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GK24

भारतीय इतिहास GK प्रश्न उत्तर सहित – पेज 54

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SSC, बैंकिंग, UPSC, रेलवे और राज्य परीक्षाओं के लिए भारतीय इतिहास के बहुविकल्पीय प्रश्न, उत्तर और व्याख्या के साथ, हर पेज पर 20 प्रश्न।

1733 प्रश्न

Q1061.भारतीय इतिहासमध्यम

अकबर के समय भूमि के वर्गीकरण में कौन वर्ग हर वर्ष जोता जाता था और कभी परती नहीं छोड़ा जाता था?

  1. A.पोलज
  2. B.परौती
  3. C.चचर
  4. D.बंजर
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. पोलज

B यानी परौती वह भूमि थी जो शक्ति लौटाने के लिए एक-दो मौसम परती छोड़ी जाती थी, और फिर जोती जाने पर पूरी दर देती थी।

Q1062.भारतीय इतिहासकठिन

दो-अस्पा सिह-अस्पा व्यवस्था, जिसके अंतर्गत कोई अमीर अपने जात पद में परिवर्तन के बिना अतिरिक्त घुड़सवार रखता था, किसने शुरू की?

  1. A.अकबर
  2. B.जहांगीर
  3. C.शाहजहां
  4. D.औरंगजेब
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. जहांगीर

किसी कृपापात्र अमीर का सवार पद बढ़ाने का अर्थ उसका जात भी बढ़ाना था, जिससे वरीयता क्रम बिगड़ता और कोषागार को व्यक्तिगत वेतन में अधिक खर्च पड़ता।

Q1063.भारतीय इतिहासमध्यम

मुगल सैन्य व्यवस्था में दाग और चेहरा क्या थे?

  1. A.अमीरों को दी जाने वाली दो प्रकार की जागीरें
  2. B.घोड़ों पर मुहर का चिह्न और सैनिकों का हुलिया अभिलेख
  3. C.प्रांतीय राजस्व सेवा के दो पद
  4. D.भूमि मापन के दो रूप
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. घोड़ों पर मुहर का चिह्न और सैनिकों का हुलिया अभिलेख

मनसबदारों को उनके रखे घुड़सवारों के लिए भुगतान मिलता था, और स्थायी लालच यह था कि निरीक्षण के दिन घोड़े तथा आदमी किराए पर लाकर बाद में लौटा दिए जाएं।

Q1064.भारतीय इतिहासआसान

1580 में पूरा हुआ दहसाला या जब्ती राजस्व बंदोबस्त किससे संबंधित है?

  1. A.राजा टोडरमल
  2. B.राजा मान सिंह
  3. C.अबुल फजल
  4. D.शाह मंसूर
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. राजा टोडरमल

उनके बंदोबस्त में हर इलाके की हर फसल के लिए पिछले दस वर्ष की औसत पैदावार और औसत कीमत निकाली गई, मांग उस औसत पैदावार के लगभग एक-तिहाई पर तय हुई और प्रति बीघा नकद में बताई गई, तथा भूमि की माप बांस के जरीब और इलाही गज से हुई।

Q1065.भारतीय इतिहासमध्यम

मनसबदारी व्यवस्था में मनसब के साथ जुड़ी दो संख्याएं जात और सवार क्रमशः किसे दर्शाती थीं?

