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GK क्विजभारतीय इतिहास

भारतीय इतिहास मिश्रित क्विज: सेट 35

  • 20 प्रश्न
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इस क्विज के बारे में

भारतीय इतिहास मिश्रित क्विज़ (सेट 35) में 20 बहुविकल्पीय प्रश्न हैं, जो इस विषय के 20 अलग-अलग टॉपिक से लिए गए हैं: सिंधु घाटी सभ्यता, भारत के वायसराय (1858–1947) और प्रमुख घटनाएं, वैदिक काल और अन्य। इनमें से 17 प्रश्न पिछले वर्षों की वास्तविक परीक्षाओं में पूछे जा चुके हैं। टॉपिक-वार क्विज़ एक अध्याय की जाँच करता है, जबकि यह सेट पूरे विषय को एक साथ दोहराता है, जैसा परीक्षा में होता है जहाँ अगला प्रश्न किसी भी अध्याय से आ सकता है। हर प्रश्न के साथ सही विकल्प की और बाकी विकल्पों के गलत होने की व्याख्या दी गई है। समय का पालन करते हुए हल करें, अंत में व्याख्याएँ पढ़ें और जिस टॉपिक में गलती हुई उसके नोट्स दोबारा पढ़ें।

इस क्विज के प्रश्न

20 प्रश्न उत्तर और व्याख्या सहित

Q1.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC MTS · 12 Oct 2021, Shift 3मध्यम

निम्नलिखित में से कौन-सा हड़प्पा स्थल अफ़ग़ानिस्तान में स्थित है?

  1. A.शोर्तुगई
  2. B.बालाकोट
  3. C.नागेश्वर
  4. D.कालीबंगा
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. शोर्तुगई

व्याख्या

सही उत्तर है A, शोर्तुगई। शोर्तुगई उत्तर-पूर्वी अफ़ग़ानिस्तान में ऑक्सस या अमु दरिया नदी के पास स्थित है और यह अब तक ज्ञात सबसे उत्तरी हड़प्पा बस्ती है। यह कोई नगर नहीं, बल्कि एक छोटी व्यापारिक चौकी थी, जो बदख़्शां की लाजवर्द (लैपिस लाजुली) खानों और मध्य एशिया के टिन तथा सोने के मार्गों के पास बसाई गई थी; इससे पता चलता है कि हड़प्पा व्यापार कितनी दूर तक फैला था। अफ़ग़ानिस्तान का दूसरा महत्वपूर्ण आरंभिक स्थल मुंडीगाक है। विकल्प B गलत है, क्योंकि बालाकोट पाकिस्तान के बलूचिस्तान में लस बेला तट पर है और सीपी तथा मनके के काम के लिए जाना जाता है। विकल्प C गलत है, क्योंकि नागेश्वर गुजरात में कच्छ की खाड़ी पर शंख उद्योग का केंद्र था। विकल्प D गलत है, क्योंकि कालीबंगा राजस्थान के हनुमानगढ़ ज़िले में घग्गर के सूखे पाट पर है, जो जुते हुए खेत और हवन कुंडों के लिए प्रसिद्ध है। परीक्षा टिप: शोर्तुगई सबसे उत्तरी, दैमाबाद सबसे दक्षिणी, सुत्कागेनडोर सबसे पश्चिमी, आलमगीरपुर सबसे पूर्वी।

Q2.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC MTS · 5 Oct 2021, Shift 2आसान

ब्रिटिश वायसराय लॉर्ड कर्ज़न ने बंगाल का विभाजन किस वर्ष किया था?

  1. A.1905
  2. B.1901
  3. C.1907
  4. D.1911
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. 1905

व्याख्या

सही उत्तर है A, 1905। लॉर्ड कर्ज़न ने 19 जुलाई 1905 को बंगाल विभाजन की घोषणा की और यह 16 अक्टूबर 1905 से लागू हुआ, जिससे प्रांत मुस्लिम-बहुल पूर्वी हिस्से और शेष बंगाल में बँट गया। सार्वजनिक रूप से कारण यह बताया गया कि बंगाल प्रशासन के लिए बहुत बड़ा हो गया है, पर असली मकसद हिंदू-मुसलमानों को बाँटकर वहाँ बढ़ते राष्ट्रीय आंदोलन को कमज़ोर करना था। इसके विरोध से स्वदेशी और बहिष्कार आंदोलन शुरू हुआ, जिसमें विदेशी कपड़े जलाए गए और भारतीय सामान, स्कूल तथा बैंक बढ़ावा पाए; रवींद्रनाथ टैगोर का गीत 'आमार सोनार बांग्ला' इन्हीं दिनों का है। विरोध इतना व्यापक था कि 1911 में विभाजन रद्द कर दिया गया और उसी साल राजधानी कलकत्ता से दिल्ली ले जाई गई। B गलत है क्योंकि 1901 में महारानी विक्टोरिया का निधन हुआ था। C गलत है क्योंकि 1907 कांग्रेस के सूरत विभाजन का वर्ष है। D गलत है क्योंकि 1911 में विभाजन रद्द हुआ था, हुआ नहीं था। परीक्षा टिप: 1905 में कर्ज़न ने घोषित किया, 1911 में हार्डिंग के समय रद्द हुआ।

Q3.भारतीय इतिहासपूछा गया: CDS · 04 Sep 2022मध्यम

पूर्व वैदिक काल में दस राजाओं का युद्ध निम्नलिखित में से किस नदी के तट पर लड़ा गया था?

