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GK24

SSC GK प्रश्न 2026

SSC के लिए उत्तर और व्याख्या सहित GK प्रश्न।

SSC GK प्रश्न उत्तर सहित

Q321.नियुक्तियांआसान

सितंबर 2026 की घोषणा में कितने न्यायिक अधिकारियों को न्यायाधीश और अपर न्यायाधीश नियुक्त किया गया?

  1. A.दस
  2. B.बारह
  3. C.चौदह
  4. D.सोलह
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. चौदह

व्याख्या

उत्तर है चौदह। विधि एवं न्याय मंत्रालय ने चौदह कार्यरत न्यायिक अधिकारियों की पदोन्नति की घोषणा की, जो चार उच्च न्यायालयों में फैली है। सबसे बड़ा हिस्सा दिल्ली को मिला, जहां सात गए - दो न्यायाधीश और पांच अपर न्यायाधीश के रूप में। झारखंड को तीन न्यायाधीश मिले, कर्नाटक को तीन अपर न्यायाधीश, और एक अधिकारी जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख उच्च न्यायालय के न्यायाधीश बने।

संख्या याद रखने का सबसे सुरक्षित तरीका जोड़ है - सात और तीन और तीन और एक। जिन अभ्यर्थियों को केवल न्यायालयों की संख्या चार याद रहेगी, या केवल दिल्ली का हिस्सा सात, वे यहां चूक जाएंगे। शेष विकल्प ऐसी गोल संख्याएं हैं जो पास लगती हैं, पर घोषणा से मेल नहीं खातीं।

एक बात और - यह संख्या केवल इस घोषणा की है, किसी वर्ष या किसी न्यायालय की कुल रिक्तियों की नहीं। प्रश्न में यदि अवधि दी हो तो उसे ध्यान से पढ़ें।

Q322.शिखर सम्मेलनमध्यम

एनएचआरसी ने मानवाधिकारों पर यह आईटीईसी कार्यक्रम किस मंत्रालय के सहयोग से आयोजित किया?

  1. A.गृह मंत्रालय
  2. B.विदेश मंत्रालय
  3. C.विधि एवं न्याय मंत्रालय
  4. D.सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. विदेश मंत्रालय

व्याख्या

उत्तर है विदेश मंत्रालय। यह जोड़ी संयोग नहीं है - भारतीय तकनीकी एवं आर्थिक सहयोग कार्यक्रम विदेश नीति का एक साधन है, जिसके जरिए अन्य विकासशील देशों के अधिकारियों को प्रशिक्षण और विशेषज्ञता दी जाती है। इसलिए विदेशी मानवाधिकार संस्थाओं के लिए बना कोई भी पाठ्यक्रम स्वाभाविक रूप से विदेश मंत्रालय से होकर चलता है।

सूची में दिए गए बाकी मंत्रालयों का भारत के भीतर मानवाधिकार कार्य से किसी न किसी रूप में संबंध है, इसीलिए वे भ्रम पैदा करते हैं, पर यहाँ सहयोगी के रूप में उनका नाम नहीं है। परीक्षा के लिए आईटीईसी और विदेश मंत्रालय को एक स्थिर जोड़ी मानकर चलें, और यह भी याद रखें कि यह कार्यक्रम का पांचवां संस्करण था, जो नई दिल्ली में 14 सितंबर 2026 से छह दिन चला।

Q323.शिखर सम्मेलनमध्यम

कार्यक्रम में कितनी राष्ट्रीय मानवाधिकार संस्थाओं ने प्रतिभागी भेजे?

  1. A.आठ
  2. B.ग्यारह
  3. C.चौदह
  4. D.बीस
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. चौदह

व्याख्या

उत्तर है चौदह। इस समाचार में दो संख्याएं साथ चलती हैं और आपस में बदल जाना आसान है - अड़तीस वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए, और वे चौदह राष्ट्रीय मानवाधिकार संस्थाओं से आए थे। संस्थाएं छोटी संख्या हैं, लोग बड़ी। जो अभ्यर्थी केवल एक अंक याद रखेगा, वह दूसरे पर अटक जाएगा, इसलिए दोनों को जोड़ी की तरह याद रखना चाहिए।

भाग लेने वाले देशों को महाद्वीप के हिसाब से देखें तो याद रखना आसान हो जाता है। अफ्रीका से अल्जीरिया, इथियोपिया, केन्या, दक्षिण अफ्रीका तथा जिम्बाब्वे; लैटिन अमेरिका से चिली और इक्वाडोर; एशिया से इंडोनेशिया, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, मलेशिया, ओमान और ताजिकिस्तान; और प्रशांत क्षेत्र से समोआ। यानी फैलाव अफ्रीका, लैटिन अमेरिका, एशिया और प्रशांत तक है। यही विविधता कार्यक्रम की मूल सोच बताती है - अलग-अलग कानूनी व्यवस्थाओं में लगभग एक जैसा काम करने वाली संस्थाएं किसी एक आदर्श से अधिक एक-दूसरे से सीख सकती हैं। इसी आधार पर आयोग के अध्यक्ष ने वैश्विक दक्षिण की संस्थाओं के बीच और गहरे सहयोग की बात रखी।

Q324.शिखर सम्मेलनमध्यम

मानवाधिकारों पर पांचवें आईटीईसी क्षमता-निर्माण कार्यक्रम में समापन भाषण किसने दिया?

