एशियाई खेल 2026 में भारतीय सशस्त्र बलों के खिलाड़ियों ने कुल कितने पदक जीते?
- A.21
- B.27
- C.37
- D.85
सही उत्तर
व्याख्या
सही उत्तर 27 है। जापान में हुए एशियाई खेलों से तीनों सेनाओं के खिलाड़ी कुल 27 पदक लेकर लौटे, जिनमें 6 स्वर्ण, 11 रजत और 10 कांस्य शामिल थे। यह एशियाई खेलों में सशस्त्र बलों का अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन है। विकल्प A यानी 21 पूरे भारतीय दल के स्वर्ण पदकों की संख्या है, सेनाओं का आंकड़ा नहीं। विकल्प C यानी 37 भारत के कुल कांस्य पदकों की संख्या है, इसलिए वह भी राष्ट्रीय आंकड़े से जुड़ा है। विकल्प D यानी 85 इन खेलों में भारत का कुल पदक आंकड़ा है, जिसमें सेनाओं की हिस्सेदारी 32 प्रतिशत रही। परीक्षा में राष्ट्रीय आंकड़े और सेनाओं के आंकड़े को अलग-अलग याद रखने से यह भ्रम नहीं होगा। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 12 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में इन पदक विजेताओं को सम्मानित किया।
पूरा लेख पढ़ें: एशियाई खेल 2026: सेनाओं के खिलाड़ियों ने जीते 27 पदक
अभ्यास प्रश्न
एशियाई खेलों की व्यक्तिगत महिला ट्रैप स्पर्धा में स्वर्ण जीतने वाली पहली भारतीय महिला कौन बनीं?
- A.नायब सूबेदार नीरू धांदा
- B.हवलदार सावन बरवाल
- C.नायब सूबेदार गुलवीर सिंह
- D.नायब सूबेदार सर्वेश कुशारे
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व्याख्या
सही उत्तर नायब सूबेदार नीरू धांदा है। उन्होंने इन खेलों में दो स्वर्ण और एक रजत जीता, और व्यक्तिगत महिला ट्रैप स्पर्धा में उनकी जीत ने उन्हें इस निशानेबाजी स्पर्धा में एशियाई खेलों का स्वर्ण जीतने वाली पहली भारतीय महिला बना दिया। विकल्प B यानी हवलदार सावन बरवाल पुरुष मैराथन धावक हैं, जिन्होंने राष्ट्रीय रिकॉर्ड समय के साथ रजत जीतकर इस स्पर्धा का लंबा इंतजार खत्म किया, इसलिए वे किसी महिला स्पर्धा में उतर ही नहीं सकते थे। विकल्प C यानी नायब सूबेदार गुलवीर सिंह ने दो रजत और एक कांस्य जीता और वे एक ही संस्करण में तीन व्यक्तिगत पदक जीतने वाले पहले भारतीय पुरुष ट्रैक एवं फील्ड खिलाड़ी हैं। विकल्प D यानी नायब सूबेदार सर्वेश कुशारे ने पुरुष ऊंची कूद में पदक जीता। इसलिए स्पर्धा और उपलब्धि, दोनों से केवल विकल्प A मेल खाता है।
किस खिलाड़ी के रजत पदक ने एशियाई खेलों में भारत का 44 साल का मैराथन पदक का इंतजार खत्म किया?
- A.नायब सूबेदार गुलवीर सिंह
- B.नायब सूबेदार सर्वेश कुशारे
- C.हवलदार सावन बरवाल
- D.नायब सूबेदार नीरू धांदा
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व्याख्या
सही उत्तर हवलदार सावन बरवाल है। उन्होंने पुरुष मैराथन में 2:11:37 के राष्ट्रीय रिकॉर्ड समय के साथ रजत पदक जीता और इस पदक ने 44 साल का वह अंतराल समाप्त कर दिया, जब से भारत एशियाई खेलों की मैराथन में पदक नहीं जीत पाया था। विकल्प A यानी नायब सूबेदार गुलवीर सिंह भी ट्रैक एवं फील्ड खिलाड़ी हैं, लेकिन उनके पदक दो रजत और एक कांस्य थे और उनकी विशेष उपलब्धि एक ही संस्करण में तीन व्यक्तिगत पदक जीतना है। विकल्प B यानी नायब सूबेदार सर्वेश कुशारे ने पुरुष ऊंची कूद में पदक जीता, जिसमें भारत का इंतजार 56 साल का था, इसलिए वह अंतराल अलग है। विकल्प D यानी नायब सूबेदार नीरू धांदा निशानेबाज हैं, जिन्होंने महिला ट्रैप स्पर्धा में स्वर्ण जीता।
वाराणसी में 5.5 किलोमीटर की साइकिल रैली नमो घाट से शुरू होकर कहां समाप्त हुई?