  1. A.सरस्वती
  2. B.दृषद्वती
  3. C.परुष्णी
  4. D.शुतुद्री
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. परुष्णी

व्याख्या

सही उत्तर है C, परुष्णी, जो आज की रावी नदी का वैदिक नाम है। दस राजाओं का युद्ध अथवा दाशराज्ञ युद्ध ऋग्वेद के सातवें मंडल में वर्णित है। त्रित्सु कुल के भरत राजा सुदास पर पुरु जनजाति के नेतृत्व में दस सरदारों के संघ ने आक्रमण किया, और अपने पुरोहित वसिष्ठ के मार्गदर्शन में सुदास ने उन्हें परुष्णी के तट पर पराजित किया। इस विजय ने भरतों को सप्त सिंधु की प्रमुख शक्ति बना दिया और आगे इसी से इस भूमि का नाम भारतवर्ष पड़ा। विकल्प A गलत है, क्योंकि सरस्वती को ऋग्वेद सर्वाधिक पवित्र नदी के रूप में सराहता है, पर यह युद्ध उस पर नहीं बताया गया। विकल्प B गलत है, क्योंकि दृषद्वती, जो आगे ब्रह्मावर्त क्षेत्र में सरस्वती के साथ आती है, इसका स्थल नहीं है। विकल्प D गलत है, क्योंकि शुतुद्री सतलुज नदी है। परीक्षा टिप: परुष्णी रावी, वितस्ता झेलम, अस्किनी चिनाब, विपाशा ब्यास और शुतुद्री सतलुज।

Q4.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC CGL · 11 April 2022, Shift 2मध्यम

प्राचीन भारत में निम्नलिखित में से कौन एक मछुआरों की बस्ती थी, जिसका उपयोग रोमनों और यूनानी-रोमनों के साथ व्यापार के बंदरगाह के रूप में किया जाता था?

  1. A.बादामी
  2. B.अरिकामेडु
  3. C.लोथल
  4. D.तुलापुरुषदान
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. अरिकामेडु

व्याख्या

सही उत्तर है B, अरिकामेडु। कोरोमंडल तट पर पुडुचेरी के निकट अरियनकुप्पम नदी के किनारे बसा अरिकामेडु पहले मछुआरों की छोटी बस्ती था, जो ईसा की पहली शताब्दियों में रोमनों और यूनानी-रोमन जगत के साथ व्यापार करने वाला व्यस्त बंदरगाह बन गया। वहाँ की खुदाई में शराब और जैतून का तेल ढोने वाले रोमन अंफोरा, लाल चमकदार ऐरेटाइन मृद्भांड, काँच और पत्थर के मनके, दीपक तथा रोमन सिक्के मिले हैं, साथ ही स्थानीय रूलेटेड मृद्भांड भी। इसी कारण इस स्थल को “पेरिप्लस ऑफ द एरिथ्रियन सी” में वर्णित “पोडुके” माना जाता है। A गलत है क्योंकि कर्नाटक का बादामी चालुक्यों की भीतरी राजधानी थी, जो शैलकृत गुफा मंदिरों के लिए प्रसिद्ध है। C गलत है क्योंकि गुजरात का लोथल गोदी वाला हड़प्पाकालीन स्थल है, जो बहुत पुराना है और पश्चिमी तट पर स्थित है। D गलत है क्योंकि तुलापुरुषदान सोने के बराबर स्वयं को तौलकर दान करने की एक रस्म थी, कोई स्थान नहीं। परीक्षा टिप: अरिकामेडु (पुडुचेरी के पास) = रोमन व्यापार का पोडुके; लोथल = गुजरात की हड़प्पा गोदी।

Q5.भारतीय इतिहासपूछा गया: RRB NTPC · 05 Jun, 2025, Shift 1मध्यम

गुप्तोत्तर राजव्यवस्था में भुक्ति शब्द किसे कहा जाता था?