  1. A.केंद्रीय गृह मंत्री
  2. B.न्यायमूर्ति वी. रामासुब्रमणियन, अध्यक्ष, एनएचआरसी भारत
  3. C.भारत के मुख्य न्यायाधीश
  4. D.केंद्रीय विदेश मंत्री
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. न्यायमूर्ति वी. रामासुब्रमणियन, अध्यक्ष, एनएचआरसी भारत

व्याख्या

उत्तर हैं न्यायमूर्ति वी. रामासुब्रमणियन, जो भारत के राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष हैं और जिन्होंने कार्यक्रम का समापन किया। उनका विषय वैश्विक दक्षिण की मानवाधिकार संस्थाओं के बीच सहयोग था, और तर्क यह कि ये संस्थाएं तभी बेहतर होती हैं जब अपना अनुभव खुलकर साझा करें, अपनी कठिनाइयों को नाम दें और अपनी भूलों से सीखें।

शेष विकल्प ऐसे पदों के हैं जो मानवाधिकार से जुड़े आयोजन के लिए विश्वसनीय लगते हैं, पर यहाँ उनकी कोई भूमिका नहीं थी। विदेश मंत्रालय इस कार्यक्रम में सहयोगी अवश्य था, जिससे विकल्प D सबसे प्रबल भ्रम बनता है, किंतु समापन भाषण आयोग के अपने अध्यक्ष ने दिया। सत्र में संयुक्त सचिव श्री समीर कुमार और श्रीमती सैदिंगपुई छकछुआक भी उपस्थित रहे। परीक्षा की दृष्टि से अध्यक्ष का नाम यहाँ सबसे उपयोगी तथ्य है, क्योंकि वह इस समाचार से आगे भी काम आता है - एनएचआरसी से जुड़ा कोई भी प्रश्न प्रायः अध्यक्ष के नाम पर ही टिकता है।

Q325.रक्षाआसान

एचएएल ने वायुसेना और पवन हंस लिमिटेड को विमान किस शहर में सौंपे?

  1. A.हैदराबाद
  2. B.नासिक
  3. C.बेंगलुरु
  4. D.कोरापुट
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. बेंगलुरु

व्याख्या

उत्तर है बेंगलुरु, कर्नाटक, जहाँ यह समारोह 18 सितंबर 2026 को हुआ। हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड देश में कई जगहों से काम करती है, और इसी कारण इस तरह का प्रश्न एक अच्छी परख बन जाता है - अभ्यर्थी को सामान्य जुड़ाव नहीं, विशिष्ट स्थान याद रखना पड़ता है।

वहाँ बोलते हुए रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने इस हैंडओवर को देश के भीतर एयरोस्पेस क्षमता खड़ी करने और उसके साथ आने वाले तकनीकी आत्मविश्वास की दिशा में एक पड़ाव बताया। उन्होंने सार्वजनिक उपक्रमों और निजी कंपनियों के बीच नज़दीकी काम पर भी ज़ोर दिया और युवा वैज्ञानिकों से परिवर्तनकारी तकनीकों पर काम करने को कहा। शहर, तिथि और दोनों मंत्री - यही पूरा सेट है।

इसके अलावा यह भी नोट करें कि एक ही समारोह में दो अलग-अलग प्रकार के ग्राहक थे, एक सैन्य और एक नागरिक। यही कारण है कि दो मंत्रालयों के मंत्री एक साथ उपस्थित रहे, जो सामान्य हैंडओवर में नहीं होता।

Q326.रक्षाआसान

एचएएल से चार ध्रुव अगली पीढ़ी हेलीकॉप्टर किस संगठन को मिले?

  1. A.भारतीय वायु सेना
  2. B.भारतीय तटरक्षक बल
  3. C.पवन हंस लिमिटेड
  4. D.सीमा सुरक्षा बल
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. पवन हंस लिमिटेड

व्याख्या

उत्तर है पवन हंस लिमिटेड। इस समारोह में दो प्राप्तकर्ता थे और उन्हें अलग-अलग पहचानना ही इस प्रश्न का उद्देश्य है। सैन्य ट्रेनर, यानी तेजस दो-सीट और एचटीटी-40, भारतीय वायु सेना को गए। अगली पीढ़ी संस्करण के चार ध्रुव हेलीकॉप्टर इसके बजाय पवन हंस लिमिटेड को मिले, जो नागरिक हेलीकॉप्टर संचालन करती है।

यही बंटवारा अतिथि सूची भी समझाता है। रक्षा पक्ष के लिए रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह और नागरिक पक्ष के लिए नागर विमानन मंत्री श्री के. राममोहन नायडू उपस्थित रहे। शेष विकल्पों में ऐसे बल हैं जो हेलीकॉप्टर संचालित तो करते हैं, इसीलिए वे विश्वसनीय लगते हैं, पर इस हैंडओवर में उनका कोई उल्लेख नहीं है।

तिथि और स्थान भी साथ याद रखें - 18 सितंबर 2026, बेंगलुरु, कर्नाटक। हैंडओवर से जुड़े प्रश्नों में प्राप्तकर्ता, विमान का नाम, संख्या और स्थान, इन चारों में से कोई भी पूछा जा सकता है।

Q327.रक्षामध्यम

सितंबर 2026 के समारोह में एचएएल ने भारतीय वायु सेना को कितने एलसीए तेजस एफओसी दो-सीट ट्रेनर सौंपे?

  1. A.एक
  2. B.दो
  3. C.तीन
  4. D.चार
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. दो

व्याख्या

उत्तर है दो। बेंगलुरु के समारोह में वायुसेना को कुल पांच विमान मिले, और प्रश्न इसी बंटवारे पर टिका है - अंतिम परिचालन मंजूरी मानक के दो तेजस दो-सीट ट्रेनर, और तीन एचटीटी-40 बेसिक ट्रेनर। जिन अभ्यर्थियों को केवल कुल संख्या पांच याद रहेगी, वे यहाँ चूक जाएंगे।

कहानी की चौथी संख्या कहीं और की है। अगली पीढ़ी संस्करण के चार ध्रुव हेलीकॉप्टर पवन हंस लिमिटेड को गए, जो एक नागरिक संचालक है, वायुसेना को नहीं। इसी कारण समारोह में दो मंत्री थे, एक रक्षा और दूसरे नागर विमानन के। इसे तीन जोड़ियों में याद रखें - दो तेजस ट्रेनर, तीन एचटीटी-40 ट्रेनर, चार ध्रुव एनजी हेलीकॉप्टर।

ध्यान रखने वाली एक और बात यह है कि तेजस ट्रेनर अंतिम परिचालन मंजूरी मानक पर थे, जो विमान की स्वीकृति का एक निश्चित चरण होता है। परीक्षा में कभी-कभी यही विवरण पूछ लिया जाता है, इसलिए संख्या के साथ यह मानक भी जोड़कर याद रखें।

Q328.राष्ट्रीयमध्यम

कलाक्षेत्र फाउंडेशन द्वारा आयोजित 17वें कथकली महोत्सव का विषय क्या है?

  1. A.नृत्य संगम - नृत्य का संगम
  2. B.कथा रस संगम - कहानियों के सार का संगम
  3. C.नाट्य परंपरा - रंगमंच की परंपरा
  4. D.राग रस यात्रा - स्वरों की यात्रा
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. कथा रस संगम - कहानियों के सार का संगम

व्याख्या

सही उत्तर कथा रस संगम - कहानियों के सार का संगम है। संस्कृति मंत्रालय के अनुसार यह तीन दिवसीय महोत्सव इसी विषय पर आयोजित किया जा रहा है, जिसमें तीन प्रमुख कथकली संस्थानों - सदानम अकादमी, केरल कलामंडलम और मार्गी थिएटर - को एक मंच पर लाया गया है और प्रत्येक संस्थान एक विशिष्ट प्रस्तुति दे रहा है।

शेष तीनों विकल्प सुनने में विश्वसनीय लगते हैं, किंतु विज्ञप्ति में इनका कोई उल्लेख नहीं है और न ही इनका इस महोत्सव से कोई संबंध है। विषय के साथ तीनों प्रस्तुतियां भी याद रखने योग्य हैं - सदानम अकादमी की मंदोदरी, जो रामायण पर आधारित है; केरल कलामंडलम की द ओल्ड मैन एंड द सी, जो अर्नेस्ट हेमिंग्वे के उपन्यास पर आधारित है; और मार्गी थिएटर की रुग्मांगद चरितम।

Q329.राष्ट्रीयआसान

17वें कथकली महोत्सव का आयोजन करने वाले कलाक्षेत्र फाउंडेशन की स्थापना किस वर्ष हुई थी?

