प्रधानमंत्री ने धन-धान्य कृषि योजना का शुभारंभ कब किया?
- A.16 जुलाई 2025
- B.11 अक्टूबर 2025
- C.31 अगस्त 2026
- D.1 सितंबर 2026
सही उत्तर
B. 11 अक्टूबर 2025
व्याख्या
सही उत्तर 11 अक्टूबर 2025 है, जब प्रधानमंत्री ने औपचारिक रूप से योजना का शुभारंभ किया। विकल्प ए वह तिथि है जब केंद्रीय मंत्रिमंडल ने इसे मंजूरी दी थी, और मंजूरी तथा शुभारंभ के बीच का यही अंतर इस प्रश्न में परखा जा रहा है; परीक्षार्थी को दोनों याद रखनी चाहिए, क्योंकि कोई भी पूछी जा सकती है। विकल्प सी उस दिन की तिथि है जब योजना के डैशबोर्ड का वित्तीय प्रगति मॉड्यूल लागू हुआ, जबकि लाभार्थी प्रगति मॉड्यूल सितंबर 2026 के मध्य तक लाने का लक्ष्य है। विकल्प डी उस समीक्षा बैठक की तिथि है जो केंद्रीय कृषि मंत्री ने नई दिल्ली के कृषि भवन में की। समयरेखा दो और तिथियों से पूरी होती है: डैशबोर्ड अक्टूबर 2025 के अंतिम सप्ताह में चालू हुआ, मासिक रैंकिंग नवंबर 2025 से शुरू हुई और योजना अक्टूबर 2026 में पहला वर्ष पूरा करती है।
पूरा लेख पढ़ें: धन-धान्य कृषि योजना: 100 जिलों का स्कोर 38.85 पहुंचा
अभ्यास प्रश्न
प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना कितने जिलों में लागू है?
- A.75
- B.100
- C.112
- D.121
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 100
व्याख्या
सही उत्तर 100 जिले हैं। योजना का उद्देश्य उन जिलों में कृषि विकास को गति देना है जिन्हें तीन आधारों पर चुना गया: कम कृषि उत्पादकता, कम फसल सघनता और कृषि ऋण का कम वितरण। इन सभी जिलों ने जिला कार्य योजना अपलोड की है, उस पर फीडबैक पाया है और जुलाई 2026 तक आउटपुट संकेतकों के आंकड़े भेजे हैं, इसलिए 100 की संख्या पूरी समीक्षा में बार-बार आती है। विकल्प डी सबसे अधिक भ्रमित करता है, क्योंकि 121 भी इसी योजना का वास्तविक आंकड़ा है, पर वह जिलों का नहीं बल्कि संकेतकों का है: कुल 121 संकेतक, जिनमें 74 आउटपुट और 47 परिणाम संकेतक हैं। विकल्प ए और सी अन्य सरकारी कार्यक्रमों से जुड़ी जिला संख्याएं हैं और इस विज्ञप्ति में नहीं आती। जोड़ी याद रखें: 100 जिले, 121 संकेतक।
जुलाई 2026 तक पीएम-डीडीकेवाई जिलों का औसत स्कोर किस स्तर पर पहुंचा?
- A.22.54
- B.16.31
- C.38.85
- D.10.33
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 38.85
व्याख्या
सही उत्तर 38.85 है। योजना के छह उद्देश्यों पर 100 जिलों का औसत स्कोर अप्रैल 2026 में 22.54 था और जुलाई 2026 में 38.85 पर पहुंचा। बाकी विकल्प भी इसी समीक्षा के असली आंकड़े हैं और इन्हें अलग-अलग पहचानना ही यहां परखा जा रहा है। विकल्प ए अप्रैल का शुरुआती स्तर है, न कि जुलाई में पहुंचा स्तर। विकल्प बी सुधार का आकार है, यानी दोनों आंकड़ों के बीच 16.31 अंकों का अंतर, इसलिए जो परीक्षार्थी बदलाव को स्तर समझ लेगा वह इसे चुन बैठेगा। विकल्प डी एक अकेले उद्देश्य, शासन और सेवा वितरण, का जुलाई का स्कोर है, जो छहों में सबसे ऊंचा रहा और 7.94 से बढ़कर यहां पहुंचा। दोहराने के लिए तीनों संख्याओं को एक वाक्य की तरह याद रखें: 22.54 से 38.85, यानी 16.31 अंकों की बढ़त।
पीएम-डीडीकेवाई कितनी केंद्रीय योजनाओं के समन्वय से लागू होती है?
