मुख्य सामग्री पर जाएं
GK24
करेंट अफेयर्स क्विज

NABARD करेंट अफेयर्स क्विज: 8 अक्टूबर 2026

  • 11 प्रश्न
  • 11 मिनट
  • कठिनाई: मध्यम
इनके लिए उपयोगी:NABARD
क्विज शुरू करें

इस क्विज के बारे में

NABARD के लिए यह करेंट अफेयर्स क्विज़ 8 अक्टूबर 2026 को प्रकाशित 3 समाचारों पर आधारित 11 बहुविकल्पीय प्रश्न रखता है, जो NABARD के सामान्य जागरूकता खंड के लिए महत्वपूर्ण हैं। प्रश्न वही सत्यापित MCQ हैं जो GK24 के लेखों के साथ प्रकाशित होते हैं, और यहां NABARD से उनकी प्रासंगिकता के आधार पर चुने गए हैं। हर प्रश्न के साथ सही विकल्प की और शेष विकल्पों के गलत होने की पूरी व्याख्या दी गई है। निर्धारित समय में प्रश्न हल करें, अंत में व्याख्याएं पढ़ें, और जिन समाचारों से प्रश्न बने हैं उन्हें संबंधित लेख या उस दिन के संस्करण पृष्ठ पर पढ़ें। परीक्षा से पहले दोहराव के लिए इस क्विज़ को बुकमार्क करें।

इस क्विज के प्रश्न

11 प्रश्न उत्तर और व्याख्या सहित

Q1.राज्य समाचारमध्यम

अक्टूबर 2026 में उद्घाटित नया ग्रेनेज भवन तथा शीतगृह किस रेशमकीट बीज उत्पादन केंद्र में है?

  1. A.रोवरिया, जोरहाट, असम
  2. B.लहदोईगढ़, जोरहाट, असम
  3. C.मैसूरु, कर्नाटक
  4. D.बहरामपुर, पश्चिम बंगाल
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. रोवरिया, जोरहाट, असम

व्याख्या

सही उत्तर रोवरिया, जोरहाट, असम है। वहां स्थित केंद्रीय रेशम बोर्ड के रेशमकीट बीज उत्पादन केंद्र में नवनिर्मित ग्रेनेज भवन तथा शीतगृह सुविधा का उद्घाटन केंद्रीय वस्त्र राज्य मंत्री ने पूर्वोत्तर क्षेत्र वस्त्र प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत किया। विकल्प बी उसी कस्बे के पास की दूसरी जगह का नाम है और यह उस अभ्यर्थी को फंसाता है जिसे केवल जिला याद रहता है। विकल्प सी और डी देश में रेशम अनुसंधान तथा बीज कार्य से पुराने जुड़े स्थान हैं, इसी कारण इन्हें यहां रखा गया है; इस उद्घाटन से इनका कोई संबंध नहीं। यह सुविधा प्रति वर्ष शहतूत संकर बीज की 30 लाख रोगमुक्त अंडोत्पत्ति तैयार कर सकती है और 1 करोड़ तक संरक्षित रख सकती है, जिससे क्षेत्र के किसानों को समय पर गुणवत्तापूर्ण बीज मिलेगा।

Q2.पर्यावरणआसान

अप्रैल से सितंबर 2026 के दौरान राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण को पहुंच और लाभ साझाकरण ढांचे के तहत कितनी राशि मिली?

  1. A.5.68 करोड़ रुपए
  2. B.9.68 करोड़ रुपए
  3. C.19.68 करोड़ रुपए
  4. D.96.80 करोड़ रुपए
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 9.68 करोड़ रुपए

व्याख्या

सही उत्तर 9.68 करोड़ रुपए है। राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण को 1 अप्रैल 2026 से 30 सितंबर 2026 की छमाही में भारत के जैविक संसाधनों के उपयोगकर्ताओं से यह राशि प्राप्त हुई, जो जैविक विविधता अधिनियम, 2002, जिसमें 2023 में संशोधन हुआ, तथा पहुंच और लाभ साझाकरण विनियमों के अनुसार मिली। इस कुल राशि में से 9.56 करोड़ रुपए विशेष रूप से विभिन्न क्षेत्रों की कंपनियों द्वारा जैविक संसाधनों तक पहुंच के लिए चुकाए गए और शेष छोटी राशि बौद्धिक संपदा अधिकार से जुड़े आवेदनों तथा अन्य मदों से आई। विकल्प A, C और D जानबूझकर वास्तविक आंकड़े के आसपास रखे गए हैं, क्योंकि इस विज्ञप्ति पर प्रश्न गोल संख्या के बजाय ठीक राशि पर आने की संभावना अधिक है। इसे याद रखने का अच्छा तरीका है कि मुख्य आंकड़े 9.68 करोड़ रुपए के साथ पहुंच वाले हिस्से 9.56 करोड़ रुपए और सबसे बड़े क्षेत्र कृषि बीज के 7.16 करोड़ रुपए को जोड़कर याद रखा जाए।

