किस पुनर्जागरणकालीन कलाकार ने 'द लास्ट सपर' चित्रित किया था?
- A.माइकल एंजेलो
- B.दोनातेल्लो
- C.बॉटिचेली
- D.लियोनार्डो दा विंची
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर है D, लियोनार्डो दा विंची। उन्होंने लगभग 1495 से 1498 के बीच मिलान के सांता मारिया देल्ले ग्राज़िए कॉन्वेंट के भोजन कक्ष की दीवार पर द लास्ट सपर बनाया।
इस भित्तिचित्र में ईसा मसीह उस क्षण में दिखाए गए हैं जब वे अपने बारह शिष्यों से कहते हैं कि उनमें से एक उन्हें धोखा देगा। यह हर शिष्य की अलग प्रतिक्रिया और परिप्रेक्ष्य के प्रयोग के लिए प्रसिद्ध है, जो दर्शक की नज़र बीच में बैठे ईसा पर ले जाता है। लियोनार्डो ने इसे असली फ्रेस्को की जगह सूखे पलस्तर पर टेम्परा और तेल रंगों से बनाया, इसलिए उनके जीवनकाल में ही रंग उखड़ने लगे और इसे बार-बार पुनर्स्थापित करना पड़ा। मोना लिसा भी उन्होंने बनाई थी और वे इंजीनियर, वैज्ञानिक व आविष्कारक भी थे।
A गलत है, क्योंकि माइकल एंजेलो सिस्टीन चैपल की छत और डेविड की मूर्ति के लिए जाने जाते हैं। B गलत है, क्योंकि दोनातेल्लो फ्लोरेंस के मूर्तिकार थे, जिनकी काँसे की डेविड प्रसिद्ध है। C गलत है, क्योंकि बॉटिचेली ने द बर्थ ऑफ वीनस और प्रिमावेरा बनाए।
Exam tip: लियोनार्डो: लास्ट सपर और मोना लिसा; माइकल एंजेलो: सिस्टीन चैपल और डेविड; बॉटिचेली: बर्थ ऑफ वीनस।
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंएलिफेंटा द्वीप के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
- A.इसका नाम अंग्रेज़ों ने वहाँ स्थित हाथी की एक विशाल आकृति के कारण रखा था।
- B.इसमें केवल एक बड़ी गुफा है।
- C.यह विष्णुधर्मोत्तर पुराण में वर्णित विष्णु की एक भव्य नक्काशी के लिए प्रसिद्ध है।
- D.यह पाशुपत संप्रदाय से जुड़ा है।
उत्तर देखें
एलिफेंटा की गुफाएँ शैव शैलकृत मंदिर हैं और विद्वान इनकी मूर्तिकला को शिव के उपासक पाशुपत संप्रदाय से जोड़ते हैं।
पूरी व्याख्या पढ़ें →'इनवैल्यूएबल ट्रेज़र्स ऑफ इनक्रेडिबल इंडिया' टैगलाइन किसके लोगो से संबंधित है?
- A.भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण
- B.भारत पर्यटन विकास निगम
- C.भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण
- D.भारत के भौगोलिक संकेतक (GI)
उत्तर देखें
नवंबर 2018 में वाणिज्य मंत्रालय के औद्योगिक नीति एवं संवर्धन विभाग ने GI टैग वाले उत्पादों के लिए एक साझा लोगो जारी किया, जिसकी टैगलाइन थी "इनवैल्यूएबल ट्रेज़र्स ऑफ इनक्रेडिबल इंडिया"।
पूरी व्याख्या पढ़ें →भारत में बौद्ध स्तूपों के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही नहीं है?
- A.अशोक ने स्तूप पूजा को लोकप्रिय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
- B.ये बुद्ध और अन्य भिक्षुओं के अवशेषों के भंडार थे।
- C.ये ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित थे।
- D.ये व्यापार मार्गों के निकट स्थित थे।
उत्तर देखें
स्तूप प्रायः नगरों के पास और व्यापार मार्गों पर बनाए गए, जहाँ व्यापारी और नगरवासी आकर उन्हें दान दे सकते थे।
पूरी व्याख्या पढ़ें →नालायिर दिव्य प्रबंधम के 10वीं शताब्दी के रचयिता कौन था/थे?
- A.आलवार
- B.नयनार
- C.अप्पार
- D.संबंदर
उत्तर देखें
तमिल वैष्णव परंपरा के 4,000 पवित्र पदों का संग्रह नालायिर दिव्य प्रबंधम बारह आलवारों की रचना है, जिसे 10वीं शताब्दी में एक संग्रह के रूप में संकलित किया गया।
पूरी व्याख्या पढ़ें →निम्नलिखित पर विचार कीजिए : 1. तुगलकाबाद किला 2. लोधी गार्डन में बड़ा गुंबद 3. कुतुब मीनार 4. फतेहपुर सीकरी उपर्युक्त स्मारकों के निर्माण का सही कालानुक्रम निम्नलिखित में से कौन-सा है?
- A.3, 1, 4, 2
- B.3, 1, 2, 4
- C.1, 3, 2, 4
- D.1, 3, 4, 2
उत्तर देखें
सबसे पहले कुतुब मीनार बनी, फिर तुगलकाबाद किला, फिर लोदी काल का बड़ा गुंबद और अंत में मुगल नगर फतेहपुर सीकरी।
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