  1. A.प्रांत
  2. B.कर
  3. C.अधिकारी
  4. D.राजा
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. प्रांत

व्याख्या

सही उत्तर है A, प्रांत। गुप्त और गुप्तोत्तर काल में साम्राज्य भुक्तियों में बँटा था, जो प्रांत थे, और अभिलेख भुक्ति के शासक को उपरिक या उपरिक-महाराज कहते हैं, जो सामान्यतः राजकुमार या विश्वासपात्र सामंत होता था। एक भुक्ति विषयों में बाँटी जाती थी, जो जिले थे और प्रत्येक विषय का प्रमुख विषयपति कहलाता था; उसके नीचे वीथी और फिर ग्राम आते थे, जहाँ ग्रामिक तथा ग्राम के वृद्ध प्रशासन चलाते थे। कुछ अभिलेखों में इसी इकाई को देश या राष्ट्र भी कहा गया है। गुप्तकाल में ब्राह्मणों और अधिकारियों को भूमि तथा पूरे गाँव दान में देने की प्रथा से ये पद धीरे-धीरे वंशानुगत हो गए, जो आगे चलकर पूर्व मध्यकालीन सामंती ढाँचे की ओर कदम बना। विकल्प B गलत है क्योंकि उस काल का भू-राजस्व भाग या भोग कहलाता था। विकल्प C गलत है क्योंकि अधिकारी उपरिक था, भुक्ति उसका क्षेत्र। विकल्प D गलत है क्योंकि राजा को राजा या महाराजाधिराज कहा जाता था। परीक्षा टिप: भुक्ति प्रांत, विषय जिला, वीथी उपविभाग, ग्राम गाँव।

Q6.भारतीय इतिहासपूछा गया: CTET · 23rd Dec 2021मध्यम

'भूतपूर्व देशी रियासतों' की श्रेणी में वे राज्य आते थे A. जिनके राजा ने भारत में विलय पर सहमति दी B. जिनके राजा ने पाकिस्तान में विलय पर सहमति दी C. जिन्हें राज्य का दर्जा मिलने तक प्रशासनिक इकाइयों के रूप में रखा गया D. जिन्हें गोवा और पांडिचेरी जैसे यूरोपीय उपनिवेशों के रूप में रखा गया।

  1. A.A और B सत्य हैं। B, A का सही स्पष्टीकरण है
  2. B.B, C और D
  3. C.A, C और D
  4. D.A, B और C
उत्तर देखें

सही उत्तर: D. A, B और C

व्याख्या

सही उत्तर है D, A, B और C। 1947 में अंग्रेजों के जाने पर भारत में प्रत्यक्ष ब्रिटिश शासन वाले प्रांतों के अलावा लगभग 565 देशी रियासतें थीं, जिनके शासकों ने ब्रिटिश सर्वोपरिता स्वीकार कर रखी थी। स्वतंत्रता के साथ यह सर्वोपरिता समाप्त हो गई और हर शासक को भारत या पाकिस्तान में विलय करना था; सरदार वल्लभभाई पटेल तथा वी. पी. मेनन ने रियासत विभाग के माध्यम से लगभग सभी से विलय पत्र पर हस्ताक्षर कराए। इस प्रकार कथन A और B दोनों रियासतों का वर्णन करते हैं। कथन C भी सही है, क्योंकि हिमाचल प्रदेश, मणिपुर और त्रिपुरा जैसी कई रियासतें अलग प्रशासनिक इकाइयों के रूप में रखी गईं और बाद में पूर्ण राज्य बनीं। कथन D गलत है, क्योंकि गोवा, दमन और दीव पुर्तगाली तथा पांडिचेरी फ्रांसीसी उपनिवेश थे, रियासतें नहीं। विकल्प A गलत है, क्योंकि उसमें कथन C छूट जाता है। विकल्प B और C गलत हैं, क्योंकि दोनों में असत्य कथन D शामिल है। परीक्षा टिप: लगभग 565 रियासतें, पटेल और वी. पी. मेनन, विलय पत्र, तथा गोवा और पांडिचेरी यूरोपीय उपनिवेश।

Q7.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC CHSL · 15 Oct 2020, Shift 2आसान

प्रसिद्ध चीनी यात्री ह्वेनसांग किस सम्राट के शासनकाल में भारत आया था?

  1. A.अशोक
  2. B.समुद्रगुप्त
  3. C.चंद्रगुप्त प्रथम
  4. D.हर्षवर्धन
उत्तर देखें

सही उत्तर: D. हर्षवर्धन

व्याख्या

सही उत्तर है D, हर्षवर्धन। चीनी बौद्ध यात्री ह्वेनसांग सातवीं शताब्दी में भारत आया, जब पुष्यभूति वंश का हर्षवर्धन कन्नौज से शासन कर रहा था। वह बौद्ध ग्रंथों की खोज में आया था, उसने नालंदा विश्वविद्यालय में अध्ययन किया और अपनी यात्रा का विवरण सी-यू-की में छोड़ा, जो हर्ष के शासन और उस युग के जनजीवन को जानने का प्रमुख स्रोत है। उसे यात्रियों का राजकुमार कहा जाता है। A गलत है क्योंकि अशोक का शासन तीसरी शताब्दी ईसा पूर्व में था, लगभग नौ सौ वर्ष पहले। B गलत है क्योंकि चौथी शताब्दी के समुद्रगुप्त का वर्णन हरिषेण की प्रयाग प्रशस्ति में मिलता है, किसी चीनी यात्री के विवरण में नहीं। C गलत है क्योंकि चंद्रगुप्त प्रथम ने चौथी शताब्दी में गुप्त सत्ता की नींव रखी, जो इस यात्रा से बहुत पहले की बात है। परीक्षा टिप: जोड़ी याद रखें - फाह्यान चंद्रगुप्त द्वितीय के समय और ह्वेनसांग हर्षवर्धन के समय आया।

Q8.भारतीय इतिहासपूछा गया: CTET · 2nd Feb 2023आसान

निम्नलिखित में से किस स्थल पर सबसे प्राचीन गांवों के प्रमाण मिले हैं?

