मुख्य सामग्री पर जाएं
GK24
सामान्य विज्ञानमध्यम

एक व्यक्ति खुले दरवाजे से दूसरे कमरे में बोलने वाले की आवाज सुन लेता है, परंतु उसे देख नहीं पाता। इसका कारण है

  1. A.ध्वनि प्रकाश से तेज चलती है
  2. B.ध्वनि की तरंगदैर्घ्य दरवाजे की चौड़ाई के समकक्ष है, इसलिए ध्वनि का विवर्तन अधिक होता है
  3. C.ध्वनि अनुप्रस्थ और प्रकाश अनुदैर्घ्य तरंग है
  4. D.प्रकाश वायु द्वारा अवशोषित हो जाता है, ध्वनि नहीं

सही उत्तर

B. ध्वनि की तरंगदैर्घ्य दरवाजे की चौड़ाई के समकक्ष है, इसलिए ध्वनि का विवर्तन अधिक होता है

व्याख्या

सही उत्तर है B, ध्वनि की तरंगदैर्घ्य दरवाजे की चौड़ाई के समकक्ष है, इसलिए ध्वनि का विवर्तन अधिक होता है। विवर्तन, अर्थात तरंग का किनारे से मुड़ना, तभी स्पष्ट होता है जब अवरोध या छिद्र तरंगदैर्घ्य की ही कोटि का हो। श्रव्य ध्वनि की तरंगदैर्घ्य कुछ सेंटीमीटर से कुछ मीटर तक होती है, इसलिए वह दरवाजे के चारों ओर फैल जाती है, जबकि दृश्य प्रकाश की तरंगदैर्घ्य कुछ सौ नैनोमीटर है और वह इतना कम मुड़ता है कि सीधी रेखा में चलता प्रतीत होता है। विकल्प A गलत है क्योंकि प्रकाश ध्वनि से बहुत तेज है और गति से मुड़ना तय नहीं होता। विकल्प C गलत है क्योंकि वास्तविकता उलटी है: वायु में ध्वनि अनुदैर्घ्य और प्रकाश अनुप्रस्थ है। विकल्प D गलत है क्योंकि कमरे भर की दूरी में वायु दृश्य प्रकाश का नगण्य अवशोषण करती है।

पूरा लेख पढ़ें: प्रकाश का व्यतिकरण, विवर्तन और ध्रुवण: नोट्स

सभी देखें
Q1.सामान्य विज्ञानपूछा गया: राजस्थान · RSMSSB Lab Assistant 2018 Official Paperमध्यम

ब्रूस्टर का नियम है (जहाँ mu अपवर्तनांक और i_p ध्रुवण कोण है)

  1. A.i_p = 90 अंश
  2. B.mu = tan i_p
  3. C.i_p घटा r = tan mu
  4. D.i_p = tan mu
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. mu = tan i_p

ब्रूस्टर ने पाया कि जब अध्रुवित प्रकाश किसी पारदर्शी सतह पर एक विशेष आपतन कोण, अर्थात ध्रुवण कोण, पर गिरता है तो परावर्तित प्रकाश पूर्णतः समतल ध्रुवित हो जाता है, और उस कोण की स्पर्शज्या सतह के अपवर्तनांक के बराबर होती है।

Q2.सामान्य विज्ञानपूछा गया: राजस्थान · 09 Sept, 2025कठिन

किसी दूर खड़ी कार की दोनों हेडलाइट 1.4 मीटर की दूरी पर हैं। यदि आँख की पुतली का व्यास 3 मिलीमीटर है, तो अधिकतम किस दूरी तक दोनों हेडलाइट अलग-अलग दिखाई दे सकती हैं? हेडलाइट को 500 नैनोमीटर तरंगदैर्घ्य के बिंदु स्रोत मानिए।

  1. A.3448 मीटर
  2. B.68.96 मीटर
  3. C.34.48 मीटर
  4. D.6896 मीटर
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. 6896 मीटर

रेले कसौटी के अनुसार आँख जिस न्यूनतम कोण को अलग देख सकती है वह 1.22 गुना तरंगदैर्घ्य को पुतली के व्यास से भाग देने पर मिलता है, अर्थात 1.22 गुणा 500 नैनोमीटर भाग 3 मिलीमीटर, जो लगभग 2.03 गुना दस की घात ऋण चार रेडियन होता है।

Q3.सामान्य विज्ञानपूछा गया: उत्तर प्रदेश · UPPSC GIC Lecturer Physics 2021कठिन

5890 आंगस्ट्रॉम तरंगदैर्घ्य के प्रकाश से चल रहे माइकेल्सन व्यतिकरणमापी की एक भुजा में 1.5 अपवर्तनांक वाली पतली काँच की पट्टिका रखने पर 10 फ्रिंजों का विस्थापन होता है। पट्टिका की मोटाई है

  1. A.5.89 मीटर
  2. B.5.89 गुना दस की घात ऋण तीन मीटर
  3. C.5.89 गुना दस की घात ऋण छह मीटर
  4. D.5.89 गुना दस की घात ऋण चार मीटर
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 5.89 गुना दस की घात ऋण छह मीटर

किसी एक भुजा में t मोटाई की पट्टिका रखने पर प्रकाश उसे दो बार पार करता है, इसलिए अतिरिक्त पथ मोटाई के दोगुने और अपवर्तनांक में से एक घटाने पर प्राप्त मान के गुणनफल के बराबर होता है।

Q4.सामान्य विज्ञानआसान

प्रकाश तरंगों की अनुप्रस्थ प्रकृति किस घटना से सिद्ध होती है?

  1. A.व्यतिकरण
  2. B.विवर्तन
  3. C.ध्रुवण
  4. D.विक्षेपण
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. ध्रुवण

केवल अनुप्रस्थ तरंग, जिसमें कंपन गति की दिशा के समकोण पर होते हैं, के कंपनों को पोलेरॉइड द्वारा एक ही तल में सीमित किया जा सकता है।

Q5.सामान्य विज्ञानआसान

साबुन के बुलबुले अथवा पानी पर फैली तेल की पतली परत में दिखने वाले चमकीले रंगों का कारण है

  1. A.झिल्ली की दोनों सतहों से परावर्तित प्रकाश का व्यतिकरण
  2. B.झिल्ली के भीतर पूर्ण आंतरिक परावर्तन
  3. C.प्रिज्म की तरह प्रकाश का विक्षेपण
  4. D.झिल्ली के अणुओं द्वारा प्रकाश का प्रकीर्णन
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. झिल्ली की दोनों सतहों से परावर्तित प्रकाश का व्यतिकरण

पतली झिल्ली की ऊपरी सतह से परावर्तित प्रकाश और निचली सतह से परावर्तित प्रकाश कुछ भिन्न दूरियाँ तय करते हैं और परस्पर व्यतिकरण करते हैं।