, हरे। बेरियम नाइट्रेट जैसे बेरियम यौगिक आतिशबाजी और सिग्नल फ्लेयर को चमकीली हरी लौ देते हैं।
यह रंग ज्वाला परीक्षण के कारण आता है। गर्मी से धातु आयन के इलेक्ट्रॉन उत्तेजित होते हैं और वापस लौटते समय एक निश्चित तरंगदैर्ध्य का प्रकाश छोड़ते हैं, जो उस धातु की पहचान होती है। बेरियम सेब जैसा हरा रंग देता है, इसलिए आतिशबाजी में हरे रंग के लिए बेरियम नाइट्रेट मानक पदार्थ है। यह जलते मिश्रण को ऑक्सीजन भी देता है।
विकल्प A गलत है क्योंकि नारंगी रंग कैल्शियम लवणों, जैसे कैल्शियम क्लोराइड से मिलता है। विकल्प B गलत है क्योंकि नीला रंग तांबे के यौगिकों, विशेषकर कॉपर क्लोराइड से आता है। विकल्प C गलत है क्योंकि पीला रंग सोडियम की पहचान है, इसीलिए सोडियम वाष्प लैंप पीला जलता है।
परीक्षा टिप: लौ के रंग याद रखें - सोडियम पीला, पोटैशियम बैंगनी, कैल्शियम ईंट जैसा लाल, तांबा नीला-हरा, बेरियम हरा, स्ट्रोंशियम गहरा लाल।
निम्नलिखित में से कौन एक एल्डिहाइड है?
- A.प्रोपेनल
- B.प्रोपेनॉल
- C.प्रोपाइन
- D.प्रोपेनोन
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. प्रोपेनल
व्याख्या
सही उत्तर है A, प्रोपेनल। नाम के अंत में आने वाला 'अल' एल्डिहाइड का संकेत है, इसलिए प्रोपेनल तीन कार्बन वाला एल्डिहाइड है, जिसका सूत्र CH3CH2CHO है।
एल्डिहाइड में कार्बन श्रृंखला के सिरे पर -CHO समूह होता है, जिसमें कार्बोनिल कार्बन के साथ एक हाइड्रोजन जुड़ा रहता है। कार्बनिक रसायन की नामकरण पद्धति में प्रत्यय से परिवार का पता चलता है: एल्डिहाइड के लिए 'अल', ऐल्कोहॉल के लिए 'ऑल', कीटोन के लिए 'ओन', कार्बोक्सिलिक अम्ल के लिए 'ओइक अम्ल', ऐल्केन के लिए 'एन', ऐल्कीन के लिए 'ईन' और ऐल्काइन के लिए 'आइन'। मेथेनल और एथेनल इस श्रेणी के पहले दो एल्डिहाइड हैं।
B गलत है: प्रोपेनॉल के अंत में 'ऑल' है, इसलिए यह -OH समूह वाला ऐल्कोहॉल है। C गलत है: प्रोपाइन के अंत में 'आइन' है और यह त्रिबंध वाला ऐल्काइन है। D गलत है: प्रोपेनोन के अंत में 'ओन' है और यह कीटोन है, जिसे एसीटोन कहते हैं।
परीक्षा टिप: अल से एल्डिहाइड, ऑल से ऐल्कोहॉल, ओन से कीटोन, ओइक अम्ल से कार्बोक्सिलिक अम्ल।