  1. A.हल्लूर
  2. B.चिरांद
  3. C.मेहरगढ़
  4. D.बुर्जहोम
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. मेहरगढ़

व्याख्या

सही उत्तर है C, मेहरगढ़। बलूचिस्तान के कच्छी मैदान में बोलन नदी के किनारे स्थित मेहरगढ़ भारतीय उपमहाद्वीप का ज्ञात सबसे प्राचीन कृषक गांव है, जहां लगभग 7000 ईसा पूर्व से बसाव मिलता है। यहां के लोग इस क्षेत्र में गेहूं और जौ उगाने तथा भेड़, बकरी और मवेशी पालने वालों में सबसे पहले थे, और यह स्थल शिकार तथा संग्रहण से स्थायी ग्रामीण जीवन की ओर हुए लंबे बदलाव को दर्ज करता है। पुरातत्वविदों को यहां कच्ची ईंटों के घर, अनाज भंडारण के गड्ढे, शवों के साथ रखी वस्तुओं वाली कब्रें तथा कपास और दांत छेदने के दुनिया के आरंभिक प्रमाण मिले हैं। मेहरगढ़ को हड़प्पा सभ्यता का पूर्ववर्ती माना जाता है। विकल्प A गलत है, क्योंकि कर्नाटक का हल्लूर दक्षिण भारतीय नवपाषाण तथा महापाषाण स्थल है, जो आरंभिक लोहे के लिए जाना जाता है। विकल्प B गलत है, क्योंकि बिहार का चिरांद मेहरगढ़ से काफी बाद का नवपाषाण स्थल है, जो हड्डी के औजारों के लिए प्रसिद्ध है। विकल्प D गलत है, क्योंकि कश्मीर का बुर्जहोम गर्त-आवासों के लिए जाना जाता है और वह भी बाद का है। परीक्षा टिप: लगभग 7000 ईसा पूर्व का मेहरगढ़ सबसे प्राचीन गांव है, बुर्जहोम में गर्त-आवास और चिरांद में हड्डी के औजार मिले हैं।

Q9.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC CHSL · 17 March 2020, Shift 3मध्यम

इब्राहिम लोदी दिल्ली का सुल्तान कब बना?

  1. A.1526
  2. B.1517
  3. C.1527
  4. D.1516
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. 1517

व्याख्या

सही उत्तर है B, 1517। अपने पिता सिकंदर लोदी की मृत्यु के बाद इब्राहिम लोदी 1517 में दिल्ली की गद्दी पर बैठा। वह लोदी वंश का तीसरा और अंतिम शासक था, और लोदी वंश दिल्ली सल्तनत का अंतिम वंश था। अफगान सरदारों के साथ उसके कठोर व्यवहार ने उन्हें उसके विरुद्ध कर दिया, और पंजाब के सूबेदार दौलत खान लोदी ने बाबर को भारत पर आक्रमण का न्योता दिया। A गलत है क्योंकि 1526 वह वर्ष है जब इब्राहिम लोदी पराजित होकर मारा गया, उसके राज्याभिषेक का वर्ष नहीं। C गलत है क्योंकि 1527 तक सल्तनत समाप्त हो चुकी थी और बाबर खानवा में राणा सांगा से लड़ रहा था। D गलत है क्योंकि 1516 में सिकंदर लोदी का शासन चल रहा था। परीक्षा टिप: अवधि याद रखें - इब्राहिम लोदी का शासन 1517 से 1526 तक रहा, और 1526 के पानीपत के प्रथम युद्ध ने दिल्ली सल्तनत समाप्त कर मुगल शासन शुरू किया।

Q10.भारतीय इतिहासपूछा गया: मध्य प्रदेश · General Studies 2013मध्यम

ब्रिटिश सरकार ने किस अधिनियम द्वारा चाय और चीन के व्यापार पर ईस्ट इंडिया कंपनी का एकाधिकार समाप्त किया?

