मुख्य सामग्री पर जाएं
GK24
GK क्विजसामान्य विज्ञान

सामान्य विज्ञान मिश्रित क्विज: सेट 66

  • 20 प्रश्न
  • 20 मिनट
  • कठिनाई: मध्यम
क्विज शुरू करें

इस क्विज के बारे में

सामान्य विज्ञान मिश्रित क्विज़ (सेट 66) में 20 बहुविकल्पीय प्रश्न हैं, जो इस विषय के 10 अलग-अलग टॉपिक से लिए गए हैं: अयस्क, धातुकर्म और मिश्रधातुएं, औद्योगिक रसायन: कांच, सीमेंट, उर्वरक और विस्फोटक, ईंधन और दहन और अन्य। इनमें से 12 प्रश्न पिछले वर्षों की वास्तविक परीक्षाओं में पूछे जा चुके हैं। टॉपिक-वार क्विज़ एक अध्याय की जाँच करता है, जबकि यह सेट पूरे विषय को एक साथ दोहराता है, जैसा परीक्षा में होता है जहाँ अगला प्रश्न किसी भी अध्याय से आ सकता है। हर प्रश्न के साथ सही विकल्प की और बाकी विकल्पों के गलत होने की व्याख्या दी गई है। समय का पालन करते हुए हल करें, अंत में व्याख्याएँ पढ़ें और जिस टॉपिक में गलती हुई उसके नोट्स दोबारा पढ़ें।

इस क्विज के प्रश्न

20 प्रश्न उत्तर और व्याख्या सहित

Q1.सामान्य विज्ञानकठिन

वात्या भट्टी में हेमेटाइट तथा कोक के साथ चूना पत्थर मुख्यतः किस कारण मिलाया जाता है?

  1. A.लोहे के ऑक्साइड का लोहे में अपचयन करने के लिए
  2. B.गालक का कार्य करके सिलिका को धातुमल के रूप में हटाने के लिए
  3. C.भट्टी का ताप बढ़ाने के लिए
  4. D.कच्चे लोहे में कार्बन की मात्रा बढ़ाने के लिए
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. गालक का कार्य करके सिलिका को धातुमल के रूप में हटाने के लिए

व्याख्या

सही उत्तर B है। चूना पत्थर भट्टी में वियोजित होकर कैल्शियम ऑक्साइड बनाता है, जो एक क्षारकीय गालक है और अयस्क के अम्लीय सिलिका गैंग से संयोग करके कैल्शियम सिलिकेट बनाता है, जो एक गलनशील धातुमल है, पिघले लोहे पर तैरता है और अलग निकाल लिया जाता है। विकल्प A गलत है क्योंकि लोहे के ऑक्साइड का अपचयन कोक तथा उससे बने कार्बन मोनोऑक्साइड से होता है, चूना पत्थर से नहीं; यही वह प्रतिष्ठित कार्बन अपचयन है जो मध्यम क्रियाशील धातुओं के लिए प्रयुक्त होता है। विकल्प C गलत है क्योंकि ताप गर्म वायु की धौंकनी में कोक के जलने से आता है, और चूना पत्थर का वियोजन वस्तुतः ताप सोखता है। विकल्प D गलत है क्योंकि कच्चा लोहा कोक से कार्बन लेता है और उसमें लोहे के उत्पादों में सर्वाधिक कार्बन होता है, किंतु उसमें चूना पत्थर की कोई भूमिका नहीं; पिटवां लोहे में कार्बन सबसे कम और इस्पात में मध्यम मात्रा होती है।

Q2.सामान्य विज्ञानपूछा गया: SSC MTS · 04 Oct 2017, Shift 2आसान

सीमेंट, रोड़ी, मोटी बालू और पानी के मिश्रण को _______ कहा जाता है।

  1. A.मोर्टार
  2. B.कंक्रीट
  3. C.स्लरी
  4. D.मॉडरेटर
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. कंक्रीट

व्याख्या

सही उत्तर है B, कंक्रीट। कंक्रीट वह निर्माण सामग्री है जो सीमेंट के साथ रोड़ी जैसे मोटे गिट्टी पदार्थ, बालू जैसे महीन पदार्थ और पानी मिलाकर बनाई जाती है।

सीमेंट और पानी के बीच जलयोजन नामक अभिक्रिया होती है, जिससे मिश्रण जमकर कठोर हो जाता है और गिट्टी को बाँध लेता है। साधारण काम के लिए एक भाग सीमेंट, दो भाग बालू और चार भाग रोड़ी का अनुपात आम है, जिसे 1:2:4 लिखा जाता है। कंक्रीट संपीडन में मजबूत पर तनाव में कमजोर होती है, इसलिए इसमें लोहे की छड़ें डालकर प्रबलित सीमेंट कंक्रीट बनाई जाती है, जिससे आज की इमारतें, पुल और बाँध बनते हैं।

