राष्ट्रीय विनिर्माण मिशन विनिर्माण की जीडीपी में हिस्सेदारी कितनी और कब तक करना चाहता है?
- A.2030 तक 20 प्रतिशत
- B.2035 तक 25 प्रतिशत
- C.2047 तक 30 प्रतिशत
- D.2032 तक 17 प्रतिशत
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर 2035 तक 25 प्रतिशत है। भारत का विनिर्माण क्षेत्र इस समय जीडीपी में लगभग 16 से 17 प्रतिशत का योगदान देता है और 27 मिलियन से अधिक श्रमिकों को रोजगार देता है, और राष्ट्रीय विनिर्माण मिशन का लक्ष्य इस योगदान को अर्थव्यवस्था के एक चौथाई तक पहुंचाना है। विकल्प A और C में अधिक गोल और महत्वाकांक्षी दिखने वाले लक्ष्य तथा अलग समयसीमाएं दी गई हैं, पर इनमें से कोई जोड़ी मिशन से मेल नहीं खाती। विकल्प D में वर्तमान हिस्सेदारी को ही लक्ष्य बनाकर पेश किया गया है, जो आंकड़ों पर आधारित प्रश्नों का आम जाल है। क्षेत्र की संरचना भी बदल रही है: मध्यम एवं उच्च प्रौद्योगिकी वाले उद्योग विनिर्माण मूल्यवर्धन का 46.3 प्रतिशत हिस्सा रखते हैं, इसीलिए भव्य जैसी योजनाएं तैयार बुनियादी ढांचे और पूर्वानुमेय अनुमोदन पर जोर देती हैं।
पूरा लेख पढ़ें: भव्य योजना: 33,660 करोड़ रुपये से 100 औद्योगिक पार्क
अभ्यास प्रश्न
भारत औद्योगिक विकास योजना (भव्य) का परिव्यय कितना है?
- A.2,500 करोड़ रुपये
- B.33,660 करोड़ रुपये
- C.7.82 लाख करोड़ रुपये
- D.97,328 करोड़ रुपये
उत्तर देखें
इसी परिव्यय के साथ भव्य योजना को मार्च 2026 में मंत्रिमंडल की मंजूरी के बाद 10 अप्रैल 2026 को अधिसूचित किया गया, और इससे 100 प्लग-एंड-प्ले औद्योगिक पार्कों का विकास होगा, जिनके लिए प्रति एकड़ 1 करोड़ रुपये तक सहायता दी जाती है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →भव्य के तहत कुल कितने औद्योगिक पार्क विकसित होंगे और पहले चरण में कितने?
- A.कुल 100, पहले चरण में अधिकतम 50
- B.कुल 260, पहले चरण में अधिकतम 100
- C.कुल 370, पहले चरण में अधिकतम 50
- D.कुल 50, पहले चरण में अधिकतम 25
उत्तर देखें
भव्य योजना देश भर में 100 प्लग-एंड-प्ले औद्योगिक पार्कों की स्थापना का प्रस्ताव करती है, और पहले चरण में इनमें से अधिकतम 50 पार्क दो चयन दौरों की चुनौती-आधारित प्रक्रिया से चुने जाएंगे, जिनका आधार परियोजना की तैयारी, भूमि की उपलब्धता और औद्योगिक संभावना होगी।
पूरी व्याख्या पढ़ें →भव्य योजना के बारे में निम्नलिखित में कौन सा कथन सही है?
- A.यह तीन वर्ष चलेगी और प्रति एकड़ 5 करोड़ रुपये सहायता देती है
- B.यह छह वर्ष चलेगी और प्रति एकड़ 1 करोड़ रुपये तक सहायता देती है
- C.इसका पूरा वित्तपोषण राज्य सरकारें करती हैं, केंद्र का कोई परिव्यय नहीं
- D.यह केवल रसायन घटक के तहत रासायनिक पार्कों तक सीमित है
उत्तर देखें
योजना की अवधि वित्त वर्ष 2026-27 से वित्त वर्ष 2031-32 तक है, और प्रति एकड़ सहायता से आंतरिक सड़कें, बिजली आपूर्ति, जल नेटवर्क, जल निकासी, सामूहिक अपशिष्ट जल उपचार, मूल्यवर्धित बुनियादी ढांचा तथा प्रौद्योगिकी आधारित प्रशासन जैसी सुविधाएं बनती हैं; स्वीकृत राशि का एक चौथाई तक हिस्सा सड़क, रेल और…
पूरी व्याख्या पढ़ें →किस चल रही योजना का क्षमता निर्माण ढांचा आदि कर्मयोगी स्वयंसेवकों तक बढ़ाया गया है?
- A.मिशन कर्मयोगी
- B.कौशल भारत मिशन
- C.मिशन शक्ति
- D.धरती आबा जनभागीदारी अभियान
उत्तर देखें
इसका क्षमता निर्माण ढांचा अब तक सिविल सेवकों पर केंद्रित था और इस समझौते से वह आदि कर्मयोगी स्वयंसेवकों तथा जनजातीय विकास योजनाएं लागू करने वाले अन्य कार्मिकों तक बढ़ा दिया गया है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →आदि कर्मयोगी अभियान में अब तक पोर्टल पर कितने आदि सेवा केंद्र पंजीकृत हुए हैं?
- A.76,000
- B.60,507
- C.1,22,072
- D.1,54,000
उत्तर देखें
राज्यों द्वारा पोर्टल पर दी गई जानकारी के अनुसार इतने आदि सेवा केंद्र पंजीकृत हैं, और इनके साथ 1,22,072 आदि कर्मयोगी स्वयंसेवक भी पंजीकृत हुए हैं।
पूरी व्याख्या पढ़ें →