  1. A.रेगुलेटिंग एक्ट – 1773
  2. B.पिट्स इंडिया एक्ट – 1784
  3. C.चार्टर एक्ट – 1813
  4. D.चार्टर एक्ट – 1833
उत्तर देखें

सही उत्तर: D. चार्टर एक्ट – 1833

व्याख्या

सही उत्तर है D, चार्टर एक्ट – 1833। इस अधिनियम ने ईस्ट इंडिया कंपनी के बचे हुए व्यापारिक अधिकार, यानी चीन के साथ व्यापार तथा चाय के व्यापार का एकाधिकार भी समाप्त कर दिया और कंपनी को केवल प्रशासन चलाने वाली संस्था बना दिया, जो ब्रिटिश ताज की ओर से भारत को न्यास (ट्रस्ट) में रखती थी। इसी अधिनियम से बंगाल के गवर्नर-जनरल को भारत का गवर्नर-जनरल बनाया गया, जिस पद पर पहले विलियम बेंटिक आए; पूरे ब्रिटिश भारत के लिए कानून बनाने की शक्ति भी उन्हीं को मिली और उनकी परिषद में एक विधि सदस्य जोड़ा गया, जिस पद पर पहले मैकाले आए और जिन्होंने एक समान विधि संहिता का काम सँभाला। A गलत है क्योंकि 1773 का रेगुलेटिंग एक्ट नियंत्रण की दिशा में पहला कदम था और उसने कलकत्ता में सर्वोच्च न्यायालय बनाया। B गलत है क्योंकि 1784 के पिट्स इंडिया एक्ट ने बोर्ड ऑफ कंट्रोल तथा द्वैध शासन की व्यवस्था दी। C गलत है क्योंकि 1813 के चार्टर एक्ट ने भारत का व्यापार सब ब्रिटिश व्यापारियों के लिए खोला, पर चीन और चाय का एकाधिकार कंपनी के पास बना रहा। परीक्षा टिप: 1813 – भारत का व्यापार खुला, चाय व चीन छोड़कर; 1833 – यह छूट भी खत्म।

Q11.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC CHSL · 09 March, 2023, Shift 2मध्यम

प्रसिद्ध स्मारक आरामबाग का निर्माण बाबर ने कराया था। यह ______ में स्थित है।

  1. A.दिल्ली
  2. B.उत्तर प्रदेश
  3. C.मध्य प्रदेश
  4. D.बिहार
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. उत्तर प्रदेश

व्याख्या

सही उत्तर है B, उत्तर प्रदेश। आरामबाग उत्तर प्रदेश के आगरा में, यमुना के बाएँ तट पर ताजमहल के सामने स्थित है, और इसे भारत का सबसे पुराना मुगल उद्यान माना जाता है। बाबर ने 1526 के कुछ ही बाद इसे फारसी चारबाग शैली में बनवाया, जिसमें चारदीवारी वाला बाग जल-नालियों से चार भागों में बँटा होता है; इसे रामबाग और बाग-ए-नूर-अफशाँ भी कहा जाता है। परंपरा के अनुसार बाबर का शव काबुल ले जाने से पहले यहीं रखा गया था, और बाद में नूरजहाँ ने इस बाग की मरम्मत कराई। A गलत है क्योंकि बाबर ने यह बाग अपनी राजधानी आगरा में बनवाया था, दिल्ली में नहीं। C और D गलत हैं क्योंकि यह स्मारक न मध्य प्रदेश में है और न बिहार में। परीक्षा टिप: कड़ी याद रखें - आरामबाग आगरा में, निर्माता बाबर, और चारबाग शैली का पहला मुगल उद्यान।

Q12.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC CGL · 6 March 2023कठिन

निम्नलिखित में से कौन 1915 के अधिवेशन में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अध्यक्ष थे?

  1. A.सत्येंद्र प्रसन्न सिन्हा
  2. B.अंबिका चरण मजूमदार
  3. C.भूपेंद्र नाथ बोस
  4. D.मदन मोहन मालवीय
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. सत्येंद्र प्रसन्न सिन्हा

व्याख्या

सही उत्तर है A, सत्येंद्र प्रसन्न सिन्हा। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का 1915 का अधिवेशन बंबई में हुआ और उसकी अध्यक्षता सत्येंद्र प्रसन्न सिन्हा ने की, जो बाद में लॉर्ड सिन्हा ऑफ रायपुर कहलाए। वे 1909 में वायसराय की कार्यकारी परिषद में नियुक्त होने वाले पहले भारतीय थे, और आगे चलकर भारत के अवर राज्य सचिव तथा बिहार और ओडिशा के राज्यपाल बने, यानी किसी प्रांत के पहले भारतीय राज्यपाल। उनकी अध्यक्षता उसी वर्ष हुई जब गोपाल कृष्ण गोखले और फिरोजशाह मेहता का निधन हुआ और गांधीजी दक्षिण अफ्रीका से लौटे, इसलिए यह अधिवेशन पार्टी के लिए मोड़ माना जाता है। विकल्प B गलत है, क्योंकि अंबिका चरण मजूमदार ने 1916 के लखनऊ अधिवेशन की अध्यक्षता की, जहाँ कांग्रेस और मुस्लिम लीग का समझौता हुआ तथा नरम और गरम दल एक हुए। विकल्प C गलत है, क्योंकि भूपेंद्र नाथ बोस ने 1914 के मद्रास अधिवेशन की अध्यक्षता की। विकल्प D गलत है, क्योंकि मदन मोहन मालवीय 1909 में लाहौर और 1918 के दिल्ली विशेष अधिवेशन के अध्यक्ष रहे। परीक्षा टिप: 1914 मद्रास बोस, 1915 बंबई सिन्हा, 1916 लखनऊ मजूमदार।

Q13.भारतीय इतिहासकठिन

बंगाल में सीरामपुर की डेनिश बस्ती किस नाम से जानी जाती थी?

