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GK24
अर्थव्यवस्थाआसान

डिब्रूगढ़ से रवाना हो रही पहली अंतरराष्ट्रीय मालवाहक यात्रा किस बंदरगाह के लिए है?

  1. A.चटगांव बंदरगाह
  2. B.पनगांव बंदरगाह, ढाका
  3. C.मोंगला बंदरगाह
  4. D.सिटवे बंदरगाह

सही उत्तर

B. पनगांव बंदरगाह, ढाका

व्याख्या

सही उत्तर पनगांव बंदरगाह, ढाका है। डिब्रूगढ़ के बोगीबील टर्मिनल से चलने वाला पोत असम पेट्रो-केमिकल्स लिमिटेड का बनाया मेथनॉल लेकर बांग्लादेश की राजधानी ढाका में स्थित पनगांव बंदरगाह जाएगा। यह राष्ट्रीय जलमार्ग-2 यानी ब्रह्मपुत्र नदी से होकर और उसके बाद भारत-बांग्लादेश प्रोटोकॉल मार्ग से गुजरेगा। स्वतंत्रता के बाद यह पहला अवसर है जब डिब्रूगढ़ से किसी विदेशी बंदरगाह के लिए माल की खेप भेजी जा रही है, इसलिए इसे पुरानी व्यापारिक कड़ी की वापसी माना जा रहा है।

चटगांव और मोंगला भी बांग्लादेश के बंदरगाह हैं, परंतु इस यात्रा का गंतव्य इनमें से कोई नहीं है, इसलिए विकल्प A और C गलत हैं। सिटवे म्यांमार का बंदरगाह है और इस खेप से उसका कोई संबंध नहीं है, इसलिए विकल्प D भी गलत है। केवल पनगांव ही पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय की घोषणा के अनुरूप है।

पूरा लेख पढ़ें: डिब्रूगढ़ से ढाका पहली अंतरराष्ट्रीय मालवाहक यात्रा

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Q1.अर्थव्यवस्थामध्यम

इस पहली यात्रा में जिस राष्ट्रीय जलमार्ग-2 का उपयोग होगा, वह किस नदी पर है?

  1. A.गंगा
  2. B.बराक
  3. C.ब्रह्मपुत्र
  4. D.महानदी
उत्तर देखें

सही उत्तर: C. ब्रह्मपुत्र

व्याख्या

सही उत्तर ब्रह्मपुत्र है। बोगीबील टर्मिनल से ढाका के पनगांव बंदरगाह तक जाने वाली मेथनॉल की खेप राष्ट्रीय जलमार्ग-2 यानी ब्रह्मपुत्र नदी से होकर और फिर भारत-बांग्लादेश प्रोटोकॉल मार्ग से गुजरेगी। स्वतंत्रता से पहले यही नदी ऊपरी असम को दुनिया के बाजारों से जोड़ने वाली मुख्य कड़ी थी और डिब्रूगढ़ उस समय क्षेत्र के प्रमुख नदी बंदरगाहों में गिना जाता था, इसलिए यह यात्रा एक ऐतिहासिक व्यापारिक मार्ग को फिर से जीवित करती है।

गंगा एक अलग राष्ट्रीय जलमार्ग है और यहाँ उसका उल्लेख नहीं है, इसलिए विकल्प A गलत है। बराक नदी असम की बराक घाटी में बहती है, किंतु यह यात्रा उस पर नहीं है, इसलिए विकल्प B गलत है। महानदी पूर्वी भारत में बहती है और इस खेप से उसका कोई संबंध नहीं, इसलिए विकल्प D गलत है। आयोजन पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय तथा भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण कर रहे हैं।

Q2.अर्थव्यवस्थामध्यम

डिब्रूगढ़ से भेजे जा रहे मेथनॉल का उत्पादन किस कंपनी ने किया है?

  1. A.असम पेट्रो-केमिकल्स लिमिटेड
  2. B.नुमालीगढ़ रिफाइनरी लिमिटेड
  3. C.ऑयल इंडिया लिमिटेड
  4. D.ब्रह्मपुत्र वैली फर्टिलाइजर कॉरपोरेशन
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. असम पेट्रो-केमिकल्स लिमिटेड

व्याख्या

सही उत्तर असम पेट्रो-केमिकल्स लिमिटेड है, जिसे संक्षेप में एपीसीएल कहा जाता है। बोगीबील टर्मिनल से ढाका के पनगांव बंदरगाह तक जाने वाला मेथनॉल इसी कंपनी ने बनाया है और इसके अध्यक्ष बिकुल चंद्र डेका समारोह में उपस्थित रहने वालों में हैं। एपीसीएल इस कार्यक्रम के आयोजकों में भी है, जिसमें पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय, भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण तथा असम सरकार शामिल हैं।

नुमालीगढ़ रिफाइनरी लिमिटेड, ऑयल इंडिया लिमिटेड और ब्रह्मपुत्र वैली फर्टिलाइजर कॉरपोरेशन असम से जुड़े औद्योगिक उपक्रम हैं, किंतु इस खेप के उत्पादक के रूप में इनमें से किसी का नाम नहीं है, इसलिए विकल्प B, C और D गलत हैं। खेप स्पष्ट रूप से एपीसीएल का मेथनॉल बताई गई है, जो राष्ट्रीय जलमार्ग-2 और भारत-बांग्लादेश प्रोटोकॉल मार्ग से ले जाया जाएगा।

Q3.अर्थव्यवस्थामध्यम

भारतीय रेशम गुणवत्ता संगठन (एसएमओआई) किस वर्ष से रेशम गुणवत्ता योजना चला रहा है?

