जैविक अपशिष्ट का वर्मीकम्पोस्टिंग किसकी सहायता से किया जाता है?
- A.केंचुए
- B.दीमक
- C.मधुमक्खियां
- D.नील हरित शैवाल
सही उत्तर
A. केंचुए
व्याख्या
सही उत्तर A, केंचुए है। वर्मीकम्पोस्टिंग में केंचुए जैविक कचरा निगलते हैं, उसे अपनी पेषणी में पीसते हैं और जो मल त्यागते हैं वह नाइट्रोजन, फास्फोरस और पोटैशियम से भरपूर होता है, इसलिए यह खाद साधारण कम्पोस्ट से अधिक महीन और पोषक होती है तथा शीघ्र तैयार हो जाती है। विकल्प B गलत है क्योंकि दीमक अपनी आंत के प्रोटोजोआ की सहायता से सेल्युलोज अवश्य पचाती है, पर वह लकड़ी और भवनों की नाशक है और कम्पोस्ट गड्ढे में कभी प्रयोग नहीं होती। विकल्प C गलत है क्योंकि मधुमक्खियां परागणकर्ता हैं और अपघटन में उनकी कोई भूमिका नहीं। विकल्प D गलत है क्योंकि नील हरित शैवाल धान के खेतों में वायुमंडलीय नाइट्रोजन स्थिरीकरण करते हैं और जैव उर्वरक के रूप में प्रयुक्त होते हैं। केंचुए को किसान का मित्र इसी कारण कहा जाता है।
पूरा लेख पढ़ें: अपशिष्ट प्रबंधन और प्लास्टिक: नियम, विधियां और पीवायक्यू
अभ्यास प्रश्न
सभी देखेंनिम्नलिखित में से कौन सा जैव निम्नीकरणीय अपशिष्ट है?
- A.थर्मोकोल की शीट
- B.एल्युमिनियम की पन्नी
- C.सब्जी के छिलके
- D.पॉलीथिन की थैली
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. सब्जी के छिलके
व्याख्या
सही उत्तर C, सब्जी के छिलके है। जैव निम्नीकरणीय अपशिष्ट वह है जिसे जीवाणु और कवक थोड़े समय में सरल पदार्थों में तोड़ देते हैं, और रसोई का कचरा जैसे सब्जी के छिलके इसका सर्वोत्तम उदाहरण है; यही गीला अंश भारतीय नगरों में कम्पोस्ट या बायोगैस डाइजेस्टर में भेजा जाता है। विकल्प A गलत है क्योंकि थर्मोकोल प्रसारित पॉलीस्टाइरीन है, एक प्लास्टिक जिसे सूक्ष्मजीव पचा नहीं सकते, इसीलिए उसे प्रतिबंधित एकल प्रयोग वस्तुओं में रखा गया। विकल्प B गलत है क्योंकि एल्युमिनियम की पन्नी धातु है; वह सड़ती नहीं, यद्यपि उसे बार-बार गलाकर पुनर्चक्रित किया जा सकता है। विकल्प D गलत है क्योंकि पॉलीथिन की थैली केवल छोटे टुकड़ों और अंततः सूक्ष्म प्लास्टिक में टूटती है और मिट्टी तथा जल में पीढ़ियों तक बनी रह सकती है। नियम सरल है: जो कभी जीवित था, वह जैव निम्नीकरणीय है।
जैव चिकित्सा अपशिष्ट प्रबंधन नियमों के अंतर्गत मानव शारीरिक अपशिष्ट किस रंग के डिब्बे में एकत्र किया जाता है?
- A.पीला
- B.लाल
- C.नीला
- D.सफेद
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. पीला
व्याख्या
सही उत्तर A, पीला है। पीली श्रेणी में मानव और पशु शारीरिक अपशिष्ट, रक्त से दूषित पट्टियां और रुई, समय बीती दवाएं तथा रासायनिक अपशिष्ट आते हैं, और इस सामग्री को भस्मीकरण, प्लाज्मा पायरोलिसिस या गहरे दफन से नष्ट किया जाता है; पीले डिब्बे की कोई वस्तु पुनर्चक्रित नहीं होती। विकल्प B गलत है क्योंकि लाल डिब्बे में दूषित पुनर्चक्रणीय प्लास्टिक, जैसे ट्यूब, कैथेटर, मूत्र थैली, आईवी सेट और सुई रहित सिरिंज रखे जाते हैं, जिन्हें ऑटोक्लेव या माइक्रोवेव करके कतरा जाता है। विकल्प C गलत है क्योंकि नीली श्रेणी टूटे कांच, कांच की शीशियों और धातु के प्रत्यारोपणों के लिए है। विकल्प D गलत है क्योंकि सफेद, पारभासी, छेद रोधी डिब्बा केवल सुइयों, ब्लेडों और शल्य चाकुओं के लिए है। यह प्रश्न प्रायः जोड़ी मिलान के रूप में आता है, इसलिए चारों रंग एक साथ याद रखें।
कितने आकार के प्लास्टिक के टुकड़े सूक्ष्म प्लास्टिक कहलाते हैं?
