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GK24
विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

भाषिणी के साथ जुड़ाव के बाद नए स्वरूप की यूआईडीएआई वेबसाइट फिलहाल कितनी भाषाओं में उपलब्ध है?

  1. A.8
  2. B.11
  3. C.13
  4. D.22

सही उत्तर

C. 13

व्याख्या

सही उत्तर है 13। प्राधिकरण की नए स्वरूप वाली वेबसाइट फिलहाल इतनी ही भाषाओं में उपलब्ध है, जिनमें अंग्रेजी और हिंदी भी शामिल हैं, और इसके लिए भाषिणी भाषा मंच का उपयोग किया गया है। घोषित योजना यह है कि निकट भविष्य में इसे तेईस भाषाओं तक पहुंचाया जाएगा। नए स्वरूप में स्क्रीन रीडर के अनुकूल बनावट, घटाया-बढ़ाया जा सकने वाला अक्षर आकार, बेहतर रंग विरोधाभास और कीबोर्ड से संचालन जैसी सुगम्यता सुविधाएं भी जोड़ी गईं, साथ ही प्रतिनियुक्ति के ऑनलाइन आवेदन के लिए करियर पोर्टल भी। विकल्प ए और बी में दी गई संख्याएं घोषणा से मेल नहीं खातीं, जबकि विकल्प डी का आंकड़ा भविष्य के लक्ष्य के पास तो है पर न मौजूदा संख्या है और न ही नियोजित संख्या। ऐसे प्रश्नों में परीक्षक अक्सर मौजूदा और नियोजित दोनों आंकड़े साथ रखता है।

पूरा लेख पढ़ें: यूआईडीएआई ने आधार संवाद कोलकाता में पांच पहल शुरू कीं

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Q1.विज्ञान और प्रौद्योगिकीआसान

यूआईडीएआई ने पांच नई पहल वाला आधार संवाद सम्मेलन किस शहर में आयोजित किया?

  1. A.बेंगलुरु
  2. B.कोलकाता
  3. C.हैदराबाद
  4. D.नई दिल्ली
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. कोलकाता

व्याख्या

सही उत्तर है कोलकाता। आधार संवाद नाम का दिनभर चलने वाला हितधारक सम्मेलन वहीं हुआ, यह सत्रहवें आधार दिवस के अवसर पर आयोजित किया गया और इसमें छह सौ से अधिक नीति निर्माता, उद्योग जगत के अगुवा, तकनीकी विशेषज्ञ तथा पेशेवर शामिल हुए। मुख्य अतिथि रहे राज्य मंत्री ने पश्चिम बंगाल के लोगों को आधार से मिलने वाले लाभ की भी चर्चा की, जिससे आयोजन स्थल और स्पष्ट हो जाता है। विकल्प ए यानी बेंगलुरु प्रौद्योगिकी का बड़ा केंद्र है, पर इस अवसर पर वह आयोजन स्थल नहीं था। विकल्प सी यानी हैदराबाद में भी तकनीकी आयोजन होते रहते हैं, पर यह सम्मेलन वहां नहीं हुआ। विकल्प डी यानी नई दिल्ली में प्राधिकरण का मुख्यालय है, इसलिए यह विकल्प भ्रमित कर सकता है, पर यह सम्मेलन जानबूझकर पूर्वी क्षेत्र में ले जाया गया था। परीक्षार्थी पांचों पहल को कोलकाता से जोड़कर याद रखें।

Q2.विज्ञान और प्रौद्योगिकीकठिन

इलेक्ट्रॉनिक सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लिए चेहरा प्रमाणीकरण यूआईडीएआई ने किन दो संस्थाओं के साथ मिलकर शुरू किया?

  1. A.एनपीसीआई और भारतीय रिजर्व बैंक
  2. B.खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग तथा राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र
  3. C.भारतीय खाद्य निगम और सीएससी ई-गवर्नेंस सर्विसेज
  4. D.दूरसंचार विभाग और बीएसएनएल
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग तथा राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र

व्याख्या

सही उत्तर है खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग तथा राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र। इन तीनों संस्थाओं ने मिलकर इलेक्ट्रॉनिक सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लिए सहमति आधारित और संपर्क रहित चेहरा प्रमाणीकरण का विकल्प शुरू किया, जिससे लाभार्थियों को उन परिस्थितियों में प्रमाणीकरण का एक और रास्ता मिलता है जहां अंगुली की छाप से पहचान कठिन हो, और राज्य तथा संघ राज्य क्षेत्र इसे अपनी राशन वितरण व्यवस्था में जोड़ सकते हैं। विकल्प ए में भुगतान संगठन और केंद्रीय बैंक के नाम हैं, जिनमें से कोई राशन व्यवस्था नहीं चलाता। विकल्प सी में अनाज की खरीद तथा भंडारण करने वाली संस्था और एक सेवा कंपनी के नाम हैं, जो इस पहल की साझेदार नहीं थीं। विकल्प डी में दूरसंचार विभाग और एक दूरसंचार कंपनी है, जिनकी इसमें कोई भूमिका नहीं। याद रखने वाली कड़ी यही है।

Q3.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

सम्मेलन में यूआईडीएआई द्वारा शुरू की गई पांच पहल में निम्नलिखित में से कौन शामिल नहीं था?