  1. A.फ्रेडरिकनगोर
  2. B.ट्रांकेबार
  3. C.चिनसुरा
  4. D.चंद्रनगर
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. फ्रेडरिकनगोर

व्याख्या

सही उत्तर A, फ्रेडरिकनगोर है। डेनिश लोगों ने 1755 में हुगली तट पर सीरामपुर लिया और अपने राजा के नाम पर उसका नाम रखा, और आगे चलकर यह नगर बैपटिस्ट मिशनरियों विलियम कैरी, जोशुआ मार्शमैन तथा विलियम वार्ड के केंद्र के रूप में प्रसिद्ध हुआ, जिन्होंने वहाँ अनेक भारतीय भाषाओं में पुस्तकें छापीं। विकल्प B, ट्रांकेबार, कोरोमंडल तट पर पहले की डेनिश बस्ती थी, जो 1620 में डैंसबोर्ग किले के साथ बसी, अतः वह डेनिश तो है किंतु सीरामपुर नहीं। विकल्प C, चिनसुरा, उसी नदी पर सीरामपुर से कुछ दूरी पर बंगाल की डच बस्ती थी और 1825 में अंग्रेजों को मिल गई। विकल्प D, चंद्रनगर, भी हुगली तट पर था और 1690 में बसी फ्रांसीसी बस्ती थी, जो बीसवीं शताब्दी के मध्य तक फ्रांसीसी रही। डेनिश लोगों ने 1845 में अपनी सारी भारतीय संपत्तियाँ अंग्रेजों को बेच दीं।

Q14.भारतीय इतिहासपूछा गया: SSC CHSL · 19 Oct 2020, Shift 3आसान

'दिल्ली चलो' और 'तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूँगा' के नारे किसने दिए?

  1. A.मोहनदास करमचंद गांधी
  2. B.जवाहरलाल नेहरू
  3. C.सुभाष चंद्र बोस
  4. D.सरदार वल्लभ भाई पटेल
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. सुभाष चंद्र बोस

व्याख्या

सही उत्तर है C, सुभाष चंद्र बोस। दोनों नारे नेताजी और आजाद हिंद फौज से जुड़े हैं, जिसका नेतृत्व उन्होंने 1943 से किया। दिल्ली चलो का नारा देकर उन्होंने दिल्ली की ओर बढ़ना फौज का लक्ष्य बनाया, और दक्षिण पूर्व एशिया के भारतीयों से अपनी प्रसिद्ध अपील में आजादी के बदले खून माँगा। उन्होंने जय हिंद का अभिवादन भी दिया, अक्टूबर 1943 में सिंगापुर में आजाद हिंद की अस्थायी सरकार बनाई, और महिला सैनिकों की रानी झाँसी रेजिमेंट खड़ी की। विकल्प A गलत है, क्योंकि गांधीजी के नारे 1942 में दिए गए भारत छोड़ो और करो या मरो थे। विकल्प B गलत है, क्योंकि नेहरू अपने ट्रिस्ट विद डेस्टिनी भाषण के लिए याद किए जाते हैं, इन नारों के लिए नहीं। विकल्प D गलत है, क्योंकि लौह पुरुष पटेल बारदोली आंदोलन और देशी रियासतों के विलय से जुड़े हैं। परीक्षा टिप: दिल्ली चलो, जय हिंद और खून दो, तीनों सुभाष चंद्र बोस की ओर इशारा करते हैं।

Q15.भारतीय इतिहासकठिन

1854 का वुड का घोषणापत्र, जिसे भारत में अंग्रेजी शिक्षा का मैग्नाकार्टा कहा जाता है, किसके कार्यकाल में जारी हुआ?

  1. A.लॉर्ड विलियम बेंटिंक
  2. B.लॉर्ड डलहौजी
  3. C.लॉर्ड ऑकलैंड
  4. D.लॉर्ड कर्जन
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. लॉर्ड डलहौजी

व्याख्या

सही उत्तर B, लॉर्ड डलहौजी है। नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष चार्ल्स वुड ने यह घोषणापत्र 1854 में भेजा, जब डलहौजी गवर्नर-जनरल था। इसमें हर प्रांत में शिक्षा विभाग, कलकत्ता, बंबई तथा मद्रास में विश्वविद्यालय, गांव से महाविद्यालय तक विद्यालयों का जाल, निजी विद्यालयों को सहायता अनुदान और निचले स्तर पर देशी भाषाओं के प्रयोग की सिफारिश थी।

विकल्प A गलत है क्योंकि लॉर्ड विलियम बेंटिंक का संबंध 1835 के मैकाले के प्रस्ताव से है, जिसने उच्च शिक्षा का माध्यम अंग्रेजी बनाया, इस घोषणापत्र से नहीं। विकल्प C गलत है क्योंकि लॉर्ड ऑकलैंड को प्रथम आंग्ल-अफगान युद्ध के लिए याद किया जाता है और वह 1842 में भारत छोड़ चुका था। विकल्प D गलत है क्योंकि लॉर्ड कर्जन 1899 में आया और 1904 के भारतीय विश्वविद्यालय अधिनियम तथा 1905 के बंगाल विभाजन से जुड़ा है।

Q16.भारतीय इतिहासपूछा गया: RRB NTPC · 25 Mar, 2026, Shift 2आसान

निम्नलिखित में से किस स्वतंत्रता सेनानी ने 1927 में महाड़ सत्याग्रह का नेतृत्व किया?