- A.काशी हिंदू विश्वविद्यालय
- B.संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय
- C.दशाश्वमेध घाट
- D.सारनाथ
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व्याख्या
सही उत्तर संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय है। सभा को संबोधित करने और नशे के विरुद्ध शपथ दिलाने के बाद केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री ने साइकिल चालकों को नमो घाट से रवाना किया और रैली इसी विश्वविद्यालय पर समाप्त हुई, जिसकी दूरी शहर के भीतर लगभग 5.5 किलोमीटर रही। विकल्प A यानी काशी हिंदू विश्वविद्यालय गलत है, क्योंकि रैली के समापन स्थल के रूप में संस्कृत विश्वविद्यालय का नाम बताया गया है। विकल्प C यानी दशाश्वमेध घाट गलत है, क्योंकि इस कार्यक्रम से जुड़ा घाट नमो घाट था, जहां ध्यान सत्र, सांस्कृतिक प्रस्तुति और रैली की शुरुआत हुई। विकल्प D यानी सारनाथ गलत है, क्योंकि इस संस्करण का मार्ग शहर की सड़कों तक ही सीमित रहा और वहां तक नहीं गया।
वाराणसी के कार्यक्रम में सम्मानित खिलाड़ियों में से किसने 2026 आइची-नागोया एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीता था?
- A.प्राची चौधरी
- B.पारुल चौधरी
- C.जय कुमार
- D.राज कुमार पाल
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व्याख्या
सही उत्तर राज कुमार पाल है, जिन्होंने आइची-नागोया में हुए एशियाई खेलों में भारतीय पुरुष हॉकी टीम के सदस्य के रूप में स्वर्ण पदक जीता था। वाराणसी के साइकिल कार्यक्रम में सम्मानित चार पदक विजेताओं में वे भी शामिल थे। विकल्प A यानी प्राची चौधरी गलत है, क्योंकि उन्होंने उन खेलों में महिला ट्रैक स्पर्धा में कांस्य पदक जीता था। विकल्प B यानी पारुल चौधरी गलत है, क्योंकि उन्हें स्वर्ण नहीं, बल्कि दो कांस्य पदक मिले थे, एक स्टीपलचेज में और दूसरा लंबी दूरी की दौड़ में। विकल्प C यानी जय कुमार गलत है, क्योंकि उनके पदक मिश्रित रिले में रजत और पुरुष रिले में कांस्य थे, इसलिए उनमें कोई स्वर्ण नहीं था। चारों में केवल हॉकी खिलाड़ी ही शीर्ष पायदान पर पहुंचा था।
94वें फिट इंडिया संडे ऑन साइकिल की थीम क्या थी?
- A.नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत
- B.फिट युवा फॉर स्वच्छ भारत
- C.खेलो इंडिया, बढ़ो इंडिया
- D.साइकिल फॉर क्लीन एयर
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व्याख्या
सही उत्तर नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत है। वाराणसी में हुआ यह संस्करण इसी थीम पर आधारित था, जो शारीरिक फिटनेस को नशामुक्त पीढ़ी बनाने के व्यापक अभियान से जोड़ती है। इसी के अनुरूप मंत्री और प्रतिभागियों ने रैली से पहले नशा मुक्त भारत की शपथ ली और साइकिल रैली ने यही संदेश शहर की सड़कों तक पहुंचाया। विकल्प B गलत है, क्योंकि इस कार्यक्रम में जिस अभियान का उल्लेख था वह नशे के खिलाफ था, स्वच्छता मिशन नहीं। विकल्प C गलत है, क्योंकि खेलो इंडिया एक अलग खेल विकास कार्यक्रम है और वह इस संस्करण की घोषित थीम नहीं थी। विकल्प D गलत है, क्योंकि आयोजकों ने सुबह का पूरा कार्यक्रम नशे को नकारने और स्वस्थ आदतें अपनाने के इर्द-गिर्द रखा था, वायु गुणवत्ता के इर्द-गिर्द नहीं।