  1. A.स्विक पोर्टल 2.0
  2. B.सब-एयूए तथा सब-केयूए (लाइट) ढांचा
  3. C.नई टोकन प्रबंधन प्रणाली
  4. D.आधार से जुड़ा नया भुगतान बैंक
उत्तर देखें

सही उत्तर: D. आधार से जुड़ा नया भुगतान बैंक

व्याख्या

सही उत्तर है आधार से जुड़ा नया भुगतान बैंक, क्योंकि ऐसी किसी शुरुआत की घोषणा हुई ही नहीं। पांच पहल इस प्रकार थीं: इलेक्ट्रॉनिक सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लिए चेहरा प्रमाणीकरण, स्विक पोर्टल का दूसरा संस्करण, वह ढांचा जो छोटी संस्थाओं को किसी मौजूदा एजेंसी के प्रमाणीकरण ढांचे के उपयोग की छूट देता है, राज्य तथा क्षेत्रीय कार्यालयों में आने वालों के लिए टोकन प्रबंधन प्रणाली, और प्राधिकरण की नए स्वरूप की वेबसाइट। इसलिए विकल्प ए इन्हीं में शामिल है, क्योंकि यह पोर्टल सुशासन के लिए प्रमाणीकरण ढांचे के अंतर्गत अनुमोदन सरल बनाता है। विकल्प बी भी इन्हीं में है, क्योंकि यह कम मात्रा वाले उपयोगकर्ताओं को अपना ढांचा खड़ा करने की जरूरत से मुक्त करता है। विकल्प सी भी पांच में से एक है, जो कार्यालय आने वाले निवासियों का अनुभव आसान बनाता है। केवल विकल्प डी सूची से बाहर है।

Q4.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

टीडीबी की सहायता से विकसित हो रहे मल्टी गैस सेंसर प्लेटफॉर्म का लक्षित प्रतिक्रिया समय क्या है?

  1. A.20 मिलीसेकंड से कम
  2. B.200 मिलीसेकंड से कम
  3. C.2 सेकंड से कम
  4. D.20 सेकंड से कम
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. 200 मिलीसेकंड से कम

व्याख्या

सही उत्तर 200 मिलीसेकंड से कम है। यह प्लेटफॉर्म उच्च संवेदनशीलता, कम बिजली खपत, छोटे आकार और बुद्धिमान संकेत प्रसंस्करण के संयोजन पर बनाया जा रहा है, और इसके घोषित डिजाइन लक्ष्यों में 200 मिलीसेकंड से कम प्रतिक्रिया समय शामिल है, ताकि यह उन कार्यों के लिए उपयुक्त हो जहां तुरंत पहचान और निगरानी चाहिए, जैसे रिफाइनरी तथा पाइप से आने वाली प्राकृतिक गैस के नेटवर्क में रिसाव पकड़ना। विकल्प क दिए गए लक्ष्य से दस गुना तेज है और वह आंकड़ा नहीं है। विकल्प ग और घ बहुत धीमी प्रतिक्रिया बताते हैं, जो गैस रिसाव की तत्काल चेतावनी में उपयोगी नहीं होगी। सेंसर पैकेज का आकार अलग से 25 गुणा 25 गुणा 15 मिलीमीटर से छोटा रखा गया है, इसलिए आकार और समय के आंकड़े न मिलाएं।

Q5.विज्ञान और प्रौद्योगिकीमध्यम

टीडीबी के साथ करार करने वाली मल्टी नैनो सेंस टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड किस शहर में स्थित है?

  1. A.पुणे
  2. B.नागपुर
  3. C.हैदराबाद
  4. D.बेंगलुरु
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. नागपुर

व्याख्या

सही उत्तर नागपुर है। करार महाराष्ट्र के नागपुर स्थित मल्टी नैनो सेंस टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड के साथ हुआ है, जो छोटे आकार में कई गैसों की पहचान के लिए स्वदेशी एमईएमएस टीसीडीआईआर गैस सेंसर तथा सीएमओएस फ्रंट एंड सिस्टम ऑन चिप प्लेटफॉर्म विकसित कर रही है। विकल्प क, पुणे, भी महाराष्ट्र में है और वहां इलेक्ट्रॉनिकी तथा अभियांत्रिकी उद्योग बड़ा है, इसलिए वह संभावित लगता है, परंतु कंपनी का आधार वहां नहीं है। विकल्प ग और घ, हैदराबाद और बेंगलुरु, डीप टेक्नोलॉजी तथा अर्धचालक डिजाइन के बड़े केंद्र हैं, अतः वे भी विश्वसनीय लगते हैं, फिर भी करार में उनका नाम नहीं है। शहर के साथ राज्य भी याद रखें, क्योंकि प्रश्न राज्य पर भी पूछा जाता है। कंपनी का यह प्लेटफॉर्म छोटे आकार में कई गैसों की भरोसेमंद पहचान संभव बनाने के लिए तैयार हो रहा है।