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GK24
अर्थव्यवस्थामध्यम

भारत के उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के लिए कीमतों के आंकड़े कौन जुटाता है?

  1. A.भारतीय रिजर्व बैंक
  2. B.राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय का क्षेत्र संचालन प्रभाग
  3. C.श्रम ब्यूरो, शिमला
  4. D.नीति आयोग

सही उत्तर

B. राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय का क्षेत्र संचालन प्रभाग

व्याख्या

सही उत्तर राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय का क्षेत्र संचालन प्रभाग है, जो सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के अधीन काम करता है। इसके कर्मचारी तय साप्ताहिक रोस्टर पर चुने हुए बाजारों और गांवों में जाते हैं और 1,407 शहरी बाजारों, जिनमें ऑनलाइन बाजार भी शामिल हैं, तथा सभी राज्यों व केंद्रशासित प्रदेशों के 1,465 गांवों से कीमतें लेते हैं; सितंबर 2026 में ग्रामीण तथा शहरी दोनों नमूनों में प्रतिक्रिया दर 100 प्रतिशत रही। विकल्प A गलत है क्योंकि रिजर्व बैंक महंगाई लक्ष्य के लिए सीपीआई का उपयोग करता है, पर इसे तैयार नहीं करता। विकल्प C उस कार्यालय का नाम है जो दूसरी मूल्य सूचकांक श्रेणियों से जुड़ा है, इस वाली से नहीं। विकल्प D गलत है क्योंकि नीति आयोग नीति से जुड़ा संस्थान है और कीमतें जुटाने में उसकी कोई भूमिका नहीं है। राज्य व वस्तु स्तर के सूचकांक ई-सांख्यिकी पोर्टल पर आते हैं और अगली रिलीज 12 नवंबर 2026 को है।

पूरा लेख पढ़ें: सितंबर 2026 में खुदरा महंगाई दर 5.54 प्रतिशत

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Q1.अर्थव्यवस्थाआसान

सितंबर 2026 में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक पर आधारित भारत की खुदरा महंगाई दर कितनी रही?

  1. A.4.83%
  2. B.5.54%
  3. C.6.08%
  4. D.7.74%
उत्तर देखें
सही उत्तर: B. 5.54%

व्याख्या

सही उत्तर 5.54 प्रतिशत है, जो सितंबर 2025 की तुलना में सितंबर 2026 के लिए अखिल भारतीय संयुक्त स्तर की अस्थायी सालाना दर है। विकल्प A यानी 4.83 प्रतिशत पिछले महीने अगस्त 2026 की दर थी, इसलिए जिन्हें बदलाव की दिशा याद रहती है पर ताजा संख्या नहीं, वे यही चुन लेते हैं। विकल्प C यानी 6.08 प्रतिशत सितंबर 2026 की ग्रामीण दर है, संयुक्त दर नहीं; गांवों में कीमतें शहरों से तेज बढ़ीं, जहां दर 4.88 प्रतिशत रही, और संयुक्त आंकड़ा इन दोनों के बीच बैठता है। विकल्प D यानी 7.74 प्रतिशत उपभोक्ता खाद्य मूल्य सूचकांक से मापी गई खाद्य महंगाई है, जो अलग श्रेणी है और इस महीने मुख्य दर से ऊपर चली। यह भी ध्यान रखें कि सूचकांक संशोधित आधार वर्ष 2024 बराबर 100 पर तैयार किया जाता है।

Q2.अर्थव्यवस्थामध्यम

सितंबर 2026 में अखिल भारतीय संयुक्त स्तर पर किस वस्तु की महंगाई दर सबसे ऊंची रही?

  1. A.लहसुन
  2. B.चांदी के आभूषण
  3. C.प्याज
  4. D.अदरक
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. प्याज

व्याख्या

सही उत्तर प्याज है, जो महीने की प्रमुख वस्तुओं में महंगाई दर के हिसाब से सबसे ऊपर रहा और जिसकी कीमत साल भर में लगभग दोगुनी हो गई। विकल्प B यानी चांदी के आभूषण दूसरे स्थान पर रहे और एक महीने पहले वे प्याज से आगे थे, इसलिए चारों में यही सबसे मजबूत भ्रम पैदा करता है। विकल्प D यानी अदरक तीसरे और विकल्प A यानी लहसुन चौथे स्थान पर रहा, जबकि पांच सबसे महंगी वस्तुओं की सूची नींबू ने पूरी की। तालिका का दूसरा पहलू भी याद रखना चाहिए क्योंकि प्रश्न दोनों पर बनते हैं: आलू और टमाटर की कीमतें सबसे ज्यादा गिरीं, तथा मोटर कार व जीप, भिंडी और नारियल भी साल भर में सस्ते हुए। इन्हीं बदलावों से समझ आता है कि खाद्य महंगाई 7.74 प्रतिशत पर महीने की मुख्य दर 5.54 प्रतिशत से आगे क्यों निकल गई।

Q3.अर्थव्यवस्थामध्यम

सितंबर 2026 के पूरे महीने में बिजली संयंत्रों का कोयला भंडार लगभग कितना घटा?

