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GK24
अर्थव्यवस्थामध्यम

डीआरआई के इन छह अभियानों में कुल कितने लोग गिरफ्तार किए गए?

  1. A.18
  2. B.22
  3. C.24
  4. D.32

सही उत्तर

C. 24

व्याख्या

सही उत्तर 24 है। विज्ञप्ति के शीर्षक में और पहले अनुच्छेद में दोबारा कहा गया है कि इन अभियानों में तीन विदेशी नागरिकों सहित 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया। विकल्प 22 सबसे भ्रमित करने वाला है, क्योंकि यह संख्या विज्ञप्ति में आती तो है, लेकिन वह चंदौली वाले मामले में कार के गियरबॉक्स के नीचे बक्से में छिपाई गई विदेशी मूल की सोने की छड़ों की संख्या है, लोगों की गिनती नहीं। गिरफ्तारियां अलग-अलग मामलों में हुईं: दिल्ली में पिघलाने और डाई-कटिंग वाली इकाई का मालिक, पंजाब से आ रहे वाहन वाला व्यक्ति, सीमा के पास पकड़ा गया व्यक्ति, हावड़ा में यात्री और उसका साथी, मुंबई हवाई अड्डे के गिरोह में पांच, ट्रेडमिल वाले मामले में एक चीनी नागरिक सहित दो, चेन्नई में छह और कालीकट में दो। तीनों मुख्य आंकड़े साथ याद रखें: लगभग 41 किलोग्राम सोना, लगभग 62 करोड़ रुपये कीमत और 24 गिरफ्तारियां।

पूरा लेख पढ़ें: डीआरआई ने 62 करोड़ रुपये का 41 किलो सोना जब्त किया

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Q1.अर्थव्यवस्थाआसान

डीआरआई ने तस्करी का विदेशी मूल का सोना किस कानून के तहत जब्त किया?

  1. A.सीमा शुल्क अधिनियम, 1962
  2. B.विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम, 1999
  3. C.धन शोधन निवारण अधिनियम, 2002
  4. D.स्वर्ण नियंत्रण अधिनियम, 1968
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. सीमा शुल्क अधिनियम, 1962

व्याख्या

सही उत्तर सीमा शुल्क अधिनियम, 1962 है। विज्ञप्ति में भारत-बांग्लादेश सीमा वाले प्रसंग में इस कानून का नाम दो बार आता है, जहां कहा गया है कि वैध कब्जे के दस्तावेज न दिखा पाने के कारण सोना इसी अधिनियम के तहत जब्त किया गया और उसी अधिनियम के संबंधित प्रावधानों के तहत गिरफ्तारी हुई। यही कानून उत्तर प्रदेश के चंदौली वाले मामले में भी आता है, जहां कार में सवार लोग बरामद 22 छड़ों पर वैध कब्जा साबित नहीं कर सके। बाकी तीनों विकल्प वास्तविक कानून हैं, जिन्हें अभ्यर्थी आर्थिक अपराधों से जोड़कर देखते हैं और इसीलिए इन्हें यहां रखा गया है, लेकिन इस विज्ञप्ति में इनका कोई उल्लेख नहीं है। सीमा शुल्क सीमा के पार सामान की तस्करी का मामला सीमा शुल्क कानून के दायरे में आता है, इसी कारण वित्त मंत्रालय के अधीन काम करने वाला डीआरआई इसी अधिनियम के तहत कार्रवाई करता है।

Q2.अर्थव्यवस्थामध्यम

भारत-बांग्लादेश सीमा के पास की गई जब्ती में डीआरआई के साथ कौन सा बल शामिल था?

  1. A.केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल
  2. B.भारत-तिब्बत सीमा पुलिस
  3. C.सीमा सुरक्षा बल
  4. D.सशस्त्र सीमा बल
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. सीमा सुरक्षा बल

व्याख्या

सही उत्तर सीमा सुरक्षा बल है। विज्ञप्ति में दर्ज है कि डीआरआई ने सीमा सुरक्षा बल की मदद से भारत-बांग्लादेश सीमा के पास बीओपी हल्दरपारा में एक व्यक्ति से लगभग 11.3 किलोग्राम वजन की 89 विदेशी मूल की सोने की छड़ें जब्त कीं, और वैध कब्जे के दस्तावेज न दिखा पाने पर उस व्यक्ति ने तस्करी में शामिल होना स्वीकार किया तथा उसे गिरफ्तार कर लिया गया। बाकी विकल्प असली केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल हैं, लेकिन इस विज्ञप्ति में इनके नाम नहीं आते, और पूरी विज्ञप्ति में केवल एक अन्य पुलिस एजेंसी का उल्लेख है, अर्थात उत्तर प्रदेश की चंदौली पुलिस, जिसने कार के गियरबॉक्स के नीचे छिपी छड़ों वाले मामले में डीआरआई के साथ काम किया। याद रखें कि इन्हीं अभियानों में हवाई अड्डे, रेल मार्ग और जमीनी सीमा तीनों शामिल थे।

Q3.अर्थव्यवस्थाकठिन

सेमीकॉन इंडिया कार्यक्रम के तहत कितनी सेमीकंडक्टर परियोजनाएं मंजूर हुई हैं और सितंबर 2026 तक कितनी वाणिज्यिक इकाइयां चालू थीं?

