निम्नलिखित में से किसका ध्रुवण नहीं किया जा सकता?
- A.दृश्य प्रकाश
- B.रेडियो तरंगें
- C.वायु में ध्वनि तरंगें
- D.एक्स-किरणें
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर है C, वायु में ध्वनि तरंगें। ध्रुवण का अर्थ तरंग के कंपनों को एक ही तल तक सीमित करना है, जो तभी संभव है जब कंपन गति की दिशा के लंबवत हों। वायु में ध्वनि अनुदैर्घ्य तरंग है, जिसमें माध्यम के कण गति की दिशा में ही आगे-पीछे चलते हैं, इसलिए तल चुनने का प्रश्न ही नहीं उठता और ध्रुवण असंभव है। विकल्प A गलत है क्योंकि दृश्य प्रकाश अनुप्रस्थ विद्युत-चुंबकीय तरंग है और पोलेरॉइड या परावर्तन से ध्रुवित होता है। विकल्प B गलत है क्योंकि रेडियो तरंगें भी विद्युत-चुंबकीय हैं, और प्रसारण के एंटेना उनके ध्रुवण के अनुसार क्षैतिज या ऊर्ध्व लगाए जाते हैं। विकल्प D गलत है क्योंकि एक्स-किरणें भी विद्युत-चुंबकीय तरंगें हैं और क्रिस्टलों द्वारा उनका ध्रुवण प्रयोगशाला का मानक परिणाम है।
पूरा लेख पढ़ें: प्रकाश का व्यतिकरण, विवर्तन और ध्रुवण: नोट्स
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंब्रूस्टर का नियम है (जहाँ mu अपवर्तनांक और i_p ध्रुवण कोण है)
- A.i_p = 90 अंश
- B.mu = tan i_p
- C.i_p घटा r = tan mu
- D.i_p = tan mu
उत्तर देखें
ब्रूस्टर ने पाया कि जब अध्रुवित प्रकाश किसी पारदर्शी सतह पर एक विशेष आपतन कोण, अर्थात ध्रुवण कोण, पर गिरता है तो परावर्तित प्रकाश पूर्णतः समतल ध्रुवित हो जाता है, और उस कोण की स्पर्शज्या सतह के अपवर्तनांक के बराबर होती है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →किसी दूर खड़ी कार की दोनों हेडलाइट 1.4 मीटर की दूरी पर हैं। यदि आँख की पुतली का व्यास 3 मिलीमीटर है, तो अधिकतम किस दूरी तक दोनों हेडलाइट अलग-अलग दिखाई दे सकती हैं? हेडलाइट को 500 नैनोमीटर तरंगदैर्घ्य के बिंदु स्रोत मानिए।
- A.3448 मीटर
- B.68.96 मीटर
- C.34.48 मीटर
- D.6896 मीटर
उत्तर देखें
रेले कसौटी के अनुसार आँख जिस न्यूनतम कोण को अलग देख सकती है वह 1.22 गुना तरंगदैर्घ्य को पुतली के व्यास से भाग देने पर मिलता है, अर्थात 1.22 गुणा 500 नैनोमीटर भाग 3 मिलीमीटर, जो लगभग 2.03 गुना दस की घात ऋण चार रेडियन होता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →5890 आंगस्ट्रॉम तरंगदैर्घ्य के प्रकाश से चल रहे माइकेल्सन व्यतिकरणमापी की एक भुजा में 1.5 अपवर्तनांक वाली पतली काँच की पट्टिका रखने पर 10 फ्रिंजों का विस्थापन होता है। पट्टिका की मोटाई है
- A.5.89 मीटर
- B.5.89 गुना दस की घात ऋण तीन मीटर
- C.5.89 गुना दस की घात ऋण छह मीटर
- D.5.89 गुना दस की घात ऋण चार मीटर
उत्तर देखें
किसी एक भुजा में t मोटाई की पट्टिका रखने पर प्रकाश उसे दो बार पार करता है, इसलिए अतिरिक्त पथ मोटाई के दोगुने और अपवर्तनांक में से एक घटाने पर प्राप्त मान के गुणनफल के बराबर होता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →प्रकाश तरंगों की अनुप्रस्थ प्रकृति किस घटना से सिद्ध होती है?
- A.व्यतिकरण
- B.विवर्तन
- C.ध्रुवण
- D.विक्षेपण
उत्तर देखें
केवल अनुप्रस्थ तरंग, जिसमें कंपन गति की दिशा के समकोण पर होते हैं, के कंपनों को पोलेरॉइड द्वारा एक ही तल में सीमित किया जा सकता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →साबुन के बुलबुले अथवा पानी पर फैली तेल की पतली परत में दिखने वाले चमकीले रंगों का कारण है
- A.झिल्ली की दोनों सतहों से परावर्तित प्रकाश का व्यतिकरण
- B.झिल्ली के भीतर पूर्ण आंतरिक परावर्तन
- C.प्रिज्म की तरह प्रकाश का विक्षेपण
- D.झिल्ली के अणुओं द्वारा प्रकाश का प्रकीर्णन
उत्तर देखें
पतली झिल्ली की ऊपरी सतह से परावर्तित प्रकाश और निचली सतह से परावर्तित प्रकाश कुछ भिन्न दूरियाँ तय करते हैं और परस्पर व्यतिकरण करते हैं।
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