- A.5 मिलीमीटर से छोटे
- B.5 सेंटीमीटर से छोटे
- C.50 माइक्रोन से छोटे
- D.5 मीटर से छोटे
उत्तर देखें
सही उत्तर: A. 5 मिलीमीटर से छोटे
व्याख्या
सही उत्तर A, 5 मिलीमीटर से छोटे है। सूक्ष्म प्लास्टिक वे कण हैं जिनका आकार पांच मिलीमीटर से कम है, चाहे वे उसी आकार में बने हों, जैसे प्रसाधनों के माइक्रोबीड और सिंथेटिक वस्त्रों के रेशे, या बड़े प्लास्टिक के धूप और लहरों में टूटने से बने हों। विकल्प B गलत है क्योंकि पांच सेंटीमीटर का टुकड़ा सामान्य प्लास्टिक कूड़ा है, जो दिखाई देता है और हाथ से उठाया जा सकता है। विकल्प C गलत है क्योंकि पचास माइक्रोन नैनो प्लास्टिक और महीन रेशों का पैमाना है, जो स्वीकृत सीमा से बहुत नीचे है। विकल्प D गलत है क्योंकि पांच मीटर का प्लास्टिक मछली पकड़ने के जाल जैसा बड़ा कूड़ा है। पांच मिलीमीटर की सीमा का महत्व जैविक है: इससे छोटे कण प्लवक, मछलियां और शंख निगल लेते हैं, जिससे प्लास्टिक समुद्री खाद्य श्रृंखला में प्रवेश कर मनुष्य तक पहुंच जाता है।
जैविक अपशिष्ट के बायोमिथेनेशन से बनने वाली बायोगैस का मुख्य घटक कौन सी गैस है?
- A.कार्बन डाइऑक्साइड
- B.मीथेन
- C.नाइट्रोजन
- D.सल्फर डाइऑक्साइड
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. मीथेन
व्याख्या
सही उत्तर B, मीथेन है। बायोमिथेनेशन में अवायवीय जीवाणु बंद डाइजेस्टर के भीतर, जहां ऑक्सीजन नहीं होती, जैविक पदार्थ को तोड़ते हैं और जो गैस निकलती है उसका मुख्य घटक मीथेन है, जिसके कारण बायोगैस स्वच्छ नीली लौ के साथ जलती है और उसका ईंधन मूल्य बनता है। विकल्प A गलत है क्योंकि कार्बन डाइऑक्साइड बायोगैस में रहती अवश्य है, पर मात्रा में दूसरे स्थान पर; वह आगे जलती नहीं और कैलोरी मान घटाती है। विकल्प C गलत है क्योंकि नाइट्रोजन बायोगैस में केवल अल्प मात्रा में हो सकती है, वह भी हवा के रिसाव से। विकल्प D गलत है क्योंकि डाइजेस्टर में सल्फर डाइऑक्साइड नहीं बनती; सल्फर की अशुद्धि हाइड्रोजन सल्फाइड के रूप में आती है, जिसे हटाना पड़ता है। यही मीथेन ढके हुए लैंडफिल में धीरे-धीरे बनती है और लैंडफिल गैस कहलाती है।
अपशिष्ट नियमों के संदर्भ में ईपीआर का पूर्ण रूप क्या है?
- A.पर्यावरण संरक्षण नियम
- B.विस्तारित उत्पादक उत्तरदायित्व
- C.बहिःस्राव प्रदूषण पंजी
- D.कचरे से ऊर्जा उत्पादन
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. विस्तारित उत्पादक उत्तरदायित्व
व्याख्या
सही उत्तर B, विस्तारित उत्पादक उत्तरदायित्व है। इस सिद्धांत के अनुसार उत्पादक, आयातक या ब्रांड स्वामी उपभोक्ता के उपयोग के बाद भी अपने उत्पाद के लिए उत्तरदायी रहता है और निर्धारित मात्रा में पैकेजिंग या उपकरण वापस एकत्र कराकर उसका पुनर्चक्रण कराता है; प्लास्टिक, ई-अपशिष्ट और बैटरी अपशिष्ट नियम इसी पर चलते हैं। विकल्प A गलत है क्योंकि पर्यावरण (संरक्षण) अधिनियम, 1986 और उसके अंतर्गत बने नियम अपने नाम से जाने जाते हैं और किसी अपशिष्ट नियम में यह संक्षेप उनके लिए प्रयुक्त नहीं होता। विकल्प C गलत है क्योंकि इस नाम की कोई वैधानिक पंजी नहीं है; बहिःस्राव राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्डों की सहमति शर्तों से नियंत्रित होता है। विकल्प D गलत है क्योंकि कचरे से ऊर्जा को वेस्ट टू एनर्जी या आरडीएफ कहा जाता है। ईपीआर को प्रदूषक भुगतान करे सिद्धांत का व्यावहारिक रूप मानकर याद रखें।