Q3.सरकारी योजनाएंआसान

सहकारिता मंत्रालय की 9वीं राष्ट्रीय समीक्षा कार्यशाला कहां हो रही है?

  1. A.रायपुर, छत्तीसगढ़
  2. B.बस्तर, छत्तीसगढ़
  3. C.भुवनेश्वर, ओडिशा
  4. D.नई दिल्ली
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. बस्तर, छत्तीसगढ़

व्याख्या

सही उत्तर छत्तीसगढ़ का बस्तर है, जहां सहकारिता मंत्रालय 8 और 9 अक्टूबर 2026 को अपनी 9वीं राष्ट्रीय समीक्षा कार्यशाला कर रहा है। मंत्रालय के सचिव ने उद्घाटन सत्र में बताया कि लंबे समय तक वामपंथी उग्रवाद से प्रभावित रहे बस्तर जिले में सहकारी विकास पर कार्यशाला कराने का सुझाव केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने दिया था, और यही बात इस स्थान को संयोग के बजाय याद रखने योग्य बनाती है। विकल्प A यानी रायपुर राज्य की राजधानी है और जिसे केवल राज्य याद है, वह सहज रूप से यही चुनेगा। विकल्प C यानी भुवनेश्वर ओडिशा का है, और ओडिशा कार्यशाला की चर्चाओं में आता है, क्योंकि एक विषयगत सत्र में छत्तीसगढ़ तथा ओडिशा के वामपंथी उग्रवाद प्रभावित जिलों पर बात हुई, लेकिन वह स्थान नहीं है। विकल्प D यानी नई दिल्ली में ऐसी समीक्षाएं आमतौर पर होती हैं, इसीलिए इसे बस्तर में कराना स्वयं एक संदेश था।

Q4.राज्य समाचारकठिन

भारत के मुगा रेशम उत्पादन में असम का हिस्सा लगभग कितना है?

  1. A.54 प्रतिशत
  2. B.64 प्रतिशत
  3. C.74 प्रतिशत
  4. D.84 प्रतिशत
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. 84 प्रतिशत

व्याख्या

सही उत्तर लगभग 84 प्रतिशत है, जो 73 मीट्रिक टन मुगा रेशम बैठता है। यहां जाल विकल्प सी है: 74 प्रतिशत असम का एरी रेशम उत्पादन में हिस्सा है, जो 2,131 मीट्रिक टन है, और प्रश्नपत्रों में ये दोनों हिस्से आपस में बदल दिए जाते हैं, इसलिए जोड़ी को साथ याद करना चाहिए। विकल्प ए और बी गढ़े गए आंकड़े हैं। मुगा वही सुनहरा रेशम है जिसके लिए असम जाना जाता है, और मंत्री ने मिशन सेनेहजोरी को इसे वैश्विक बाजार के लिए उच्च मूल्य वाला उत्पाद बनाने का रास्ता बताया। पूर्णता के लिए यह भी जानें कि राज्य ने 2026-27 में जुलाई तक शहतूत कच्चे रेशम उत्पादन का 6 प्रतिशत यानी 9 मीट्रिक टन दर्ज किया, और इसी अवधि में पूरे पूर्वोत्तर क्षेत्र ने 142 मीट्रिक टन शहतूत रेशम दर्ज किया।

Q5.पर्यावरणमध्यम

इन प्राप्तियों में सबसे बड़ा हिस्सा किस क्षेत्र से आया?