विकल्प A, मोर्टार, में केवल सीमेंट या चूना, बालू और पानी होता है, रोड़ी नहीं, और इससे ईंटें जोड़ी जाती हैं। विकल्प C, स्लरी, किसी ठोस का पतला बहने वाला मिश्रण है। विकल्प D, मॉडरेटर, नाभिकीय रिएक्टर में न्यूट्रॉन की गति धीमी करने वाला पदार्थ है।

परीक्षा सुझाव: मोर्टार में रोड़ी नहीं, कंक्रीट में रोड़ी, और लोहे की छड़ मिलाने पर आरसीसी।

Q3.सामान्य विज्ञानआसान

बंद कमरे में कार्बन ईंधन का अपूर्ण दहन मुख्यतः किस कारण खतरनाक होता है?

  1. A.कार्बन डाइऑक्साइड
  2. B.कार्बन मोनोऑक्साइड
  3. C.सल्फर डाइऑक्साइड
  4. D.नाइट्रोजन डाइऑक्साइड
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. कार्बन मोनोऑक्साइड

व्याख्या

सही उत्तर B, कार्बन मोनोऑक्साइड है। जब ऑक्सीजन की आपूर्ति कम पड़ती है तो ईंधन का कार्बन केवल आंशिक रूप से ऑक्सीकृत होता है और कार्बन डाइऑक्साइड के स्थान पर कार्बन मोनोऑक्साइड बनती है। कार्बन मोनोऑक्साइड रंगहीन तथा गंधहीन है, इसलिए कोई चेतावनी नहीं देती, और वह रक्त के हीमोग्लोबिन से ऑक्सीजन की तुलना में कहीं अधिक मजबूती से जुड़कर कार्बोक्सीहीमोग्लोबिन बनाती है तथा ऊतकों को ऑक्सीजन से वंचित कर देती है; इसी कारण बंद कमरे में अंगीठी जलाकर सोने वालों की मृत्यु हो जाती है। A गलत है क्योंकि कार्बन डाइऑक्साइड पूर्ण दहन का उत्पाद है; वह हरितगृह गैस है और बहुत अधिक मात्रा में दम घोट सकती है, परंतु यहां अभिप्रेत विष वह नहीं है। C गलत है क्योंकि सल्फर डाइऑक्साइड कोयले तथा पेट्रोलियम के सल्फर से बनती है और अम्ल वर्षा का कारण है। D गलत है क्योंकि नाइट्रोजन के ऑक्साइड इंजनों के उच्च ताप पर बनते हैं।

Q4.सामान्य विज्ञानपूछा गया: RRB ALP · RRB ALP CBT I Official Mock Test 2024आसान

पिसीकल्चर शब्द किससे संबंधित है?

  1. A.मधुमक्खी पालन
  2. B.रेशम कीट पालन
  3. C.मछली पालन
  4. D.पक्षी पालन
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. मछली पालन

व्याख्या

सही उत्तर है C, मछली पालन। पिसीकल्चर का अर्थ तालाबों, जलकुंडों तथा अन्य प्रबंधित जलाशयों में मछली पालना है; लैटिन शब्द पिसिस का अर्थ ही मछली है। यह जलकृषि की एक शाखा है और भारत विश्व के सबसे बड़े मछली उत्पादकों में एक है। मछली उत्पादन की योजनाबद्ध वृद्धि को नीली क्रांति कहा जाता है, और रोहू, कतला तथा मृगल भारतीय तालाबों में पाली जाने वाली प्रमुख कार्प मछलियाँ हैं। A गलत है क्योंकि मधुमक्खी पालन एपीकल्चर कहलाता है, जिससे शहद और मोम मिलता है। B गलत है क्योंकि रेशम कीट पालन सेरीकल्चर है, जिसमें शहतूत खाने वाला बॉम्बिक्स मोराई कीट संसार का अधिकांश रेशम देता है। D गलत है क्योंकि पक्षी पालन एवीकल्चर कहलाता है और अंडे तथा मांस के लिए मुर्गी पालना कुक्कुट पालन है। परीक्षा टिप: सभी शब्द साथ याद रखें - पिसीकल्चर मछली, एपीकल्चर मधुमक्खी, सेरीकल्चर रेशम कीट, एवीकल्चर पक्षी, हॉर्टीकल्चर फल-सब्जी, फ्लोरीकल्चर फूल।

Q5.सामान्य विज्ञानपूछा गया: उत्तर प्रदेश · UPPSC Civil Service 2017 Official Paper आसान

निम्नलिखित में से कौन एक प्राकृतिक बहुलक है?