  1. A.1936
  2. B.1947
  3. C.1955
  4. D.1962
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. 1936

व्याख्या

सही उत्तर 1936 है। संस्कृति मंत्रालय के अनुसार कलाक्षेत्र फाउंडेशन की स्थापना 1936 में रुक्मिणी देवी अरुंडेल द्वारा की गई थी, और तब से इसने भारतीय शास्त्रीय कलाओं के संरक्षण, अभ्यास और प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। यही फाउंडेशन कथकली महोत्सव का आयोजन करता है, जिसके सत्रहवें संस्करण का उद्घाटन चेन्नई के तिरुवनमियूर स्थित भारत कलाक्षेत्र सभागार में किया गया।

शेष विकल्पों में दिए गए वर्षों का इस फाउंडेशन से कोई संबंध विज्ञप्ति में नहीं बताया गया है। अभ्यर्थियों को स्थापना वर्ष के साथ संस्थापिका का नाम भी जोड़कर याद रखना चाहिए, क्योंकि परीक्षाओं में ये दोनों तथ्य प्रायः एक साथ पूछे जाते हैं और कभी-कभी शहर भी पूछा जाता है। इसे एक पंक्ति में याद रखें - कलाक्षेत्र फाउंडेशन, 1936, रुक्मिणी देवी अरुंडेल, चेन्नई।

Q330.रक्षामध्यम

एनजीएमवी के निर्माण का अनुबंध किस माह और वर्ष में संपन्न हुआ था?

  1. A.मार्च 2023
  2. B.मार्च 2021
  3. C.सितंबर 2026
  4. D.अगस्त 2024
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. मार्च 2023

व्याख्या

सही उत्तर मार्च 2023 है। रक्षा मंत्रालय की विज्ञप्ति के अनुसार एनजीएमवी के निर्माण का अनुबंध मार्च 2023 में कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड के साथ संपन्न हुआ था, जबकि पहले पोत का कील-लेइंग 18 सितंबर 2026 को हुआ। अभ्यर्थियों को इन दोनों तिथियों को अलग-अलग याद रखना चाहिए, क्योंकि अनुबंध की तिथि आदेश देने का समय बताती है और कील-लेइंग की तिथि निर्माण के औपचारिक आरंभ का।

विकल्प C, सितंबर 2026, वास्तव में कील-लेइंग समारोह का माह है, अनुबंध का नहीं, और इसी में सबसे अधिक भ्रम होने की संभावना रहती है। विकल्प B और D में दिए गए वर्षों का इस अनुबंध से कोई संबंध विज्ञप्ति में नहीं बताया गया है। परीक्षाओं में आदेश के वर्ष और निर्माण आरंभ के वर्ष का यही अंतर बार-बार पूछा जाता है, इसलिए दोनों तिथियाँ शिपयार्ड और मंत्रालय के नाम के साथ याद रखें।

Q331.रक्षाआसान

भारतीय नौसेना के पहले अगली पीढ़ी के मिसाइल पोत (एनजीएमवी) का कील-लेइंग किस शिपयार्ड में हुआ?

  1. A.मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स, मुंबई
  2. B.कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड, कोच्चि
  3. C.गार्डन रीच शिपबिल्डर्स, कोलकाता
  4. D.हिंदुस्तान शिपयार्ड, विशाखापत्तनम
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड, कोच्चि

व्याख्या

सही उत्तर कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड, कोच्चि है। रक्षा मंत्रालय के अनुसार भारतीय नौसेना की अगली पीढ़ी की मिसाइल पोत परियोजना के पहले पोत का कील-लेइंग समारोह 18 सितंबर 2026 को कोच्चि स्थित कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड में आयोजित किया गया, जिसमें युद्धपोत उत्पादन एवं अधिग्रहण नियंत्रक वाइस एडमिरल संजय साधु मुख्य अतिथि थे। एनजीएमवी के निर्माण का अनुबंध भी मार्च 2023 में इसी शिपयार्ड के साथ संपन्न हुआ था, इसलिए अनुबंध और कील-लेइंग दोनों एक ही यार्ड से जुड़े हैं।

शेष विकल्पों में दिए गए शिपयार्ड का इस समारोह से कोई संबंध विज्ञप्ति में नहीं बताया गया है। मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स मुंबई, गार्डन रीच शिपबिल्डर्स कोलकाता और हिंदुस्तान शिपयार्ड विशाखापत्तनम का उल्लेख इस विज्ञप्ति में नहीं है, अतः इनमें से किसी को उत्तर मानना गलत होगा। परीक्षा की दृष्टि से यह संयोजन याद रखें: एनजीएमवी परियोजना, पहला पोत, कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड, कोच्चि और तिथि 18 सितंबर 2026।

उप-परीक्षाओं के लिए GK प्रश्न