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GK24

डीआरआई ने ट्रेन यात्री से 5.753 किलो क्रिस्टल मेथ जब्त की

डीआरआई की मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई ने दिल्ली से बेंगलुरु जा रहे ट्रेन यात्री से 5.753 किलोग्राम संदिग्ध मेथेम्फेटामाइन जब्त की और आरोपी को गिरफ्तार किया।

लेखक प्रकाशित · 2 मिनट
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डीआरआई ने ट्रेन यात्री से 5.753 किलो क्रिस्टल मेथ जब्त की

चर्चा में क्यों

11 अक्टूबर 2026 को वित्त मंत्रालय ने बताया कि डीआरआई की मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई ने दिल्ली से बेंगलुरु जा रहे ट्रेन यात्री से 5.753 किलोग्राम संदिग्ध क्रिस्टल मेथ जब्त की है।

वित्त मंत्रालय के अधीन कार्यरत राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) ने रेल मार्ग पर मादक पदार्थ की बड़ी जब्ती की है। 8 और 9 अक्टूबर 2026 को खुफिया सूचना के आधार पर चलाए गए अभियान में एजेंसी की मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई ने दिल्ली से बेंगलुरु ट्रेन से यात्रा कर रहे एक भारतीय नागरिक को रोका। यात्री के ट्रॉली बैग की बारीकी से जांच करने पर तीन पैकेट मिले, जिनमें 5.753 किलोग्राम सफेद क्रिस्टलीय पदार्थ था। इसे मेथेम्फेटामाइन, यानी क्रिस्टल मेथ, होने का संदेह है।

जब्ती और गिरफ्तारी

यह संदिग्ध मादक पदार्थ स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम, 1985 के प्रावधानों के तहत जब्त किया गया। आरोपी को गिरफ्तार किया गया और बाद में सक्षम एनडीपीएस न्यायालय ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया। एजेंसी ने कहा कि वह खुफिया जानकारी के आधार पर मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध कार्रवाई जारी रखेगी।

मेथेम्फेटामाइन क्या है

मेथेम्फेटामाइन को आइस भी कहा जाता है। यह मानव निर्मित उत्तेजक पदार्थ है, जो केंद्रीय तंत्रिका तंत्र पर असर डालता है। यह अत्यंत शक्तिशाली तथा जल्दी लत लगाने वाला होता है और इसके सेवन से निर्भरता के साथ-साथ शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को गंभीर नुकसान हो सकता है। भारत में इसे मन:प्रभावी पदार्थ माना गया है और एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के तहत इसका नियमन होता है। बिना अनुमति इसे रखना, बनाना, बेचना, खरीदना, ढोना, आयात या निर्यात करना अपराध है और सजा की गंभीरता अपराध की प्रकृति तथा जब्त मात्रा पर निर्भर करती है।

मात्रा क्यों महत्वपूर्ण है

कानून में मेथेम्फेटामाइन के लिए अधिसूचित वाणिज्यिक मात्रा 50 ग्राम तय है। इस मामले में जब्त मात्रा उससे कई गुना अधिक है, इसलिए यह अपराध सबसे गंभीर श्रेणी में आता है, जिसमें 10 से 20 वर्ष के कठोर कारावास के साथ 1 से 2 लाख रुपये तक जुर्माने का प्रावधान है।

विवरणब्यौरा
पदार्थसंदिग्ध मेथेम्फेटामाइन, यानी क्रिस्टल मेथ
मात्रातीन पैकेट में 5.753 किलोग्राम
मार्गदिल्ली से बेंगलुरु जाने वाली ट्रेन
इकाईडीआरआई मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई
लागू कानूनएनडीपीएस अधिनियम, 1985

महत्वपूर्ण तथ्य

एजेंसीराजस्व आसूचना निदेशालय, मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई
मंत्रालयवित्त मंत्रालय
जब्त पदार्थसंदिग्ध मेथेम्फेटामाइन (क्रिस्टल मेथ या आइस)
मात्रातीन पैकेट में 5.753 किलोग्राम
मार्गदिल्ली से बेंगलुरु जाने वाली ट्रेन
लागू कानूनस्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम, 1985
वाणिज्यिक मात्रामेथेम्फेटामाइन के लिए 50 ग्राम
सजा10 से 20 वर्ष कठोर कारावास और 1 से 2 लाख रुपये जुर्माना
गिरफ्तारीएक व्यक्ति, एनडीपीएस न्यायालय द्वारा न्यायिक हिरासत में

परीक्षा की दृष्टि से

याद रखें: मात्रा 5.753 किलोग्राम, पदार्थ मेथेम्फेटामाइन यानी क्रिस्टल मेथ या आइस, एजेंसी डीआरआई की मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई (वित्त मंत्रालय के अधीन), मार्ग दिल्ली से बेंगलुरु ट्रेन, कानून एनडीपीएस अधिनियम 1985, वाणिज्यिक मात्रा 50 ग्राम तथा सजा 10 से 20 वर्ष कठोर कारावास व 1 से 2 लाख रुपये जुर्माना।

अभ्यास प्रश्न

Q1.राष्ट्रीयआसान

अक्टूबर 2026 में डीआरआई ने ट्रेन यात्री से कितनी संदिग्ध मेथेम्फेटामाइन जब्त की?

  1. A.1.253 किलोग्राम
  2. B.3.500 किलोग्राम
  3. C.5.753 किलोग्राम
  4. D.9.250 किलोग्राम
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 5.753 किलोग्राम

व्याख्या

सही उत्तर 5.753 किलोग्राम है। राजस्व आसूचना निदेशालय की मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई ने दिल्ली से बेंगलुरु ट्रेन से यात्रा कर रहे एक भारतीय नागरिक को रोका और उसके ट्रॉली बैग से इसी वजन के सफेद क्रिस्टलीय पदार्थ के तीन पैकेट बरामद किए, जिन्हें मेथेम्फेटामाइन होने का संदेह है। आरोपी को गिरफ्तार किया गया और बाद में मादक पदार्थ कानून के अंतर्गत गठित सक्षम न्यायालय ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया। विकल्प A, B और D गलत हैं, क्योंकि इस मामले में ऐसी कोई मात्रा नहीं बताई गई; ये आंकड़े यह परखने के लिए रखे जाते हैं कि अभ्यर्थी ने सही मात्रा याद रखी है या नहीं। कानून में भी यह वजन महत्वपूर्ण है, क्योंकि मेथेम्फेटामाइन की वाणिज्यिक मात्रा केवल 50 ग्राम है।

Q2.राष्ट्रीयमध्यम

क्रिस्टल मेथ की यह जब्ती राजस्व आसूचना निदेशालय की किस इकाई ने की?

  1. A.मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई
  2. B.कोलकाता क्षेत्रीय इकाई
  3. C.लखनऊ क्षेत्रीय इकाई
  4. D.अहमदाबाद क्षेत्रीय इकाई
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई

व्याख्या

सही उत्तर मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई है। खुफिया सूचना पर काम करते हुए इस इकाई के अधिकारियों ने दिल्ली से बेंगलुरु ट्रेन से जा रहे एक यात्री को रोका और उसके ट्रॉली बैग से 5.753 किलोग्राम संदिग्ध मेथेम्फेटामाइन बरामद की। विकल्प B गलत है, क्योंकि एजेंसी की कोलकाता इकाई इसी अवधि की एक अलग कार्रवाई में शामिल थी, जो बांग्लादेश सीमा पार से तस्करी कर लाए गए विदेशी मूल के सोने से जुड़ी थी, मादक पदार्थ से नहीं। विकल्प C और D एजेंसी की अन्य क्षेत्रीय इकाइयों के नाम हैं, जो इस मामले में शामिल नहीं थीं। परीक्षा के लिए तथ्यों को जोड़कर याद रखें, मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई का संबंध दिल्ली-बेंगलुरु ट्रेन मार्ग पर क्रिस्टल मेथ की जब्ती से है, और यह जब्ती एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के प्रावधानों के अंतर्गत की गई थी।

Q3.राष्ट्रीयमध्यम

डीआरआई ने जब्त क्रिस्टल मेथ किस कानून के प्रावधानों के तहत अपने कब्जे में ली?

  1. A.सीमा शुल्क अधिनियम, 1962
  2. B.स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम, 1985
  3. C.धन शोधन निवारण अधिनियम, 2002
  4. D.औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम, 1940
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम, 1985

व्याख्या

सही उत्तर स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम, 1985 है, जिसे सामान्यत: एनडीपीएस अधिनियम कहा जाता है। भारत में मेथेम्फेटामाइन को मन:प्रभावी पदार्थ माना गया है और इसी कानून से इसका नियमन होता है, जिसके तहत बिना अनुमति इसे रखना, बनाना, बेचना, खरीदना, ढोना, आयात या निर्यात करना अपराध है। इस मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर इसी अधिनियम के अंतर्गत गठित सक्षम न्यायालय ने न्यायिक हिरासत में भेजा। विकल्प A गलत है, क्योंकि सीमा शुल्क कानून शुल्क और सीमा पार माल से जुड़ा है। विकल्प C गलत है, क्योंकि धन शोधन कानून अपराध से अर्जित धन पर केंद्रित है। विकल्प D गलत है, क्योंकि 1940 का कानून दवाओं की गुणवत्ता और बिक्री को नियंत्रित करता है। एनडीपीएस अधिनियम के अंतर्गत सजा अपराध की प्रकृति तथा जब्त की गई मात्रा के अनुसार तय होती है।

Q4.राष्ट्रीयकठिन

भारत में मेथेम्फेटामाइन के लिए अधिसूचित वाणिज्यिक मात्रा कितनी है?

  1. A.5 ग्राम
  2. B.20 ग्राम
  3. C.50 ग्राम
  4. D.500 ग्राम
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 50 ग्राम

व्याख्या

सही उत्तर 50 ग्राम है। मादक पदार्थ कानून में सजा इस बात पर निर्भर करती है कि जब्त मात्रा अल्प, मध्यवर्ती या वाणिज्यिक श्रेणी में आती है, और मेथेम्फेटामाइन के लिए वाणिज्यिक मात्रा 50 ग्राम निर्धारित है। इस मामले में जब्त 5.753 किलोग्राम उस सीमा से कई गुना अधिक है, इसलिए अपराध पर 10 से 20 वर्ष के कठोर कारावास के साथ 1 से 2 लाख रुपये तक जुर्माने का प्रावधान लागू होता है। विकल्प A, B और D गलत हैं, क्योंकि ये इस पदार्थ के लिए अधिसूचित आंकड़े से मेल नहीं खाते; अभ्यर्थी अलग-अलग पदार्थों की सीमाओं में भ्रमित हो जाते हैं, इसलिए याद रखें कि प्रत्येक मादक पदार्थ की अपनी अल्प और वाणिज्यिक मात्रा होती है। मेथेम्फेटामाइन, जिसे आइस भी कहा जाता है, केंद्रीय तंत्रिका तंत्र पर असर डालने वाला कृत्रिम उत्तेजक पदार्थ है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

डीआरआई ने ट्रेन यात्री से कितनी क्रिस्टल मेथ जब्त की?

डीआरआई ने 5.753 किलोग्राम सफेद क्रिस्टलीय पदार्थ जब्त किया, जिसे मेथेम्फेटामाइन होने का संदेह है। यह दिल्ली से बेंगलुरु जा रहे यात्री के ट्रॉली बैग में तीन पैकेट में मिला।

यह जब्ती किस कानून के तहत की गई?

स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम, 1985 के तहत। आरोपी को गिरफ्तार किया गया और बाद में सक्षम एनडीपीएस न्यायालय ने न्यायिक हिरासत में भेज दिया।

मेथेम्फेटामाइन के लिए अधिसूचित वाणिज्यिक मात्रा कितनी है?

यह 50 ग्राम है। जब्त मात्रा इससे कई गुना अधिक होने के कारण अपराध पर 10 से 20 वर्ष का कठोर कारावास और 1 से 2 लाख रुपये जुर्माने का प्रावधान लागू होता है।

यह अभियान डीआरआई की किस इकाई ने चलाया?

राजस्व आसूचना निदेशालय की मंगलुरु क्षेत्रीय इकाई ने, जो वित्त मंत्रालय के अधीन कार्य करती है और जिसने खुफिया सूचना के आधार पर यात्री को रोका।

स्रोत

इनके लिए उपयोगी:SSCSSC CGLSSC CPO