  1. A.बैकेलाइट
  2. B.रेशम
  3. C.केवलर
  4. D.लेक्सान
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. रेशम

व्याख्या

सही उत्तर B, रेशम है। रेशम प्रोटीन फाइब्रोइन है, जिसे रेशम का कीट बनाता है, इसलिए वह किसी जीव द्वारा बनाया गया बहुलक है और सेलुलोस, मंड, ऊन तथा प्राकृतिक रबर की तरह प्राकृतिक है। A, बैकेलाइट, गलत है क्योंकि वह पूर्णतः संश्लेषित तापदृढ़ प्लास्टिक है, जो कारखाने में फीनॉल और फॉर्मेल्डिहाइड के संघनन से बनता है, और वास्तव में वही पहला पूर्णतः संश्लेषित प्लास्टिक था। C, केवलर, गलत है क्योंकि वह संश्लेषित ऐरामिड बहुलक है, जो एक ऐरोमैटिक डाइऐमीन तथा एक अम्ल क्लोराइड से बनता है और गोली रोकने वाली जैकेट तथा हेलमेट में काम आता है। D, लेक्सान, गलत है क्योंकि वह संश्लेषित पॉलीकार्बोनेट का व्यापारिक नाम है, जो न टूटने वाली चादरों, चश्मे के लेंस और हेलमेट के शीशों में लगता है। पहचान का नियम यह है: बहुलक पौधे या जंतु ने बनाया हो तो प्राकृतिक, और रिएक्टर में बना हो तो संश्लेषित।

Q6.सामान्य विज्ञानपूछा गया: NDA · 10 April 2022मध्यम

1 मीटर लंबे दोलक (पेंडुलम) का आवर्तकाल लगभग कितना होता है?

  1. A.6 s
  2. B.4 s
  3. C.2 s
  4. D.1 s
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 2 s

व्याख्या

सही उत्तर है C, 2 s। लगभग एक मीटर लंबा सरल दोलक एक पूरा दोलन करीब दो सेकंड में पूरा करता है, और इतनी लंबाई वाले दोलक को सेकंड दोलक कहा जाता है। सरल दोलक का आवर्तकाल T = 2 पाई गुणा L बटा g का वर्गमूल होता है, जहाँ L धागे की लंबाई है और g गुरुत्वीय त्वरण, जो लगभग 9.8 मीटर प्रति सेकंड वर्ग होता है। L = 1 मीटर रखने पर T = 2 x 3.14 x एक बटा 9.8 का वर्गमूल आता है, जो लगभग 2.01 सेकंड है। आवर्तकाल केवल लंबाई और g पर निर्भर करता है, गोलक के द्रव्यमान या उसे कितना किनारे खींचा गया है इस पर नहीं, बशर्ते दोलन छोटा हो। A गलत है क्योंकि 6 सेकंड के आवर्तकाल के लिए धागा लगभग 9 मीटर लंबा चाहिए। B गलत है क्योंकि 4 सेकंड के आवर्तकाल के लिए धागा लगभग 4 मीटर लंबा चाहिए। D गलत है क्योंकि 1 सेकंड का आवर्तकाल केवल लगभग 25 सेंटीमीटर के धागे का होता है। परीक्षा टिप: लंबाई चार गुनी होने पर ही आवर्तकाल दोगुना होता है।

Q7.सामान्य विज्ञानपूछा गया: RRB JE · 01 Sep 2019, Shift 2मध्यम

आदर्श स्थिति में 200 ऐंपियर-घंटा की बैटरी के लिए आवेशन धारा कितनी होगी?

  1. A.12 A
  2. B.15 A
  3. C.10 A
  4. D.20 A
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. 20 A

व्याख्या

सही उत्तर D, 20 A है। संचायक बैटरी के आवेशन का व्यावहारिक नियम यह है कि आवेशन धारा बैटरी की ऐंपियर-घंटा क्षमता के लगभग दसवें भाग के बराबर रखी जाए, जिसे सी बटा दस दर कहा जाता है। 200 ऐंपियर-घंटा की बैटरी के लिए 200 का दसवाँ भाग 20 ऐंपियर होता है, और इस दर पर पूर्णतः निरावेशित बैटरी लगभग दस से बारह घंटे में आवेशित होती है। इससे बहुत अधिक धारा प्लेटों को गरम कर देती है, अपघट्य को उबाल देती है और सेल का जीवन घटा देती है, जबकि बहुत कम धारा बैटरी को अपूर्ण आवेशित छोड़ देती है और सल्फेटीकरण होने देती है। A अर्थात 12 A तथा B अर्थात 15 A गलत हैं, क्योंकि ये दसवें भाग से कम हैं और 200 ऐंपियर-घंटा के सेल के लिए मनमाने आँकड़े हैं। C अर्थात 10 A जाल है: यह क्षमता का बीसवाँ भाग है, और जो अभ्यर्थी दस प्रतिशत का नियम गलत संख्या पर लगा देते हैं वे इसे चुन लेते हैं।

Q8.सामान्य विज्ञानपूछा गया: RRB NTPC · 10 May 2022, Shift 1आसान

निम्नलिखित में से किसकी तरंगदैर्घ्य सबसे कम है?