- A.36 मंत्रालयों की 11 योजनाएं
- B.11 मंत्रालयों और विभागों की 36 योजनाएं
- C.11 मंत्रालयों और विभागों की 47 योजनाएं
- D.36 मंत्रालयों की 74 योजनाएं
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 11 मंत्रालयों और विभागों की 36 योजनाएं
व्याख्या
सही उत्तर 11 मंत्रालयों और विभागों की 36 योजनाएं है, और इनके साथ राज्य योजनाएं तथा निजी क्षेत्र की भागीदारी भी जुड़ी है। विकल्प ए दोनों संख्याओं की जगह बदल देता है और परीक्षा हॉल में यही सबसे आम भूल है, इसलिए क्रम ध्यान से पढ़ें: छोटी संख्या मंत्रालयों की है और बड़ी योजनाओं की। विकल्प सी और डी संकेतकों की गिनती को दोहरा देते हैं। परिणाम संकेतक 47 हैं और आउटपुट संकेतक 74, जो मिलकर वे 121 संकेतक बनाते हैं जिन्हें वार्षिक लक्ष्यों की निगरानी के लिए 36 योजनाओं में तय किया गया है, और इनमें से कोई भी योजनाओं की संख्या नहीं है। समीक्षा में समन्वय का एक और सूत्र भी है: लोक उद्यम विभाग ने 2026-27 और 2027-28 के लिए केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों को पीएम-डीडीकेवाई जिलों को सीएसआर कार्य के लिए गोद लेने की अनुमति दी है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के अनुसार भारत में स्वास्थ्य पर जेब से होने वाला खर्च घटकर कितना रह गया है?
- A.53.4 प्रतिशत
- B.48.2 प्रतिशत
- C.43.4 प्रतिशत
- D.38.6 प्रतिशत
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 43.4 प्रतिशत
व्याख्या
सही उत्तर 43.4 प्रतिशत है। मंत्री ने जेब से होने वाले खर्च में आई गिरावट को नागरिकों को मिल रही बढ़ती वित्तीय सुरक्षा का संकेतक बताया और इसे स्वास्थ्य व्यवस्था में आए अन्य बदलावों के साथ रखा। जेब से होने वाला खर्च वह हिस्सा है जो परिवार इलाज के समय सीधे अपनी जेब से चुकाता है, बीमा या सरकारी सहायता से नहीं, इसलिए इसका घटना यह बताता है कि सार्वजनिक योजनाएं अधिक बोझ उठा रही हैं। इसी संबोधन में उन्होंने कहा कि संस्थागत प्रसव नब्बे प्रतिशत से ऊपर पहुंच चुके हैं, देश में 1.75 लाख से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिर काम कर रहे हैं तथा बारह वर्ष में 16 नए एम्स बनने से इनकी कुल संख्या 23 हो गई है। बाकी विकल्प आसपास के प्रतिशत हैं और केवल सही आंकड़ा ही अंक दिलाता है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने जिस संजीवनी कार्यक्रम की सराहना की, वह किस राज्य का है और कितने स्वास्थ्य मानकों की जांच कराता है?
- A.तेलंगाना, 21 मानक
- B.आंध्र प्रदेश, 41 मानक
- C.ओडिशा, 31 मानक
- D.कर्नाटक, 51 मानक
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. आंध्र प्रदेश, 41 मानक
व्याख्या
सही उत्तर आंध्र प्रदेश, 41 मानक है। राज्य में नई स्वास्थ्य सुविधाओं के उद्घाटन के अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने संजीवनी कार्यक्रम की तारीफ की, जो लोगों के घर तक स्वास्थ्य सेवा पहुंचाता है और इतने स्वास्थ्य मानकों की जांच उपलब्ध कराता है। उन्होंने कहा कि जांच को समुदाय के नजदीक लाने की राज्य की यह पहल प्राथमिक स्वास्थ्य सेवा को मजबूत करने का उपयोगी मॉडल है, और उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर इसे अपनाने की संभावना देखने में रुचि जताई। विकल्प A, C और D में पड़ोसी राज्य के साथ अलग संख्या जोड़ दी गई है, और ये उस अभ्यर्थी को फंसा सकते हैं जिसे कार्यक्रम का नाम तो याद है पर राज्य या संख्या नहीं। सुरक्षित तरीका यह है कि संजीवनी को आंध्र प्रदेश से जोड़कर याद रखें, क्योंकि उसी राज्य में उसी दिन ब्लॉक और प्रयोगशालाएं खोली गईं।