  1. A.व्यक्तिगत वेतन तथा पद, और रखे जाने वाले घुड़सवारों की संख्या
  2. B.जागीर का क्षेत्रफल, और उस पर निर्धारित राजस्व
  3. C.सेवा के वर्ष, और रखे गए हाथियों की संख्या
  4. D.नकद वेतन की राशि, और भूमि राजस्व की दर
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. व्यक्तिगत वेतन तथा पद, और रखे जाने वाले घुड़सवारों की संख्या

जात संख्या धारक का वेतन और दरबार के वरीयता क्रम में उसका स्थान तय करती थी, जबकि सवार संख्या वह घुड़सवार टुकड़ी तय करती थी जिसे उसे बादशाह के लिए तैयार रखना था।

Q1066.भारतीय इतिहासपूछा गया: CTET · 24th Dec 2021मध्यम

आइन-ए-अकबरी के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए और सही विकल्प चुनिए। (A) इसे अबुल फजल ने लिखा। (B) इसमें फसलों, कीमतों, राजस्व और मजदूरी के समृद्ध सांख्यिकीय विवरण हैं। (C) यह अकबर के पूर्वजों का विवरण देती है।

  1. A.(A) और (B) सही हैं
  2. B.(B) और (C) सही हैं
  3. C.(A) और (C) सही हैं
  4. D.(A), (B) और (C) सही हैं
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. (A) और (B) सही हैं

आइन-ए-अकबरी अकबर के दरबारी तथा मित्र अबुल फजल ने लिखी और वह अकबरनामा का तीसरा खंड है; वह एक प्रशासनिक विवरणिका है, जिसमें विभाग और अधिकारी, सूबे तथा उनकी सरकारें और परगने, मापी गई भूमि, राजस्व दरें, कीमतें और मजदूरी सूचीबद्ध हैं, और इसी कारण इतिहासकार उसे आर्थिक इतिहास के…

Q1067.भारतीय इतिहासपूछा गया: दिल्ली · 8 April 2022, Shift 2आसान

मुगल प्रशासन में निम्नलिखित में कौन विभाग मीर बख्शी के नाम से जाना जाता था?

  1. A.कारखाना विभाग
  2. B.राजस्व विभाग
  3. C.न्याय विभाग
  4. D.सेना विभाग
उत्तर देखें
सही उत्तर: D. सेना विभाग

मीर बख्शी सैन्य प्रतिष्ठान का प्रमुख था: वह मनसबदारों की हाजिरी सूची रखता था, निरीक्षण में घोड़े तथा सैनिक जांचता था, पदों के लिए नाम सुझाता था और उनके वेतन आदेशों पर प्रति हस्ताक्षर करता था, तथा प्रांतों के वाकिया नवीस और गुप्तचर भी अपनी रिपोर्ट उसी के कार्यालय से…

Q1068.भारतीय इतिहासकठिन

चोल काल में ब्राह्मणों को दिया गया और अपनी सभा से शासित गाँव किस नाम से जाना जाता था?

  1. A.देवदान
  2. B.ब्रह्मदेय
  3. C.वेल्लानवगै
  4. D.पल्लिच्चंदम
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. ब्रह्मदेय

ब्रह्मदेय वह भूमि या पूरा गाँव था जो ब्राह्मणों को दिया जाता था, प्रायः कई करों से मुक्त, और उसके वयस्क ब्राह्मण भूस्वामियों की सभा अथवा महासभा वारियम नामक समितियों से काम करती थी; उत्तरमेरूर अभिलेख ऐसी ही सभा का वर्णन करते हैं।

Q1069.भारतीय इतिहासकठिन

कावेरी नदी पर बना कल्लणै अथवा ग्रैंड एनीकट परंपरागत रूप से किस शासक से जोड़ा जाता है?

  1. A.आरंभिक चोल करिकाल
  2. B.राजराज प्रथम
  3. C.राजेंद्र प्रथम
  4. D.राजराज द्वितीय
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. आरंभिक चोल करिकाल

कल्लणै, जिसे अंग्रेजी में ग्रैंड एनीकट कहा जाता है, कावेरी पर बना वह बाँध है जो जल को डेल्टा की नहरों में मोड़ता है, और परंपरा इसे संगम युग के आरंभिक चोल राजा करिकाल से जोड़ती है, जो उरैयूर से शासन करता था।

Q1070.भारतीय इतिहासमध्यम

चोल काल में अय्यावोले, मणिग्रामम और नानादेसी किस प्रकार के संगठन थे?