  1. A.दृश्य किरणें
  2. B.गामा किरणें
  3. C.अवरक्त किरणें
  4. D.एक्स किरणें
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. गामा किरणें

व्याख्या

सही उत्तर है B, गामा किरणें। विद्युत चुंबकीय स्पेक्ट्रम के एक सिरे पर गामा किरणें हैं, जिनकी तरंगदैर्घ्य सबसे कम और आवृत्ति तथा ऊर्जा सबसे अधिक होती है। सबसे लंबी से सबसे छोटी तरंग के क्रम में स्पेक्ट्रम इस तरह है - रेडियो तरंगें, सूक्ष्म तरंगें, अवरक्त, दृश्य प्रकाश, पराबैंगनी, एक्स किरणें और गामा किरणें। निर्वात में सबकी चाल एक जैसी होती है, इसलिए छोटी तरंग की आवृत्ति अधिक होगी और उसकी ऊर्जा भी अधिक होगी। गामा किरणों की तरंगदैर्घ्य लगभग 0.01 नैनोमीटर से भी कम होती है; ये रेडियोधर्मी परमाणु के नाभिक से निकलती हैं और शल्य उपकरणों को रोगाणुमुक्त करने तथा कैंसर के इलाज में काम आती हैं। विकल्प A गलत है, क्योंकि दृश्य प्रकाश लगभग 400 से 700 नैनोमीटर का होता है। विकल्प C गलत है, क्योंकि अवरक्त लाल रंग से भी आगे है और दृश्य प्रकाश से लंबा है, इसी से हमें ऊष्मा महसूस होती है। विकल्प D गलत है, क्योंकि एक्स किरणें छोटी तो हैं, पर गामा से लंबी हैं और नाभिक के बजाय इलेक्ट्रॉनों से निकलती हैं। परीक्षा टिप: ऊर्जा का क्रम तरंगदैर्घ्य के क्रम से उल्टा होता है।

Q9.सामान्य विज्ञानमध्यम

विद्युत इस्तरी तथा टोस्टर के तापन तत्वों में कौन सी मिश्रधातु प्रयुक्त होती है?

  1. A.इन्वार
  2. B.नाइक्रोम
  3. C.ड्यूरालुमिन
  4. D.सोल्डर
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. नाइक्रोम

व्याख्या

सही उत्तर B, नाइक्रोम है। नाइक्रोम निकल, क्रोमियम और लोहे की मिश्रधातु है जिसका विद्युत प्रतिरोध तथा गलनांक उच्च होता है, और वह लाल तप्त होने पर भी सरलता से ऑक्सीकृत नहीं होती, इसलिए नाइक्रोम का तार वर्षों तक जलकर नष्ट हुए बिना दहकता रह सकता है; यही संयोजन उसे इस्तरी, टोस्टर, गीजर तथा हेयर ड्रायर के तापन तत्वों की मानक सामग्री बनाता है। विकल्प A गलत है क्योंकि इन्वार लोहे तथा निकल की मिश्रधातु है जो अपने अत्यंत कम तापीय प्रसार के कारण चुनी जाती है और दोलकों तथा मापन फीतों में प्रयुक्त होती है, जहां गर्म होने से लंबाई नहीं बदलनी चाहिए। विकल्प C गलत है क्योंकि ड्यूरालुमिन, जो एल्युमिनियम की तांबे, मैग्नीशियम और मैंगनीज के साथ मिश्रधातु है, वायुयानों में प्रयुक्त हल्की संरचनात्मक मिश्रधातु है। विकल्प D गलत है क्योंकि सोल्डर, जो सीसे तथा टिन की मिश्रधातु है, जानबूझकर कम गलनांक वाली बनाई जाती है और तार जोड़ने में प्रयुक्त होती है।

Q10.सामान्य विज्ञानपूछा गया: राजस्थान · 12 Aug 2018, LDC Paper 1आसान

ताप-दृढ़ (थर्मोसेटिंग) बहुलक का उदाहरण कौन है?