  1. A.खाद्य एवं पेय पदार्थ
  2. B.पशुपालन
  3. C.कृषि और बीज
  4. D.सौंदर्य प्रसाधन
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. कृषि और बीज

व्याख्या

सही उत्तर कृषि और बीज है। कृषि बीज क्षेत्र से प्राप्तियों का सबसे बड़ा हिस्सा 7.16 करोड़ रुपए आया, जो हर दूसरी श्रेणी से काफी आगे है। विकल्प A यानी खाद्य एवं पेय पदार्थ 1.59 करोड़ रुपए के साथ दूसरे स्थान पर रहा। विकल्प B यानी पशुपालन 62.01 लाख रुपए के साथ तीसरे स्थान पर था। विकल्प D यानी सौंदर्य प्रसाधन सबसे छोटी मदों में शामिल था, जिससे 0.04 करोड़ रुपए मिले, जबकि लाल चंदन की लकड़ी से 0.06 करोड़ रुपए और आयुष से 0.21 करोड़ रुपए प्राप्त हुए। यही क्रम पूछे जाने की सबसे अधिक संभावना रखता है, क्योंकि इससे पता चलता है कि देश की जैविक संपदा का व्यावसायिक पैमाने पर उपयोग कौन से उद्योग करते हैं। यह उन संसाधनों की सूची से भी मेल खाता है, जिन पर भुगतान हुआ और जिसमें चना, लाल मसूर, हरी मूंग, कुलथी, ग्वार गोंद, भिंडी और बैंगन जैसी फसलें प्रमुख हैं।

Q6.सरकारी योजनाएंमध्यम

निर्यात, जैविक उत्पाद और बीज की मूल्य श्रृंखलाओं को मजबूत करने के लिए किन तीन राष्ट्रीय सहकारी संस्थाओं का उल्लेख हुआ?

  1. A.नेफेड, एनसीसीएफ और एनडीडीबी
  2. B.एनसीईएल, एनसीओएल और बीबीएसएसएल
  3. C.नाबार्ड, एनसीडीसी और इफको
  4. D.कृभको, अमूल और एनडीडीबी
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. एनसीईएल, एनसीओएल और बीबीएसएसएल

व्याख्या

सही उत्तर एनसीईएल, एनसीओएल और बीबीएसएसएल है, अर्थात राष्ट्रीय सहकारी निर्यात लिमिटेड, राष्ट्रीय सहकारी जैविक लिमिटेड और भारतीय बीज सहकारी समिति लिमिटेड। कार्यशाला में इन तीन राष्ट्रीय सहकारी संस्थाओं के माध्यम से निर्यात, जैविक उत्पादों और बीज की मूल्य श्रृंखलाओं को मजबूत करने तथा प्राथमिक सहकारी संस्थाओं को सशक्त बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया। इसे याद रखना आसान है, यदि हर नाम को उसके क्षेत्र से जोड़ा जाए, अर्थात पहली से निर्यात, दूसरी से जैविक उत्पाद और तीसरी से बीज। विकल्प C में दो वित्तीय संस्थाओं के साथ एक उर्वरक सहकारी संस्था मिली हुई है, क्योंकि नाबार्ड की टीम कार्यशाला में शामिल हुई और राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम के साथ विशेष सत्र रखा गया, लेकिन दोनों का काम वित्त से जुड़ा है, इन मूल्य श्रृंखलाओं से नहीं। विकल्प A और D में प्रसिद्ध सहकारी तथा विपणन संस्थाओं के नाम हैं, जो इस उद्देश्य के लिए उल्लिखित तीन संस्थाएं नहीं थीं।

Q7.राज्य समाचारमध्यम

अनुमान के अनुसार 2025-26 के दौरान रेशम उत्पादन कितने व्यक्तियों को रोजगार देगा?

  1. A.लगभग 9.50 लाख व्यक्ति
  2. B.लगभग 19.50 लाख व्यक्ति
  3. C.लगभग 29.50 लाख व्यक्ति
  4. D.लगभग 39.50 लाख व्यक्ति
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. लगभग 29.50 लाख व्यक्ति