  1. A.व्यापारिक श्रेणियाँ
  2. B.सैनिक टुकड़ियाँ
  3. C.मंदिर समितियाँ
  4. D.भू-राजस्व श्रेणियाँ
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. व्यापारिक श्रेणियाँ

अय्यावोले, जिसे अय्यावोले के पाँच सौ भी कहा जाता है, तथा मणिग्रामम और नानादेसी व्यापारियों के संगठन थे, जो आंतरिक और समुद्रपारीय व्यापार संभालते थे, मंदिरों को दान देते थे, अपने रक्षक रखते थे और दक्षिण भारत से सुमात्रा तक अभिलेख छोड़ गए।

Q1071.भारतीय इतिहासकठिन

कुलोत्तुंग प्रथम के कलिंग युद्ध पर आधारित तमिल काव्य कलिंगत्तुपरणि किसने लिखा?

  1. A.कंबन
  2. B.शेक्किलार
  3. C.जयंगोंडार
  4. D.तिरुत्तक्कदेवर
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. जयंगोंडार

कुलोत्तुंग प्रथम के दरबारी कवि जयंगोंडार ने कलिंगत्तुपरणि की रचना की, जो परणि शैली का युद्ध काव्य है और कलिंग के विरुद्ध चोल अभियान का वर्णन करता है।

Q1072.भारतीय इतिहासकठिन

तक्कोलम के युद्ध में राष्ट्रकूट राजा कृष्ण तृतीय ने किस चोल शासक को पराजित किया था?

  1. A.आदित्य प्रथम
  2. B.परांतक प्रथम
  3. C.राजराज प्रथम
  4. D.कुलोत्तुंग प्रथम
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. परांतक प्रथम

परांतक प्रथम ने चोल शक्ति पांड्य क्षेत्र तक बढ़ाई थी और मदुरैकोंड की उपाधि ली थी, परंतु उसका अभियान वर्तमान तमिलनाडु के तक्कोलम में रुक गया, जहाँ राष्ट्रकूट राजा कृष्ण तृतीय ने चोल सेना को हराया और युवराज राजादित्य युद्ध में मारा गया।

Q1073.भारतीय इतिहासमध्यम

नटराज शिव जैसी प्रसिद्ध चोल कांस्य प्रतिमाएँ किस विधि से बनाई जाती थीं?

  1. A.लुप्त मोम प्रक्रिया
  2. B.बालू ढलाई
  3. C.रिपूसे कार्य
  4. D.कणीकरण
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. लुप्त मोम प्रक्रिया

इस विधि में, जिसे सिर पेर्दू कहा जाता है, प्रतिमा पहले मोम में गढ़ी जाती है, फिर उस पर मिट्टी चढ़ाकर साँचा बनाया जाता है; मोम पिघलाकर बाहर निकाल दिया जाता है, खोखले भाग में पिघली धातु भरी जाती है और मिट्टी तोड़कर एक ठोस प्रतिमा निकलती है, जिसे उसी…

Q1074.भारतीय इतिहासमध्यम

चोल साम्राज्य में प्रशासन की सबसे बड़ी इकाई कौन थी?

  1. A.नाडु
  2. B.वलनाडु
  3. C.मंडलम
  4. D.कुर्रम
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. मंडलम

चोल साम्राज्य मंडलमों में बँटा था, जो सबसे बड़े प्रांत थे और प्रायः राजकुमारों अथवा वरिष्ठ अधिकारियों के अधीन रखे जाते थे।

Q1075.भारतीय इतिहासकठिन

ग्राम समितियों के चुनाव के वर्णन के लिए प्रसिद्ध उत्तरमेरूर अभिलेख किस वंश से संबंधित हैं?

  1. A.पल्लव
  2. B.चोल
  3. C.राष्ट्रकूट
  4. D.चालुक्य
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. चोल

तमिलनाडु के उत्तरमेरूर में मंदिर की दीवारों पर दसवीं शताब्दी के ये अभिलेख विस्तार से बताते हैं कि उस ब्रह्मदेय गाँव की सभा अपनी समितियों के सदस्य कैसे चुनती थी: भूमि, घर, विद्या और आयु से कौन पात्र था, कौन अपात्र था, और कैसे एक बालक घड़े से नाम की…

Q1076.भारतीय इतिहासमध्यम

दक्षिण-पूर्व एशिया के श्रीविजय राज्य के विरुद्ध चोल नौसैनिक अभियान किस शासक ने भेजा था?

  1. A.राजराज प्रथम
  2. B.राजेंद्र प्रथम
  3. C.विजयालय
  4. D.राजेंद्र तृतीय
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. राजेंद्र प्रथम

राजेंद्र प्रथम ने, जिसका शासन 1014 से 1044 तक रहा, बंगाल की खाड़ी पार कर मलय प्रायद्वीप तथा सुमात्रा के श्रीविजय के शैलेंद्र राज्य के विरुद्ध बेड़ा भेजा और उसके शासक संग्राम विजयोत्तुंग वर्मन को पराजित किया।

Q1077.भारतीय इतिहासमध्यम

मुत्तरैयर प्रमुखों से तंजावुर छीनकर साम्राज्यवादी चोल वंश की स्थापना किसने की?

  1. A.करिकाल
  2. B.आदित्य प्रथम
  3. C.विजयालय
  4. D.परांतक प्रथम
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. विजयालय

विजयालय ने नौवीं शताब्दी के मध्य के आसपास मुत्तरैयर प्रमुखों से तंजावुर लिया, जो पल्लवों के अधीनस्थ के रूप में कावेरी डेल्टा पर अधिकार रखते थे, और उसी आधार से साम्राज्यवादी चोल वंश बढ़ा।

Q1078.भारतीय इतिहासआसान

तंजावुर का बृहदेश्वर मंदिर किस शासक ने बनवाया था?

  1. A.राजेंद्र प्रथम
  2. B.राजराज प्रथम
  3. C.कुलोत्तुंग प्रथम
  4. D.राजराज द्वितीय
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. राजराज प्रथम

तंजावुर का मंदिर, जो निर्माता के नाम पर राजराजेश्वर और बृहदेश्वर दोनों नामों से जाना जाता है, राजराज प्रथम के शासनकाल में 1010 में पूरा हुआ।

Q1079.भारतीय इतिहासपूछा गया: दिल्ली · 7 March 2022, Shift 1आसान

निम्नलिखित में से किसे सबसे शक्तिशाली चोल शासक माना जाता है?

  1. A.राजेंद्र प्रथम
  2. B.राजराज प्रथम
  3. C.दंतिदुर्ग
  4. D.विजयालय
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. राजराज प्रथम

राजराज प्रथम, जिसने 985 से 1014 तक शासन किया, सबसे शक्तिशाली चोल शासक माना जाता है।

Q1080.भारतीय इतिहासमध्यम

स्थापत्य पर लिखा ग्रंथ समरांगणसूत्रधार मालवा के किस शासक ने लिखा?

  1. A.मिहिर भोज
  2. B.परमार भोज
  3. C.मुंज
  4. D.जयसिंह सिद्धराज
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. परमार भोज

ग्यारहवीं शताब्दी के इस शासक ने मालवा पर धारा से शासन किया, जो आज मध्य प्रदेश का धार है। उन्हें स्थापत्य और यंत्रशास्त्र पर समरांगणसूत्रधार तथा काव्यशास्त्र पर सरस्वतीकंठाभरण का श्रेय दिया जाता है, और धार की भोजशाला तथा भोजपुर का बड़ा सरोवर और शिव मंदिर भी उनसे जुड़े हैं।