निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही नहीं है?
- A.साबुन के अणु लंबी श्रृंखला वाले वसीय अम्लों के सोडियम या पोटैशियम लवण होते हैं
- B.साबुन के अणुओं में जलविरागी और जलरागी दोनों सिरे होते हैं
- C.कठोर जल में अपमार्जक साबुन की तुलना में अधिक प्रभावी होते हैं
- D.मिसेल में अणुओं का आयनिक सिरा तेल की बूंद की ओर होता है जबकि दूसरा सिरा बाहर की ओर होता है
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर है D। मिसेल में लंबी हाइड्रोकार्बन पूंछ तेल की बूंद के भीतर होती है और आयनिक सिरा बाहर जल की ओर होता है, इसलिए कथन D उल्टी बात कहता है।
साबुन के अणु के दो सिरे होते हैं। हाइड्रोकार्बन पूंछ जलविरागी है और तेल व ग्रीस में घुलती है; कार्बोक्सिलेट सिरा आयनिक और जलरागी है, इसलिए वह जल में रहता है। साबुन के घोल में अणु गोलाकार गुच्छे बनाते हैं जिन्हें मिसेल कहते हैं, जिनमें पूंछें अंदर मैल को पकड़े रहती हैं और सिरे बाहर जल की ओर रहते हैं। धोने पर मिसेल के साथ मैल भी बह जाता है।
A सही है: साबुन स्टीयरिक अम्ल जैसे लंबी श्रृंखला वाले वसीय अम्लों के सोडियम या पोटैशियम लवण हैं।
B सही है: यही दो सिरों वाली संरचना साबुन को तेल और जल को जोड़ने देती है।
C सही है: अपमार्जक (सल्फोनेट) कठोर जल के कैल्शियम और मैग्नीशियम आयनों के साथ अघुलनशील झाग (स्कम) नहीं बनाते, जबकि साबुन बनाता है।
Exam tip: मिसेल में पूंछ अंदर (तेल), सिरा बाहर (जल); अपमार्जक कठोर जल में भी काम करते हैं।
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंनिम्नलिखित में से किस कोशिकांग में DNA होता है?
- A.गॉल्जी उपकरण
- B.माइटोकॉन्ड्रिया
- C.लाइसोसोम
- D.अंतर्द्रव्यी जालिका
उत्तर देखें
माइटोकॉन्ड्रिया में अपना छोटा, वृत्ताकार DNA और अपने राइबोसोम होते हैं। माइटोकॉन्ड्रिया कोशिका का 'पावरहाउस' है, जहाँ वायवीय श्वसन से ATP बनता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →सब्जियों का कौन-सा समूह पौधे का भूमिगत तना या रूपांतरित तना है?
- A.आलू, आर्टिचोक, टिंडा
- B.प्याज, लहसुन, गाजर
- C.आलू, प्याज, लहसुन
- D.आलू, लहसुन, शलजम
उत्तर देखें
तीनों भूमिगत रूपांतरित तने हैं: आलू तना कंद है, और प्याज तथा लहसुन शल्ककंद (बल्ब) हैं। तने को जड़ से उसकी गाँठों (पर्वसंधियों) और कलिकाओं से पहचाना जाता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →300 Hz आवृत्ति वाली एक ध्वनि तरंग किसी अज्ञात माध्यम में चल रही है। इसकी तरंगदैर्ध्य ज्ञात नहीं है। यह समय t में अपनी तरंगदैर्ध्य के 150 गुने के बराबर दूरी तय करती है। t का मान है :
- A.0.5 s
- B.1 s
- C.1.5 s
- D.2 s
उत्तर देखें
तरंग हर कंपन में एक तरंगदैर्ध्य आगे बढ़ती है, इसलिए 150 तरंगदैर्ध्य के लिए 150 कंपन चाहिए, और 300 कंपन प्रति सेकंड की दर से 150 कंपन में आधा सेकंड लगता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →कोई वस्तु किसी द्रव में तैरती है, यदि उत्प्लावन बल :
- A.उसके भार के बराबर हो।
- B.उसके भार से कम हो।
- C.उसके भार से अधिक हो।
- D.शून्य हो।
उत्तर देखें
तैरती वस्तु संतुलन में होती है, इसलिए ऊपर की ओर लगने वाला उत्प्लावन बल ठीक उसके भार को संतुलित करता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →निम्नलिखित में से कौन-से मानव मस्तिष्क के विभिन्न भाग हैं?
- A.फोरफ्रंट ब्रेन, स्टैंडर्ड ब्रेन और पश्च मस्तिष्क
- B.अग्र मस्तिष्क, मीडियन ब्रेन और रियर ब्रेन
- C.अग्र मस्तिष्क, मध्य मस्तिष्क और पश्च मस्तिष्क
- D.प्रीकर्सर ब्रेन, मीन ब्रेन और पश्च मस्तिष्क
उत्तर देखें
ये मानव मस्तिष्क के तीन मुख्य भाग हैं। अग्र मस्तिष्क सबसे बड़ा भाग है।
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