  1. A.पॉलिथीन
  2. B.पीवीसी
  3. C.बैकेलाइट
  4. D.नियोप्रीन
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. बैकेलाइट

व्याख्या

सही उत्तर है C, बैकेलाइट। बैकेलाइट ताप-दृढ़ बहुलक है, जो फीनॉल और फॉर्मेल्डिहाइड के संघनन से बनता है, और ताप पर एक बार जम जाने के बाद इसकी शृंखलाएँ तिर्यक बंधों से जुड़ जाती हैं, इसलिए इसे पिघलाकर फिर से ढाला नहीं जा सकता। यही कठोरता तथा ताप और विद्युत का कुचालक होना इसका कारण है कि बैकेलाइट का उपयोग स्विच, प्लग, बर्तनों के हैंडल और रेडियो के खोल में होता है; इसे लियो बेकलैंड ने बनाया था और यह पहला पूर्णतः संश्लेषित प्लास्टिक था। मेलामिन तथा यूरिया-फॉर्मेल्डिहाइड रेजिन भी इसी तरह व्यवहार करते हैं। A गलत है क्योंकि पॉलिथीन तापसुघट्य है, जो गरम करने पर मुलायम हो जाता है और उसका पुनर्चक्रण हो सकता है। B गलत है क्योंकि पीवीसी भी तापसुघट्य है, जिससे पाइप, तार के आवरण और बरसाती बनते हैं। D गलत है क्योंकि नियोप्रीन संश्लेषित रबर अर्थात प्रत्यास्थ बहुलक है, जो तेल और पेट्रोल सहने के लिए उपयोगी है। परीक्षा टिप: ताप-दृढ़ यानी बैकेलाइट, मेलामिन और यूरिया-फॉर्मेल्डिहाइड; तापसुघट्य यानी पॉलिथीन, पीवीसी और पॉलिस्टाइरीन।

Q11.सामान्य विज्ञानकठिन

कोयले के भंजक आसवन से कोक के साथ निम्नलिखित में से क्या प्राप्त होता है?

  1. A.कोलतार और कोल गैस
  2. B.पेट्रोल और डीजल
  3. C.प्रोड्यूसर गैस और बायोगैस
  4. D.बिटुमेन और पैराफिन मोम
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. कोलतार और कोल गैस

व्याख्या

सही उत्तर A, कोलतार और कोल गैस है। भंजक आसवन का अर्थ है कोयले को वायु की अनुपस्थिति में तेजी से गर्म करना, जिससे वह जलने के बजाय विघटित हो जाता है। पीछे बचा ठोस कोक है, जो लगभग शुद्ध कार्बन है और लोहे तथा अन्य धातुओं के निष्कर्षण में अपचायक के रूप में तथा धुआं रहित ईंधन के रूप में काम आता है। संघनित होने वाला द्रव कोलतार है, जो लगभग दो सौ पदार्थों का काला मिश्रण है और जिससे रंजक, औषधि, विस्फोटक, प्लास्टिक तथा नेफ्थलीन बनते हैं। निकलने वाली गैस कोल गैस है, जो एक समय सड़क की रोशनी के लिए पाइप से भेजी जाती थी। B गलत है क्योंकि पेट्रोल तथा डीजल पेट्रोलियम के प्रभाजी आसवन से मिलते हैं। C गलत है क्योंकि प्रोड्यूसर गैस गर्म कोक पर वायु प्रवाहित करके और बायोगैस गोबर तथा कचरे के अवायवीय पाचन से बनती है। D गलत है क्योंकि बिटुमेन तथा पैराफिन मोम पेट्रोलियम परिष्करण के भारी प्रभाज हैं।

Q12.सामान्य विज्ञानपूछा गया: NDA · 10 April 2022मध्यम

निम्नलिखित में से किस समूह को 'पादप जगत के उभयचर' कहा जाता है?

  1. A.ब्रायोफाइटा
  2. B.थैलोफाइटा
  3. C.टेरिडोफाइटा
  4. D.जिम्नोस्पर्म
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. ब्रायोफाइटा

व्याख्या

सही उत्तर है A, ब्रायोफाइटा। ब्रायोफाइट पौधे जमीन पर उगते हैं, पर उनके प्रजनन के लिए पानी जरूरी रहता है, इसीलिए इन्हें पादप जगत का उभयचर कहते हैं। मॉस, लिवरवर्ट और हॉर्नवर्ट इसी समूह में आते हैं। ये नम और छायादार जगहों पर उगते हैं, इनमें असली जड़, तना और पत्ती नहीं होती तथा संवहन ऊतक भी नहीं होता, इसलिए पानी साधारण अवशोषण से ही भीतर जाता है। इनके नर युग्मक पानी की पतली परत में तैरकर अंडाणु तक पहुँचते हैं, जैसे मेंढक तालाब से बँधा रहता है वैसे ही ये नमी से बँधे रहते हैं। विकल्प B गलत है, क्योंकि थैलोफाइटा शैवाल हैं, जो अधिकतर पानी में ही रहते हैं। विकल्प C गलत है, क्योंकि टेरिडोफाइटा यानी फर्न पहले पौधे हैं जिनमें असली संवहन ऊतक, जाइलम और फ्लोएम मिलते हैं। विकल्प D गलत है, क्योंकि चीड़ और साइकस जैसे जिम्नोस्पर्म नग्न बीज बनाते हैं और परागकण का प्रयोग करते हैं। परीक्षा टिप: ब्रायोफाइटा उभयचर, टेरिडोफाइटा पहले संवहनी पौधे और जिम्नोस्पर्म पहले बीजधारी पौधे हैं।

Q13.सामान्य विज्ञानआसान

पॉलिथीन का एकलक कौन है?