  1. A.1998
  2. B.2004
  3. C.2014
  4. D.2022
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. 2004

व्याख्या

सही उत्तर 2004 है। भारतीय रेशम गुणवत्ता संगठन इसी वर्ष से रेशम गुणवत्ता योजना को कार्यान्वित कर रहा है, और रेशम चिह्न खरीदार को शुद्ध रेशम का आश्वासन देता है। संगठन ने 2022-23 से अपने काम को क्रमशः डिजिटल किया, जिसमें पंजीकरण, नवीनीकरण, दस्तावेज प्रसंस्करण, पूर्व-निरीक्षण, भुगतान, लेबल इंडेंटिंग, रिकॉर्ड प्रबंधन और शिकायत निवारण शामिल हैं। यह प्रणाली अब 7,000 से अधिक अधिकृत उपयोगकर्ताओं को सेवा देती है, हर साल 500 से अधिक नए नामांकन जुड़ते हैं और आवेदन एक से दो कार्य दिवस में निपट जाता है, जिससे एमएसएमई को विशेष लाभ हुआ। 1998 और 2014 गलत हैं, क्योंकि योजना के साथ इन वर्षों का कोई संबंध नहीं बताया गया। 2022 भ्रम है: 2022-23 से डिजिटलीकरण शुरू हुआ, योजना नहीं। इसलिए विकल्प B सही है।

Q4.अर्थव्यवस्थामध्यम

केंद्रीय रेशम बोर्ड के एमआरएमए 2.0 अभियान में कितने रेशम जिले शामिल हैं?

  1. A.129
  2. B.218
  3. C.26
  4. D.300
उत्तर देखें

सही उत्तर: B. 218

व्याख्या

सही उत्तर 218 है। मेरा रेशम मेरा अभिमान का दूसरा चरण एमआरएमए 2.0 एक संरचित और परिणाम-केंद्रित अभियान के रूप में बनाया गया, जिसमें 218 प्रमुख रेशम जिले शामिल हैं और ये जिले मिलकर देश के कच्चे रेशम उत्पादन में 95 प्रतिशत से अधिक हिस्सा देते हैं। इसके तहत 1,700 से अधिक कार्यक्रम हुए, जिनसे 73,000 से अधिक किसान सीधे जुड़े और डिजिटल माध्यमों से लगभग एक लाख हितधारक तक पहुंच बनी। 129 गलत है, क्योंकि यह पहले चरण एमआरएमए 1.0 का दायरा था, जो 2025 में 100-दिवसीय अभियान के रूप में शुरू हुआ। 26 गलत है, क्योंकि वह उन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की संख्या है जहां एमआरएमए 1.0 चला। 300 का उल्लेख कहीं नहीं है। इसलिए विकल्प B सही है।

Q5.अर्थव्यवस्थामध्यम

कपास खरीद में किसान पंजीकरण, स्लॉट बुकिंग और आधार-सक्षम भुगतान को एक कड़ी में जोड़ने वाला डिजिटल मंच कौन है?

  1. A.कपास किसान
  2. B.ई-नाम
  3. C.किसान सुविधा
  4. D.कस्तूरी कपास भारत
उत्तर देखें

सही उत्तर: A. कपास किसान

व्याख्या

सही उत्तर कपास किसान है। इसे प्रदर्शन की प्रमुख पहलों में गिनाया गया है और यह कपास खरीद के चरणों को डिजिटल रूप में जोड़ता है: किसान पंजीकरण, स्लॉट बुकिंग, खरीद से जुड़ा संवाद और आधार के जरिये भुगतान। इसका उद्देश्य प्रक्रियागत जटिलताएं घटाना और किसान को खरीद की स्थिति दिखाना है। ई-नाम तथा किसान सुविधा गलत हैं, क्योंकि इस घोषणा में कपास खरीद सुधार के मंच के रूप में इनका नाम नहीं है। कस्तूरी कपास भारत इसी घोषणा से लिया गया भ्रमित करने वाला विकल्प है, पर वह खरीद का मंच नहीं है: वह गुणवत्ता, संदूषण नियंत्रण, डिजिटल पहचान और प्रीमियम रेशे से जुड़ी पहल है, जिससे देसी और विदेशी बाजारों में भारतीय कपास की जगह मजबूत हो। दोनों को अलग-अलग याद रखें। इसलिए विकल्प A सही है।