  1. A.ज्योतिराव फुले
  2. B.ई वी रामास्वामी नायकर
  3. C.के केलप्पन
  4. D.बी आर आंबेडकर
उत्तर देखें

सही उत्तर: D. बी आर आंबेडकर

व्याख्या

सही उत्तर है D, बी आर आंबेडकर। 20 मार्च 1927 को डॉ बी आर आंबेडकर हजारों दलितों के साथ महाराष्ट्र के महाड़ में चवदार तालाब पहुँचे और उसका पानी पिया, जिससे दलित वर्गों का सार्वजनिक जल स्रोत पर अधिकार जताया गया। बाद में ऊँची जातियों के समूहों ने गोबर और दही डालकर तालाब का शुद्धिकरण किया, और उसी वर्ष दिसंबर में आंबेडकर महाड़ लौटे तथा मनुस्मृति का सार्वजनिक दहन किया। इस दिन को सामाजिक सशक्तीकरण दिवस के रूप में याद किया जाता है और महाड़ को आधुनिक भारत में दलित स्वाभिमान की पहली सामूहिक कार्रवाई कहा जाता है। विकल्प A गलत है क्योंकि ज्योतिराव फुले का निधन 1890 में ही हो गया था, हालाँकि उनके 1873 के सत्यशोधक समाज ने जमीन तैयार की थी। विकल्प B गलत है क्योंकि पेरियार कहे जाने वाले ई वी रामास्वामी नायकर ने दक्षिण में आत्म-सम्मान आंदोलन और वैकोम सत्याग्रह चलाया। विकल्प C गलत है क्योंकि केरल गांधी कहे जाने वाले के केलप्पन ने 1931 का गुरुवायूर सत्याग्रह चलाया। परीक्षा टिप: महाड़ 1927 और कालाराम मंदिर 1930 — दोनों का नेतृत्व आंबेडकर ने किया।

Q17.भारतीय इतिहासआसान

1857 का विद्रोह 10 मई 1857 को किस स्थान से आरंभ हुआ?

  1. A.बैरकपुर
  2. B.मेरठ
  3. C.दिल्ली
  4. D.कानपुर
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. मेरठ

व्याख्या

सही उत्तर है B, मेरठ। 10 मई 1857 को मेरठ छावनी के सिपाहियों ने नए कारतूस लेने से मना कर दिया, अपने यूरोपीय अधिकारियों को मार डाला, बंदी साथियों को छुड़ाया और दिल्ली की ओर बढ़ गए, जहाँ वे 12 मई को पहुँचे। इसी दिन को विद्रोह का आरंभ माना जाता है।

विकल्प A गलत है क्योंकि बंगाल के बैरकपुर में मार्च 1857 में मंगल पांडे ने अपने अधिकारियों पर आक्रमण किया था, जो पहले की घटना है और चिंगारी मानी जाती है; यही सबसे सामान्य गलत उत्तर भी है। विकल्प C गलत है क्योंकि दिल्ली दो दिन बाद पहुँची गई और बहादुर शाह द्वितीय के सम्राट घोषित होने पर वह विद्रोह का राजनीतिक केंद्र बनी। विकल्प D गलत है क्योंकि कानपुर में नाना साहेब के नेतृत्व में विद्रोह बाद में उठा। क्रम याद रखें: मार्च में बैरकपुर, 10 मई को मेरठ, 12 मई को दिल्ली।

Q18.भारतीय इतिहासपूछा गया: दिल्ली · 6 Oct 2018, Shift 1आसान

आत्मीय सभा के संस्थापक कौन थे?

  1. A.राजा राम मोहन राय
  2. B.केशव चंद्र सेन
  3. C.देवेंद्रनाथ टैगोर
  4. D.राजा राधाकांत देब
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. राजा राम मोहन राय