  1. A.दस मंजूर, तीन चालू
  2. B.बारह मंजूर, पांच चालू
  3. C.पंद्रह मंजूर, छह चालू
  4. D.बीस मंजूर, आठ चालू
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. बारह मंजूर, पांच चालू

व्याख्या

सही उत्तर बारह मंजूर और पांच चालू है। बैकग्राउंडर में कहा गया है कि सरकार सेमीकॉन इंडिया कार्यक्रम के तहत इतनी परियोजनाओं को मंजूरी दे चुकी है और उसी वर्ष सितंबर तक पांच वाणिज्यिक सेमीकंडक्टर इकाइयां परिचालन में आ चुकी थीं। पहला विकल्प दोनों ही गिनतियों में गलत है, यह मंजूरियों और चालू इकाइयों, दोनों को कम बताता है। तीसरा विकल्प गलत है क्योंकि यह मंजूरियों और इकाइयों, दोनों को बढ़ा देता है और ऐसा कोई हिसाब विज्ञप्ति में नहीं है। चौथा विकल्प इसी कारण गलत है और बताई गई स्थिति से सबसे दूर है। याद रखने लायक बात यह है कि मंजूरी मिलना और उत्पादन शुरू होना एक बात नहीं है, इसीलिए विज्ञप्ति में दोनों आंकड़े अलग-अलग दिए गए हैं। इसे पीएलआई योजनाओं और इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन से भी जोड़कर याद रखें।

Q4.अर्थव्यवस्थामध्यम

सेमीकॉन इंडिया 2026 में 'भारत के राष्ट्रीय एजेंडे को आगे बढ़ाने में उद्योग संघों की भूमिका' पैनल चर्चा का संचालन किसने किया?

  1. A.नीति आयोग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी
  2. B.इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन के सीईओ श्री अमितेश कुमार सिन्हा
  3. C.भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर
  4. D.इसरो के अध्यक्ष
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन के सीईओ श्री अमितेश कुमार सिन्हा

व्याख्या

सही उत्तर इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री अमितेश कुमार सिन्हा हैं। बैकग्राउंडर में उन्हीं को इस सत्र का संचालक बताया गया है, जिसमें प्रमुख उद्योग संघों के वरिष्ठ प्रतिनिधि यह चर्चा करने आए थे कि गहरा सहयोग देश की सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स योजनाओं को कैसे तेज कर सकता है। नीति आयोग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी वाला विकल्प गलत है, क्योंकि विज्ञप्ति में इस सत्र से उस पद का कोई संबंध नहीं बताया गया। भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर वाला विकल्प गलत है, क्योंकि चर्चा मौद्रिक नीति की नहीं, विनिर्माण और उद्योग के आपसी तालमेल की थी। इसरो के अध्यक्ष वाला विकल्प भी इसी कारण गलत है। अभ्यर्थियों को नाम के साथ पद और मिशन का नाम भी याद रखना चाहिए, क्योंकि प्रश्न अक्सर संस्था पूछता है, नाम नहीं।

Q5.अर्थव्यवस्थाआसान

सेमीकॉन इंडिया 2026 में कितने प्रदर्शकों ने भाग लिया?

  1. A.400 से अधिक
  2. B.600 से अधिक
  3. C.800 से अधिक
  4. D.1,000 से अधिक
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. 600 से अधिक

व्याख्या

सही उत्तर 600 से अधिक है। बैकग्राउंडर के अनुसार आयोजन में इतने प्रदर्शक शामिल हुए, जिनमें लगभग तीन सौ अंतरराष्ट्रीय कंपनियां थीं, और इसी मिश्रण को भारत के सेमीकंडक्टर तथा इलेक्ट्रॉनिक्स इकोसिस्टम में बढ़ती वैश्विक दिलचस्पी का संकेत बताया गया है। पहला विकल्प गलत है क्योंकि यह बताई गई संख्या से कम है और विज्ञप्ति में कहीं नहीं आता। तीसरा विकल्प उल्टे कारण से गलत है, यह संख्या को बढ़ा देता है और ऐसा कोई आंकड़ा नहीं दिया गया। चौथा विकल्प भी गलत है, क्योंकि चार अंकों वाला कोई दावा दस्तावेज में नहीं है। परीक्षा के लिए उपयोगी जोड़ी यह है कि कुल प्रदर्शक और उनमें अंतरराष्ट्रीय हिस्सेदारी, दोनों साथ याद रखें, क्योंकि प्रश्न एक देकर दूसरा पूछ सकता है।