व्याख्या

सही उत्तर लगभग 29.50 लाख व्यक्ति है। मंत्री ने यह अनुमान यह दिखाने के लिए दिया कि कितनी आजीविका इस क्षेत्र पर टिकी है, और इसी कारण बीज की गुणवत्ता तथा आधुनिक ढांचा पालन-कक्ष से बहुत आगे तक महत्व रखते हैं। विकल्प ए, बी और डी वास्तविक आंकड़े का पहला अंक बदलकर बनाए गए हैं और रोजगार से जुड़े प्रश्नों में यही आम जाल है। इसके साथ संदर्भ भी याद रखें: केंद्रीय रेशम बोर्ड का बीज नेटवर्क शहतूत तथा वन्या दोनों क्षेत्रों को समेटता है, जिसमें राष्ट्रीय रेशमकीट बीज संगठन शहतूत पक्ष की जरूरत पूरी करता है और दो अलग संगठन वन्या बीज को सहयोग देते हैं। मंत्री ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण बीज, आधुनिक ढांचा, प्रौद्योगिकी और कौशल विकास मिलकर क्षेत्र की उत्पादकता तय करते हैं, और उन्होंने इसे आत्मनिर्भर पूर्वोत्तर से जोड़ा।

Q8.पर्यावरणमध्यम

जैविक संसाधनों के उपयोगकर्ताओं से पहुंच और लाभ साझाकरण भुगतान किस कानून के तहत वसूला जाता है?

  1. A.पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, 1986
  2. B.वन्य जीव संरक्षण अधिनियम, 1972
  3. C.जैविक विविधता अधिनियम, 2002, संशोधन 2023
  4. D.वन संरक्षण अधिनियम, 1980
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. जैविक विविधता अधिनियम, 2002, संशोधन 2023

व्याख्या

सही उत्तर जैविक विविधता अधिनियम, 2002, संशोधन 2023 है। राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण की प्राप्तियां इसी अधिनियम और पहुंच तथा लाभ साझाकरण विनियमों के तहत आती हैं, जिनके अनुसार भारतीय जैविक संसाधनों के उपयोगकर्ताओं को देश तथा उन समुदायों के साथ लाभ साझा करना होता है, जो इन संसाधनों का संरक्षण करते हैं। विकल्प A, B और D में दिए कानून पर्यावरण से जुड़े महत्वपूर्ण कानून हैं, लेकिन इनमें से कोई भी जैविक संसाधनों के व्यावसायिक उपयोग से लाभ साझाकरण को नियंत्रित नहीं करता, क्योंकि पहला व्यापक पर्यावरण संरक्षण से, दूसरा वन्य प्रजातियों और संरक्षित क्षेत्रों से तथा तीसरा वन भूमि के अन्य उपयोग में परिवर्तन से संबंधित है। सही अधिनियम के तहत जुटाया गया धन राज्य जैव विविधता बोर्डों और केंद्र शासित प्रदेश परिषदों के माध्यम से जन जैव विविधता रजिस्टरों, जैव विविधता प्रबंधन समितियों, अनुसंधान तथा स्थानीय समुदायों के सीधे लाभ पर खर्च होता है।

Q9.सरकारी योजनाएंकठिन

एनसीडीसी अधिनियम में हाल के संशोधन से क्या संभव हुआ है?

  1. A.निगम द्वारा व्यक्तिगत किसानों को सीधा ऋण
  2. B.सहकारी विकास को बढ़ावा देने वाली गैर-सहकारी संस्थाओं को वित्तीय सहायता
  3. C.सहकारी बैंकों को वाणिज्यिक बैंकों में बदलना
  4. D.निगम को भारतीय रिजर्व बैंक को हस्तांतरित करना
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. सहकारी विकास को बढ़ावा देने वाली गैर-सहकारी संस्थाओं को वित्तीय सहायता

व्याख्या

सही उत्तर सहकारी विकास को बढ़ावा देने वाली गैर-सहकारी संस्थाओं को वित्तीय सहायता है। सहकारिता मंत्रालय के सचिव ने बताया कि राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम अधिनियम में हाल के संशोधन से ऐसी संस्थाओं को भी सहायता देने का मार्ग प्रशस्त हुआ है, जो स्वयं सहकारी नहीं हैं लेकिन सहकारी विकास का कार्य करती हैं, और इससे राज्य स्तर की विभिन्न संस्थाओं के लिए निगम से सीधे धन लेने का रास्ता खुलता है, जिसका प्रभावी लाभ उठाने का उन्होंने राज्यों से आग्रह किया। विकल्प A गलत है, क्योंकि निगम संस्थाओं के माध्यम से काम करता है, व्यक्तिगत किसानों को ऋण देकर नहीं। विकल्प C संशोधन की किसी बात का वर्णन नहीं करता, क्योंकि कार्यशाला में इसके बजाय मॉडल सहकारी बैंकिंग ढांचे और सहकारी बैंकों की स्वायत्तता बनाए रखते हुए बेहतर निगरानी पर चर्चा हुई। विकल्प D भी गलत है, क्योंकि मंत्रालय भारतीय रिजर्व बैंक के साथ सहकारी बैंकों की संसाधन क्षमता बढ़ाने के लिए समन्वय कर रहा है, निगम का हस्तांतरण नहीं।

Q10.पर्यावरणकठिन

इस अवधि में सबसे बड़ा एकल एबीएस भुगतान किस कंपनी ने किया?