  1. A.0.56 एमटी
  2. B.3.14 एमटी
  3. C.7.28 एमटी
  4. D.12.90 एमटी
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 7.28 एमटी

व्याख्या

सही उत्तर 7.28 एमटी है। सितंबर 2026 के पूरे महीने में बिजली संयंत्रों का कोयला भंडार करीब 7.28 एमटी घटा, जो औसतन लगभग 0.24 एमटी प्रतिदिन की गिरावट बैठती है; इसी कारण अक्टूबर में आई राहत को उल्लेखनीय बदलाव माना गया। विकल्प A गलत है, क्योंकि 0.56 एमटी अक्टूबर 2026 के पहले दस दिनों की बहुत कम कुल गिरावट है, जो प्रतिदिन लगभग 0.06 एमटी बैठती है। विकल्प B गलत है, क्योंकि 3.14 एमटी किसी भी महीने की रिपोर्ट की गई गिरावट से मेल नहीं खाता। विकल्प D गलत है, क्योंकि 12.90 एमटी की गिरावट रिपोर्ट किए गए आंकड़े से बहुत अधिक होती और इतनी गिरावट से भंडार उस 18 एमटी के स्तर से नीचे चला जाता, जिसे मंत्रालय के अनुसार 29 सितंबर 2026 से बनाए रखा गया है।

Q4.अर्थव्यवस्थामध्यम

अक्टूबर 2026 में बिजली क्षेत्र को औसत दैनिक कोयला आपूर्ति कितनी रही और यह आपूर्ति योजना से कैसी थी?

  1. A.2.21 एमटी प्रतिदिन, योजना से कम
  2. B.2.37 एमटी प्रतिदिन, योजना के बराबर
  3. C.2.49 एमटी प्रतिदिन, योजना से अधिक
  4. D.2.65 एमटी प्रतिदिन, योजना से अधिक
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 2.49 एमटी प्रतिदिन, योजना से अधिक

व्याख्या

सही उत्तर 2.49 एमटी प्रतिदिन, योजना से अधिक है। अक्टूबर 2026 में बिजली क्षेत्र को वास्तविक कोयला आपूर्ति औसतन 2.49 एमटी प्रतिदिन रही, जबकि महीने की योजना 2.37 एमटी प्रतिदिन की थी; इसलिए आपूर्ति योजना से आगे रही और पहले दस दिनों में नौ दिन योजना के आंकड़े से अधिक कोयला पहुंचा। विकल्प A गलत है, क्योंकि 2.21 एमटी प्रतिदिन सितंबर 2026 का औसत है और अक्टूबर का आंकड़ा उससे अधिक है, कम नहीं। विकल्प B गलत है, क्योंकि 2.37 एमटी प्रतिदिन स्वयं नियोजित मात्रा है, और वास्तविक आपूर्ति उससे अधिक रही, बराबर नहीं। विकल्प D गलत है, क्योंकि 2.65 एमटी प्रतिदिन आपूर्ति को बढ़ाकर बताता है, जबकि रिपोर्ट किया गया औसत 2.49 एमटी प्रतिदिन है। परीक्षा में इस प्रकार के प्रश्न में वास्तविक आपूर्ति और नियोजित आपूर्ति, दोनों आंकड़ों को साथ याद रखना जरूरी है, क्योंकि मंत्रालय के विवरण में ये दोनों एक साथ दिए गए हैं और उन्हें आपस में बदल देने पर उत्तर गलत हो जाता है।

Q5.अर्थव्यवस्थामध्यम

1 से 10 अक्टूबर 2026 के बीच बिजली क्षेत्र के लिए औसतन कितने रेक प्रतिदिन लादे गए?

  1. A.426 रेक
  2. B.447 रेक
  3. C.469 रेक
  4. D.482 रेक
उत्तर देखें
सही उत्तर: C. 469 रेक

व्याख्या

सही उत्तर 469 रेक है। अक्टूबर 2026 के पहले दस दिनों में बिजली क्षेत्र के लिए औसतन 469 रेक प्रतिदिन लादे गए, और इसी अधिक ढुलाई से दैनिक कोयला आपूर्ति बढ़ी तथा भंडार घटने की रफ्तार कम हुई। विकल्प A गलत है, क्योंकि 426 रेक प्रतिदिन सितंबर 2026 का औसत है, जिसकी तुलना में अक्टूबर में लगभग 10 प्रतिशत सुधार मापा गया है। विकल्प B और D गलत हैं, क्योंकि 447 और 482 रेक अक्टूबर में दर्ज सबसे कम और सबसे अधिक दैनिक लदान के आंकड़े हैं, अर्थात उस दायरे के दो छोर जिसमें दिन-प्रतिदिन के आंकड़े रहे; इनमें से कोई भी अवधि का औसत नहीं है। ऐसे प्रश्न में औसत और दायरे के अंतर को समझना जरूरी है, इसलिए न्यूनतम, अधिकतम और पिछले महीने के आंकड़े अलग-अलग याद रखने चाहिए।