कौन सा शास्त्रीय नृत्य रास लीला और पुंग नामक ढोल से जुड़ा हुआ है?
- A.सत्रीया
- B.मणिपुरी
- C.ओडिसी
- D.कुचिपुड़ी
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. मणिपुरी
व्याख्या
सही उत्तर B, मणिपुरी है। इसका केंद्रीय विषय राधा और कृष्ण की रास लीला है, पैर धीरे पड़ते हैं, मुख पर भाव तीव्र नहीं बल्कि शांत रहते हैं, और नर्तकी कड़ा, ढोलनुमा कुमिल घाघरा पहनती है। पुंग को बजाते हुए ही नाचा जाता है, जिसे पुंग चोलम कहते हैं, और इस क्षेत्र की प्राचीन अनुष्ठानिक परंपरा लाई हराओबा है। रवींद्रनाथ टैगोर मणिपुरी गुरुओं को शांतिनिकेतन लाए और इस शैली को देशव्यापी पहचान दिलाई।
विकल्प A, सत्रीया भी वैष्णव विषय लेता है, परंतु वह असम के सत्रों की शैली है और उसमें खोल वाद्य बजता है। विकल्प C, ओडिसी अपने कृष्ण विषय गीत गोविंद से लेता है और उसके साथ मर्दल बजता है। विकल्प D, कुचिपुड़ी भामा कलापम मंचित करता है और उसमें मृदंग प्रयुक्त होता है, पुंग नहीं।