  1. A.एथाइन
  2. B.एथीन
  3. C.प्रोपीन
  4. D.विनाइल क्लोराइड
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. एथीन

व्याख्या

सही उत्तर B, एथीन है। पॉलिथीन, जिसे पॉलीएथीन भी लिखा जाता है, एथीन के योगज बहुलकीकरण से बनता है, जिसमें प्रत्येक अणु का द्विबंध खुलता है और इकाइयां बिना कुछ निकले एक लंबी श्रृंखला में जुड़ जाती हैं। A, एथाइन, गलत है क्योंकि एथाइन, पुराना नाम एसिटिलीन, में त्रिबंध होता है और वह वेल्डिंग तथा अन्य रसायन बनाने में काम आता है, पॉलिथीन बनाने में नहीं। C, प्रोपीन, गलत है क्योंकि प्रोपीन पॉलीप्रोपीन का एकलक है, जो रस्सियों, बोतल के ढक्कनों और फर्नीचर का प्लास्टिक है, और यहां यही सबसे आम भ्रामक विकल्प है। D, विनाइल क्लोराइड, गलत है क्योंकि वह पॉलीविनाइल क्लोराइड का एकलक है, जो पाइप, बरसाती और केबल के आवरण का प्लास्टिक है। वही एकलक एथीन निम्न घनत्व और उच्च घनत्व, दोनों पॉलिथीन देता है; अंतर दाब और उत्प्रेरक का है।

Q14.सामान्य विज्ञानपूछा गया: CTET · 12th Jan 2022आसान

निम्नलिखित में से कौन एककोशिकीय जीवों का समूह है?

  1. A.यीस्ट, हाइड्रा, अमीबा।
  2. B.समुद्री एनीमोन, पैरामीशियम, बैक्टीरिया।
  3. C.यीस्ट, अमीबा, बैक्टीरिया।
  4. D.हाइड्रा, समुद्री एनीमोन, पैरामीशियम।
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. यीस्ट, अमीबा, बैक्टीरिया।

व्याख्या

सही उत्तर है C, यीस्ट, अमीबा, बैक्टीरिया। ये तीनों एककोशिकीय हैं, अर्थात् जीवन के सभी काम एक ही कोशिका करती है। एककोशिकीय जीव में वही एक कोशिका पोषण, श्वसन, गति और प्रजनन सब सँभालती है, जबकि बहुकोशिकीय शरीर में यह काम ऊतकों और अंगों में बँटा होता है। यीस्ट एककोशिकीय कवक है, जो पावरोटी बनाने और किण्वन में काम आता है; अमीबा एककोशिकीय प्रोटोजोआ है, जो कूटपादों से चलता और भोजन लेता है; और बैक्टीरिया एककोशिकीय जीव हैं, जिनकी कोशिका में वास्तविक केंद्रक नहीं होता। A गलत है क्योंकि हाइड्रा सरल जंतु होने पर भी बहुकोशिकीय है, उसकी देह-भित्ति और स्पर्शक अनेक कोशिकाओं से बने हैं। B इसी कारण गलत है, क्योंकि समुद्री एनीमोन सीलेंटरेटा (निडेरिया) संघ का बहुकोशिकीय जंतु है, चाहे पैरामीशियम और बैक्टीरिया एककोशिकीय हों। D गलत है क्योंकि उस समूह में केवल पैरामीशियम एककोशिकीय है। परीक्षा टिप: एककोशिकीय – बैक्टीरिया, अमीबा, पैरामीशियम, यीस्ट, क्लैमिडोमोनास; बहुकोशिकीय – हाइड्रा, समुद्री एनीमोन, स्पाइरोगायरा।

Q15.सामान्य विज्ञानपूछा गया: RRB ALP · 23 Jan 2019, Shift 3आसान

यदि 12 वोल्ट के छह सेल समानांतर क्रम में जोड़े जाएँ, तो निर्गत वोल्टता होगी:

