कभी-कभी समाचारों में आने वाले "गुच्छी" के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. यह एक कवक है। 2. यह कुछ हिमालयी वन क्षेत्रों में उगती है। 3. पूर्वोत्तर भारत की हिमालयी तलहटी में इसकी व्यावसायिक खेती की जाती है। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
- A.केवल 1
- B.केवल 3
- C.1 और 2
- D.2 और 3
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर है C, 1 और 2। गुच्छी मोरेल मशरूम है, एक कवक जो हिमालयी वनों में जंगली रूप से उगता है, किंतु इसकी व्यावसायिक खेती नहीं होती।
गुच्छी (मोर्केला एस्कुलेंटा) की टोपी मधुमक्खी के छत्ते जैसी होती है और यह विश्व के सबसे महँगे मशरूमों में है, जो प्रायः हज़ारों रुपये प्रति किलोग्राम बिकता है। यह वसंत में जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के शंकुधारी वनों में, अक्सर बर्फ़ पिघलने या जंगल की आग के बाद, उगता है। ग्रामीण इसे हाथ से इकट्ठा कर सुखाते और बेचते हैं, इसलिए यह पहाड़ी समुदायों की आय का महत्वपूर्ण स्रोत है; जम्मू-कश्मीर की गुच्छी के लिए GI टैग भी माँगा गया है।
A गलत है क्योंकि कथन 2 भी सही है। B और D गलत हैं क्योंकि उनमें कथन 3 है: मोरेल की खेती बहुत कठिन सिद्ध हुई है, और भारत में इसकी आपूर्ति जंगल से संग्रह द्वारा होती है, पूर्वोत्तर की तलहटी में व्यावसायिक खेती से नहीं।
Exam tip: गुच्छी = मोरेल मशरूम, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड के जंगलों से संग्रहित।
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंपर्माकल्चर खेती, पारंपरिक रासायनिक खेती से किस प्रकार भिन्न है?
1. पर्माकल्चर खेती एकल फ़सल प्रथाओं को हतोत्साहित करती है, जबकि पारंपरिक रासायनिक खेती में एकल फ़सल प्रथाएँ प्रमुख हैं।
2. पारंपरिक रासायनिक खेती से मृदा लवणता बढ़ सकती है, किंतु पर्माकल्चर खेती में ऐसी घटना नहीं देखी जाती।
3. अर्ध-शुष्क क्षेत्रों में पारंपरिक रासायनिक खेती आसानी से संभव है, किंतु ऐसे क्षेत्रों में पर्माकल्चर खेती उतनी आसानी से संभव नहीं है।
4. पलवार (मल्चिंग) की प्रथा पर्माकल्चर खेती में बहुत महत्वपूर्ण है, किंतु पारंपरिक रासायनिक खेती में आवश्यक रूप से ऐसा नहीं है।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
- A.1 और 3
- B.1, 2 और 4
- C.केवल 4
- D.2 और 3
उत्तर देखें
पर्माकल्चर एकल फ़सल से बचती है, मिट्टी में लवण जमा नहीं करती और पलवार पर निर्भर रहती है; केवल कथन 3 गलत है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →WHO वायु गुणवत्ता दिशानिर्देशों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. PM2.5 का 24 घंटे का औसत 15 µg/m³ से और वार्षिक औसत 5 µg/m³ से अधिक नहीं होना चाहिए।
2. एक वर्ष में ओज़ोन प्रदूषण का उच्चतम स्तर ख़राब मौसम की अवधि में होता है।
3. PM10 फेफड़ों के अवरोध को पार कर रक्तप्रवाह में प्रवेश कर सकता है।
4. वायु में अत्यधिक ओज़ोन दमा (अस्थमा) को उत्तेजित कर सकती है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
- A.1, 3 और 4
- B.केवल 1 और 4
- C.2, 3 और 4
- D.केवल 1 और 2
उत्तर देखें
WHO के 2021 के दिशानिर्देशों में PM2.5 की सीमा 24 घंटे के औसत के लिए 15 µg/m³ और वार्षिक औसत के लिए 5 µg/m³ है, और धरातलीय ओज़ोन दमे के दौरे का जाना-माना कारण है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →पुनःपरिसंचरण जलकृषि प्रणाली (Recirculating Aquaculture System) में जैव-फ़िल्टरों की भूमिका के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. जैव-फ़िल्टर बिना खाए गए मछली-आहार को हटाकर अपशिष्ट उपचार करते हैं।
2. जैव-फ़िल्टर मछली के अपशिष्ट में मौजूद अमोनिया को नाइट्रेट में बदलते हैं।
3. जैव-फ़िल्टर पानी में मछलियों के पोषक तत्व के रूप में फ़ॉस्फ़ोरस बढ़ाते हैं।
उपर्युक्त में से कितने कथन सही हैं?
- A.केवल एक
- B.केवल दो
- C.सभी तीन
- D.कोई भी नहीं
उत्तर देखें
केवल कथन 2 सही है: पुनःपरिसंचरण जलकृषि प्रणाली में जैव-फ़िल्टर का काम ज़हरीली अमोनिया को बहुत कम हानिकारक नाइट्रेट में बदलना है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →'क्लाइमेट न्यूट्रल नाउ' पहल क्या है?
1. यह संगठनों और अन्य इच्छुक हितधारकों को 2030 तक कार्बन तटस्थ विश्व प्राप्त करने के लिए अभी कार्य करने को प्रोत्साहित करती है।
2. यह अपने उद्देश्य पेरिस समझौते से लेती है।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए :
- A.केवल 1
- B.केवल 2
- C.1 और 2 दोनों
- D.न तो 1 और न ही 2
उत्तर देखें
क्लाइमेट न्यूट्रल नाउ अपना उद्देश्य पेरिस समझौते से लेती है, पर इसका लक्ष्य सदी के मध्य तक जलवायु तटस्थ विश्व है, 2030 तक नहीं।
पूरी व्याख्या पढ़ें →'एक्शन फ़ॉर क्लाइमेट एम्पावरमेंट' (ACE) के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
1. यह जलवायु परिवर्तन पर संयुक्त राष्ट्र फ्रेमवर्क कन्वेंशन द्वारा अपनाया गया एक शब्द है।
2. यह शब्द पेरिस समझौते से संबंधित है।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:
- A.केवल 1
- B.केवल 2
- C.1 और 2 दोनों
- D.न तो 1 और न ही 2
उत्तर देखें
एक्शन फ़ॉर क्लाइमेट एम्पावरमेंट, जलवायु शिक्षा और जन-जागरूकता के काम के लिए UNFCCC का अपना नाम है, और यह पेरिस समझौते पर भी लागू होता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →