रदरफोर्ड का ऐल्फा-कण (α) प्रकीर्णन प्रयोग निम्नलिखित में से किसकी खोज के लिए उत्तरदायी था?
- A.इलेक्ट्रॉन
- B.प्रोटॉन
- C.परमाणु नाभिक
- D.न्यूट्रॉन
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर है C, परमाणु नाभिक। रदरफोर्ड के 1911 के स्वर्ण पत्र प्रयोग ने दिखाया कि परमाणु का धनावेश और लगभग पूरा द्रव्यमान एक बहुत छोटे केंद्रीय नाभिक में होता है।
सोने की बहुत पतली पन्नी पर ऐल्फा कण दागे गए। अधिकांश सीधे पार निकल गए, जिससे पता चला कि परमाणु का अधिकतर भाग खाली है; कुछ कण मुड़ गए, और लगभग बीस हज़ार में से एक लगभग सीधा वापस लौट आया। रदरफोर्ड ने निष्कर्ष निकाला कि केवल एक छोटा, सघन, धनावेशित केंद्र ही उन्हें इतनी तेज़ी से लौटा सकता है। इससे थॉमसन का 'प्लम पुडिंग' मॉडल हटकर नाभिकीय मॉडल आया, जिसमें इलेक्ट्रॉन नाभिक के चारों ओर घूमते हैं।
A गलत है, क्योंकि इलेक्ट्रॉन की खोज जे. जे. थॉमसन ने 1897 में कैथोड किरणों से की थी। B गलत है, क्योंकि प्रोटॉन की पहचान बाद में धन किरणों और नाभिकीय अभिक्रियाओं के प्रयोगों से हुई, प्रकीर्णन प्रयोग से नहीं। D गलत है, क्योंकि न्यूट्रॉन की खोज जेम्स चैडविक ने 1932 में की थी।
Exam tip: इलेक्ट्रॉन, थॉमसन (1897); नाभिक, रदरफोर्ड (1911); न्यूट्रॉन, चैडविक (1932)।
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंनिम्नलिखित में से किसने 1698 में खानों से पानी निकालने के लिए 'माइनर्स फ्रेंड' नामक भाप इंजन का मॉडल बनाया था?
- A.थॉमस सेवरी
- B.थॉमस न्यूकॉमन
- C.जेम्स वॉट
- D.रिचर्ड आर्कराइट
उत्तर देखें
अंग्रेज इंजीनियर थॉमस सेवरी ने 1698 में एक भाप पंप का पेटेंट कराया और इसे 'माइनर्स फ्रेंड' कहा, क्योंकि यह पानी से भरी खानों से पानी बाहर निकालने के लिए बनाया गया था।
पूरी व्याख्या पढ़ें →20 Ω प्रतिरोध वाले एक धात्विक तार को लंबाई में दो बराबर भागों में काटा जाता है। फिर इन भागों को समांतर क्रम में जोड़ा जाता है। इस समांतर संयोजन का प्रतिरोध कितना होगा?
- A.20 Ω
- B.10 Ω
- C.5 Ω
- D.15 Ω
उत्तर देखें
तार के प्रत्येक आधे भाग का प्रतिरोध 10 Ω है, और समांतर क्रम में जुड़े दो 10 Ω प्रतिरोधों का कुल प्रतिरोध 5 Ω होता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →निकट दृष्टि दोष (मायोपिया) मानव दृष्टि का वह दोष है जिसमें किसका प्रतिबिंब बनता है?
- A.पास की वस्तु का प्रतिबिंब रेटिना के पीछे फोकस होता है।
- B.पास की वस्तु का प्रतिबिंब रेटिना के आगे फोकस होता है।
- C.दूर की वस्तु का प्रतिबिंब रेटिना के आगे फोकस होता है।
- D.दूर की वस्तु का प्रतिबिंब रेटिना के पीछे फोकस होता है।
उत्तर देखें
निकट दृष्टि दोष में व्यक्ति पास की वस्तुएँ साफ देखता है, लेकिन दूर की वस्तुएँ धुंधली दिखती हैं, क्योंकि उनका प्रतिबिंब रेटिना के आगे बनता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →एक समांगी मिश्रण में दो द्रव हैं। उन्हें कैसे अलग किया जाता है?
- A.निस्यंदन (छानने) द्वारा
- B.वाष्पीकरण द्वारा
- C.आसवन द्वारा
- D.संघनन द्वारा
उत्तर देखें
समांगी मिश्रण बनाने वाले दो मिश्रणीय द्रवों को आसवन से अलग किया जाता है, जो उनके क्वथनांकों के अंतर पर आधारित है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →उपास्थि (कार्टिलेज) निम्नलिखित में से किसमें नहीं पाई जाती?
- A.स्वरयंत्र (लैरिंक्स)
- B.नाक
- C.कान
- D.मूत्राशय
उत्तर देखें
मूत्राशय चिकनी पेशियों और फैलने वाली भीतरी परत से बनी एक खोखली पेशीय थैली है; इसमें उपास्थि नहीं होती। उपास्थि एक दृढ़ लेकिन लचीला संयोजी ऊतक है।
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