घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम, 2005 के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य नहीं है?
- A.यह अधिनियम घरेलू हिंसा से पीड़ित महिला की रक्षा के लिए सिविल उपचार प्रदान करता है।
- B.इस कानून के तहत केवल महिलाएँ ही शिकायत कर सकती हैं।
- C.राहत केवल पति या उस पुरुष लिव-इन साथी के विरुद्ध माँगी जा सकती है जिसके साथ महिला घरेलू संबंध में रही हो।
- D.इस अधिनियम में केवल पत्नियाँ ही नहीं, बल्कि विवाह जैसे संबंधों में रहने वाली महिलाएँ भी शामिल हैं।
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर है C। अधिनियम के तहत राहत केवल पति या पुरुष साथी तक सीमित नहीं है; उसके रिश्तेदारों के विरुद्ध भी शिकायत की जा सकती है।
अधिनियम में 'प्रत्यर्थी' की परिभाषा में पति या पुरुष साथी के साथ उसके रिश्तेदार भी शामिल हैं, इसलिए सास या ननद को भी पक्ष बनाया जा सकता है। हिरल पी. हरसोरा मामले (2016) में उच्चतम न्यायालय ने इस परिभाषा से 'वयस्क पुरुष' शब्द हटा दिए, जिससे इसका दायरा और बढ़ गया। अधिनियम संरक्षण आदेश, निवास आदेश, आर्थिक राहत, अभिरक्षा आदेश और मुआवजे जैसे सिविल उपचार देता है, जिन्हें संरक्षण अधिकारी और मजिस्ट्रेट लागू कराते हैं। इसमें शारीरिक, यौन, मौखिक, भावनात्मक और आर्थिक दुर्व्यवहार सभी आते हैं।
विकल्प A सत्य कथन है क्योंकि यह अधिनियम क्रूरता के आपराधिक प्रावधान से अलग सिविल उपचार देता है। विकल्प B सत्य है क्योंकि अधिनियम में केवल महिला ही 'पीड़ित व्यक्ति' हो सकती है। विकल्प D सत्य है क्योंकि यह विवाह की प्रकृति वाले संबंध में रहने वाली महिलाओं को भी संरक्षण देता है।
परीक्षा टिप: घरेलू हिंसा अधिनियम 2005, 26 अक्टूबर 2006 से लागू, सिविल उपचार, पति के रिश्तेदारों के विरुद्ध भी शिकायत।
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंराज्यपाल की अध्यादेश जारी करने की शक्ति के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही नहीं है?
- A.यह विवेकाधीन शक्ति नहीं है।
- B.राज्यपाल किसी भी समय अध्यादेश वापस ले सकता है।
- C.अध्यादेश की शक्ति का प्रयोग तब किया जा सकता है जब विधानमंडल सत्र में न हो।
- D.अध्यादेश जारी करने के लिए मंत्रियों की सहायता और सलाह आवश्यक नहीं है।
उत्तर देखें
राज्यपाल मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली मंत्रिपरिषद की सहायता और सलाह पर ही अध्यादेश जारी करता है। अनुच्छेद 213 राज्यपाल को अध्यादेश जारी करने की शक्ति देता है और अनुच्छेद 163 कहता है कि जहाँ संविधान विवेक की अनुमति न दे, वहाँ वह मंत्रियों की सलाह पर काम करेगा।
पूरी व्याख्या पढ़ें →निम्नलिखित में से किसे राज्यों के विधानमंडल का भाग नहीं माना जाता?
- A.राज्यपाल
- B.विधानसभा
- C.विधान परिषद
- D.मुख्यमंत्री
उत्तर देखें
मुख्यमंत्री राज्य मंत्रिपरिषद के प्रमुख हैं, जो कार्यपालिका का अंग है, संविधान में परिभाषित विधानमंडल का नहीं। अनुच्छेद 168 कहता है कि हर राज्य का एक विधानमंडल होगा, जिसमें राज्यपाल और एक या दो सदन होंगे।
पूरी व्याख्या पढ़ें →भारत के संविधान के अनुच्छेद 352 के तहत आपातकाल की घोषणा की जा सकती है यदि भारत के किसी भाग की सुरक्षा को खतरा हो 1. युद्ध से 2. बाहरी आक्रमण से 3. सशस्त्र विद्रोह से 4. आंतरिक अशांति से नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
- A.1, 2 और 3
- B.2, 3 और 4
- C.1, 3 और 4
- D.केवल 1 और 2
उत्तर देखें
1978 के 44वें संशोधन के बाद राष्ट्रीय आपातकाल केवल युद्ध, बाहरी आक्रमण या सशस्त्र विद्रोह के आधार पर ही घोषित किया जा सकता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →राज्यपाल की अध्यादेश जारी करने की शक्ति के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? 1. यह एक विवेकाधीन शक्ति है। 2. राज्यपाल स्वयं किसी भी समय अध्यादेश वापस लेने में सक्षम नहीं है। नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
- A.केवल 1
- B.केवल 2
- C.1 और 2 दोनों
- D.न तो 1 और न ही 2
उत्तर देखें
राज्यपाल मंत्रिपरिषद की सलाह पर अध्यादेश जारी करता है और उसे किसी भी समय वापस ले सकता है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति की योग्यता के लिए निम्नलिखित में से कौन-सी कसौटी आवश्यक नहीं है?
- A.कम से कम पाँच वर्ष तक किसी उच्च न्यायालय का न्यायाधीश
- B.कम से कम दस वर्ष तक किसी उच्च न्यायालय का अधिवक्ता
- C.राष्ट्रपति की राय में एक प्रतिष्ठित विधिवेत्ता
- D.कम से कम बीस वर्ष तक उप-न्यायिक मजिस्ट्रेट
उत्तर देखें
अधीनस्थ मजिस्ट्रेट के रूप में सेवा संविधान में बताए गए मार्गों में शामिल नहीं है।
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