  1. A.6 V
  2. B.72 V
  3. C.12 V
  4. D.2 V
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 12 V

व्याख्या

सही उत्तर C, 12 V है। समानांतर क्रम में जोड़ने पर सभी सेलों के धनात्मक सिरे एक साथ और सभी ऋणात्मक सिरे एक साथ जुड़ जाते हैं, अतः प्रत्येक सेल उन्हीं दो बिंदुओं के बीच रहता है और संयोजन की वोल्टता एक सेल की वोल्टता अर्थात 12 वोल्ट ही रहती है। समानांतर व्यवस्था जो बढ़ाती है वह धारा क्षमता है: छह समान सेल समानांतर में छह गुनी धारा दे सकते हैं अथवा उतनी ही धारा छह गुने समय तक, और समूह का आंतरिक प्रतिरोध एक सेल के छठे भाग के बराबर हो जाता है। B अर्थात 72 V गलत है, क्योंकि वोल्टताओं का जुड़ना श्रेणीक्रम में होता है, जहाँ एक सेल का धन सिरा अगले के ऋण सिरे से जुड़ता है। A अर्थात 6 V तथा D अर्थात 2 V गलत हैं, क्योंकि समान सेलों को जोड़ने की कोई विधि टर्मिनल वोल्टता को एक सेल से नीचे नहीं लाती; 2 वोल्ट संयोगवश एक लेड-अम्ल सेल की वोल्टता है, जिनमें से छह श्रेणीक्रम में ऐसी 12 वोल्ट बैटरी बनाते हैं।

Q16.सामान्य विज्ञानपूछा गया: RRB ग्रुप D · 22 Sep 2018, Shift 1आसान

दो हड्डियां एक-दूसरे से जिस अन्य प्रकार के संयोजी ऊतक द्वारा जुड़ी होती हैं, उसे ___________ कहते हैं।

  1. A.कंडरा
  2. B.उपास्थि
  3. C.आधात्री
  4. D.स्नायु
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. स्नायु

व्याख्या

सही उत्तर है D, स्नायु। स्नायु यानी लिगामेंट वह संयोजी ऊतक है जो संधि पर एक हड्डी को दूसरी हड्डी से जोड़ता है। यह बहुत लचीला और मजबूत होता है तथा हड्डियों को अपनी जगह बनाए रखता है, जिससे संधि हिल-डुल सके और हड्डियां खिसक न जाएं। स्नायु में आधात्री बहुत कम होती है और संधि मुड़ने पर यह खिंच जाता है, इसी खिंचाव को मोच कहते हैं। A गलत है क्योंकि कंडरा यानी टेंडन मांसपेशी को हड्डी से जोड़ता है, यह रेशेदार और मजबूत होता है पर कम खिंचता है, ताकि मांसपेशी का खिंचाव सीधे हड्डी तक पहुंचे। B गलत है क्योंकि उपास्थि चिकना और लचीला ऊतक है जो हड्डियों के सिरों पर गद्दी बनाता है तथा नाक और कान को आकार देता है। C गलत है क्योंकि आधात्री वह पदार्थ है जिसमें संयोजी ऊतक की कोशिकाएं धंसी रहती हैं, यह स्वयं कोई रचना नहीं। परीक्षा टिप: स्नायु हड्डी से हड्डी, कंडरा मांसपेशी से हड्डी।

Q17.सामान्य विज्ञानमध्यम

निम्नलिखित में से कौन अच्छे ईंधन का लक्षण नहीं है?

  1. A.उसका कैलोरी मान ऊंचा हो
  2. B.उसमें राख की मात्रा कम हो
  3. C.उसका ज्वलन ताप बहुत कम हो
  4. D.वह सस्ता और सुलभ हो
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. उसका ज्वलन ताप बहुत कम हो

व्याख्या

सही उत्तर C, उसका ज्वलन ताप बहुत कम हो है। अच्छे ईंधन का ज्वलन ताप मध्यम होना चाहिए, बहुत कम नहीं। जो ईंधन बहुत कम ताप पर आग पकड़ लेता है वह ज्वलनशील पदार्थ है और उसका भंडारण, परिवहन तथा रख-रखाव खतरनाक होता है, क्योंकि छोटी चिंगारी या गर्म दिन भी उसे जला सकता है; पेट्रोल उपयोगी है, परंतु इसी कारण उसे बंद पात्रों में कड़ी सावधानी से रखा जाता है। A उत्तर के रूप में गलत है क्योंकि ऊंचा कैलोरी मान निश्चित रूप से वांछनीय है, क्योंकि उतनी ही मात्रा से अधिक ऊष्मा मिलती है। B उत्तर के रूप में गलत है क्योंकि राख की कम मात्रा भी वांछनीय है, क्योंकि राख बेकार अवशेष है जिसे हटाना पड़ता है और जो प्रभावी ऊष्मा घटाती है। D उत्तर के रूप में गलत है क्योंकि सस्ता तथा सुलभ होना अच्छे ईंधन की मानक शर्त है।

Q18.सामान्य विज्ञानपूछा गया: दिल्ली · 2 Dec 2020, Shift 3आसान

निम्नलिखित में से कौन एक तापदृढ़ प्लास्टिक है?

  1. A.बायोप्लास्टिक
  2. B.खोई
  3. C.माइकोटेक्चर
  4. D.बैकेलाइट
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. बैकेलाइट

व्याख्या

सही उत्तर D, बैकेलाइट है। बैकेलाइट फीनॉल और फॉर्मेल्डिहाइड के संघनन से बनता है, और ढलते समय उसकी श्रृंखलाएं प्रबल सहसंयोजक तिर्यक बंधों से आपस में जुड़कर एक दृढ़ जाल बन जाती हैं। एक बार जम जाने पर उसे फिर गर्म करके मृदु नहीं किया जा सकता, और यही तापदृढ़ प्लास्टिक की परिभाषा है तथा यही कारण है कि बैकेलाइट विद्युत स्विच, प्लग और कड़ाही के हत्थों में लगता है। A, बायोप्लास्टिक, गलत है क्योंकि यह शब्द किसी भी ऐसे प्लास्टिक के लिए है जो जैविक कच्चे माल से बना हो या जीवों द्वारा तोड़ा जा सके, और वह कोई एक तापदृढ़ पदार्थ नहीं बताता। B, खोई, गलत है क्योंकि खोई गन्ना पेरने के बाद बचा रेशेदार अवशेष है; वह ईंधन, कागज और ढले बरतनों में काम आती है, पर प्लास्टिक नहीं है। C, माइकोटेक्चर, गलत है क्योंकि वह कवक के जाल से उगाई गई निर्माण सामग्री है, जो भी तापदृढ़ प्लास्टिक नहीं है।

Q19.सामान्य विज्ञानआसान

विद्युत अपघटन के समय ऑक्सीकरण कहाँ होता है?

  1. A.कैथोड पर
  2. B.एनोड पर
  3. C.विद्युत अपघट्य में
  4. D.लवण सेतु में
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. एनोड पर

व्याख्या

सही उत्तर B, एनोड पर है। एनोड वह इलेक्ट्रोड है जो स्रोत के धनात्मक सिरे से जुड़ा होता है, अतः ऋणावेशित आयन अर्थात ऋणायन उसी की ओर जाते हैं और वहाँ इलेक्ट्रॉन त्याग देते हैं; इलेक्ट्रॉनों का त्याग ही ऑक्सीकरण है। A गलत है क्योंकि कैथोड ऋणात्मक सिरे से जुड़ा होता है, धनावेशित धनायनों को आकर्षित करता है और उन्हें इलेक्ट्रॉन देता है, अतः वहाँ अपचयन होता है, ऑक्सीकरण नहीं। यह नियम गैल्वेनिक सेल में भी लागू रहता है, जहाँ एनोड ऋणात्मक सिरा होते हुए भी ऑक्सीकरण का स्थान है, और परीक्षक इसी बिंदु को जाँचते हैं। C गलत है क्योंकि विद्युत अपघट्य केवल वह माध्यम है जिसमें आयन चलते हैं; अभिक्रिया वहीं होती है जहाँ आयन इलेक्ट्रोड से मिलते हैं। D गलत है क्योंकि लवण सेतु दो अर्ध-सेलों वाले गैल्वेनिक सेल का भाग है और वह केवल परिपथ पूरा करते हुए विलयनों को विद्युत रूप से उदासीन रखता है; वह ऑक्सीकरण का स्थान नहीं है।

Q20.सामान्य विज्ञानमध्यम

नॉन-स्टिक बरतनों पर चढ़ाया जाने वाला टेफ्लॉन किसका बहुलक है?

  1. A.टेट्राफ्लुओरोएथीन
  2. B.क्लोरोप्रीन
  3. C.स्टाइरीन
  4. D.कैप्रोलैक्टम
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. टेट्राफ्लुओरोएथीन

व्याख्या

सही उत्तर A, टेट्राफ्लुओरोएथीन है। टेफ्लॉन पॉलीटेट्राफ्लुओरोएथीन है, जो टेट्राफ्लुओरोएथीन के योगज बहुलकीकरण से बनता है। फ्लुओरीन के परमाणु कार्बन श्रृंखला को इतनी पूरी तरह ढक लेते हैं कि सतह रासायनिक रूप से अक्रिय, जल प्रतिकर्षी और लगभग घर्षणहीन हो जाती है, और वह ऊंचे ताप तक अपने गुण बनाए रखती है, इसीलिए वह कड़ाही पर चढ़ती है और गैस्केट तथा सील में लगती है। B, क्लोरोप्रीन, गलत है क्योंकि वह नियोप्रीन का एकलक है, जो तेल की सील और नलियों में काम आने वाला संश्लेषित रबर है। C, स्टाइरीन, गलत है क्योंकि वह पॉलीस्टाइरीन का एकलक है, जो एक बार प्रयोग के गिलासों और फैले झाग के रूप में थर्मोकोल का पदार्थ है। D, कैप्रोलैक्टम, गलत है क्योंकि वह नायलॉन-6 का एकलक है, जो कपड़े, जाल और मशीन के पुर्जों में लगता है।

सभी क्विज देखें