  1. A.मैसर्स ईस्ट वेस्ट सीड्स इंडिया लिमिटेड
  2. B.मैसर्स सिनर्जिया लाइफ साइंस लिमिटेड
  3. C.मैसर्स टाटा केमिकल्स प्राइवेट लिमिटेड
  4. D.मैसर्स ननहेम्स इंडिया लिमिटेड
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. मैसर्स सिनर्जिया लाइफ साइंस लिमिटेड

व्याख्या

सही उत्तर मैसर्स सिनर्जिया लाइफ साइंस लिमिटेड है, जिसका 1.17 करोड़ रुपए का भुगतान इस अवधि का सबसे बड़ा एकल भुगतान रहा। यहां ध्यान रखने योग्य अंतर कुल सबसे बड़े अंशदाता और सबसे बड़े एकल भुगतान के बीच है। विकल्प A यानी मैसर्स ईस्ट वेस्ट सीड्स इंडिया लिमिटेड कुल मिलाकर सबसे बड़ा अंशदाता रहा और उसने लगभग 2.01 करोड़ रुपए दिए, लेकिन यह राशि एक बार में नहीं, बल्कि कई किस्तों में चुकाई गई। विकल्प C यानी मैसर्स टाटा केमिकल्स प्राइवेट लिमिटेड ने 52.06 लाख रुपए दिए और वह उन बड़े अंशदाताओं में शामिल रहा, जिनमें मैसर्स इंडेना इंडिया 45.89 लाख रुपए, मैसर्स ग्रो इंडिगो 45.79 लाख रुपए, मैसर्स नोवोजाइम्स साउथ एशिया 44.11 लाख रुपए और मैसर्स नोंगवू सीड इंडिया 40.53 लाख रुपए के साथ हैं। विकल्प D यानी मैसर्स ननहेम्स इंडिया लिमिटेड ने लगभग 1.64 करोड़ रुपए का अग्रिम भुगतान किया। अंशदाताओं में श्रीलंका, जर्मनी, फ्रांस, दक्षिण कोरिया गणराज्य और भूटान की संस्थाएं भी शामिल रहीं।

Q11.सरकारी योजनाएंमध्यम

प्रस्तावित साझा सहकारी डिजिटल विपणन प्लेटफॉर्म के लिए किस संस्था ने सहयोग की पेशकश की?

  1. A.ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स (ओएनडीसी)
  2. B.गवर्नमेंट ई मार्केटप्लेस (जेम)
  3. C.भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम
  4. D.भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स (ओएनडीसी)

व्याख्या

सही उत्तर ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स है। सहकारिता मंत्रालय सहकारी उत्पादों और कृषि उपज के अधिक प्रभावी विपणन के लिए एक साझा सहकारी डिजिटल प्लेटफॉर्म के प्रस्ताव पर विचार कर रहा है, और सचिव ने प्रतिभागियों को बताया कि ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स ने इस पहल के लिए अपने सहयोग की पेशकश की है। मंत्रालय आगे बढ़ने से पहले राज्यों से सुझाव और मार्गदर्शन लेना चाहता है, ताकि ऐसा व्यावहारिक तंत्र बने, जो सहकारी संस्थाओं को व्यापक बाजारों से जोड़े। विकल्प B यानी गवर्नमेंट ई मार्केटप्लेस सरकारी खरीद का प्लेटफॉर्म है, जिसके माध्यम से सरकारी विभाग वस्तुएं और सेवाएं खरीदते हैं, जो पूरी तरह अलग उद्देश्य है। विकल्प C यानी भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम खुदरा भुगतान प्रणालियां बनाता और चलाता है। विकल्प D यानी भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण आधार जारी करता है। इनमें केवल पहला ही ऐसा खुला डिजिटल वाणिज्य नेटवर्क है, जिस पर सहकारी विपणन प्लेटफॉर्म खड़ा किया जा सकता है।

सभी क्विज देखें