राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में ग्रैप के चरण किस संस्था की उप-समिति लागू करती है?
- A.केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी)
- B.वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम)
- C.भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी)
- D.दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी)
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) है। सीएक्यूएम की ग्रैप संबंधी उप-समिति ने ही 6 नवंबर 2026 को बैठक कर हवा के आंकड़ों और पूर्वानुमानों का अध्ययन किया और पूरे एनसीआर में चरण-III लागू करने का फैसला किया। विकल्प A यानी सीपीसीबी गलत है, क्योंकि उसकी भूमिका दैनिक एक्यूआई बुलेटिन जारी करने की थी, जिसमें दिल्ली का औसत 382 बताया गया; उसने आंकड़ा दिया, फैसला नहीं लिया। विकल्प C यानी आईएमडी भी गलत है, क्योंकि उसने आईआईटीएम के साथ यह पूर्वानुमान दिया कि एक्यूआई 'गंभीर' हो सकता है; पूर्वानुमान फैसले का आधार है, आदेश नहीं। विकल्प D यानी डीपीसीसी इसलिए गलत है कि वह लागू कराने वाली एजेंसियों में शामिल है, जिसे एनसीआर राज्यों के प्रदूषण नियंत्रण बोर्डों के साथ तीनों चरणों का सख्ती से पालन कराने को कहा गया है। इसलिए फैसला लेने वाली संस्था और लागू कराने वाली एजेंसी का फर्क याद रखें।
पूरा लेख पढ़ें: दिल्ली-एनसीआर में ग्रैप चरण-III लागू, एक्यूआई 382
अभ्यास प्रश्न
6 नवंबर 2026 को दिल्ली-एनसीआर में श्रेणीबद्ध प्रतिक्रिया कार्य योजना (ग्रैप) का कौन-सा चरण लागू किया गया?
- A.चरण-I
- B.चरण-II
- C.चरण-III
- D.चरण-IV
उत्तर देखें
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) की ग्रैप संबंधी उप-समिति ने 6 नवंबर 2026 को दिल्ली-एनसीआर की हवा और आईएमडी व आईआईटीएम के पूर्वानुमानों की समीक्षा के बाद पूरे एनसीआर में चरण-III को तुरंत लागू करने का फैसला किया।
पूरी व्याख्या पढ़ें →ग्रैप चरण-III लागू होने के समय, 6 नवंबर 2026 को दिल्ली का दैनिक औसत एक्यूआई कितना था?
- A.328
- B.382
- C.412
- D.450
उत्तर देखें
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के 6 नवंबर 2026 के दैनिक एक्यूआई बुलेटिन के अनुसार दिल्ली का दैनिक औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक 382 रहा, जो 'बहुत खराब' श्रेणी में आता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →एथेनॉल आपूर्ति वर्ष 2014-15 से एथेनॉल मिश्रण कार्यक्रम से कितनी विदेशी मुद्रा बची है?
- A.62,000 करोड़ रुपये से अधिक
- B.1.01 लाख करोड़ रुपये से अधिक
- C.1.66 लाख करोड़ रुपये से अधिक
- D.1.97 लाख करोड़ रुपये से अधिक
उत्तर देखें
मंत्रालय ने ईएसवाई 2014-15 से कार्यक्रम की चार संचयी उपलब्धियां बताईं - इतनी विदेशी मुद्रा की बचत, लगभग 316 लाख मीट्रिक टन कच्चे तेल का प्रतिस्थापन, लगभग 952 लाख मीट्रिक टन कार्बन डाइऑक्साइड में कमी और किसानों को 1.66 लाख करोड़ रुपये से अधिक का हस्तांतरण।
पूरी व्याख्या पढ़ें →कर्नाटक में जांचे गए नमूनों में एथेनॉल की औसत मात्रा कितनी दर्ज हुई?
- A.19.30 प्रतिशत
- B.21.50 प्रतिशत
- C.26 प्रतिशत
- D.31 प्रतिशत
उत्तर देखें
कर्नाटक में अलग-अलग स्थानों और तीनों तेल विपणन कंपनियों से लिए गए सभी 56 नमूने निर्धारित विनिर्देश के अनुरूप पाए गए, जिनमें एथेनॉल की मात्रा 19 से 20 प्रतिशत के बीच रही और औसत यही आंकड़ा निकला।
पूरी व्याख्या पढ़ें →एथेनॉल मिश्रित मोटर गैसोलीन के लिए भारतीय मानक ब्यूरो का कौन-सा विनिर्देश लागू होता है?
- A.आईएस 1460
- B.आईएस 2796
- C.आईएस 17021
- D.आईएस 15607
उत्तर देखें
यह एथेनॉल मिश्रित मोटर गैसोलीन के लिए भारतीय मानक ब्यूरो का विनिर्देश है और तीनों सार्वजनिक तेल विपणन कंपनियों द्वारा देश भर में आपूर्ति किए जाने वाले ई20 पेट्रोल को इसी के अनुरूप होना जरूरी है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →