योजना के तहत अंतरराष्ट्रीय खेल महासंघों से प्रमाणन लेने और उसके नवीनीकरण के लिए कितना परिव्यय रखा गया है?
- A.55 करोड़ रुपये
- B.105 करोड़ रुपये
- C.250 करोड़ रुपये
- D.410 करोड़ रुपये
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर 105 करोड़ रुपये है। योजना में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्वीकृत गुणवत्ता तथा प्रदर्शन मानकों को वह दरवाजा माना गया है जिससे होकर भारतीय उपकरण विदेशी खरीदार तक पहुंचते हैं। इसलिए यह राशि निर्माताओं को अंतरराष्ट्रीय खेल महासंघों से प्रमाणन दिलाने और उसके समाप्त होने पर नवीनीकरण कराने में मदद के लिए रखी गई है। विकल्प A, C और D इस निर्णय का हिस्सा नहीं हैं। अभ्यर्थी अक्सर इस प्रावधान को एंकर निवेश सहायता तथा टर्नओवर आधारित सहायता के बड़े प्रावधान या योजना के कुल परिव्यय से मिला देते हैं, इसलिए तीनों आंकड़े एक साथ लिखकर याद करना बेहतर है। इसी मंजूरी में उत्कृष्टता केंद्र, अनुसंधान राष्ट्रीय शोध फाउंडेशन के साथ शोध, स्टार्टअप इंडिया के अनुरूप सहायता और कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय के साथ प्रशिक्षण की भी व्यवस्था है।
पूरा लेख पढ़ें: खेलो इंडिया खेल उपकरण योजना को 1,856.67 करोड़ मंजूर
अभ्यास प्रश्न
केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा मंजूर खेलो इंडिया खेल उपकरण विनिर्माण योजना का कुल परिव्यय कितना है?
- A.1,130 करोड़ रुपये
- B.1,500 करोड़ रुपये
- C.1,856.67 करोड़ रुपये
- D.2,500 करोड़ रुपये
उत्तर देखें
मंत्रिमंडल के निर्णय में यही राशि योजना के कुल परिव्यय के रूप में तय की गई है और योजना की अवधि वर्ष 2026 से वित्त वर्ष 2033-34 तक रखी गई है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →नई योजना के तहत खेल सामग्री विनिर्माण क्षेत्र किसके साथ अभिसरण के माध्यम से विकसित किए जाएंगे?
- A.भव्य योजना और एनआईसीडीसी औद्योगिक पार्क
- B.केवल पीएम गति शक्ति गलियारे
- C.केवल विशेष आर्थिक क्षेत्र
- D.खेलो इंडिया स्टेडियम परियोजनाएं
उत्तर देखें
योजना नई औद्योगिक भूमि अलग से विकसित करने के बजाय प्रस्तावित खेल सामग्री विनिर्माण क्षेत्रों को उस ढांचे से जोड़ती है जो इन दोनों के पास पहले से है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →खेलो इंडिया खेल उपकरण विनिर्माण योजना की घोषणा किस बजट में की गई थी?
- A.केंद्रीय बजट 2023-24
- B.केंद्रीय बजट 2024-25
- C.केंद्रीय बजट 2025-26
- D.केंद्रीय बजट 2026-27
उत्तर देखें
इसी बजट में योजना की घोषणा हुई थी और उसके बाद आई मंत्रिमंडल की मंजूरी ने इसे परिव्यय, घटक तथा अवधि दी, जो वर्ष 2026 से वित्त वर्ष 2033-34 तक है।
पूरी व्याख्या पढ़ें →इस योजना के तहत समग्र ग्राम पंचायत विकास योजनाएं किस पोर्टल पर तैयार की जाएंगी?
- A.ई-ग्रामस्वराज
- B.ऑडिटऑनलाइन
- C.पंचम
- D.प्रगति
उत्तर देखें
योजना हर साल लगभग 2.55 लाख समग्र ग्राम पंचायत विकास योजनाएं इसी पोर्टल पर तैयार कराने में सहयोग देगी, जिससे गांव की प्राथमिकताएं, विभागीय कार्यक्रम और उपलब्ध संसाधन एक ही मंच पर आ जाएंगे।
पूरी व्याख्या पढ़ें →पंचम संवाद मंच कितनी भारतीय भाषाओं में उपलब्ध है?
- A.11
- B.13
- C.17
- D.22
उत्तर देखें
मंत्रिमंडल के निर्णय में पंचम को कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित, बहुभाषी और दो-तरफा संवाद मंच बताया गया है, जो सत्रह भारतीय भाषाओं में काम करता है, और योजना इसी के जरिए केंद्रीय कार्यक्रमों को ग्रामीणों की अपनी भाषा में समझाएगी।
पूरी व्याख्या पढ़ें →