मुख्य सामग्री पर जाएं
GK24
विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

ओआरवी सागर मंथन धीरे-धीरे किस पुराने अनुसंधान पोत की जगह लेगा?

  1. A.ओआरवी सागर निधि
  2. B.ओआरवी सागर कन्या
  3. C.आईएनएस संध्यायक
  4. D.एमवी सागर संपदा

सही उत्तर

B. ओआरवी सागर कन्या

व्याख्या

सही उत्तर ओआरवी सागर कन्या है। यह पोत 43 वर्ष पुराना है और इसे 1983 में जर्मनी से खरीदा गया था, तथा नया पोत धीरे-धीरे इसका काम संभालेगा। यह बात इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह विदेश से अनुसंधान मंच खरीदने के बजाय भारत में ही उन्हें बनाने की नीति में बदलाव दिखाती है, जिस पर पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के सचिव ने समारोह में गर्व जताया। विकल्प A यानी सागर निधि राष्ट्रीय महासागर प्रौद्योगिकी संस्थान का अनुसंधान पोत है और यहां प्रतिस्थापन के लिए उसका नाम नहीं है। विकल्प C यानी आईएनएस संध्यायक नौसेना का सर्वेक्षण पोत है, इसलिए वह पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के अधीन नहीं आता। विकल्प D यानी सागर संपदा मत्स्य एवं समुद्र विज्ञान अनुसंधान पोत है और सागर शब्द साझा होने के कारण भ्रम पैदा करता है। जर्मनी और 1983 को सागर कन्या के साथ जोड़कर याद रखें।

पूरा लेख पढ़ें: महासागरीय अनुसंधान पोत ओआरवी सागर मंथन कोलकाता में लॉन्च

Q1.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

9 सितंबर 2026 को लॉन्च हुए महासागरीय अनुसंधान पोत ओआरवी सागर मंथन को किस शिपयार्ड ने डिजाइन और निर्मित किया है?

  1. A.कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड
  2. B.मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स
  3. C.गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड
  4. D.हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड

मंत्री ने अनुबंध के दो वर्ष के भीतर लॉन्च पूरा करने के लिए यार्ड की सराहना की।

Q2.विज्ञान और प्रौद्योगिकीकठिन

ओआरवी सागर मंथन किस कार्यक्रम के अंतर्गत और लगभग कितनी लागत से बनाया गया है?

  1. A.दीप महासागर मिशन, लगभग 840 करोड़ रुपये
  2. B.मिशन समुद्रयान, लगभग 640 करोड़ रुपये
  3. C.नीली क्रांति, लगभग 940 करोड़ रुपये
  4. D.ओ-स्मार्ट योजना, लगभग 740 करोड़ रुपये
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. दीप महासागर मिशन, लगभग 840 करोड़ रुपये

ठीक-ठीक कहें तो यह पोत उस मिशन के वर्टिकल-4 के अंतर्गत बना है, जो गहन महासागर सर्वेक्षण और अन्वेषण से जुड़ा है।

Q3.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

6 नवंबर 2026 तक I-STEM पोर्टल पर कितने उपकरण सूचीबद्ध थे?

  1. A.4,044
  2. B.18,250
  3. C.31,540
  4. D.45,000
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 31,540

6 नवंबर 2026 तक, यानी जिस दिन स्टार्टअप इंडिया पोर्टल के साथ इसका एपीआई एकीकरण शुरू हुआ, I-STEM पर 4,044 पंजीकृत संस्थानों के 31,540 उपकरण दर्ज थे, जो शोधकर्ताओं और नवप्रवर्तकों के लिए बड़ा राष्ट्रीय संसाधन है।

Q4.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

6 नवंबर 2026 को स्टार्टअप इंडिया और I-STEM पोर्टल के एपीआई एकीकरण के शुभारंभ की अध्यक्षता किसने की?

  1. A.डॉ. परविंदर मैनी
  2. B.प्रो. अजय कुमार सूद
  3. C.अतीश कुमार सिंह
  4. D.डॉ. विशाल चौधरी
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. प्रो. अजय कुमार सूद

उन्होंने इस एकीकरण को संस्थाओं का तालमेल बताया, जिससे शोध और विकास का खर्च घटेगा, महंगी सुविधाओं का दोहराव रुकेगा और सार्वजनिक धन से बने ढांचे का बेहतर उपयोग होगा।

Q5.विज्ञान और प्रौद्योगिकीआसान

नवंबर 2026 में स्टार्टअप इंडिया पोर्टल से जोड़े गए I-STEM पोर्टल का पूरा नाम क्या है?

  1. A.इंडियन स्कीम फॉर टेक्नोलॉजी एंड इंजीनियरिंग मेंटरशिप
  2. B.इंडियन साइंस, टेक्नोलॉजी एंड इंजीनियरिंग फैसिलिटीज मैप
  3. C.इंटीग्रेटेड स्टार्टअप टेक्नोलॉजी एनेबलमेंट मिशन
  4. D.इंडियन सोसाइटी फॉर टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग एंड मैथमेटिक्स
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. इंडियन साइंस, टेक्नोलॉजी एंड इंजीनियरिंग फैसिलिटीज मैप

I-STEM वह पोर्टल है जो शैक्षणिक और अनुसंधान संस्थानों के वैज्ञानिक उपकरणों और शोध सुविधाओं का नक्शा तैयार करता है, ताकि उन्हें साझा किया जा सके।