व्याख्या

सही उत्तर A, राजा राम मोहन राय है। उन्होंने 1815 में कलकत्ता में आत्मीय सभा की स्थापना की, जो धार्मिक और दार्शनिक चर्चा के लिए मित्रों की सभा थी और मूर्तिपूजा तथा खोखले कर्मकांड के विरुद्ध उनका पहला संगठित प्रयास थी। इसी से 1828 की ब्रह्म सभा निकली, जो आगे ब्रह्म समाज बनी। विकल्प B गलत है क्योंकि केशव चंद्र सेन एक पीढ़ी बाद आए और 1866 में भारतवर्षीय ब्रह्म समाज बनाकर ब्रह्म समाज को बांट दिया। विकल्प C गलत है क्योंकि देवेंद्रनाथ टैगोर ने 1839 में तत्वबोधिनी सभा बनाई और 1843 में ब्रह्म समाज में आकर राय के बाद उसे संगठन दिया। विकल्प D गलत है क्योंकि राजा राधाकांत देब परंपरावादी नेता थे जिन्होंने सती प्रथा उन्मूलन के विरोध में धर्म सभा बनाई, अर्थात वे राय के विरोधी थे।

Q19.भारतीय इतिहासपूछा गया: बिहार · BPSC 2015 Combined Competitive Examआसान

बंगाल विभाजन के बाद कौन-सा आंदोलन आरंभ हुआ?

  1. A.सविनय अवज्ञा आंदोलन
  2. B.स्वदेशी आंदोलन
  3. C.भारत छोड़ो आंदोलन
  4. D.असहयोग आंदोलन
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. स्वदेशी आंदोलन

व्याख्या

सही उत्तर है B, स्वदेशी आंदोलन। स्वदेशी आंदोलन लॉर्ड कर्जन के बंगाल विभाजन के उत्तर में शुरू हुआ, जो 16 अक्टूबर 1905 को लागू हुआ था। कर्जन ने इसे प्रशासनिक सुविधा का कदम कहा, पर असली उद्देश्य हिंदुओं और मुसलमानों को बाँटकर बंगाल में राष्ट्रवादियों की ताकत तोड़ना था। विरोध का रूप था विदेशी कपड़े और सामान का बहिष्कार तथा देशी कपड़े, नमक, विद्यालयों और बैंकों को बढ़ावा देना; विभाजन के दिन को शोक दिवस के रूप में मनाया गया और 1911 में यह विभाजन रद्द कर दिया गया। A गलत है क्योंकि सविनय अवज्ञा आंदोलन 1930 में दांडी यात्रा से शुरू हुआ। C गलत है क्योंकि भारत छोड़ो आंदोलन क्रिप्स मिशन की विफलता के बाद अगस्त 1942 में चलाया गया। D गलत है क्योंकि असहयोग आंदोलन 1920 में जलियाँवाला बाग और खिलाफत के प्रश्न से उठा था। परीक्षा टिप: 1905 का बंगाल विभाजन स्वदेशी और बहिष्कार से जुड़ा है, और यह विभाजन 1911 में रद्द हुआ।

Q20.भारतीय इतिहासपूछा गया: CDS · 5 Feb 2017कठिन

महात्मा गांधी के दर्शन पर निर्माणकारी प्रभाव कौन-कौन से थे? 1. गांधीजी 18वीं शताब्दी के प्रणामी संप्रदाय से प्रभावित थे, जो धर्मों की एकता का समर्थन करता था। 2. गांधीजी थियोसॉफिस्टों से प्रभावित थे। 3. गांधीजी वर्ड्सवर्थ जैसे स्वच्छंदतावादी लेखकों के लेखन के प्रशंसक थे। नीचे दिए गए कूट का प्रयोग करके सही उत्तर चुनिए।

  1. A.केवल 1 और 2
  2. B.केवल 2 और 3
  3. C.1, 2 और 3
  4. D.केवल 1
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. केवल 1 और 2

व्याख्या

सही उत्तर है A, केवल 1 और 2, क्योंकि प्रणामी संप्रदाय और थियोसॉफिस्टों ने गांधीजी की सोच को गढ़ा, पर स्वच्छंदतावादी कवियों ने नहीं। गांधीजी की माता पुतलीबाई प्रणामी संप्रदाय से जुड़ी थीं, जो हिंदू और इस्लामी शिक्षाओं को साथ लेकर चलने वाली वैष्णव परंपरा है और सभी धर्मों को एक मानती है; इसलिए जिस घर में वे पले, वहाँ धार्मिक सहिष्णुता सहज बात थी। लंदन में कानून पढ़ते समय उनकी भेंट थियोसॉफिस्टों से हुई, जो एडविन अर्नाल्ड के अनुवाद में भगवद्गीता पढ़ रहे थे, और उन्हीं के कारण गांधीजी ने पहली बार अपने ग्रंथ का गंभीर अध्ययन किया। कथन 3 बेमेल है, इसलिए विकल्प B और C गलत हैं: अंग्रेजी लेखकों में गांधीजी पर रस्किन की अनटू दिस लास्ट, टॉलस्टॉय की द किंगडम ऑफ गॉड इज विदिन यू और थोरो के सविनय अवज्ञा वाले निबंध का असर पड़ा, वर्ड्सवर्थ या स्वच्छंदतावादियों का नहीं। विकल्प D गलत है, क्योंकि यह थियोसॉफिस्टों को छोड़ देता है। परीक्षा टिप: गांधीजी पर पुस्तकों का प्रभाव रस्किन, टॉलस्टॉय और थोरो से।

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